आगरा में उटंगन नदी पर बांध की मांग ने पकड़ा जोर, सिविल सोसायटी ने इंजीनियर के तर्कों को बताया भ्रामक

आगरा। आगरा में फतेहबाद तहसील के रेहावली गांव और बाह तहसील के रीठे गांव के बीच उटंगन नदी पर बांध बनाए जाने की मांग ने एक बार फिर जोर पकड़ा है। सिविल सोसायटी ऑफ आगरा ने इस मुद्दे को उठाते हुए कहा है कि इस योजना के लिए रुड़की विश्वविद्यालय या किसी अन्य आउटसोर्सिंग एजेंसी से सर्वे कराकर कार्ययोजना तैयार करवाई जाए। पिछले चार साल से इस मुद्दे को उठाने के बावजूद सिंचाई विभाग के अधिकारी इस पर उदासीनता बरत रहे हैं। जिला पंचायत अध्यक्ष ने दिया आश्वासन सिविल सोसायटी के प्रतिनिधियों ने हाल ही में जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. मंजू भदौरिया से मुलाकात की, जिन्होंने इस मुद्दे पर सकारात्मक रुख दिखाया। डॉ. भदौरिया ने कहा कि यथासंभव जलसंचय सरकार का लक्ष्य है और वह इस योजना को क्रियान्वित कराने की पूरी कोशिश करेंगी। उन्होंने कहा कि रेहावली बांध से भूगर्भ जल की स्थिति में सुधार होगा और एकत्रित जलराशि का उपयोग बटेश्वर तीर्थ के पर्वों पर यमुना नदी में पानी छोड़ने के लिए भी किया जा सकेगा। इंजीनियर के तर्क और सिविल सोसायटी का जवाब सिविल सोसायटी ने आरोप लगाया है कि आगरा कैनाल के लोअर खंड के अधिशासी अभियंता उटंगन नदी पर बांध बनाए जाने की जरूरत को गंभीरता से नहीं ले रहे हैं। इंजीनियर ने बांध बनाने के लिए नहर की बाध्यता का तर्क दिया है, जिसे सिविल सोसायटी ने भ्रामक बताया है। उन्होंने उदाहरण दिया कि गोकुल बैराज, ताज बैराज, जय प्रकाश बैराज और कानपुर बैराज से कोई नहर नहीं निकलती है। इंजीनियर ने नदी पर चेकडैम बनाने की सलाह दी थी, जिस पर सिविल सोसायटी ने कहा कि उटंगन एक बड़ी नदी है और मानसून में इसका बहाव बहुत विशाल होता है, जो चेकडैम के लिए उपयुक्त नहीं है। सोसायटी का कहना है कि ड्रोन मैपिंग में नदी में भरपूर जलराशि होने के बावजूद इंजीनियर उदासीन बने हुए हैं। उटंगन नदी: एक विशाल जलधारा उटंगन नदी जयपुर की पहाड़ियों से निकलकर 288 किलोमीटर की यात्रा करती हुई आगरा में प्रवेश करती है। यह जनपद की यमुना और चंबल के बाद तीसरी सबसे बड़ी नदी है। मानसून के दौरान इसमें लगभग 6 अरब घन मीटर से अधिक पानी बहकर बर्बाद हो जाता है। अगर इस पानी को बांध बनाकर रोका जाए तो पिनाहट, शमशाबाद, राजाखेड़ा (राजस्थान), बरौली अहीर और बाह जैसे अति दोहित क्षेत्रों के भूजल स्तर में सुधार होगा, जहाँ हैंडपंप काम करना बंद कर चुके हैं। सिविल सोसायटी के सेक्रेटरी अनिल शर्मा, राजीव सक्सेना और असलम सलीमी ने जिला पंचायत अध्यक्ष से अनुरोध किया है कि वे अधिशासी अभियंता से नदी से संबंधित सभी डेटा तलब करें और इस बांध परियोजना को भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) रुड़की से तैयार कराने के लिए प्रयास करें।

आगरा में ‘जाणता राजा’ महानाट्य का भव्य मंचन, 04 से 09 अक्टूबर तक होगा आयोजन

आगरा। छत्रपति शिवाजी महाराज के जीवन पर आधारित विश्व प्रसिद्ध महानाट्य ‘जाणता राजा’ का मंचन आगरा में होने जा रहा है। यह शानदार नाट्य शो 4 से 9 अक्टूबर तक कलाकृति कल्चर एण्ड कन्वेंशन सेंटर ग्राउंड में आयोजित किया जाएगा। यह महानाट्य अब तक देश-विदेश में 1200 से अधिक बार प्रदर्शित हो चुका है और 70 लाख से ज्यादा दर्शक इसे देख चुके हैं। इस आयोजन को लेकर एक प्रेस वार्ता में समिति के अध्यक्ष श्री संजीव माहेश्वरी ने बताया कि आगरा में 6 दिनों में 60,000 से अधिक लोगों को यह भव्य प्रस्तुति देखने को मिलेगी। महानाट्य की मुख्य विशेषताएँ ‘जाणता राजा’ में 250 से ज्यादा कलाकार अपनी प्रस्तुति देंगे। इसे और भी जीवंत बनाने के लिए 20 फीट ऊंची मां तुलजा भवानी की प्रतिमा, हाथी, ऊँट, घोड़े, बैलगाड़ियां और पालकी का सीधा उपयोग किया जाएगा। दर्शकों को अत्याधुनिक ध्वनि और प्रकाश व्यवस्था के साथ-साथ आतिशबाजी और शानदार संगीत का अनुभव मिलेगा, जो छत्रपति शिवाजी महाराज के जीवन को खूबसूरती से चित्रित करेगा। स्वागत समिति के अध्यक्ष श्री राकेश गर्ग ने बताया कि इस नाट्य के लिए आगरा और आसपास के 30 जिलों में बैठकें आयोजित की गई हैं। दर्शकों के लिए प्रवेशिका के माध्यम से एंट्री होगी। टिकट और बुकिंग की जानकारी ‘जाणता राजा’ के टिकट बुकमायशो (BookMyShow) से आसानी से बुक किए जा सकते हैं। सामान्य दर्शकों के लिए टिकट का शुल्क 1000 रुपये है, जबकि स्कूली बच्चों के लिए विशेष छूट के साथ यह केवल 200 रुपये में उपलब्ध है। इस प्रेस वार्ता में आयोजन समिति के अध्यक्ष श्री संजीव माहेश्वरी, स्वागत समिति के अध्यक्ष श्री राकेश गर्ग, मिशन के कार्यकारी अध्यक्ष डॉ. संजय चतुर्वेदी, उपाध्यक्ष श्री मनीष अग्रवाल, संयोजक श्री ललित शर्मा, महामंत्री श्री मुकेश गोयल, और अन्य प्रमुख सदस्य मौजूद रहे।

आगरा में पति ने पत्नी को फंदे से लटकाकर मारने की कोशिश, मायके वालों ने बचाया

आगरा। आगरा के थाना ट्रांस यमुना क्षेत्र के इस्लाम नगर में एक पति पर अपनी पत्नी को फंदे से लटकाकर जान से मारने का आरोप लगा है। पीड़ित को उसके मायके वालों ने समय रहते बचा लिया। पुलिस ने मामले की शिकायत के बाद एफआईआर दर्ज कर ली है और जांच शुरू कर दी है। इस्लाम नगर की रहने वाली मुस्कान की शादी 18 महीने पहले अनीस से हुई थी। मुस्कान का आरोप है कि शादी के बाद से ही उसके ससुराल वाले उसे परेशान करते थे, जिससे तंग आकर वह अपने मायके चली गई थी। मंगलवार को उसका पति अनीस उसे वापस घर ले आया। मुस्कान ने बताया कि बुधवार की सुबह करीब 11 बजे उसके पति अनीस ने अपने दोस्तों परवेज, मुनिश और दुर्गेश के साथ मिलकर उसे बंधक बना लिया। इसके बाद उन सब ने उसके गले में रस्सी डालकर उसे फंदे पर लटकाने की कोशिश की। मुस्कान की चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग और उसके मायके वाले मौके पर पहुँचे। उन्होंने दरवाजा तोड़कर उसे बचाया। मुस्कान की मां ने भी आरोप लगाया है कि जब वह बेटी को बचाने आईं तो आरोपी पति ने उनके साथ भी मारपीट की। घटना की जानकारी मिलने पर पुलिस मौके पर पहुँची और घायल मुस्कान को मेडिकल जांच के लिए अस्पताल भेजा। एसीपी छत्ता पीयूष कांत राय ने बताया कि पीड़ित की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और मामले की गहराई से जांच की जा रही है।

पुलिस कमिश्नर के आदेश हवा हुए: आगरा की लाइफलाइन पर बेकाबू ई-रिक्शा, ट्रैफिक पुलिस की लापरवाही से भारी जाम

आगरा। आगरा के पुलिस आयुक्त दीपक कुमार ने शहर की यातायात व्यवस्था सुधारने के लिए एमजी रोड पर ई-रिक्शा के संचालन पर रोक लगाई थी। उनके स्पष्ट निर्देश थे कि शहर की लाइफलाइन पर कोई भी ई-रिक्शा नजर नहीं आना चाहिए और ऐसा करने वाले चालकों पर सख्त कार्रवाई होगी, लेकिन ग्राउंड रियलिटी कुछ और ही है। पुलिसकर्मियों की लापरवाही के चलते कमिश्नर के ये आदेश हवा हो गए हैं और एमजी रोड पर ई-रिक्शा बेलगाम दौड़ रहे हैं। लगभग सात किलोमीटर लंबे एमजी रोड पर 14 से अधिक चौराहे और तिराहे हैं, जहाँ हर वक्त ट्रैफिक पुलिसकर्मी तैनात रहते हैं। चौंकाने वाली बात यह है कि ये पुलिसकर्मी अपनी आँखों के सामने ई-रिक्शा चालकों को नियम तोड़ते देख भी कोई कार्रवाई नहीं कर रहे। इसी अनदेखी का फायदा उठाकर ई-रिक्शा चालक बेफिक्र हो गए हैं, जिससे रोड पर लगातार जाम की स्थिति बन रही है। मेट्रो के काम और बढ़ती भीड़ के बीच ई-रिक्शा का यह अनियंत्रित संचालन लोगों की परेशानी का सबसे बड़ा कारण बन गया है। कमिश्नर के आदेशों की अनदेखी के कारण, लोगों को अब घंटों जाम में फँसकर जूझना पड़ रहा है। पुलिसकर्मियों की इस लापरवाही पर सवाल उठ रहे हैं कि जब शीर्ष स्तर से स्पष्ट निर्देश हैं, तो उनका पालन क्यों नहीं हो रहा है?

आगरा में दुकान विवाद को लेकर खूनी संघर्ष, पुलिस के सामने भी भिड़े, दरोगा के सिर में मारा डंडा

आगरा। आगरा के थाना सिकंदरा क्षेत्र के रुनकता में एक दुकान खाली कराने को लेकर दुकान मालिक और किराएदार के बीच जमकर विवाद हुआ। यह विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों पक्षों में न सिर्फ मारपीट हुई, बल्कि मौके पर पहुंची पुलिस के सामने भी वे एक-दूसरे से भिड़ गए। इस दौरान एक दरोगा के सिर पर भी डंडा लग गया। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। यह मामला रुनकता चौराहे का है, जहाँ नित्तम बाबा की मार्केट है। आरोप है कि उनकी बेटी मधु से किराएदार ज्ञानेंद्र भदौरिया ने एक प्लॉट का बैनामा अपने नाम करा लिया। इसके बाद वह करोड़ों की संपत्ति वाली दुकान को भी हेराफेरी कर अपने नाम दिखाने लगा। जानकारी मिलने पर नित्तम बाबा की पत्नी ने ज्ञानेंद्र से दुकान खाली करने को कहा और उसे लीगल नोटिस भी भेजा। दुकान का ताला तोड़कर जबरन घुसे किराएदार जब दुकान खाली नहीं हुई, तो नित्तम बाबा की बेटी आशा धाकरे ने परिजनों के साथ मिलकर दुकान पर ताला लगा दिया। गुरुवार को किराएदार ज्ञानेंद्र भदौरिया अपने करीब एक दर्जन साथी और आधा दर्जन महिलाओं को लेकर मौके पर पहुँचा और जबरन दुकान का ताला तोड़ दिया। इसकी जानकारी होने पर आशा धाकरे वहाँ पहुँचीं। जैसे ही वह अंदर गईं, उन्हें घेरकर पीटा गया। अपनी बहन की चीख-पुकार सुनकर आशा की छोटी बहन संजू भी वहाँ पहुँचीं और उन्हें किसी तरह बचाकर बाहर लाईं। पुलिस पर भी हुआ हमला, दरोगा के सिर में लगा डंडा मामले की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुँची, लेकिन दबंगों ने पुलिस के सामने ही आशा धाकरे पर दोबारा हमला बोल दिया। इस दौरान वाइपर और डंडों से जमकर मारपीट हुई। दोनों पक्षों को अलग करने की कोशिश कर रहे एक पुलिसकर्मी के सिर में भी डंडा लग गया। मारपीट में आशा धाकरे बेहोश हो गईं। पुलिस ने दो युवकों सहित लगभग आधा दर्जन महिलाओं को हिरासत में लेकर थाने भेज दिया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

एसएन मेडिकल कॉलेज में दोहरी पहल: आत्महत्या रोकथाम और मेडिकल शिक्षकों का प्रशिक्षण

आगरा, 10 सितंबर 2025: आगरा के सरोजिनी नायडू मेडिकल कॉलेज (SNMC) में आज दो महत्वपूर्ण कार्यक्रम एक साथ संपन्न हुए। एक ओर जहाँ विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस पर एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया, वहीं दूसरी ओर तीन दिवसीय मेडिकल शिक्षकों के प्रशिक्षण कार्यशाला का भी समापन हुआ। आत्महत्या रोकथाम के लिए जागरूकता कार्यक्रम विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस के अवसर पर, मनोचिकित्सा विभाग ने एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया। इसकी अध्यक्षता विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. विशाल सिन्हा ने की। इस कार्यक्रम में ओपीडी के लगभग 200 मरीजों और उनके परिजनों ने भाग लिया। डॉ. सिन्हा ने इस वर्ष के विषय “आत्महत्या के प्रति दृष्टिकोण बदलें” पर बात करते हुए आत्महत्या के शुरुआती लक्षणों को पहचानने और समय पर मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ से मदद लेने के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि समाज के हर व्यक्ति की यह जिम्मेदारी है कि वह अपने आसपास के लोगों की भावनाओं को समझे। कार्यक्रम में उपस्थित रहे विभाग के जूनियर रेजिडेंट्स और इंटर्न्स ने मरीजों और उनके परिजनों को मार्गदर्शन दिया। कार्यक्रम के अंत में आत्महत्या रोकथाम से संबंधित पैम्फलेट्स भी बांटे गए। इस पहल की सराहना करते हुए, प्रधानाचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता ने कहा कि आत्महत्या की रोकथाम के लिए समाज में जागरूकता फैलाना बेहद जरूरी है और इस तरह के कार्यक्रम इसमें महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। चिकित्सकों के लिए तीन दिवसीय प्रशिक्षण इसी दिन, कॉलेज में तीन दिवसीय “बेसिक कोर्स इन मेडिकल एजुकेशन” कार्यशाला का समापन भी हुआ। 8 से 10 सितंबर तक चली इस वर्कशॉप में 30 मेडिकल शिक्षकों को प्रशिक्षित किया गया। इस कार्यशाला का आयोजन मेडिकल एजुकेशन कोऑर्डिनेटर डॉ. रेनू अग्रवाल ने एनएमसी, नई दिल्ली और मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज नोडल केंद्र के सहयोग से किया। आर्मी मेडिकल कॉलेज, नई दिल्ली से एनाटॉमी विभाग की विभागाध्यक्ष डॉ. शेफाली मदन रुस्तगी को वर्कशॉप में कोऑर्डिनेटर के रूप में भेजा गया था। प्रधानाचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता ने कहा कि इस प्रशिक्षण का उद्देश्य शिक्षकों को नए मेडिकल एजुकेशन टेक्नोलॉजी और नवीनतम करिकुलम के अनुरूप बेहतर शिक्षा प्रदान करना था। यह एसएन मेडिकल कॉलेज में आयोजित किया गया छठवां बैच था, जिसमें अब तक लगभग 180 मेडिकल शिक्षक प्रशिक्षित हो चुके हैं। इस वर्कशॉप में डॉ. रेनू अग्रवाल, डॉ. हरेंद्र कुमार, डॉ. दिव्या श्रीवास्तव, डॉ. ऋचा श्रीवास्तव, डॉ. दीपा सिंह, डॉ. आरती अग्रवाल, डॉ. अनुभव गोयल, डॉ. विशाल सिंहा, डॉ. शिखा सिंह, डॉ. अलका यादव, डॉ. अजीत सिंह चाहर, डॉ. दिव्या यादव, डॉ. जूही सिंघल, और डॉ. के. एस. दिनकर सहित कई चिकित्सक उपस्थित रहे।

आगरा से पूरे देश में हो रही थी नकली दवाओं की सप्लाई, मुजफ्फरनगर में बड़ा खुलासा

आगरा। आगरा से नकली दवाओं का बड़ा कारोबार पूरे देश में फैला हुआ था। आगरा में ड्रग विभाग और एसटीएफ की छापेमारी के बाद अब अन्य राज्यों में भी धरपकड़ की जा रही है, जिसमें मुजफ्फरनगर में एक बड़ा खुलासा हुआ है। यहाँ की एक फर्म ने अकेले आगरा से करोड़ों रुपये की नकली दवाएं खरीदी थीं। हाल ही में, ड्रग विभाग और एसटीएफ ने आगरा में हे मां मेडिको के संचालक हिमांशु अग्रवाल के साथ ही बंसल मेडिकल एजेंसी, ताज मेडिको और एमएसवी मेडी प्वाइंट पर छापेमारी की थी। इन फर्मों से करोड़ों रुपये की नकली दवाएं जब्त की गई थीं। जाँच में मिले दस्तावेजों और बिलों से यह पता चला कि ये फर्में कई राज्यों में नकली दवाओं की सप्लाई कर रही थीं। मुजफ्फरनगर में 3.50 करोड़ की नकली दवाएं बरामद जाँच के दौरान, मुजफ्फरनगर की आयुष मेडिकोज को भी आगरा की इन फर्मों से दवाएं बेचे जाने के सबूत मिले। ड्रग विभाग ने मुजफ्फरनगर में आयुष मेडिकोज पर छापा मारा। वहाँ फर्म के संचालक तरुण गिरधर ने बताया कि वह आगरा की तीनों फर्मों से दवाएं खरीदता था, जो उसे बाजार मूल्य से 36% कम दाम पर मिलती थीं। दस्तावेजों की जाँच में सामने आया कि इन फर्मों ने केवल 6 महीने में ही 3 करोड़ 57 लाख 28 हजार 35 रुपये की दवाएं खरीदी थीं। ये सभी दवाइयां नकली साबित हुईं, जिसके बाद तरुण को गिरफ्तार कर लिया गया है। आगरा से बेची गईं नकली दवाएं इस रैकेट के जरिए जो नकली दवाएं बेची जा रही थीं, उनमें ये प्रमुख थीं: फर्जी फर्मों का कारोबार ड्रग विभाग के अनुसार, एमएसवी मेडी प्वाइंट फर्म फर्जी रूप से बनाई गई थी। पुलिस को संदेह है कि बंसल मेडिको के संचालक, जो रिश्वत देने के मामले में जेल गए हिमांशु अग्रवाल से भी बड़े दवा कारोबारी हैं, उन्होंने कई अन्य फर्जी फर्मों के माध्यम से भी करोड़ों रुपये की नकली दवाएं अन्य राज्यों में बेची हैं। इस खुलासे के बाद ड्रग विभाग लगातार कार्रवाई कर रहा है ताकि इस नेटवर्क को पूरी तरह से खत्म किया जा सके।

आगरा में यमुना एक्सप्रेस-वे पुल से युवक ने लगाई छलांग, तलाश जारी

आगरा। आगरा में बुधवार रात करीब 10:30 बजे यमुना एक्सप्रेस-वे के पुल से एक युवक के यमुना नदी में कूदने की खबर से हड़कंप मच गया। युवक की पहचान ताजगंज के महलबाग, खिन्नी निवासी मनोज के रूप में हुई है, जिसके पिता का नाम बच्चू प्रजापति है। पुलिस के मुताबिक, मनोज ऑटो चलाता था। बुधवार रात को वह घर से निकला और इनर रिंग रोड पर यमुना नदी के पुल पर पहुँचा। इसी पुल पर उसका मोबाइल फोन, पर्स, घड़ी और ऑटो मिला है। घरवालों ने बताया कि घर से निकलने से पहले मनोज ने उनसे कहा था कि वह अब लौटकर नहीं आएगा और उसे ढूँढने की जरूरत नहीं है। ऐसा माना जा रहा है कि उसने पुल से यमुना नदी में छलांग लगा दी है। सूचना मिलने पर पुलिस ने मौके से मनोज का सामान जब्त कर लिया है और उसकी तलाश शुरू कर दी है। पुलिस मामले की जाँच कर रही है। अगर किसी को भी मनोज के बारे में कोई जानकारी मिलती है, तो कृपया इन नंबरों पर संपर्क करें: 7668875874, 7060209764, 8126862433.

आगरा में राणा सांगा के नाम पर चौक का नामकरण, सपा सांसद के बयान पर BJP का करारा जवाब

आगरा। राज्यसभा में राणा सांगा पर विवादित टिप्पणी करने के बाद चर्चा में आए सपा सांसद रामजीलाल सुमन को अब हर रोज अपने घर से निकलते हुए राणा सांगा को याद करना होगा। आगरा नगर निगम ने सांसद के आवास के पास स्थित स्पीड कलर लैब तिराहे का नाम बदलकर ‘राणा सांगा चौक’ करने का प्रस्ताव पास कर दिया है। इसके पीछे भाजपा पार्षद शरद चौहान का तर्क है कि यह सपा सांसद के बयान का करारा जवाब है। बाग फरजाना वार्ड के भाजपा पार्षद शरद चौहान, जिनके वार्ड में ही सपा सांसद का घर है, ने 8 सितंबर को नगर निगम सदन में यह प्रस्ताव रखा था, जिसे मंजूरी दे दी गई। उन्होंने कहा, “सपा सांसद जब भी यहां से गुजरें तो राणा सांगा चौक के नाम पर वे राणा सांगा को याद करें और उनका इतिहास पढ़ें। उन्हें हर बार राणा सांगा को प्रणाम करना होगा।” विधायक ने प्रतिमा लगाने का प्रस्ताव भेजा इसी तिराहे पर राणा सांगा की विशाल प्रतिमा लगाने के लिए एत्मादपुर के विधायक डॉ. धर्मपाल सिंह ने भी शासन को प्रस्ताव भेजा है। उन्होंने कहा कि राणा सांगा सभी की शान हैं और आने वाली पीढ़ी उनके शौर्य को याद रखे, इसलिए यह प्रतिमा लगाई जानी चाहिए। विधायक और पार्षद दोनों ही क्षत्रिय समाज से हैं। विवाद की जड़: राज्यसभा में दिया गया बयान यह पूरा विवाद तब शुरू हुआ, जब 21 मार्च को सपा सांसद रामजीलाल सुमन ने राज्यसभा में कहा था कि “बाबर को भारत में राणा सांगा ने ही बुलाया था।” उन्होंने राणा सांगा को “गद्दार” कहकर संबोधित किया था, जिसकी पूरे देश में कड़ी निंदा हुई थी। उनके इस बयान के बाद 26 मार्च को आगरा स्थित उनके आवास पर करणी सेना ने हमला और तोड़फोड़ की थी। सांसद का आवास और नया ‘राणा सांगा चौक’ सपा सांसद रामजीलाल सुमन का आवास एमजी रोड पर स्थित संजय प्लेस एचआईजी सोसाइटी में है। उनके घर से नए राणा सांगा चौक की दूरी बमुश्किल 50 मीटर है और उनका इसी रास्ते से आना-जाना होता है। इस पूरे मामले पर सपा सांसद ने कहा है कि उन्हें नगर निगम के प्रस्ताव की कोई जानकारी नहीं है और वह एक स्वतंत्र इकाई है, जिसे जो करना है, वो कर सकती है।

ग्रेटर नोएडा में हॉस्टल में हुई फायरिंग, आगरा के छात्र की मौत

आगरा। ग्रेटर नोएडा के बिरला इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट टेक्नोलॉजी कॉलेज के हॉस्टल में गोली लगने से दो छात्रों की मौत हो गई। मृतकों में एक छात्र देवांश चौहान आगरा का रहने वाला था। देवांश तीन दिन पहले ही अपने पिता की रिवॉल्वर चुपके से लेकर हॉस्टल गया था। मंगलवार देर शाम देवांश का शव आगरा स्थित उसके आवास पर पहुँचा, जहाँ परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। आगरा के भगवान टॉकीज क्षेत्र में रहने वाले देवांश के पिता सुरेंद्र सिंह लखनऊ में डिप्टी एसपी के पद से हाल ही में रिटायर हुए थे। उनकी पत्नी का 2020 में निधन हो गया था। उनके तीन बच्चों में से देवांश सबसे छोटा था और आगरा में अकेला रहता था। उसने जीएलए से बीटेक की पढ़ाई की थी और एसएससी की तैयारी कर रहा था। करियर में कुछ अच्छा करने का सपना था देवांश के दोस्त मानवेंद्र ने बताया कि देवांश हमेशा कुछ बेहतर करना चाहता था। एसएससी की परीक्षा में वह सब-इंस्पेक्टर बनने से बहुत कम मार्जिन से रह गया था। हाल ही में बिरला इंस्टीट्यूट में एमबीए में एडमिशन होने के बाद वह बहुत खुश था। वह कहता था कि अब उसे अच्छी नौकरी मिल जाएगी। मानवेंद्र ने बताया कि देवांश का एडमिशन 20 जुलाई को हुआ था। वह 5 सितंबर को आगरा आया था, लेकिन इस बार उसने किसी दोस्त को मिलने के लिए नहीं बुलाया। परिजन उसकी शादी की बात भी कर रहे थे, लेकिन वह करियर में सेट होने के बाद ही शादी करने की बात कहता था। पिता की रिवॉल्वर लेकर गया था देवांश के पिता सुरेंद्र सिंह 31 अगस्त को ही रिटायर हुए थे और 5 सितंबर को पहली बार आगरा आए थे। देवांश भी उसी दिन आया था। 8 सितंबर को जब वह ग्रेटर नोएडा के लिए निकला, तो चुपके से अपने पिता की रिवॉल्वर भी साथ ले गया। पिता को इसकी कोई जानकारी नहीं थी। मंगलवार दोपहर को उनके पास कॉलेज से फोन आया कि देवांश को गोली लगी है। इसके बाद वे तुरंत ग्रेटर नोएडा के लिए रवाना हो गए, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। दोस्त को गोली मारकर आत्महत्या की आशंका ग्रेटर नोएडा पुलिस के अनुसार, आरसीआई विद्या विहार हॉस्टल में देवांश और आंध्र प्रदेश का छात्र दीपक एक ही फ्लोर पर रहते थे। मंगलवार सुबह लगभग 11 बजे दीपक के कमरे से गोली चलने की आवाज आई। गार्ड ने जाकर देखा तो दरवाजा अंदर से बंद था। दरवाजा तोड़ने पर दोनों खून से लथपथ मिले। दीपक की मौके पर ही मौत हो चुकी थी, जबकि देवांश की साँसें चल रही थीं। उसे अस्पताल ले जाया गया, जहाँ इलाज के दौरान उसकी भी मौत हो गई। ग्रेटर नोएडा पुलिस को आशंका है कि देवांश ने पहले दीपक को गोली मारी और उसके बाद खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। दोनों के कनपटी पर गोली लगी थी।

आगरा में ब्लैकमेलिंग का शिकार हुआ युवक, फेसबुक पर दोस्ती कर बनाए आपत्तिजनक वीडियो

आगरा। आगरा में फेसबुक पर दोस्ती कर एक युवक को ब्लैकमेल करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। आवास विकास कॉलोनी निवासी सचिन सिंह को एक फर्जी फेसबुक फ्रेंड ने लड़की से मिलवाने के बहाने होटल बुलाया, जहां उसे नशीला पदार्थ देकर बेहोश कर दिया गया। इसके बाद उसके आपत्तिजनक वीडियो बनाकर उनसे 10 लाख रुपये की फिरौती मांगी गई। सचिन ने पुलिस को बताया कि उसकी फेसबुक पर विराट नाम के एक युवक से दोस्ती हुई थी। बातचीत के दौरान जब विराट को पता चला कि सचिन शादी के लिए लड़की देख रहा है, तो उसने एक लड़की से मिलवाने की पेशकश की। 7 सितंबर को विराट ने सचिन को आईएसबीटी स्थित जैन होटल में बुलाया। होटल में ब्लैकमेलिंग का जाल होटल पहुंचने पर विराट ने पिंकी नाम की एक लड़की को सचिन के पास बैठा दिया। सचिन के मुताबिक, होटल वालों ने उसे पीने के लिए कुछ दिया, जिसे पीते ही वह नशे की हालत में आ गया। इसी दौरान लड़की और होटल के लोगों ने मिलकर उसके कपड़े उतारकर आपत्तिजनक वीडियो बना लिए। इसके बाद उसे कुछ और पिलाकर बेहोश कर दिया गया। होश आने पर सचिन को ब्लैकमेल करते हुए 5 लाख रुपये मांगे गए। होटल वालों ने धमकी दी कि अगर पैसे नहीं दिए गए तो वीडियो वायरल कर दिया जाएगा। सचिन का साथ देने आया विराट भी इस जालसाजी में मिला हुआ था और उसने शकील नाम के व्यक्ति के खाते में 2 लाख रुपये भी ट्रांसफर कर दिए। बाद में विराट भी सचिन पर पैसे देने का दबाव बनाने लगा, जिससे सचिन को शक हुआ। जब होटल मालिक और अन्य लोग सचिन से 10 लाख रुपये की मांग करने लगे, तो 10 जुलाई को शकील और मनीष सहानी नाम के एक व्यक्ति ने दीवानी में उसे वीडियो दिखाकर धमकी दी। सचिन ने लोगों की मदद से शकील को पकड़ लिया और पुलिस को बुलाकर उसे सौंप दिया। पीड़ित की तहरीर पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और जांच शुरू कर दी है।

आगरा में मकान का छज्जा गिरने से बड़ा हादसा, 4 साल के बच्चे की मौत

आगरा। आगरा के थाना शाहगंज क्षेत्र में एक घर का छज्जा गिरने से बड़ा हादसा हो गया। इस हादसे में एक परिवार के पांच सदस्यों और एक महिला समेत कुल छह लोग मलबे में दब गए। लोगों की चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग मदद के लिए दौड़े और उन्होंने पुलिस को सूचना दी। हादसा सराय ख्वाजा चौकी के पास की एक गली में हुआ, जहाँ गुड्डू नाम के व्यक्ति के मकान का छज्जा अचानक नीचे आ गिरा। उस समय उसके सामने आफताब का परिवार गली में बैठा था। मलबे में दबने वालों में आफताब, उसकी पत्नी, तीन बच्चे और गुड्डू के छोटे भाई की पत्नी रूबी शामिल थीं। मौके पर पहुंची पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से सभी घायलों को बाहर निकाला और तुरंत अस्पताल भेजा। दुखद बात यह है कि आफताब के 4 साल के बेटे रफत को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। वहीं, आफताब, उनकी पत्नी और दो अन्य बच्चों की हालत गंभीर है और उनका इलाज चल रहा है। इस घटना से पूरे परिवार में मातम पसर गया है। पड़ोसी पर लगाया आरोप इस हादसे के बाद मकान मालिक गुड्डू ने अपने पड़ोसी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि पड़ोस में नया मकान खरीदने वाले व्यक्ति ने मरम्मत के दौरान बड़े-बड़े गड्ढे खोद दिए, जिससे उनके छज्जे में दरार आ गई थी। गुड्डू ने आरोप लगाया कि शिकायत के बावजूद पड़ोसी ने मरम्मत नहीं कराई। आज जब बिल्डिंग के पिलरों में ड्रिलिंग मशीन से काम चल रहा था, तो उसकी वाइब्रेशन से छज्जा गिर गया। पुलिस ने गुड्डू की तहरीर पर मामला दर्ज कर लिया है और जांच शुरू कर दी है। मौके पर एसीपी लोहा मंडी मयंक तिवारी और सदर तहसील के नायब तहसीलदार भी पहुँचे। पुलिस ने गिरे हुए छज्जे को हटाने के निर्देश दिए हैं। वहीं, मृतक बच्चे के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।

आगरा में किन्नर समाज का अनूठा सम्मेलन: पंजाब के बाढ़ पीड़ितों के लिए जुटाया 30 लाख का चंदा

आगरा। आगरा के फतेहाबाद रोड पर अखिल भारतीय किन्नर समाज का एक भव्य सम्मेलन चल रहा है, जिसमें देशभर से लगभग 10 हजार किन्नर शामिल हो रहे हैं। इस सम्मेलन की शुरुआत भगवान गणेश के पूजन के साथ हुई और इसका मुख्य उद्देश्य पंजाब के बाढ़ पीड़ितों की मदद के लिए चंदा इकट्ठा करना था। बुधवार को हैवेल्स गार्डन में आयोजित इस कार्यक्रम में किन्नरों ने बाढ़ पीड़ितों की मदद के लिए दिल खोलकर दान दिया। इस दौरान, कई किन्नरों ने 50 हजार से लेकर 1 लाख रुपए तक का चंदा दिया, जिसमें सबसे ज्यादा योगदान गोरखपुर की तरफ से आया। सम्मेलन में कुल 30 लाख रुपए का चंदा इकट्ठा हुआ है, जिसका उपयोग सीधे पंजाब के बाढ़ प्रभावित लोगों तक मदद पहुँचाने के लिए किया जाएगा। पुण्य नहीं, फर्ज निभा रहे हैं हरियाणा की गुरु माता साधना ने बताया कि देशभर से आए किन्नर इस चंदे को बिस्तरों पर रख रहे हैं। उन्होंने कहा, “हम कोई पुण्य का काम नहीं कर रहे हैं, बल्कि यह हमारा फर्ज है। हम किन्नर हैं, और लोगों से लिया हुआ पैसा जरूरत पड़ने पर लोगों तक वापस पहुँचा रहे हैं, ताकि बाढ़ पीड़ितों को सहायता मिल सके।” इस दौरान किन्नर समाज ने पंजाब के लोगों और किसानों के लिए दुआएं भी माँगीं। अखिल भारतीय किन्नर समाज के पंचों ने एक महत्वपूर्ण बात कही। उन्होंने यह स्पष्ट किया कि चंदे का पैसा किसी भी नेता या अधिकारी को नहीं दिया जाएगा, क्योंकि इससे पैसों का गबन होने का डर है। वे सीधे पीड़ितों तक मदद पहुँचाना चाहते हैं और इसके लिए किसी ऐसे व्यक्ति का साथ लेंगे जो वास्तव में लोगों की मदद कर रहा हो।

आगरा में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे भाजपा नेता, किसानों को मिला मदद का भरोसा

आगरा। आगरा के ग्रामीण क्षेत्रों में यमुना की बाढ़ से हुए नुकसान का जायजा लेने के लिए भाजपा नेता उपेंद्र सिंह ने आज कई बाढ़ प्रभावित गाँवों का दौरा किया। उन्होंने बरौली गुर्जर, तनोरा नूरपुर, कबीस, मेहरा नाहरगंज, सरगनखेरा सहित कई गाँवों में पहुँचकर किसानों से मुलाकात की और उनकी समस्याओं को सुना। उपेंद्र सिंह ने खेतों में भरे पानी और फसलों को हुए नुकसान को करीब से देखा। उन्होंने ग्रामीणों से बातचीत करते हुए कहा कि प्राकृतिक आपदाएँ बड़ी चुनौती होती हैं, लेकिन धैर्य और एकजुटता से हर संकट का सामना किया जा सकता है। उन्होंने प्रभावित परिवारों को यह भरोसा दिलाया कि सरकार और संगठन दोनों स्तर पर हरसंभव मदद पहुँचाई जाएगी। इसके साथ ही, उन्होंने प्रशासन से भी अपील की है कि जल्द से जल्द नुकसान का सर्वे कराया जाए और किसानों को उचित मुआवजा दिया जाए, ताकि उनका जीवन फिर से पटरी पर आ सके। इस निरीक्षण के दौरान भाजपा नेता के साथ बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और ग्रामीण मौजूद रहे, जिनमें यदुवीर चाहर, रविन्द्र धारिया, डॉ. राजवीर सिंह, डॉ. सी.पी. माहौर, अमरपाल सिंह, अकबर सिंह और जयराम प्रमुख रूप से शामिल थे।

आगरा में जनकपुरी महोत्सव की भव्य तैयारी, जोधपुर के महल की थीम पर बन रहा मिथिला महल

आगरा। उत्तर भारत के प्रमुख सांस्कृतिक आयोजन श्री जनकपुरी महोत्सव की तैयारियाँ अपने अंतिम चरण में हैं। इस बार कमला नगर के बी-ब्लॉक स्थित शिवम पार्क में एक भव्य और आकर्षक ‘मिथिला महल’ का निर्माण किया जा रहा है, जो अब लगभग बनकर तैयार हो चुका है। आयोजन में सिर्फ चार दिन बचे हैं, इसीलिए 80 से अधिक कारीगर इसे अंतिम रूप देने में जुटे हैं। आयोजकों के अनुसार, महल और पूरे क्षेत्र को 15 सितंबर तक पूरी तरह से सजाकर तैयार कर लिया जाएगा। आकर्षक मिथिला महल और भव्य सजावट इस साल जनक महल की जगह पर बन रहा यह मिथिला महल जोधपुर के एक महल की थीम पर आधारित है। आयरन स्ट्रक्चर पर बने इस महल की लंबाई 250 फुट और ऊँचाई 125 फुट है। इसे खास तौर पर वॉटरप्रूफ बनाया गया है, ताकि बारिश होने पर भी प्रभु स्वरूपों को कोई क्षति न पहुँचे। महल के निर्माण में कोलकाता के 70 से 80 कुशल कारीगर दिन-रात लगे हुए हैं। महल के अंदरूनी हिस्से में खिड़कियाँ, दरवाज़े और दरबारी स्वरूप उकेरे जा रहे हैं। परिसर को रंग-बिरंगे फूलों, फव्वारों और गमलों से सजाया जाएगा। साथ ही, प्रवेश के लिए दो भव्य सिंहद्वार भी बनाए जा रहे हैं। बैठने की विशेष व्यवस्था और कार्यक्रम पार्क में 1500 लोगों के बैठने की व्यवस्था की गई है, जिसमें VVIP, VIP और आमजन के लिए अलग-अलग सोफा सीटिंग की व्यवस्था है। महोत्सव क्षेत्र में कुल 45 प्रवेश द्वार बनाए जा रहे हैं, जिनमें दो मुख्य गेट होंगे। इस बार महोत्सव 14 से 21 सितंबर तक चलेगा। प्रमुख कार्यक्रम इस प्रकार हैं: यह भव्य आयोजन आगरा के लोगों के लिए आस्था और उत्सव का एक अनूठा संगम होगा।

आगरा में बड़ा हादसा टला: स्कूल बस में ट्रक ने मारी टक्कर, बच्चे सुरक्षित

आगरा। आगरा के थाना सिकंदरा क्षेत्र में एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। बुधवार को जेसीबी चौराहा, शास्त्रीपुरम पर एक स्कूल बस को ट्रक ने टक्कर मार दी। हादसे के समय बस में बच्चे मौजूद थे, जिससे चारों ओर अफरा-तफरी मच गई, लेकिन गनीमत रही कि किसी भी बच्चे को गंभीर चोट नहीं आई। यह हादसा सेंट वीएस पब्लिक स्कूल की बस के साथ हुआ। बस चालक ने तेज रफ्तार में बस मोड़ी, तभी सामने से आ रहे एक लोडर ट्रक ने बस को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि बस का एक हिस्सा पूरी तरह पिचक गया और उसमें बैठे बच्चे अपनी सीटों से गिर गए। बच्चों की चीख-पुकार सुनकर मौके पर मौजूद लोग तुरंत मदद के लिए दौड़े। उन्होंने बस के इमरजेंसी गेट से बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाला। बताया गया है कि बस में लगभग 25 बच्चे सवार थे, जो हादसे के बाद बुरी तरह से सहम गए थे। कुछ बच्चों को कांच लगने से हल्की चोटें आईं और उनका खून भी बहने लगा, जिसके बाद वे रोने लगे। सूचना मिलते ही सिकंदरा थाना प्रभारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुँचे और स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने बताया कि किसी भी बच्चे को गंभीर चोट नहीं लगी है। पुलिस ने कहा कि स्कूल की तरफ से तहरीर मिलने पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। स्थानीय लोगों ने भी कहा कि यह एक बड़ा हादसा था, जो टल गया।

आगरा में जानलेवा साबित हो सकता है जर्जर बिजली का खंभा, टोरेंट पावर बेपरवाह

आगरा। आगरा के गुदड़ी मंसूर खां बाजार में एक जर्जर बिजली का खंभा लोगों के लिए जान का खतरा बना हुआ है। कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकने वाले इस खंभे की शिकायत के बावजूद टोरेंट पावर ने अब तक कोई कार्रवाई नहीं की है, जिससे स्थानीय दुकानदार और निवासी बेहद परेशान हैं। गुदड़ी मंसूर खां बाजार एकता कमेटी के कार्यकारी अध्यक्ष चौधरी फरहान ने बताया कि बाजार के बीचो-बीच लगा यह खंभा पूरी तरह से जर्जर हो चुका है और कभी भी गिर सकता है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस बारे में कई बार शिकायत की गई है, लेकिन टोरेंट पावर “कुंभकरण की नींद” में सोया हुआ है और कोई सुध नहीं ले रहा। कमेटी के लोगों का कहना है कि यह खंभा न केवल दुकानदारों बल्कि बाजार में आने वाले ग्राहकों के लिए भी बड़ा खतरा बना हुआ है। इस समस्या के कारण सभी को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। चौधरी फरहान ने टोरेंट पावर से तुरंत इस मामले का संज्ञान लेने की अपील की है। उन्होंने टीम भेजकर जल्द से जल्द गुदड़ी मंसूर खां और भांड गली के नुक्कड़ पर लगे दूसरे खतरनाक खंभे को भी हटाने की मांग की है, ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।

आगरा में क्लब में तोड़फोड़, दो युवतियों समेत चार गिरफ्तार

आगरा। आगरा के एक क्लब में तोड़फोड़ और बवाल करने के आरोप में पुलिस ने दो युवतियों सहित चार लोगों को गिरफ्तार किया है। इन सभी की कार को भी पुलिस ने जब्त कर लिया है। यह घटना 6 सितंबर को थाना रकाबगंज क्षेत्र में एक क्लब में हुई थी। क्लब के कैशियर महावीर प्रसाद ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी कि दो युवतियां और चार युवक उनके क्लब में आए थे। सभी ने शराब पी, खाना खाया और डांस किया। 2 हजार रुपए के बिल पर बवाल शिकायत के मुताबिक, बिल चुकाने की बात आने पर युवक-युवतियों ने हंगामा शुरू कर दिया। आरोप है कि उन्होंने क्लब में तोड़फोड़ और कर्मचारियों के साथ मारपीट की। इतना ही नहीं, उन्होंने अपनी कार से कर्मचारियों को टक्कर मारने की भी कोशिश की। पुलिस ने मामले की जांच करते हुए भगवती कॉलोनी निवासी रामपाल को हिरासत में लिया और उसकी थार गाड़ी सीज कर दी। रामपाल से पूछताछ के बाद पुलिस ने देवरी रोड निवासी धीरज और शुभम को गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उस रात उनके साथ मानसी और महक नाम की दो युवतियां भी थीं। उन्होंने बताया कि उन्होंने दो बोतल महंगी शराब पी थी और बिल में 2 हजार रुपये कम पड़ने पर यह पूरा विवाद शुरू हुआ था, जिसके बाद मारपीट और तोड़फोड़ हुई। पुलिस ने अब इन दोनों युवतियों को भी गिरफ्तार कर लिया है। इस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

आगरा में ट्रैफिक जाम पर कड़ा एक्शन: डीसीपी सिटी ने तीन दरोगा सस्पेंड किए, शहर को मिली राहत

आगरा। आगरा में पिछले कई दिनों से चल रहे भीषण ट्रैफिक जाम पर अब पुलिस प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। शहर में एक ही दिन पहले पुलिस कमिश्नर द्वारा दिए गए निर्देशों की हकीकत देखने निकले डीसीपी सिटी ने ड्यूटी से गायब मिले तीन दारोगाओं को मौके पर ही सस्पेंड कर दिया। इस कड़े कदम के बाद आज शहर की यातायात व्यवस्था में सुधार देखने को मिला, जिससे लोगों को बड़ी राहत मिली है। पिछले तीन दिनों से आगरा की सड़कें जाम से कराह रही थीं। यमुना नदी में आए बाढ़ के पानी से यमुना किनारा मार्ग पर यातायात ठप हो गया था, वहीं शहर में चल रहे मेट्रो निर्माण ने एमजी रोड को लगभग खोद डाला है। इन सब के बीच हाईवे पर हुए एक ट्रॉले की टक्कर को हटाने में 24 घंटे का समय लग गया, जिसने हर तरफ गाड़ियों की लंबी कतारें लगा दी थीं। हालात को काबू करने के लिए पुलिस कमिश्नर दीपक कुमार ने निर्देश दिए थे कि अब यातायात पुलिस के साथ-साथ सभी थानाध्यक्ष (SHO) और इंस्पेक्टर (SO) भी चौराहों पर ड्यूटी देंगे। मंगलवार को, डीसीपी सिटी सोनम कुमार ने इन आदेशों का पालन हो रहा है या नहीं, यह जानने के लिए निरीक्षण शुरू किया। भगवान टॉकीज चौराहे पर हालात सबसे खराब थे, जहाँ न्यू आगरा थाने से जिन तीन दारोगाओं विवेक यादव, धर्मेंद्र वर्मा और गौरव तेवतिया की ड्यूटी लगी थी, वे मौके से नदारद मिले। इस बड़ी लापरवाही पर डीसीपी सिटी ने तुरंत तीनों को सस्पेंड कर दिया। पुलिस के एक्शन का असर, एमजी रोड पर सुगम हुआ ट्रैफिक पुलिस के इस कड़े कदम का असर आज शहर के ट्रैफिक पर साफ दिखाई दे रहा है। आज एमजी रोड पर भारी जाम नहीं है और गाड़ियों की आवाजाही पहले की तुलना में बेहतर है। हालांकि कुछ जगहों पर ट्रैफिक धीमा जरूर है, लेकिन गाड़ियां लगातार खिसक रही हैं। लोगों का कहना है कि पुलिस का यह कदम बहुत अच्छा है, क्योंकि पिछले कई दिनों से उन्हें बहुत परेशानी हो रही थी।

आगरा में बाढ़ का विकराल रूप: श्मशान घाट डूबे, लोग सड़क किनारे अंतिम संस्कार करने को मजबूर

आगरा। आगरा में यमुना नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है, जिससे बाढ़ की स्थिति बेकाबू होती जा रही है। यमुना खतरे के निशान (499 फीट) से 2.3 फीट ऊपर बह रही है, और बुधवार सुबह इसका जलस्तर 501.3 फीट पर पहुँच गया है। इस भयावह स्थिति के कारण शहर के कई महत्वपूर्ण क्षेत्र और श्मशान घाट डूब गए हैं। सड़क किनारे अंतिम संस्कार, डूबे श्मशान घाट ताजगंज और पोइया घाट स्थित प्रमुख श्मशान घाट पानी में डूब चुके हैं। मंगलवार को पोइया घाट पर जब लोग अंतिम संस्कार के लिए पहुँचे, तो उन्हें श्मशान के साथ-साथ वहाँ तक पहुँचने वाले रास्ते पर भी 2-3 फीट तक पानी मिला। मजबूरन, लोगों को शव का अंतिम संस्कार सड़क किनारे ही करना पड़ा। यह स्थिति दिखाती है कि बाढ़ ने न केवल जीवन को प्रभावित किया है, बल्कि मृत्यु के बाद की क्रियाओं को भी बाधित कर दिया है। कई गाँव और कॉलोनियाँ जलमग्न मनोहरपुर से पोइया जाने वाली सड़क पर 2 किलोमीटर तक 4-5 फीट पानी भर गया है, जिससे 10 गाँवों और कॉलोनियों के लोग फंस गए हैं। मां गौरी टाउन सहित 25 कॉलोनियाँ पूरी तरह से जलमग्न हो गई हैं, और करीब 4000 लोग अपने घरों को छोड़कर सुरक्षित स्थानों पर चले गए हैं। कैलाश मंदिर बंद और सड़कें जलमग्न एहतियात के तौर पर कैलाश महादेव मंदिर के पट भक्तों के लिए बंद कर दिए गए हैं। प्रधान महंत भरत गिरी ने श्रद्धालुओं से मंदिर की ओर न आने की अपील की है। यमुना किनारा रोड पर स्थित आरती स्थल पर भी बैरिकेडिंग लगा दी गई है। हाथी घाट रोड पर 5-6 फीट तक पानी भरा हुआ है, जहाँ वाहन और यहां तक कि घोड़ागाड़ी भी फंस रही है। लोग अपने घरों को बाढ़ से बचाने के लिए ऊँची-ऊँची बाउंड्री बना रहे हैं, लेकिन बढ़ते जलस्तर के सामने उनकी कोशिशें नाकाम साबित हो रही हैं।

आगरा में यमुना का कहर: मोक्षधाम के रास्ते में भरा पानी, शवदाह गृह भी बंद

आगरा। आगरा में यमुना नदी का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। नदी का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर पहुँच गया है, जिससे शहर की 25 से ज्यादा कॉलोनियों में बाढ़ का पानी घुस गया है। हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाना पड़ा है। इसी बीच, बाढ़ का असर शहर के सबसे बड़े श्मशान घाट ताजगंज मोक्षधाम पर भी पड़ा है। विद्युत शवदाह गृह बंद, रास्ता जलमग्न यमुना के बढ़ते जलस्तर के कारण ताजगंज मोक्षधाम तक पहुँचने वाले मुख्य रास्ते पर दो से तीन फीट तक पानी भर गया है। इससे शवों को मोक्षधाम तक लाने में भारी परेशानी हो रही है। हालात इतने खराब हैं कि मोक्षधाम का विद्युत शवदाह गृह पूरी तरह से बंद कर दिया गया है। बिजली विभाग ने पानी भरने के कारण बिजली की आपूर्ति काट दी है। मोक्षधाम का संचालन करने वाली श्री क्षेत्र बजाजा कमेटी ने बताया कि जहाँ आम दिनों में 40 से अधिक अंतिम संस्कार होते थे, वहीं सोमवार को मोक्षधाम में केवल 9 और विद्युत शवदाह गृह में 3 ही अंतिम संस्कार हो सके। लोग शवों को मेटाडोर से पानी के बीच से होकर ले जाने को मजबूर हैं। हालांकि, लकड़ी से अंतिम संस्कार करने वाले 9 प्लेटफॉर्म्स पर अभी भी काम जारी है, क्योंकि यहाँ पानी नहीं पहुंचा है। 5000 लोग पलायन को मजबूर बाढ़ की भयावहता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि यमुना किनारा क्षेत्रों से करीब 5000 लोग पलायन कर चुके हैं। यमुना का जलस्तर अभी भी हर घंटे 10 सेंटीमीटर बढ़ रहा है। प्रशासन ने एनडीआरएफ की टीमों को तैनात कर दिया है और राहत कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं। हालात को देखते हुए, लोगों से अपील की गई है कि वे जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहें और अपने जरूरी सामानों को सुरक्षित रखें।

आगरा में शिक्षक दिवस समारोह: शिक्षकों को मिला सम्मान, छात्रों ने दी प्रस्तुति

आगरा। देश और समाज के विकास में शिक्षकों के महत्वपूर्ण योगदान को सम्मानित करने के लिए आज, 9 सितंबर 2025 को प्रील्यूड पब्लिक स्कूल में शिक्षक सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इस दौरान शिक्षकों के सम्मान में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए और शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले अध्यापकों को सम्मानित किया गया। समारोह का शुभारंभ विद्यालय के निदेशक डॉ. सुशील गुप्ता, प्रधानाचार्य अरविंद श्रीवास्तव और शैक्षणिक प्रमुख रश्मि गांधी ने शिक्षकों के लिए रेड कार्पेट वेलकम के साथ किया। उन्होंने भारत के प्रथम उपराष्ट्रपति डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन की 137वीं जयंती पर उनके चित्र पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। छात्रा पिया सिंह ने शिक्षक दिवस के महत्व पर प्रकाश डाला। इस अवसर पर, प्रधानाचार्य ने सभी शिक्षकों को कर्तव्य निर्वहन की शपथ दिलाई और छात्रों के जीवन में उनकी अतुलनीय भूमिका की सराहना की। उत्कृष्ट कार्यों के लिए सम्मान कार्यक्रम के दौरान शिक्षा के क्षेत्र में बेहतरीन योगदान के लिए कई शिक्षकों को सम्मानित किया गया: सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ और प्रतियोगिता शिक्षकों के इस खास दिन को यादगार बनाने के लिए छात्रों ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम और मनोरंजक खेलों का आयोजन किया। इसके साथ ही, एक अंतसर्दनीय मूक अभिनय (पैंटोमाइम) प्रतियोगिता भी आयोजित की गई। इस प्रतियोगिता में फीनिक्स सदन प्रथम, पिगेसिस सदन द्वितीय, एंड्रोमेडा सदन तृतीय और ओरॉयन सदन चतुर्थ स्थान पर रहा। प्रतियोगिता के निर्णायक मंडल में चंचल गुप्ता, प्रेरणा रोहतगी और आभा पार्या शामिल थीं। निदेशक डॉ. सुशील गुप्ता ने अपने संबोधन में शिक्षकों को बधाई दी और छात्रों से अपने गुरुओं और माता-पिता का हमेशा सम्मान करने का आग्रह किया। कार्यक्रम का संचालन अदिता, अपार, अनिरुद्ध और सृष्टि ने किया, जबकि अंशुमन ने सभी का आभार व्यक्त किया।

आगरा के महालक्ष्मी मंदिर में हादसा, मंदिर के पट बंद, लोगों ने खुद संभाला मोर्चा

आगरा। आगरा के बल्केश्वर स्थित महालक्ष्मी मंदिर में सोमवार को हुए हादसे के बाद मंगलवार को भी स्थिति तनावपूर्ण बनी रही। मंदिर की रेलिंग और छत का हिस्सा यमुना में गिरने के बाद, मंगलवार को दैनिक भास्कर की टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। स्थानीय लोगों ने बताया कि हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई, सभी लोगों को समय रहते बचा लिया गया था, जिन्हें मामूली चोटें आई हैं। हादसे के बाद प्रशासन ने सुरक्षा के मद्देनजर मंदिर में भक्तों की एंट्री बंद कर दी है और गेट पर ताला लगा दिया है। मंदिर के बाहर पुलिसकर्मी तैनात हैं, जो किसी को भी अंदर नहीं जाने दे रहे। एक पुजारी ने बताया कि जब तक बाढ़ का खतरा टल नहीं जाता और स्थिति सामान्य नहीं हो जाती, तब तक मंदिर के पट भक्तों के लिए बंद रहेंगे। बाढ़ का पानी, लोगों को मदद का इंतजार इस बीच, बल्केश्वर मंदिर के आसपास की कॉलोनियों में यमुना का पानी घुसना जारी है। नाले चोक होने के कारण पानी कॉलोनियों में बैक मार रहा है। हालात से निपटने के लिए स्थानीय लोगों ने बोरों में मिट्टी भरकर दीवारें खड़ी कर दी हैं। जल निकासी के लिए लोग निजी पंपों का इस्तेमाल कर रहे हैं। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि उन्हें नगर निगम या प्रशासन से कोई खास मदद नहीं मिल रही है। लोग खुद ही अपनी सुरक्षा और जल निकासी की व्यवस्था कर रहे हैं। यमुना का जलस्तर अभी भी बढ़ रहा है, जिससे इलाके में मुश्किलें और भी बढ़ सकती हैं।

आगरा में ट्रैफिक: प्रताप पुरा क्रॉसिंग से लेकर रावली मंदिर तक गाड़ियों की लंबी कतारें

आगरा। आगरा में मंगलवार, 9 सितंबर को ट्रैफिक का हाल बेहाल है। शहर को एक साथ दोहरी मार झेलनी पड़ रही है: यमुना नदी में आई बाढ़ और शहर में चल रहा मेट्रो का निर्माण कार्य। इन दोनों वजहों से शहर के कई प्रमुख रास्तों पर गाड़ियों की रफ्तार थम सी गई है। यमुना में आए उफान के कारण हाथी घाट और यमुना किनारा रोड के आसपास पानी भर गया है, जिससे इन मार्गों पर ट्रैफिक का दबाव बढ़ गया है। वहीं, शहर के बीचोबीच बन रहे मेट्रो के कारण एमजी रोड पर भी जगह-जगह जाम की स्थिति बन रही है। दोपहर 2 बजे का ट्रैफिक अपडेट: प्रशासन लगातार लोगों से अपील कर रहा है कि वे वैकल्पिक मार्गों का इस्तेमाल करें और जरूरत पड़ने पर ही घर से बाहर निकलें।

श्राद्ध श्रद्धा का विषय है, दिखावे का नहीं: आचार्य राहुल रावत

हरिद्वार। पितृ पक्ष के दौरान अपने और अपने प्रियजनों के लिए पितरों की पूजा-अर्चना करने हरिद्वार पहुंचे आचार्य राहुल रावत ने श्राद्ध कर्म के वास्तविक अर्थ को समझाया है। उन्होंने शास्त्रों के उद्धरण देते हुए कहा कि श्राद्ध एक पवित्र कर्म है जो श्रद्धा का विषय है, न कि दिखावे या आडंबर का। यह हमें अपने पूर्वजों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त करने का अवसर देता है, जिससे पितृ ऋण से मुक्ति मिलती है। आचार्य रावत ने कहा कि मृत्यु के बाद 10 दिनों तक होने वाले दैनिक श्राद्ध को “नव श्राद्ध” कहते हैं, जबकि 11वें और 12वें दिन के श्राद्ध क्रमशः “नव मिश्र श्राद्ध” और “सपिंडी श्राद्ध” कहलाते हैं। इन कर्मों के बाद ही आत्मा प्रेत योनि से मुक्त होकर देव योनि में जाती है। उन्होंने बताया कि मृत्यु के एक साल बाद उसी तिथि को पार्वण श्राद्ध और हर साल पितृ पक्ष में किया जाने वाला कर्म कनागत कहलाता है। शास्त्रों में मृत्युभोज का उल्लेख नहीं आचार्य राहुल रावत ने शास्त्रों के अनुसार एक महत्वपूर्ण तथ्य को स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि श्रुति और स्मृति जैसे किसी भी शास्त्र में मृत्युभोज जैसे शब्द का उल्लेख नहीं है। बल्कि, शास्त्रों में विषम संख्या में योग्य ब्राह्मणों को भोजन कराने का संकेत मिलता है, वह भी श्रद्धा और अभिरुचि के अनुसार। उन्होंने मनुस्मृति के वचन का हवाला देते हुए कहा कि एक भी योग्य, वेदज्ञ ब्राह्मण को भोजन कराने से विशेष फल प्राप्त होता है, जो हजारों अयोग्य ब्राह्मणों को खिलाने से भी नहीं मिलता। महाभारत में भीष्म पितामह ने भी इसी बात पर जोर दिया था कि लाखों अपात्रों को भोजन कराने से बेहतर है कि एक ही सत्पात्र को भोजन कराया जाए। श्रद्धा का महत्व और आर्थिक बोझ नहीं आचार्य रावत ने भगवद्गीता के श्लोक का जिक्र करते हुए कहा कि बिना श्रद्धा के किया गया कोई भी कर्म निष्फल होता है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि श्राद्ध एक आर्थिक बोझ नहीं है। कूर्मपुराण के अनुसार, जो व्यक्ति धन से समर्थ नहीं है, वह फल, मूल या शाक से भी श्राद्ध कर सकता है। अगर वह भी संभव न हो, तो विष्णुपुराण के श्लोक के अनुसार व्यक्ति खुले में जाकर दोनों हाथ ऊपर करके पितरों से कह सकता है कि “हे पितृगण! मेरे पास आपके लिए न तो धन है, न धान्य। मेरे पास केवल आपके लिए श्रद्धा और भक्ति है।” ऐसा करने मात्र से भी पितर तृप्त हो जाते हैं। आचार्य रावत ने कहा कि रामायण और महाभारत में भी श्राद्ध कर्म का वर्णन है। वनवास के दौरान भगवान राम ने अपने पिता दशरथ के लिए उपलब्ध सामग्री से ही पिंडदान किया था। यह बताता है कि श्राद्ध प्रदर्शन का नहीं, बल्कि श्रद्धा का विषय है।

आगरा में यमुना का कहर: बाढ़ में ढहा मकान, कार बही; लाइव वीडियो सामने आया

आगरा। आगरा में यमुना नदी का कहर जारी है। बीती रात, बाढ़ के पानी से कमजोर हुआ एक मकान भरभराकर ढह गया, जिसका लाइव वीडियो सामने आया है। यह घटना फाउंड्री नगर के गोकुल नगर में हुई, जहाँ बाढ़ का पानी 4-5 फीट तक भर गया है। गनीमत रही कि परिवार के सभी सदस्य सुरक्षित हैं। मकान ढहने से कुछ देर पहले, घर के सदस्य छत में आई दरार का वीडियो बना रहे थे, तभी पीछे की तरफ की दीवार ढह गई। इस इलाके में कई मकान जलमग्न हो गए हैं, जिससे लोगों ने अपनी छतों पर शरण ली हुई है। प्रशासन ने इन सभी लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचा दिया है। तेज बहाव में बही कार एक अन्य घटना में, सोमवार रात कैलाश घाट की तरफ गए एक दंपत्ति की कार भी बाढ़ के पानी में बह गई। उनकी कार जलभराव में फंस गई थी, जिसके बाद यमुना के तेज बहाव ने उसे बहा लिया। हालांकि, समय रहते रेस्क्यू टीम ने दोनों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। ये घटनाएँ दिखाती हैं कि यमुना का जलस्तर कितना खतरनाक हो चुका है और लोगों को लगातार सतर्क रहने की जरूरत है।

आगरा में मजदूरी के पैसे मांगने पर मजदूर को बेरहमी से पीटा, वीडियो वायरल

आगरा। आगरा के रकाबगंज थाना क्षेत्र में एक मजदूर को अपनी मजदूरी के पैसे मांगना इतना महंगा पड़ा कि उसे बेरहमी से पीटा गया। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है, जिसमें एक ढाबा मालिक और उसका बेटा मिलकर मजदूर को दौड़ा-दौड़ा कर पीटते दिख रहे हैं। यह घटना ईदगाह कटघर क्षेत्र की है, जहाँ एक ढाबे पर काम करने वाला मजदूर कई दिनों से छुट्टी लेकर घर जाना चाहता था और अपने बकाया पैसे मांग रहा था। सोमवार रात जब उसने एक बार फिर अपनी मजदूरी के पैसे मांगे, तो आरोप है कि ढाबा मालिक ने उसे पैसे देने से इनकार कर दिया और उसके साथ मारपीट शुरू कर दी। वीडियो में साफ दिख रहा है कि ढाबा मालिक और उसका बेटा कड़छी जैसे बर्तनों से मजदूर को पीट रहे हैं और उसे गालियां दे रहे हैं। इसी दौरान एक राहगीर ने यह पूरी घटना अपने मोबाइल में रिकॉर्ड कर सोशल मीडिया पर अपलोड कर दी। वीडियो के आधार पर पुलिस ने मामले का संज्ञान लिया है और ढाबा मालिक की तलाश कर रही है। हालांकि, पुलिस को अभी तक इस मामले में कोई लिखित शिकायत नहीं मिली है। पुलिस का कहना है कि वीडियो की जांच के बाद दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

आगरा में जनकपुरी महोत्सव के लिए इंद्रदेव को मनाने यज्ञ, आयोजकों को बारिश की चिंता

आगरा। आगरा में श्री जनकपुरी महोत्सव के आयोजकों ने समारोह के दौरान बारिश से बचने के लिए इंद्रदेव को मनाने के लिए हवन और पूजन किया। शहर में लगातार हो रही बरसात और यमुना के बढ़ते जलस्तर से आयोजकों की चिंता बढ़ गई है, क्योंकि उन्हें डर है कि माता सीता और भगवान राम के विवाह के आयोजन में भारी बारिश से भक्तों को दिक्कत हो सकती है। यह कार्यक्रम 148 साल पुरानी रामलीला और 66 साल पुरानी जनकपुरी का हिस्सा है, जिसे इस साल कमला नगर में पाँचवीं बार सजाया जा रहा है। स्थानीय लोगों का मानना है कि जब भी जनकपुरी कमला नगर में सजी है, तब-तब रिकॉर्ड तोड़ बारिश हुई है। इस साल भी बारिश और यमुना का उफान देखते हुए, आयोजकों ने सोमवार को शिवम पार्क में बन रहे मिथिला महल के सामने वैदिक मंत्रों के साथ विशेष हवन-पूजन किया। श्री जनकपुरी महोत्सव आयोजन समिति के सदस्यों ने इंद्रदेव से प्रार्थना की कि वे इस बार इतना न बरसें कि लाखों भक्तों को किसी तरह की परेशानी हो। आयोजन में उपस्थित गणमान्य व्यक्ति इस कार्यक्रम में श्री जनकपुरी महोत्सव आयोजन समिति के कई पदाधिकारी और सदस्य मौजूद रहे, जिनके नाम इस प्रकार हैं: जनकपुरी महिला समिति की सदस्य:

आगरा में कूड़ा कलेक्शन का यूजर चार्ज तय, नगर निगम सदन में प्रस्ताव पास

आगरा। आगरा नगर निगम की सदन बैठक में कूड़ा कलेक्शन के लिए वसूले जाने वाले यूजर चार्ज की संशोधित दरों को आखिरकार मंजूरी मिल गई है। सोमवार को चली लंबी बैठक के दौरान इस प्रस्ताव पर पार्षदों के बीच कई बार तीखी बहस भी हुई, लेकिन बाद में सहमति बनने पर इसे स्वीकृति दे दी गई। इस नई व्यवस्था के तहत, कई श्रेणियों को रजिस्ट्रेशन और टैगिंग शुल्क से पूरी तरह छूट दी गई है, लेकिन उनसे यूजर चार्ज जरूर वसूला जाएगा। किससे कितना वसूला जाएगा यूजर चार्ज आवास: शिक्षण संस्थान (स्कूल, कॉलेज, हॉस्टल): दुकान और व्यवसायिक प्रतिष्ठान: रेस्टोरेंट, होटल और क्लीनिक: मांस-मछली विक्रेता: यह नया यूजर चार्ज शहर में डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने में मदद करेगा।

आगरा में खारी नदी के तेज बहाव में दो युवक बहे, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी

आगरा। आगरा के कागारौल क्षेत्र में सोमवार को एक बड़ा हादसा हो गया, जब खारी नदी की रपट पार करते समय एक वैन तेज बहाव में फंस गई। जान बचाने के लिए वैन से कूदने वाले दो युवक नदी में बह गए। इस हादसे के बाद दोनों के घरों में कोहराम मच गया है और प्रशासन ने उन्हें ढूंढने के लिए बड़े पैमाने पर रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया है। डूबने वाले युवकों की पहचान अभिषेक (17 वर्ष) और रवि (20 वर्ष) के रूप में हुई है। अभिषेक हाईस्कूल का छात्र है, जबकि रवि की शादी दस महीने पहले ही हुई थी। ये दोनों घटना के समय एक वैन में जैंगारा लौट रहे थे। हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस, गोताखोर, अग्निशमन दल और पीएसी की टीमें मौके पर पहुँच गईं। उन्होंने नावों के सहारे नदी में तलाशी अभियान चलाया, लेकिन देर रात तक कोई सफलता नहीं मिली। इस दौरान घटनास्थल पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई। उपजिलाधिकारी नीलम तिवारी, फतेहपुर सीकरी विधायक चौधरी बाबूलाल और एसीपी सुकन्या शर्मा सहित भारी पुलिस बल भी मौके पर मौजूद रहा।

आगरा में यमुना का रौद्र रूप, 25 कॉलोनियों में बाढ़ का पानी, 2000 लोग पलायन को मजबूर

आगरा। आगरा में यमुना नदी ने 47 साल का रिकॉर्ड तोड़ते हुए अपना रौद्र रूप दिखाया है। गोकुल बैराज से लगातार छोड़े जा रहे पानी के कारण यमुना का जलस्तर खतरे के निशान (499 फीट) से ऊपर 501.1 फीट पर पहुंच गया है। इस विकराल स्थिति के कारण शहर की 25 से अधिक कॉलोनियाँ और कई गाँव जलमग्न हो गए हैं, जिससे हजारों लोग विस्थापित हो गए हैं। बाढ़ का कहर और पलायन शहर के कई प्रमुख इलाके जैसे दयालबाग, बल्केश्वर, अमर विहार, मोतीमहल, और रामबाग बस्ती पूरी तरह पानी में डूब गए हैं। ताजगंज मोक्षधाम में भी पानी भर जाने से अंतिम संस्कार के लिए नए स्थान (मलका का चबूतरा, शाहगंज, आवास विकास) निर्धारित किए गए हैं। ग्रामीणों और शहरी निवासियों को अपने घरों पर ताला लगाकर सुरक्षित स्थानों पर शरण लेने के लिए मजबूर होना पड़ा है। प्रशासन द्वारा स्थापित राहत शिविरों में बड़ी संख्या में लोग रह रहे हैं, जबकि कई अपने रिश्तेदारों के घर चले गए हैं। ऐतिहासिक स्मारकों पर भी असर यमुना का बढ़ा हुआ जलस्तर ऐतिहासिक स्मारकों के लिए भी चिंता का विषय बन गया है। यमुना का पानी 1978 के बाद पहली बार ताजमहल की बाहरी दीवारों तक पहुँच गया है। हालांकि, भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) के अधिकारियों ने बताया है कि स्मारक को कोई नुकसान नहीं हुआ है, क्योंकि इसे बाढ़ के पानी को झेलने के लिए ही बनाया गया था। इसके अलावा, यमुना किनारा रोड पर स्थित एत्मादउद्दौला (बेबी ताज) के पीछे बने 12 कमरे पानी में डूब गए हैं और मेहताब बाग का गार्डन भी पूरी तरह से जलमग्न हो गया है। आगरा किला की खाई में भी मंटोला नाले का बैक-फ्लो होने से पानी भर गया है। प्रशासन की तैयारियां और अपील जिलाधिकारी अरविंद मल्लप्पा बंगारी ने लगातार बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर हालात का जायजा लिया है। एनडीआरएफ (NDRF) और एसडीआरएफ (SDRF) की टीमें बचाव कार्य में जुटी हैं। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे यमुना किनारे न जाएं, बच्चों और बुजुर्गों को सुरक्षित रखें और जरूरी कागजातों को वॉटरप्रूफ बैग में रखें। इस मुश्किल समय में आगरा पुलिस और प्रशासन लोगों की हर संभव मदद कर रहा है और स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।

आगरा में क्षमावाणी महापर्व: दो मंदिरों में हुआ आयोजन, लाखों ने मांगी क्षमा

आगरा। आगरा में सोमवार को जैन धर्म का महत्वपूर्ण पर्व क्षमावाणी दो अलग-अलग मंदिरों में भक्तिभाव के साथ मनाया गया। मारुति स्टेट स्थित कलाकुंज के श्री महावीर दिगंबर जैन मंदिर और कटरा इतवारी खां स्थित श्री चंद्रप्रभु दिगंबर जैन मंदिर में आयोजित कार्यक्रमों में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने हिस्सा लिया और एक-दूसरे से ‘मिच्छामि दुक्कड़म्’ कहकर साल भर की गलतियों के लिए क्षमा मांगी। कलाकुंज जैन मंदिर में क्षमावाणी कलाकुंज जैन मंदिर में हुए कार्यक्रम की शुरुआत बालिकाओं ने मंगलाचरण से की। यहाँ बाहर से पधारे वक्ताओं ने क्षमा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि सच्चा विजेता वही है, जो क्षमा की राह अपनाता है। इस दौरान, दशलक्षण महापर्व में सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देने वाली महिलाओं और बच्चों को सम्मानित भी किया गया। बच्चों और महिलाओं की सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। कार्यक्रम का संचालन अजय जैन मास्टर ने किया। उपस्थित गणमान्य व्यक्ति: इस मौके पर आदित्य भगत, प्रमोद जैन, रविंद्र जैन, राजीव जैन, अजय जैन, मुकेश भगत, संयम जैन, देवेंद्र जैन, ऋषभ जैन, दिव्यांशु जैन, कपिल जैन, शुभम जैन, मंजरी जैन, स्वीटी जैन, ममता जैन, कमलेश जैन सहित समस्त कलाकुंज जैन समाज के लोग बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कटरा इतवारी खां जैन मंदिर में आयोजन श्री चंद्रप्रभु दिगंबर जैन मंदिर में क्षमावाणी पर्व भक्तिभाव से मनाया गया। शाम 6 बजे भक्तों ने श्रीजी का अभिषेक किया, जिसके बाद मंगलाचरण और भजनों की प्रस्तुति दी गई। मंदिर समिति ने दशलक्षण महापर्व पर पूजन करने वाले और व्रत रखने वाले श्रावक-श्राविकाओं का सम्मान किया। इसके बाद सभी लोगों ने एक-दूसरे से क्षमा याचना कर आपसी कटुता को मिटाया। कार्यक्रम के अंत में साधर्मी सल्पाहार का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का संचालन सुरेंद्र बैनाड़ा ने किया। उपस्थित गणमान्य व्यक्ति: इस अवसर पर मंदिर अध्यक्ष निर्मल मौठया, सुरेन्द्र जैन, अजित जैन बैनाड़ा, अनिल मौठया, अनिल जैन, प्रमोद जैन, अजित बैनाड़ा, सुमेर बैनाड़ा, अमित जैन, मनीष जैन, विक्की जैन, विभू बैनाड़ा, पन्नालाल बैनाड़ा, शैलेन्द्र जैन, तरुण जैन, उषा जैन, रेखा जैन, आयुषी जैन, शोभा जैन, सुनीता जैन, शुभम जैन सहित समस्त कटरा इतवारी खां जैन समाज के लोग बड़ी संख्या में मौजूद रहे।

आगरा में ट्रैफिक पुलिस के साथ अब थानों का पुलिस बल भी संभालेगा मोर्चा: पुलिस कमिश्नर

आगरा। आगरा में मेट्रो निर्माण, लगातार बारिश और यमुना नदी के बढ़ते जलस्तर के कारण शहर की यातायात व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हुई है। नेशनल हाईवे और एमजी रोड पर गाड़ियों का दबाव बहुत ज्यादा बढ़ गया है, जबकि यमुना किनारा रोड पर जलभराव के कारण भी लोगों को परेशानी हो रही है। इस गंभीर स्थिति को देखते हुए, पुलिस कमिश्नर दीपक कुमार ने तत्काल प्रभाव से सभी ट्रैफिक इंस्पेक्टर (TI), सब-इंस्पेक्टर (TSI) और थाना अध्यक्षों (SHO/SO) को निर्देश दिया है कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में यातायात व्यवस्था को संभालने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात करें। उन्होंने कहा कि यह एक आपातकालीन स्थिति है, इसलिए अब ट्रैफिक पुलिस के साथ-साथ थानों का पुलिस बल भी यातायात ड्यूटी में सहयोग करेगा। नागरिकों से सहयोग की अपील पुलिस कमिश्नर ने आगरा के नागरिकों से भी इस स्थिति में सहयोग करने की विनम्र अपील की है। उन्होंने कहा: उन्होंने यह भी भरोसा दिलाया कि आगरा पुलिस इस मुश्किल समय में नागरिकों के साथ है और सभी की असुविधा को कम करने का प्रयास कर रही है।

आगरा में जूते पर GST 5% होने की खुशी, व्यापारियों ने निकाली ‘स्वर्णिम विजय यात्रा’

आगरा। केंद्र सरकार द्वारा जूते पर जीएसटी घटाकर पाँच प्रतिशत किए जाने के बाद, द आगरा शू फैक्टर्स फेडरेशन ने सरकार का आभार व्यक्त करते हुए सोमवार को ‘स्वर्णिम विजय यात्रा’ निकाली। सैकड़ों जूता व्यापारियों और विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों ने ढोल-नगाड़ों के साथ हींग की मंडी स्थित फेडरेशन कार्यालय से धाकरान चौराहे तक मार्च किया। इस दौरान जगह-जगह यात्रा का भव्य स्वागत किया गया, जिसमें दलित और मुस्लिम संगठनों ने भी पदाधिकारियों को माला पहनाकर सम्मानित किया। पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु से आए प्रतिनिधियों ने भी इस ऐतिहासिक अवसर में हिस्सा लिया और कहा कि इस फैसले से जूता व्यापार में आई गिरावट दूर होगी और इसमें सुधार की संभावना बढ़ गई है। यात्रा का शुभारंभ यूपी कैबिनेट मंत्री बेबी रानी मौर्य के बेटे अभिनव मौर्य ने फेडरेशन कार्यालय में संस्थापक स्व. राजकुमार सामा की प्रतिमा पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन करके किया। यात्रा हींग की मंडी से होते हुए धाकरान स्थित नाथ कॉम्प्लेक्स पहुँची, जहाँ एक जनसभा आयोजित की गई। GST कटौती को बताया बड़ी जीत सभा को संबोधित करते हुए फेडरेशन अध्यक्ष विजय सामा ने कहा कि यह सरकार से उनकी बहुत पुरानी मांग थी, जो एक साल के अथक प्रयास के बाद पूरी हुई। उन्होंने कहा, “यह फैसला गरीब व्यक्ति को भी अच्छी गुणवत्ता वाले जूते कम कीमत में उपलब्ध कराएगा। हम सभी व्यापारी सरकार के प्रति अपना आभार व्यक्त करते हैं।” डवलपमेंट काउंसिल ऑफ फुटवेयर एंड लेदर इंडस्ट्री के चेयरमैन पूरन डावर ने इस निर्णय को अर्थव्यवस्था को गति देने वाला और महंगाई कम करने वाला एक सराहनीय कदम बताया। वहीं, राज्य मंत्री विजय शिवहरे ने फेडरेशन की ‘भूमि क्लस्टर’ की मांग को सरकार तक पहुँचाने और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को आगरा लाने का आश्वासन दिया। फेडरेशन के महामंत्री नरेंद्र पुरुस्नानी ने इसे डेढ़ वर्ष के संयुक्त संघर्ष की जीत बताया। कार्यक्रम में उपस्थित गणमान्य व्यक्ति स्वर्णिम विजय यात्रा में सोल एसोसिएशन, कुटीर उद्योग, ट्रेडर्स, सभी दस्तकार संघ और जाटव महापंचायतों के पदाधिकारियों ने भाग लिया। इस अवसर पर मौजूद अन्य प्रमुख व्यक्तियों में प्रदीप पिप्पल, दिलप्रीत सिंह, विनोद सीतलानी, अजय महाजन, संजय अरोड़ा, रामनाथ डांग, जोगिंदर लूथरा, प्रदीप मेहरा, बाबूभाई, राजेश लालवानी, घनश्याम लालवानी, प्रमोद जैन, चांद दीवान, परवेज भाई और उस्मान भाई शामिल थे।

आगरा नगर निगम सदन की बैठक: 9 महीने बाद हुई 119 प्रस्तावों पर चर्चा

आगरा। आगरा नगर निगम की सदन बैठक नौ महीने के लंबे अंतराल के बाद हुई, जिसमें शहर के विकास और समस्याओं से जुड़े कुल 119 प्रस्तावों पर चर्चा की गई। बैठक में सबसे अहम प्रस्ताव स्पीड कलर लैब तिराहे का नाम बदलकर राणा सांगा तिराहे करने का था, जिसे भाजपा पार्षद दल ने रखा। इस प्रस्ताव को फिलहाल कमेटी के सामने रखने का निर्णय लिया गया है। बैठक की मुख्य बातें बैठक में 21 सवालों पर भी चर्चा हुई, जिनमें से अधिकांश के जवाब मिलने पर पार्षदों ने संतुष्टि जताई। यह बैठक शहर की बुनियादी सुविधाओं और राजस्व सुधार के लिए एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

आगरा में महालक्ष्मी मंदिर की दीवार गिरी, कई लोग यमुना में गिरे

आगरा। आगरा में उफनती यमुना नदी के कारण सोमवार शाम बल्केश्वर स्थित 118 साल पुराने श्री महालक्ष्मी मंदिर में एक बड़ा हादसा हो गया। मंदिर की दीवार के साथ-साथ छत का करीब 3 फीट हिस्सा भी गिर गया, जिससे उस पर खड़े कई लोग 15 फीट नीचे यमुना नदी में जा गिरे। हादसे के बाद मंदिर परिसर में भगदड़ और चीख-पुकार मच गई। शाम करीब 7 बजे जब यह हादसा हुआ, उस समय 30 से ज़्यादा लोग मंदिर प्रांगण में बाढ़ के हालात देखने के लिए जमा थे। दीवार के गिरते ही लोग भागने लगे। पुलिस ने 6 लोगों को बाहर निकाला, सर्च ऑपरेशन जारी हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी तुरंत मौके पर पहुँचे। विधायक पुरुषोत्तम खंडेलवाल, मेयर हेमलता दिवाकर और नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल भी घटनास्थल पर मौजूद हैं। पुलिस ने मौके पर मौजूद लोगों की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया और 6 लोगों को मलबे से बाहर निकाला, जिन्हें चोटें आई हैं। उन्हें तुरंत अस्पताल भेजा गया है। डीसीपी सिटी सोनम कुमार ने बताया कि कुछ लोग नदी में गिरे थे, जिन्हें निकाला गया है और अभी भी तलाश जारी है। मैंने 3 लोगों को खून से लथपथ भागते देखा… घटना के चश्मदीद ऋषि अग्रवाल ने बताया कि साढ़े 6 बजे मैं मंदिर में माता के दर्शन करने जा रहा था। जब मैं गेट पर पहुंचा, तो देखा कि लोग बाहर की ओर भाग रहे हैं। मैंने पूछा कि क्या हुआ है? लोगों ने बताया कि हादसा हो गया है। हादसा सुनकर मैं मंदिर में अंदर की तरफ दौड़ा। जब मैं मंदिर परिसर में पहुंचा, तो 3 लोग खून से लथपथ बाहर की ओर भाग रहे थे। मैंने उनसे भी पूछा कि क्या हुआ? उन लोगों ने बताया कि मंदिर की दीवार गिर गई है। कई लोग यमुना में गिर गए हैं। कुछ लोग बाहर निकल आए हैं। कुछ लोग दब गए हैं। बताया कि हादसे के समय करीब 40 लोग वहां मौजूद थे। डीएम अरविंद मल्लप्पा बंगारी ने जानकारी दी कि 3 लापता लोगों के मिलने की बात सामने आई है और एहतियात के तौर पर SDRF टीम के साथ सर्च ऑपरेशन जारी है। गनीमत रही कि दीवार बाहर की तरफ गिरी, वरना अंदर की तरफ गिरने पर और भी बड़ा हादसा हो सकता था। यह घटना दिखाती है कि उफनती यमुना को देखने के दौरान लोग किस तरह अपनी जान जोखिम में डाल रहे हैं। थाना कमलानगर क्षेत्र के बल्केश्वर स्थित यमुना जी के किनारे लक्ष्मी मंदिर परिसर की एक दीवार अचानक नदी में ढह गई। इस घटना को लेकर सोशल मीडिया पर कई लोगों के पानी में गिरने की सूचना प्रसारित की जा रही है, जिसके संबंध में अवगत कराना है कि प्रत्यक्षदर्शियों द्वारा किसी भी व्यक्ति को… pic.twitter.com/bCiEtr0LgL — POLICE COMMISSIONERATE AGRA (@agrapolice) September 8, 2025

आगरा में ट्रैफिक अपडेट: यात्रा से पहले जानें शहर का हाल

आगरा। आगरा में बढ़ती भीड़ और निर्माण कार्यों के कारण अक्सर ट्रैफिक की समस्या रहती है। इस असुविधा से बचने के लिए, आगरा ट्रैफिक पुलिस अपने आधिकारिक ट्विटर/एक्स अकाउंट के माध्यम से शहर के प्रमुख चौराहों और मार्गों के ट्रैफिक अपडेट लगातार साझा कर रही है। इन अपडेट्स की मदद से आप घर से निकलने से पहले ही अपने मार्ग की स्थिति जान सकते हैं। अभी का ट्रैफिक अपडेट आगरा ट्रैफिक पुलिस के आधिकारिक ट्विटर अकाउंट के अनुसार, शहर के अलग-अलग चौराहों पर ट्रैफिक की स्थिति नीचे दी गई है: दिनांक: 08/09/2025 अपडेट: आगरा के सुभाष मूर्ति चौराहे पर यातायात सामान्य गति से चल रहा है। #यातायात_बुलेटिन आगरा के सुभाष मूर्ति चौराहे पर यातायात सामान्य गति से चल रहा है।यातायात हेल्पलाइन नंबर✓ 9548524141@uptrafficpolice @agrapolice pic.twitter.com/uvu42H7HCg — Agra Traffic Police (@Agratraffic) September 8, 2025 अपडेट: आगरा के कलेक्ट्रेट तिराहे पर यातायात सामान्य गति से चल रहा है। #यातायात_बुलेटिन आगरा के कलेक्ट्रेट तिराहे पर यातायात सामान्य गति से चल रहा है।यातायात हेल्पलाइन नंबर✓ 9548524141@uptrafficpolice @agrapolice pic.twitter.com/eYPH99pnD4 — Agra Traffic Police (@Agratraffic) September 8, 2025

आगरा कॉलेज की 340 बीघा भूमि पर बाउंड्री वॉल का निर्माण शुरू

आगरा। आगरा कॉलेज की लगभग 340 बीघा ज़मीन पर लंबे समय से प्रतीक्षित बाउंड्री वॉल का निर्माण सोमवार को विधिवत रूप से शुरू हो गया। कॉलेज के प्राचार्य प्रो. सी. के. गौतम ने खुद निर्माण कार्य का शुभारंभ किया। इस ऐतिहासिक मौके पर कॉलेज के शिक्षक, कर्मचारी और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएँ मौजूद थे। यह कदम कॉलेज की भूमि पर होने वाले अवैध कब्ज़ों को रोकने और उसकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है। कॉलेज की भूमि के स्वामित्व की पुष्टि राजस्व विभाग से कराने और मंडलायुक्त, जिलाधिकारी और पुलिस आयुक्त की अनुमति के बाद ही यह काम शुरू किया गया है। पुलिस सुरक्षा में चला काम निर्माण कार्य की शुरुआत जेसीबी मशीनों से हुई और इस दौरान भारी पुलिस बल और पीएसी भी मौजूद थी ताकि किसी भी तरह की बाधा को टाला जा सके। यह पूरी प्रक्रिया शांतिपूर्ण और सुव्यवस्थित ढंग से पूरी की गई। कॉलेज में बनेंगी नई शैक्षणिक सुविधाएँ यह बाउंड्री वॉल उन नौ नई परियोजनाओं का हिस्सा है जिन्हें कॉलेज की द्विशताब्दी वर्षगाँठ पर शुरू करने का प्रस्ताव भेजा गया था। इन परियोजनाओं को मुख्यमंत्री और उच्च शिक्षा मंत्री श्री योगेंद्र उपाध्याय ने मंज़ूरी दे दी है। बाउंड्री वॉल के बाद कॉलेज की ज़मीन पर कई नई सुविधाएँ बनाई जाएंगी, जिनमें शामिल हैं: प्राचार्य प्रो. सी. के. गौतम ने कहा कि बाउंड्री वॉल का निर्माण कॉलेज के लिए मील का पत्थर साबित होगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि भविष्य में बची हुई ज़मीन से भी अतिक्रमण हटाकर उसे सुरक्षित किया जाएगा। कॉलेज के स्टाफ क्लब ने इस प्रयास के लिए प्राचार्य का आभार व्यक्त किया है।

आगरा में यमुना किनारे दो बड़े हादसे: एक डूबा, मंदिर की दीवार गिरी

आगरा। आगरा में उफनती यमुना नदी ने सोमवार को दो बड़े हादसों को जन्म दिया। पहला हादसा फतेहाबाद क्षेत्र में हुआ, जहाँ यमुना में नहाने गए तीन युवक डूब गए, जिसमें से एक की मौत हो गई। दूसरा हादसा बल्केश्वर में श्री महालक्ष्मी मंदिर पर हुआ, जहाँ उफनती यमुना को देखने के दौरान मंदिर की एक दीवार गिरने से कई लोग नदी में जा गिरे। फतेहाबाद में हादसा: एक युवक की मौत डौकी क्षेत्र में दोपहर को यमुना के तेज बहाव में नहा रहे तीन युवक अचानक डूबने लगे। ये युवक थे: आसपास के लोगों और गोताखोरों की मदद से तीनों को बाहर निकाला गया। चूँकि घटना स्थल पर पानी भरा था, इसलिए एम्बुलेंस वहाँ तक नहीं पहुँच पाई। चौकी इंचार्ज नीरज बाबू ने ग्रामीणों की मदद से युवकों को कंधे पर उठाकर एम्बुलेंस तक पहुँचाया। इस हादसे में रविंद्र की मौत हो गई है, जबकि दो अन्य का इलाज चल रहा है। मौके पर विधायक पुरुषोत्तम खंडेलवाल बल्केश्वर में महालक्ष्मी मंदिर की दीवार गिरी शाम करीब 7 बजे, बल्केश्वर के श्री महालक्ष्मी मंदिर में यमुना किनारे बनी एक ग्रिलनुमा दीवार अचानक गिर गई। इस दीवार के सहारे खड़े होकर उफनती यमुना को देख रहे कई लोग नदी में जा गिरे। हालाँकि अभी यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि कितने लोग पानी में गिरे हैं, लेकिन प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार 25 से 50 लोग वहाँ मौजूद थे। हादसे की खबर मिलते ही प्रशासनिक अधिकारी और पुलिस टीम मौके पर पहुँच गई। विधायक पुरुषोत्तम खंडेलवाल भी घटनास्थल पर पहुँचे और राहत व बचाव कार्य शुरू कराया। गोताखोरों को नदी में उतारकर गिरे हुए लोगों की तलाश की जा रही है। यह हादसा दिखाता है कि यमुना के बढ़ते जलस्तर को देखने के लिए लोग किस तरह अपनी जान जोखिम में डाल रहे हैं।

आगरा नकली दवा रैकेट ने एंटीबायोटिक, मधुमेह और दर्द निवारक दवाओं की नकली स्ट्रिप्स को बाजार में उतारा

आगरा। आगरा में औषधि विभाग की जांच में एक बड़े नकली दवा रैकेट का पर्दाफाश हुआ है। सहायक आयुक्त औषधि अतुल उपाध्याय ने बताया कि माफिया ने अधिक मांग वाली दवाओं को निशाना बनाया और एक ही बैच नंबर से 1000 गुना नकली दवाएं बनाकर बाजार में खपा दीं। इस कार्रवाई में अब तक 71 करोड़ रुपये की नकली दवाएं जब्त की जा चुकी हैं और 24 नमूने जांच के लिए लैब भेजे गए हैं। जांच में आगरा की पाँच फर्मों, जिनमें हे मां मेडिकोज, राधे मेडिकल एजेंसी, बंसल मेडिकल एजेंसी, एमएसवी मेडी पॉइंट और ताज मेडिको शामिल हैं, का नाम सामने आया है। इसके अलावा लखनऊ की न्यू बाबा फार्मा, पार्वती ट्रेडर्स और पुडुचेरी की मीनाक्षा फार्मा भी इस सिंडिकेट का हिस्सा हैं। कई राज्यों में फैला है नेटवर्क माफिया ने सर्दी-खांसी, बुखार, एंटीबायोटिक, मधुमेह और दर्द निवारक जैसी अधिक बिकने वाली दवाओं की हजारों नकली स्ट्रिप्स को बाजार में उतारा है। इन दवाओं की बिक्री कहाँ-कहाँ हुई और इनकी खरीद कहाँ से हुई, इसकी जाँच की जा रही है। प्रदेश के सभी जिलों के औषधि निरीक्षकों को इन फर्मों के नाम और बैच नंबर भेजकर जानकारी मांगी गई है। लखनऊ की दो फर्मों, न्यू बाबा फार्मा और पार्वती ट्रेडर्स, के संचालक अभी तक पुलिस की गिरफ्त में नहीं आ सके हैं। एसटीएफ उनकी तलाश में लगातार दबिश दे रही है। अधिकारियों के अनुसार, इन संचालकों की लोकेशन लखनऊ के बाद गोवा में मिली है, जिसके लिए संबंधित राज्यों की पुलिस से भी मदद मांगी जा रही है।

आगरा: ताजमहल में पर्यटकों पर बंदरों का हमला, सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल

आगरा। ताजमहल देखने आए पर्यटकों पर एक बार फिर बंदरों ने हमला कर दिया। इस घटना में एक पर्यटक के हाथ में चोट आई है, जिसके बाद पर्यटक दल तुरंत ताजमहल से बाहर निकल गया। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें बंदरों का झुंड पर्यटकों के बीच घूमता दिख रहा है। यह घटना सोमवार सुबह की है, जब पर्यटकों का एक समूह मुख्य गुंबद की तरफ जा रहा था। तभी अचानक बंदरों ने हमला कर दिया, जिससे ग्रुप में शामिल महिलाएं और बच्चे डरकर चीखने लगे। चीख सुनकर एएसआई (ASI) और सीआईएसएफ (CISF) के जवान मौके पर पहुंचे और बंदरों को भगाया। पहले भी हो चुकी हैं ऐसी घटनाएं यह पहली बार नहीं है जब ताजमहल परिसर में बंदरों ने पर्यटकों पर हमला किया हो। 28 जुलाई को भी एक बंदर ने पानी की बोतल छीनने की कोशिश में एक पर्यटक को घायल कर दिया था। पर्यटक अक्सर शिकायत करते हैं कि बंदर उनके हाथ से खाने-पीने की चीजें छीन लेते हैं। नगर निगम द्वारा ताजमहल के आसपास कई बार बंदरों और कुत्तों को पकड़ने का अभियान चलाया गया है, लेकिन इसके बावजूद ऐसी घटनाएं लगातार हो रही हैं। इन घटनाओं ने ताज सुरक्षा व्यवस्था और पर्यटकों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

खेरागढ़ में संपूर्ण समाधान दिवस, 122 शिकायतें दर्ज

खेरागढ़, आगरा। सोमवार को खेरागढ़ में उपजिलाधिकारी (एसडीएम) ऋषि राव की अध्यक्षता में संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस दौरान कुल 122 शिकायतें दर्ज हुईं, जिनमें से 15 शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। एसडीएम ऋषि राव ने सभी फरियादियों की समस्याओं को ध्यान से सुना और संबंधित विभागों के अधिकारियों को बाकी बची शिकायतों का जल्द और प्रभावी समाधान करने के निर्देश दिए। समाधान दिवस में सबसे ज्यादा शिकायतें राजस्व विभाग से संबंधित थीं, जबकि कुछ मामले पुलिस और विद्युत विभाग के भी थे। जिन 15 शिकायतों का समाधान हुआ, वे सभी राजस्व विभाग से जुड़ी थीं। इस अवसर पर न्यायिक उपजिलाधिकारी विनोद चौधरी, तहसीलदार सतेंद्र सिकरवार, नायब तहसीलदार अभिषेक कुमार और हरिशंकर दुबे सहित सभी विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। सभी ने अपने-अपने क्षेत्र की समस्याओं को हल करने का आश्वासन दिया।

आगरा में मंत्री बेबी रानी मौर्य हुईं नाराज, अधिकारियों के बिना मीटिंग छोड़कर गईं

आगरा। आगरा के विकास भवन में सोमवार को एक अजीबोगरीब वाकया हुआ, जब कैबिनेट मंत्री बेबी रानी मौर्य करीब एक घंटे तक अधिकारियों का इंतजार करती रहीं, लेकिन कोई भी बैठक में नहीं पहुंचा। मंत्री ठीक 11 बजे किसानों की समस्याओं पर चर्चा के लिए विकास भवन पहुंच गई थीं। आखिरकार, अधिकारियों के न आने से नाराज होकर वह बैठक बीच में ही छोड़कर चली गईं। मंत्री बेबी रानी मौर्य ने गुस्से में कहा, “12 बजे तक कोई भी अधिकारी नहीं आया। आगरा का कोई भी अधिकारी किसानों की बात सुनना नहीं चाहता। मैं इसकी लिखित शिकायत सीधे मुख्यमंत्री से करूंगी।” अधिकारियों पर लगा गंभीर आरोप इस घटना से किसानों में भी भारी रोष देखने को मिला, जिन्होंने जमकर नारेबाजी और हंगामा किया। किसान नेता श्याम सिंह चाहर ने आरोप लगाया कि अधिकारी जानबूझकर बैठक में नहीं आए, क्योंकि उन्हें पता है कि दाल में कुछ काला है। उन्होंने कहा, “यह दिखाता है कि अधिकारी किसानों के साथ-साथ मंत्री और जनप्रतिनिधियों को भी कुछ नहीं समझते।” श्याम सिंह चाहर ने अधिकारियों पर किसानों को बर्बाद करने की साजिश का आरोप लगाते हुए कहा कि वे धरना-प्रदर्शन और आत्मदाह जैसे आंदोलन फिर से शुरू करेंगे। डीएम ने दी सफाई मामले पर सफाई देते हुए जिलाधिकारी अरविंद मल्लप्पा बंगारी ने कहा कि बैठक पहले सर्किट हाउस में होनी थी, लेकिन अचानक कार्यक्रम स्थल बदल जाने के कारण कुछ अधिकारी समय पर विकास भवन नहीं पहुंच पाए। उन्होंने बताया कि बैठक में डीडीओ और डीपीओ को जाना था।

आगरा में ‘स्वर शिल्पकार परिवार’ का मंथली सिंगिंग फेस्ट, रेट्रो गानों पर झूमे लोग

आगरा। ‘स्वर शिल्पकार परिवार’ ने इस बार का मंथली सिंगिंग फेस्ट रविवार, 7 सितंबर 2025 को विभव नगर स्थित होटल एचएचडब्ल्यू में धूमधाम से मनाया। इस कार्यक्रम की थीम ‘श्वेत-श्याम (ब्लैक एंड व्हाइट)’ थी, जिस पर सभी प्रतिभागियों ने रेट्रो गानों पर शानदार प्रस्तुतियां दीं।कार्यक्रम की शुरुआत मां सरस्वती की पूजा और दीप प्रज्वलन के साथ हुई। ग्रुप के एडमिन संतोष कुमार तिवारी, को-एडमिन राकेश पांडे और शेखर बाजपेई ने नए सदस्यों का स्वागत और परिचय कराया। इसके बाद, संतोष तिवारी ने गणेश जी का भजन गाकर कार्यक्रम को विधिवत रूप से शुरू किया। कलाकारों की शानदार प्रस्तुतियां इस सिंगिंग फेस्ट में संस्था के मंजे हुए कलाकारों ने एक से बढ़कर एक प्रस्तुतियां दीं, जिन्होंने दर्शकों को खूब झुमाया। इनमें विजय सिंह लोधी, डी सी मिश्रा, श्रीमती संतोष मिश्रा, अविनीश पाराशर, अरुण माथुर, सौमिन सिन्हा, अजय सक्सेना, डॉ सुरेंद्र पाठक, डॉ प्रीती पाठक, डॉ शिवानी पाठक, अमित पाठक, प्रदीप गुप्ता, मोनिका तिवारी, अनंत प्रकाश श्रीवास्तव, प्रदीप वर्मा, अनिल कुमार मिश्रा, राकेश मोहन, जसविंदर मोहन, राजीव श्रीवास्तव, विक्रम गुप्ता, विशाल शर्मा, रजत गोयल , दीपक कश्यप, रूपेश मल्होत्रा, संजय कुमार, राहुल सिंह, गौरव श्रीवास्तव, निलेश लाल, एस एम गौतम, शिवकुमार शर्मा, दिलीप सोलंकी, मेघा मुकेश, रोहित चतुर्वेदी, संतोष शाक्य एवं मुकेश अरोरा ने अपनी अपनी प्रस्तुतियां देकर सबको झूमने पर मजबूर कर दिया। जैसे कलाकार प्रमुख थे।कार्यक्रम में उपस्थित दर्शकों ने भी तालियों और जयकारों से कलाकारों का जबरदस्त उत्साहवर्धन किया। होटल एचएचडब्ल्यू के मैनेजर श्री अमितेश दीक्षित ने भी कार्यक्रम में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई और व्यवस्था में पूरा सहयोग दिया।यह सिंगिंग फेस्ट एक बार फिर कलाकारों और संगीत प्रेमियों के लिए एक यादगार शाम साबित हुआ, जहाँ सबने मिलकर संगीत और कला का भरपूर आनंद लिया।

​आगरा ट्रैफिक अपडेट: शहर में दोहरी चुनौती से जूझ रहे लोग

​आगरा में सोमवार दोपहर को ट्रैफिक की स्थिति बेहद खराब हो गई है, जिससे लोगों को दोहरी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। प्रतापपुरा चौराहे से लेकर कलेक्ट्रेट और धौलपुर हाउस तक भारी जाम लगा हुआ है। 🚦 यह जाम मुख्य रूप से आगरा मेट्रो के निर्माण कार्य के कारण हो रहा है, जिससे 10 मिनट का सफर करने में भी लोगों को एक घंटे तक का समय लग रहा है। ​बाढ़ और जाम की दोहरी मार ​दूसरी तरफ, यमुना नदी में बढ़ते जलस्तर के कारण हाथी घाट रोड पर भी पानी भर गया है, जिससे यहाँ भी ट्रैफिक पूरी तरह से रुक गया है। 🌊 यह स्थिति शहर के ट्रैफिक को और भी जटिल बना रही है। यात्रियों और वाहन चालकों को सलाह दी जाती है कि वे यात्रा शुरू करने से पहले ट्रैफिक अपडेट्स की जांच कर लें। यह स्थिति सोमवार दोपहर 12:30 बजे की है और कब तक सामान्य होगी, यह कहा नहीं जा सकता। ​आप अपनी यात्रा की योजना इस जाम और जलभराव को ध्यान में रखकर करें ताकि आपको असुविधा न हो।

फतेहपुर सीकरी में रात को उड़ते ड्रोन से दहशत, ग्रामीण कर रहे पहरेदारी

फतेहपुर सीकरी। आगरा के फतेहपुर सीकरी स्थित हंसपुरा गाँव में पिछले दो दिनों से रात के समय आसमान में उड़ते ड्रोन कैमरे ग्रामीणों के लिए डर का कारण बन गए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि हर रात 9 से 10 बजे के बीच गाँव के ऊपर पाँच ड्रोन मंडराते देखे गए हैं, जिनकी चमकती लाइट और उड़ान से गाँव में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों के अनुसार, जब उन्होंने टॉर्च से रोशनी मारी, तो ड्रोन और ऊँचाई पर चले गए या अचानक गायब हो गए। इस घटना से ग्रामीणों में यह डर बैठ गया है कि ये ड्रोन चोरों द्वारा रेकी के लिए इस्तेमाल किए जा रहे हैं या इसके पीछे कोई बड़ी साजिश है। संदिग्ध युवक और पुलिस की जांच ग्रामीणों ने बताया कि ड्रोन उड़ने के समय गाँव के बाहर नहर किनारे एक संदिग्ध युवक भी दिखाई दिया था, जो शोर मचाने पर अँधेरे का फायदा उठाकर भाग गया। इसके बाद ग्रामीणों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुँची और ग्रामीणों से जानकारी जुटाई। पुलिस ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है और मामले की गहराई से जाँच कर रही है। डर के कारण, अब गाँव के लोग लाठी-डंडे लेकर रातभर पहरेदारी करने को मजबूर हैं।

आगरा में नगर निगम का बड़ा एक्शन, टोरंट पावर पर ₹7 लाख से अधिक का जुर्माना

आगरा। आगरा में नगर निगम ने नियमों का उल्लंघन करने पर टोरेंट पावर लिमिटेड पर सख्त कार्रवाई करते हुए ₹7,15,700 का भारी जुर्माना लगाया है। यह जुर्माना शास्त्रीपुरम एमआईजी बी ब्लॉक में सड़क काटने और जलकल विभाग की लाइन को नुकसान पहुँचाने के लिए लगाया गया है, जबकि नगर निगम ने 30 सितंबर तक रोड कटिंग पर पूरी तरह रोक लगा रखी है। शास्त्रीपुरम मॉल से दहतोरा मंदिर तक लगभग 600 मीटर लंबी सड़क को बिना अनुमति के काट दिया गया था, जिससे स्थानीय लोगों में काफी गुस्सा था। क्षेत्रीय पार्षद की शिकायत पर नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल ने तुरंत संज्ञान लेते हुए जाँच के आदेश दिए, जिसमें नियमों के उल्लंघन की पुष्टि हुई। LEFT:केबल डालने के लिए टोरंट पॉवर ने खोदी सड़क। RIGHT: नगर निगम ने ट्रांसपोर्ट नगर में चलाया अतिक्रमण हटाओ अभियान। ट्रांसपोर्ट नगर में अतिक्रमण पर भी कार्रवाई इसके अलावा, नगर निगम ने ट्रांसपोर्ट नगर में भी एक बड़ा अभियान चलाया। आईजीआरएस पोर्टल पर दर्ज शिकायतों के आधार पर, निगम की टीम ने उन दुकानदारों के खिलाफ कार्रवाई की, जिन्होंने सड़क पर कबाड़ और वाहनों के कलपुर्जे रखकर रास्ता रोक रखा था। इस अभियान के दौरान दुकान नंबर 147 के मालिक मनीष कुमार जैन पर ₹25,000 और पाठक एंटरप्राइजेज पर ₹10,000 का जुर्माना लगाया गया। दोनों को 24 घंटे के भीतर अतिक्रमण हटाने की सख्त चेतावनी भी दी गई। इस कार्रवाई से उन स्थानीय दुकानदारों को राहत मिली है, जिन्होंने सड़क पर सामान रखे जाने से हो रही दिक्कतों की शिकायत की थी। अगर आपके क्षेत्र में भी कोई खुदाई या निर्माण कार्य चल रहा हो, तो उनसे अनुमति पत्र दिखाने के लिए कहें। इससे आप यह सुनिश्चित कर सकते हैं कि यह काम नियमों के अनुसार हो रहा है और आपको या आपके पड़ोसियों को अनावश्यक परेशानी न हो।

आगरा में लापता जूता कारीगर का शव नाले में मिला, हत्या या हादसा की जांच

आगरा। आगरा के शाहगंज क्षेत्र में पिछले दो दिनों से लापता जूता कारीगर रजत शर्मा का शव रविवार को एक नाले में मिलने से हड़कंप मच गया। राहगीरों ने शंकरगढ़ की पुलिया के पास नाले में शव देखा, जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुँची पुलिस ने शव को नाले से बाहर निकाला और पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। मृतक की पहचान केदार नगर निवासी रजत शर्मा के रूप में हुई है, जिसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट शनिवार को उसके परिजनों ने थाने में दर्ज कराई थी। शाहगंज थाना प्रभारी बिरेश पाल गिरी ने बताया कि युवक की मौत का कारण अभी स्पष्ट नहीं हो सका है। पुलिस हादसा या हत्या दोनों पहलुओं से मामले की जांच कर रही है। इलाके के लोगों का कहना है कि यह एक दुर्घटना हो सकती है, क्योंकि क्षेत्र में कई नाले खुले पड़े हैं और बारिश के दौरान पहले भी यहाँ कई लोगों की जान जा चुकी है। पुलिस अब पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है, जिससे मौत के सही कारण का पता चल सके। फिलहाल, परिजनों ने इस मामले में कोई शिकायत दर्ज नहीं कराई है।

आगरा में भारतीय जाटव समाज का अधिवेशन, शिक्षा और सेवा पर जोर

आगरा। आगरा में भारतीय जाटव समाज का एक विशाल अधिवेशन आयोजित किया गया, जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के समाज कल्याण मंत्री श्री असीम अरुण मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस अधिवेशन का उद्देश्य बाबासाहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर के आदर्शों पर चलते हुए समाज को सशक्त और आत्मनिर्भर बनाना था। कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, राजस्थान, मध्य प्रदेश और दिल्ली सहित कई राज्यों से 1000 से अधिक प्रतिनिधियों ने भाग लिया। बाबासाहेब के मंत्र ‘शिक्षित बनो, संगठित रहो, संघर्ष करो’ पर जोर अधिवेशन में बोलते हुए, राष्ट्रीय अध्यक्ष उपेंद्र सिंह ने कहा कि हमें बाबासाहेब के विचारों से प्रेरणा लेकर अपने कमजोर साथियों की मदद करनी चाहिए और समाज को आगे लेकर जाना है। उन्होंने बताया कि संगठन का कारवां कई प्रदेशों में फैल चुका है। मुख्य अतिथि असीम अरुण ने अपने संबोधन में बाबासाहेब के दिए गए नारे ‘शिक्षित बनो, संगठित रहो, संघर्ष करो’ के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि मोदी जी और योगी जी के नेतृत्व में सरकार समाज के दलित और पिछड़े वर्गों की उन्नति के लिए लगातार काम कर रही है। समाजसेवियों और मेधावी छात्रों का सम्मान इस अवसर पर समाजसेवा और शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देने वाले समाजसेवियों और मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया। यह सम्मान समारोह युवा पीढ़ी को आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करने का एक प्रयास था। कार्यक्रम में राष्ट्रीय संरक्षक नत्थी सिंह जसोरा, राष्ट्रीय संगठन सचिव अनिल कुमार, राष्ट्रीय महासचिव सोहन सिंह, धर्मेंद्र सोनी, पी.सी. बेरवाल, नेत्रपाल सिंह, रविंद्र कुमार, अर्जुन सिंह, रचना सिंह और आशा सचदेवा सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।

आगरा में चलती कार से कूदी युवती, अस्पताल में भर्ती

आगरा। आगरा-फतेहाबाद मार्ग पर शनिवार को एक चौंकाने वाली घटना सामने आई, जहाँ एक युवती चलती कार से अचानक कूद गई। इस घटना में युवती गंभीर रूप से घायल हो गई, जिसके बाद पुलिस ने उसे तुरंत इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया। पुलिस ने इस मामले में कार चला रहे युवक को हिरासत में ले लिया है। पूछताछ में युवक ने बताया कि युवती पहले भगवान टॉकीज के पास स्थित उसके दफ्तर पर आई थी और वहाँ तोड़फोड़ की। इसके बाद उसने युवक से उसे घर छोड़ने की जिद की। युवक उसे अपनी कार से अपने गांव लेकर जा रहा था। जैसे ही वे झील चौराहे पर पहुँचे, युवती अचानक चलती कार से कूद गई। वरिष्ठ उपनिरीक्षक देवेंद्र कुमार ने बताया कि अभी तक इस मामले में किसी भी पक्ष ने कोई शिकायत दर्ज नहीं कराई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पुलिस शिकायत मिलने के बाद ही आगे की कानूनी कार्रवाई करेगी।

आगरा में यमुना ने तोड़ा खतरे का निशान, पानी शहर में घुसा; कैलाश गांव खाली

आगरा। आगरा में यमुना नदी का जलस्तर रविवार को खतरे के निशान को पार कर गया है, जिससे शहर और आसपास के गांवों में बाढ़ का खतरा मंडरा गया है। रविवार शाम होते-होते यमुना का पानी अब शहर के मुख्य मार्ग यमुना किनारा रोड (हाथी घाट रोड) तक पहुँच गया, जिससे यहाँ के ट्रांसपोर्ट कारोबारियों में खलबली मच गई है। ताजनगरी में 1978 के बाद पहली बार यमुना का पानी इस स्तर तक पहुंचा है। प्रशासन ने यमुना किनारे बसे कैलाश और अन्य गांवों के लगभग 500 लोगों को राहत शिविरों में भेजना शुरू कर दिया है। कैलाश गांव में पानी घुसने के बाद बिजली काट दी गई है और कई लोग अपने घरों की छतों पर रहने को मजबूर हैं। शहर पर बाढ़ का खतरा गांवों में भयावह स्थिति यमुना से सटे मनोहरपुर, कैलाश और दयालबाग के रिहायशी इलाकों में पानी घुस गया है। कैलाश गांव में अधिकांश लोग अपना सामान लेकर ऊँचे स्थानों पर पलायन कर चुके हैं। जो लोग रुके हैं, वे छतों पर डेरा डाले हुए हैं, और घरों में खाना बनाना मुश्किल हो गया है। कुछ स्वयंसेवक इन लोगों तक भोजन पहुंचा रहे हैं। बटेश्वर के ऐतिहासिक मंदिर श्रृंखला तक भी बाढ़ का पानी पहुँच चुका है। प्रशासन की अपील और बचाव कार्य प्रशासन ने नागरिकों से अपील करते हुए कहा है कि वे बच्चों और बुजुर्गों को नदी किनारे से दूर रखें। साथ ही, जरूरी कागजात जैसे राशन कार्ड और आधार कार्ड को वाटरप्रूफ बैग में सुरक्षित रखने की सलाह दी गई है। प्रशासन ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के लोगों को सूखे अनाज और मवेशियों के चारे को भी ऊँचे स्थानों पर रखने के लिए कहा है। जरूरत पड़ने पर गर्भवती महिलाओं, बच्चों और बीमार व्यक्तियों को तुरंत बाढ़ शरणालयों में पहुंचाने की व्यवस्था की गई है।

आगरा में मथुरा हाईवे पर भीषण सड़क हादसा, 80 टन ग्रेनाइट से भरा ट्रेलर डिवाइडर तोड़कर पलटा

आगरा। आगरा में रविवार को मथुरा हाईवे पर एक बड़ा सड़क हादसा हुआ, जिसने यातायात व्यवस्था को पूरी तरह से चरमरा दिया। वाटर वर्क्स चौराहे के पास दो वाहनों की भीषण टक्कर हुई, जिससे एक 80 टन ग्रेनाइट से भरा ट्रेलर बेकाबू होकर डिवाइडर तोड़ते हुए सर्विस रोड पर जा घुसा। दूसरा वाहन हाईवे पर ही पलट गया, जिससे लंबा जाम लग गया। हादसे के दौरान 18 चक्का ट्रेलर पलटने से हाईवे की एक लेन पूरी तरह बंद हो गई, जिससे मथुरा से रामबाग की ओर जाने वाले यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। क्रेन के पट्टे टूटने से बढ़ा ट्रैफिक जाम दुर्घटना के बाद, ग्रेनाइट से भरे भारी भरकम ट्रेलर को हटाने के लिए दो क्रेनों को बुलाया गया। लेकिन, अत्यधिक वजन के कारण दोनों क्रेनों के पट्टे टूट गए, और वाहन को हटाया नहीं जा सका। इससे हाईवे पर जाम और बढ़ गया। इस हादसे में एसएफसी वाहन का चालक गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे तुरंत एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। वहीं, ट्रेलर का चालक मौके से फरार हो गया। हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जाम खुलवाने के प्रयास शुरू किए। पुलिस ने बताया कि घायल चालक का इलाज चल रहा है, और फरार ट्रेलर चालक की तलाश जारी है।

आगरा में धूमधाम से निकली श्रीजी की रथयात्रा, शिक्षकों का हुआ सम्मान

आगरा। दशलक्षण महापर्व के समापन पर रविवार को ताजगंज में सकल जैन समाज द्वारा श्री पार्श्वनाथ दिगंबर जैन पंचायती बड़ा मंदिर से श्रीजी की रथयात्रा धूमधाम से निकाली गई। रथयात्रा दोपहर 2 बजे शुरू होकर कसेरट बाजार, कटरा जागीदास, चौक कागजियान, घीआई मंडी, गुड़हाई मंडी, दलिहाई, नंदा बाजार, तांगा स्टैंड और चौक थाना होते हुए वापस मंदिर परिसर में पहुंची। इस दौरान रथ में भगवान पार्श्वनाथ की प्रतिमा को विराजमान किया गया। रथयात्रा में ताजगंज के अलावा विभिन्न क्षेत्रों से आए जैन समाज के महिला, पुरुष, बच्चे और अन्य समुदायों के लोग भी बड़ी संख्या में शामिल हुए। जगह-जगह पुष्प वर्षा कर रथयात्रा का भव्य स्वागत किया गया। रथयात्रा के समापन के बाद, श्रद्धालुओं ने मंदिर में जिन अभिषेक और पूजा-अर्चना की। इसके बाद सभी ने स्नेह मिलन भोज का आनंद लिया। इस अवसर पर मंदिर अध्यक्ष संजय जैन, संजय बाबू जैन, विजय जैन, योगेश जैन, पारस जैन, मधुर जैन, विश्व जैन, विशाल जैन, उत्सव जैन, मीडिया प्रभारी शुभम जैन, रितु जैन, सपना जैन, मिराजन जैन, गीता जैन, अनुराधा जैन और ताजगंज के अन्य सदस्य बड़ी संख्या में मौजूद रहे। भारतीय जैन संगठना ने शिक्षकों को किया सम्मानित शिक्षक दिवस के अवसर पर, भारतीय जैन संगठना उत्तर प्रदेश ने रविवार, 7 सितंबर को ‘गुरुदक्षिणा महोत्सव’ का आयोजन महावीर भवन, न्यू राजा मंडी कॉलोनी में किया। यह पहला मौका था जब आगरा में जैन शिक्षकों को समर्पित ‘शिक्षा सारथी सम्मान समारोह’ आयोजित किया गया। इस ऐतिहासिक आयोजन में ज्ञान रत्नाकर बहुश्रुतपुण्य गुरुदेव श्री जय मुनिजी महाराज साहब और गुरु हनुमंत हृदय सम्राट पूज्य श्री आदीश मुनि जी महाराज साहब का मंगल आशीर्वाद समाजजनों को प्राप्त हुआ। मुख्य अतिथियों में प्रदीप जैन (पीएनसी), सुनील कुमार जैन (आईपीएस डीआईजी चंबल, म.प्र.) और सीए सुरेशचंद जैन शामिल थे। उन्होंने शिक्षा और शिक्षक के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि शिक्षक ही समाज की रीढ़ होते हैं। इस अवसर पर निम्नलिखित शिक्षकों को ‘शिक्षा सारथी सम्मान’ प्रदान किया गया: आयोजन में भारतीय जैन संगठन के पदाधिकारियों मनोज जैन बाकलीवाल, रोहित जैन अहिंसा, सुरेश जैन, पारस जैन कंसल, मनीष लाला, कुमार मंगल जैन, अंकेश जैन, शैलेंद्र जैन, अंकुश जैन, निर्मल जैन मौठया, जगदीश प्रसाद जैन, आशीष जैन, विमलेश मारसंस, पंकज जैन और मुकेश जैन सहित अन्य सदस्य मौजूद थे। इस महोत्सव ने गुरु-शिष्य परंपरा के महत्व को और अधिक सुदृढ़ करने का संदेश दिया।

आगरा में टोरेंट पावर ने 2 किलोवाट बिजली कनेक्शन के लिए 9 लाख की वसूली, निजीकरण का विरोध तेज

आगरा। उत्तर प्रदेश में बिजली विभाग के निजीकरण के खिलाफ प्रदर्शन कर रही कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति ने एक चौंकाने वाला मामला सामने रखा है। समिति ने आरोप लगाया है कि आगरा की निजी बिजली कंपनी टोरेंट पावर ने एक उपभोक्ता से 2 किलोवाट के कनेक्शन के लिए 9.06 लाख रुपये वसूले हैं, जबकि सरकारी व्यवस्था में यह कनेक्शन सिर्फ 1400 रुपये में मिलता है। समिति ने राम कुमार बंसल नामक उपभोक्ता का उदाहरण दिया, जिन्होंने 12 फरवरी 2025 को कनेक्शन के लिए आवेदन किया था। कंपनी ने ट्रांसफार्मर, केबल, पोल आदि का खर्च जोड़कर 9 लाख रुपये से अधिक का बिल दिया। भुगतान के बाद भी उन्हें महीनों तक परेशान होना पड़ा और कनेक्शन एक महीने पहले ही मिल पाया। निजीकरण के खिलाफ 283 दिन से आंदोलन जारी बिजली कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति का निजीकरण के खिलाफ आंदोलन 283वें दिन भी जारी है। समिति ने आगामी त्योहारों को देखते हुए बिजली आपूर्ति को बाधित न करने का आश्वासन दिया है। इस दौरान उन्होंने पावर कॉर्पोरेशन से पाँच अहम सवाल पूछे हैं: समिति ने कहा है कि जब तक निजीकरण की प्रक्रिया रद्द नहीं होती, उनका आंदोलन जारी रहेगा। इस मौके पर राज्य विद्युत परिषद प्राविधिक कर्मचारी संघ के पूर्व अध्यक्ष डीके मिश्रा को श्रद्धांजलि भी दी गई।

आगरा में अखिलेश यादव का भाजपा पर हमला, ‘अमेरिका ने जो टैरिफ लगाया, वो BJP के मुंह पर लगा’

आगरा। राष्ट्रीय मिलिट्री स्कूल, धौलपुर के शताब्दी समारोह में शामिल होने के लिए आगरा आए सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने एक बार फिर केंद्र की भाजपा सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने अमेरिका द्वारा भारत पर लगाए गए टैरिफ का जिक्र करते हुए कहा कि “यह टैरिफ ऐसा लगा है कि भाजपा के मुंह पर भी टैरिफ लग गया है।” जीएसटी और नोटबंदी पर सरकार को घेरा अखिलेश यादव ने जीएसटी में संशोधन को लेकर भी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि इतने सालों बाद जीएसटी में बदलाव करना यह दिखाता है कि सरकार ने जानबूझकर जनता से टैक्स वसूला। उन्होंने सवाल उठाया कि यह पैसा कहाँ गया? यदि इसे अस्पताल, सड़क या बिजली पर खर्च किया जाता, तो जनता को फायदा होता। उन्होंने नोटबंदी की याद दिलाते हुए कहा कि सरकार ने भ्रष्टाचार खत्म करने का दावा किया था, लेकिन सच्चाई यह है कि भ्रष्टाचार बढ़ा है। चीन से सावधान रहने की दी सलाह भारत-चीन संबंधों पर बोलते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि हमें चीन से सावधान और चौकन्ना रहना होगा। उन्होंने कहा कि अमेरिका से व्यापारिक संबंध मजबूत बनाना भारत के हित में है, क्योंकि बड़ी संख्या में भारतीय वहाँ पढ़ाई और काम के लिए जाते हैं। आगरा के ट्रैफिक और मेट्रो का मुद्दा उठाया उन्होंने आगरा के ट्रैफिक जाम पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि आगरा एक स्मार्ट सिटी है, फिर भी लोग घंटों जाम में फंसे रहते हैं। उन्होंने याद दिलाया कि सपा सरकार ने आगरा मेट्रो को मंजूरी दी थी, लेकिन मौजूदा सरकार ने उसके काम को तेजी से आगे नहीं बढ़ाया। वोट बचाने की अपील अखिलेश यादव ने जनता से अपना वोट बचाने की अपील की। उन्होंने कहा कि अगर लोग अपना वोट बचाएंगे, तो लोकतंत्र बचेगा, उनके प्रमाणपत्र, राशन कार्ड और नौकरियाँ बचेंगी, और बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर का संविधान भी बचेगा। अखिलेश यादव अपने स्कूल के कार्यक्रम में भाग लेने के लिए आगरा के मुगल होटल में लगभग ढाई घंटे रुके। इस दौरान बड़ी संख्या में सपा कार्यकर्ता उनका इंतजार करते रहे, लेकिन वे उनसे नहीं मिल सके। कार्यकर्ता करते रहे इंतजार शताब्दी समारोह में भाग लेने आए सपा अध्यक्ष का पार्टी कार्यकर्ता फतेहाबाद रोड स्थित पार्टी कार्यालय पर इंतजार करते रहे लेकिन वे नहीं पहुंचे। कार्यकर्ता शाम 6 बजे से कार्यालय पर पहुंचना शुरू हो गए थे। अखिलेश यादव का पहले कार्यक्रम में कार्यालय पर जाने का था लेकिन ऐन वक्त पर इसमें बदलाव किया गया।

आगरा बना नकली दवाओं का गढ़: 500 करोड़ का काला कारोबार, 2 करोड़ की घूस का भी ऑफर

आगरा। उत्तर प्रदेश के आगरा में नकली दवाओं का एक बड़ा रैकेट सामने आया है। ड्रग विभाग और एसटीएफ की संयुक्त टीम ने 22 अगस्त को एक छापे के दौरान इस काले कारोबार का पर्दाफाश किया। यह मामला तब और भी चौंकाने वाला हो गया, जब आगरा के मशहूर दवा कारोबारी हिमांशु अग्रवाल ने एक करोड़ रुपये नकद देकर कार्रवाई रोकने की कोशिश की और 2 करोड़ रुपये तक देने की पेशकश की। यह रैकेट कितना बड़ा है, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि जाँच टीम ने अब तक करीब 70 करोड़ रुपये की नकली दवाएं जब्त की हैं और अनुमान है कि ये गिरोह पिछले 5 सालों में 500 करोड़ रुपये से अधिक की नकली दवाएं बेच चुका है। छापे और खुलासे की पूरी कहानी मामले की शुरुआत दवा कंपनी सनोफी की शिकायत से हुई, जिसने आगरा में ‘हे मां मेडिकल फर्म’ और ‘बंसल मेडिकल स्टोर’ में अपने ब्रांड की नकली दवाएं बिकने की सूचना दी थी। टीम ने एक टेंपो से ऐलेग्रा टैबलेट की बड़ी खेप पकड़ी, जिसमें हर स्ट्रिप पर एक जैसा क्यूआर कोड मिला, जबकि असली दवाओं पर यह अलग-अलग होता है। जांच में पता चला कि ये नकली दवाएं चेन्नई और पुडुचेरी की फैक्ट्रियों में बनती थीं और पूरे देश में सप्लाई की जाती थीं। इन दवाओं को असली दिखाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का उपयोग करके असली जैसे क्यूआर कोड बनाए जाते थे। नकली दवाओं का नेटवर्क और उनका असर जांच में यह भी पता चला कि आगरा की तीन फर्मों ने मिलकर यूपी में ऐलेग्रा टैबलेट के 8 लाख पत्ते बेचे, जबकि कंपनी ने इस बैच नंबर की बिक्री यूपी में की ही नहीं थी। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की अपर आयुक्त रेखा एस चौहान ने बताया कि 10 लाख के बिल पर 1 करोड़ तक की नकली दवाएं लाई जाती थीं, ताकि चेकिंग में कोई दिक्कत न हो। इस खुलासे के बाद पुडुचेरी की नकली दवा बनाने वाली फैक्ट्री बंद हो गई है, और पुलिस एक आरोपी की तलाश में गोवा पहुँच गई है। यह पहली बार नहीं है जब आगरा में नकली दवाओं का रैकेट सामने आया है। इससे पहले भी शहर के सिकंदरा इलाके में एक फैक्ट्री पकड़ी गई थी, जहाँ दर्द निवारक और नींद की गोलियों में जरूरी सॉल्ट (Tramadol और Alprazolam) की जगह चावल का पानी मिलाया जा रहा था, जिससे ये दवाएं पूरी तरह बेअसर थीं। आगरा अब नकली दवाओं की एक बड़ी मंडी बन चुका है, जहाँ लोगों की सेहत से खिलवाड़ कर करोड़ों का काला कारोबार किया जा रहा है।

सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव आगरा में, निजी कार्यक्रम में हुए शामिल

आगरा। समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव आज आगरा पहुंचे। वह यहाँ मुगल होटल में अपने पुराने स्कूल, धौलपुर आर्मी स्कूल की रीयूनियन पार्टी ‘जॉर्जियन’ में शिरकत करने आए हैं। उनके साथ उनके पुराने दोस्त भी मंच पर मौजूद हैं। अखिलेश यादव लखनऊ एक्सप्रेस-वे के रास्ते रात करीब 8:30 बजे आईटीसी मुगल होटल पहुँचे। उन्होंने अपने दोस्तों के साथ करीब दो घंटे बिताए। उनके आगरा आगमन की खबर मिलते ही बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता होटल के बाहर और पास के सपा जिला कार्यालय पर एकत्र हो गए। शुरुआत में ऐसी उम्मीद थी कि अखिलेश यादव पार्टी कार्यालय जाकर कार्यकर्ताओं से मुलाकात कर सकते हैं, जिससे कार्यालय में दिन भर गहमागहमी बनी रही। हालांकि, अभी तक उनकी मुलाकात का कोई कार्यक्रम सामने नहीं आया है। एक्सप्रेस-वे पर भी कार्यकर्ताओं ने उनका जोरदार स्वागत किया था।

आगरा में पर्युषण पर्व का समापन, उत्तम ब्रह्मचर्य धर्म की हुई आराधना

आगरा। आगरा के शांतिनाथ दिगंबर जैन मंदिर, सेक्टर 7, आवास विकास कॉलोनी, सिकंदरा में पर्युषण पर्व के अंतिम दिन उत्तम ब्रह्मचर्य धर्म को पूरे भक्तिभाव से मनाया गया। इस दौरान, आठों इंद्रों की बोली लगाई गई, जिसके बाद सभी ने भगवान का अभिषेक और पूजन किया। इंद्रों के नाम: इन सभी इंद्रों ने मिलकर श्री शांतिनाथ जी महाराज का अभिषेक स्वर्ण कलश से किया, जबकि अन्य भक्तों ने भी बड़े भक्तिभाव के साथ अभिषेक किया। इस अवसर पर वासुपूज्य भगवान की पूजा और निर्वाण लाडू अर्पण भी हेमा जैन परिवार द्वारा किया गया। पंडित अंशुल जैन शास्त्री का प्रवचन पंडित अंशुल जैन शास्त्री ने अपने प्रवचन में उत्तम ब्रह्मचर्य धर्म का महत्व समझाया। उन्होंने कहा कि “ब्रह्म का आचरण करना, आत्मा में लीन हो जाना ही ब्रह्मचर्य है।” उन्होंने बाहरी इंद्रियों के सुख को त्यागने और शील की रक्षा करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि यह दसलक्षण पर्व साल में तीन बार आता है और हमें इसे पूरे उत्साह के साथ मनाने का संकल्प लेना चाहिए। ये गणमान्य व्यक्ति रहे मौजूद इस कार्यक्रम को सफल बनाने में श्री शांतिनाथ दिगंबर जैन मंदिर प्रबंध समिति के अध्यक्ष राजेश बैनाड़ा, मंत्री विजय जैन निमोरब, कोषाध्यक्ष मगन जैन और महेश जैन, अरुण जैन, सतीश जैन, अनिल आदर्श जैन, हेमा जैन, राजेन्द्र जैन, दिलीप जैन, राकेश जैन टीचर, जितेश जैन, मनोज जैन, आलोक जैन, सिद्धार्थ जैन, विपुल जैन, मोहित जैन, प्रशांत जैन, दीपक बैनाड़ा, विपिन जैन, आदिश जैन, अनंत जैन, विकास बैनाड़ा, चंदन जैन, विशाल जैन, अभिषेक जैन, शुभम जैन, और मीडिया प्रभारी राहुल जैन समेत सकल जैन समाज के सदस्य मौजूद थे।

आगरा में सुंदरकांड पाठ से गूंजा कमला नगर, भक्ति और सेवा का संदेश

आगरा। जनकपुरी महोत्सव आयोजन महिला समिति द्वारा कमला नगर के लक्ष्मी नारायण मंदिर परिसर में एक भव्य सुंदरकांड पाठ और फूल बंगले का आयोजन किया गया। शुक्रवार को हुए इस आयोजन में उपस्थित श्रद्धालुओं ने भक्ति भाव और राम नाम की गूंज के साथ आध्यात्मिक ऊर्जा का अनुभव किया। सुरेंद्र अरोड़ा की मंडली ने जब ‘राम राम रटते रहो जब तक घट में प्राण…’ जैसे भजन गाए, तो पूरा मंदिर परिसर भक्ति से सराबोर हो गया। इस दौरान हनुमान जी के जयकारों से भी माहौल गूंज उठा। फूल बंगले ने मन मोहा मंदिर परिसर को फूलों से सजाकर एक आकर्षक फूल बंगले का रूप दिया गया, जिसे मीनाक्षी अग्रवाल, रीमा, शालिनी अग्रवाल समेत कई सदस्यों ने मिलकर तैयार किया था। इस सजावट ने श्रद्धालुओं का ध्यान आकर्षित किया और कार्यक्रम की सुंदरता बढ़ा दी। समिति की अध्यक्ष सीमा अग्रवाल ने कहा कि ऐसे धार्मिक कार्यक्रम समाज को एक सूत्र में बांधते हैं और आने वाली पीढ़ियों को भी भक्ति और सेवा के प्रति प्रेरित करते हैं। उन्होंने बताया कि समिति आगे भी इस तरह के आयोजन करती रहेगी। इस सफल आयोजन में समिति की मुख्य संरक्षक रानी सुनयना और अन्य सदस्यों जैसे प्रियंका अग्रवाल और मीनू त्यागी ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कार्यक्रम में शहर की कई अन्य महिलाएं भी उपस्थित थीं।

आगरा में शटर तोड़कर चोरी करने वाले गैंग का खुलासा, मुठभेड़ में एक बदमाश को गोली लगी

आगरा। आगरा में बंद दुकानों के शटर तोड़कर चोरी की वारदातों को अंजाम देने वाले एक गैंग का शनिवार को पर्दाफाश हुआ है। थाना रकाबगंज पुलिस ने मुठभेड़ के बाद इस गैंग के पाँच सदस्यों को गिरफ्तार किया है। इस दौरान एक बदमाश के पैर में गोली लगी है। पुलिस ने उनके पास से चोरी की गई लगभग 2 लाख रुपये की नकदी, एक ई-रिक्शा और अवैध हथियार बरामद किए हैं। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार किए गए बदमाशों ने कुछ दिन पहले शिवाजी मार्केट के काजीपाड़ा में लवीना गारमेंट्स का शटर तोड़कर चोरी की घटना को अंजाम दिया था, जिसमें वे कैश काउंटर से पैसे चुराकर ले गए थे। इस घटना के बाद से पुलिस उनकी तलाश में थी। मुखबिर की सूचना पर पुलिस टीम ने पीडब्ल्यूडी चौराहे के पास एक खंडहर में बदमाशों की घेराबंदी की। इस दौरान एक बदमाश ने अंधेरे का फायदा उठाकर भागने की कोशिश की और पुलिस पर गोली चला दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस की गोली बदमाश के पैर में लगी, जिसके बाद सभी को गिरफ्तार कर लिया गया। पकड़े गए चोरों के पास से पुलिस ने 1,71,710 रुपये की नगदी, एक ई-रिक्शा और एक अवैध तमंचा बरामद किया है। पुलिस ने बताया कि इस गैंग के पकड़े जाने से क्षेत्र में हुई कई चोरियों का खुलासा हुआ है।

आगरा में ‘उदयन शालिनी फैलोशिप’ से 30 और छात्राओं को मिला उच्च शिक्षा का सहारा

आगरा। वंचित वर्ग की लड़कियों को उच्च शिक्षा और आत्मनिर्भरता के लिए प्रोत्साहित करने वाला ‘उदयन शालिनी फैलोशिप’ कार्यक्रम समाज में एक मजबूत सहारा बन रहा है। इसी कड़ी में, शुक्रवार 6 सितंबर, 2025 को प्रिल्यूड पब्लिक स्कूल, दयालबाग में उदयन केयर के आगरा अध्याय के पाँचवें प्रेरणा समारोह का आयोजन किया गया। इस समारोह में 30 नई लड़कियों को इस फैलोशिप परिवार का हिस्सा बनाया गया, जिससे आगरा में अब कुल शालिनियों की संख्या 164 हो गई है। शिक्षा के साथ-साथ मिला तकनीकी और स्वास्थ्य सहायता इस अवसर पर प्रत्येक नई छात्रा को शैक्षिक कार्यों के लिए 10 हजार रुपए की वार्षिक छात्रवृत्ति उनके बैंक खातों में ट्रांसफर की जाएगी। समारोह में रेनेसां ई-सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड की ओर से 5 योग्य छात्राओं (मंतशा, नेहा शर्मा, वंशिका पाल, निहारिका और नर्गिश) को लैपटॉप (क्रोम बुक) प्रदान किए गए, ताकि वे ऑनलाइन शिक्षा का लाभ उठा सकें। कल्याणम फाउंडेशन के सहयोग से सर्वाइकल कैंसर वैक्सीनेशन प्रोजेक्ट भी लॉन्च किया गया, जिसके तहत सभी छात्राओं को मुफ्त में सर्वाइकल कैंसर का टीका लगाया जाएगा। डॉ. गरिमा गुप्ता ने छात्राओं को इस बीमारी के बारे में विस्तृत जानकारी दी। नेतृत्व और आत्मनिर्भरता का पाठ इस समारोह में फैलोशिप के विभिन्न बैचों से एक नई कैबिनेट का भी गठन किया गया, जिसमें शाहीन निशा को हेड गर्ल, गुनगुन वर्मा को वाइस हेड गर्ल, और अंजलि कुशवाह को सोशल मीडिया कोऑर्डिनेटर चुना गया। मुख्य अतिथि डॉ. चीनू अग्रवाल ने सामाजिक भावनात्मक शिक्षा पर जोर दिया, जबकि डॉ. किरन मोदी, संस्थापक मैनेजिंग ट्रस्टी ने छात्राओं को फैलोशिप का सदुपयोग करते हुए हर चुनौती का सामना करने के लिए प्रेरित किया। विशिष्ट अतिथि श्री दीपक शर्मा ने ‘फाइव सी’ (कैरेक्टर, कन्विक्शन, करेज, कर्टेसी, कॉन्फिडेंस) का मंत्र देकर सफलता के लिए आत्मविश्वास के महत्व को समझाया। सलाहकार समिति के सदस्य डॉ. सुशील गुप्ता ने बताया कि वर्तमान में पूरे देश में 38 स्थानों पर लगभग 18 हजार छात्राएँ इस फैलोशिप से लाभान्वित हो रही हैं। कार्यक्रम का सफल संचालन गुनगुन वर्मा, महिमा अग्रवाल और शिल्पा ने किया।

कपड़ा उद्योग पर GST का संकट, आगरा में भी विरोध

आगरा। केंद्र सरकार द्वारा ₹2500 से अधिक मूल्य के वस्त्रों पर 18% जीएसटी लगाने के फैसले का पूरे देश में विरोध हो रहा है। क्लोदिंग मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (CMAI) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ज्ञापन भेजकर इस फैसले को वापस लेने की मांग की है। इसी कड़ी में आगरा के कपड़ा उद्योग ने भी इस निर्णय को “उद्योग के लिए घातक” बताया है। आगरा रेडिमेट गारमेंट्स ट्रेडर्स और मैन्युफैक्चर एसोसिएशन के संस्थापक अध्यक्ष आर.के. नईयर ने CMAI के मत का समर्थन करते हुए कहा कि इस फैसले से उद्योग की स्थिति बहुत खराब हो जाएगी। उनका कहना है कि गुणवत्ता वाले और ब्रांडेड कपड़े महंगे हो जाएंगे, जिससे वे आम उपभोक्ता की पहुंच से दूर हो जाएंगे। ऊनी और पारंपरिक कपड़ों पर सबसे ज्यादा असर श्री नईयर ने विशेष रूप से बताया कि उत्तर भारत में बिकने वाले ऊनी वस्त्रों की औसत कीमत ₹2500 से अधिक होती है, जो अब मध्यम वर्ग के लिए महंगे हो जाएंगे। इसके साथ ही, पारंपरिक भारतीय परिधान जैसे कुर्ता-पायजामा, एथनिक ड्रेसेस, कोट-सूट और शेरवानी भी इस उच्च कर दर के दायरे में आ जाएंगे, जिससे शादी-ब्याह के मौसम में इन कपड़ों की बिक्री पर सीधा असर पड़ेगा। पूरी इंडस्ट्री को 5% जीएसटी स्लैब में लाने की मांग इस फैसले के खिलाफ अपील करते हुए श्री नईयर ने प्रधानमंत्री से आग्रह किया है कि पूरे वस्त्र उद्योग को 5% जीएसटी स्लैब में शामिल किया जाए। उनका मानना है कि इससे न केवल छोटे निर्माताओं और कारीगरों को रोजगार का संकट नहीं झेलना पड़ेगा, बल्कि उपभोक्ताओं को भी किफायती दामों पर गुणवत्ता वाले कपड़े मिल पाएंगे।

आगरा में इंडियन डेंटल एसोसिएशन का वार्षिक सम्मेलन, ‘स्वस्थ जीवनशैली’ पर हुआ मंथन

आगरा। आगरा में शनिवार, 6 सितंबर को इंडियन डेंटल एसोसिएशन (आईडीए), आगरा ब्रांच द्वारा AIDACON 2025 (3rd Annual Conference) का आयोजन किया गया। यह सम्मेलन होटल डबल ट्री बाय हिल्टन में हुआ, जिसमें देश भर के दंत चिकित्सक शामिल हुए। कार्यक्रम की शुरुआत ताजमहल के पास एक वॉकथॉन से हुई, जिसके जरिए ‘स्वस्थ जीवनशैली’ का संदेश दिया गया। इसके बाद, आईडीए के वरिष्ठ पदाधिकारियों, जिनमें प्रेसीडेंट-इलेक्ट डॉ. मनोज श्रीवास्तव भी शामिल थे, ने औपचारिक रूप से सम्मेलन का उद्घाटन किया। दंत चिकित्सा की नवीनतम तकनीकों पर चर्चा सम्मेलन के दौरान कई जाने-माने वक्ताओं ने अपने विचार और अनुभव साझा किए: आईडीए आगरा के सचिव डॉ. एन.एस. लोधी और अध्यक्ष डॉ. यूनुस खान ने बताया कि सम्मेलन में आगरा के अलावा, मथुरा, हाथरस, एटा, फिरोजाबाद, कानपुर, लखनऊ, और वाराणसी जैसे कई शहरों से 250 से अधिक डॉक्टरों ने भाग लिया। आईडीए आगरा के प्रेसीडेंट-इलेक्ट डॉ. योगेश शर्मा ने इस सम्मेलन को भविष्य के लिए एक मील का पत्थर बताया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में दंत चिकित्सक और गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।

आगरा सिविल एयरपोर्ट के दूसरे चरण को मिलेगी हरी झंडी, 6 सदस्यीय समिति गठित

आगरा। आगरा एयरपोर्ट के दूसरे चरण (फेज-2) के लिए अब प्रक्रिया तेज हो गई है। ताज ट्रिपेजियम जोन (TTZ) प्राधिकरण से अनापत्ति प्रमाण पत्र (No Objection Certificate) प्राप्त करने के लिए जिलाधिकारी की अध्यक्षता में एक छह सदस्यीय समिति का गठन किया गया है। यह समिति रनवे, टैक्सी ट्रैक और एप्रन के विस्तार जैसे महत्वपूर्ण कार्यों के लिए पर्यावरणीय मंजूरी का रास्ता साफ करेगी। मंडलायुक्त शैलेन्द्र कुमार सिंह द्वारा गठित इस समिति में अपर जिलाधिकारी, प्रभागीय निदेशक (सामाजिक वानिकी), केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के प्रभारी और अन्य अधिकारी शामिल हैं। यह समिति दो सप्ताह के भीतर अपनी रिपोर्ट टीटीजेड प्राधिकरण को सौंपेगी। दूसरे चरण में होंगे ये प्रमुख काम न्यू सिविल एन्क्लेव प्रोजेक्ट के दूसरे चरण में कई महत्वपूर्ण कार्य होने हैं: ये सभी कार्य एयरक्राफ्ट के बेहतर और सुरक्षित संचालन के लिए जरूरी हैं। ‘फनल एरिया’ में ऊंची इमारतों पर प्रतिबंध इस प्रोजेक्ट के तहत, हवाई जहाजों के टेक ऑफ और लैंडिंग के लिए ‘फनल एरिया’ का उपयोग किया जाएगा। आगरा मास्टर प्लान 2031 में इस क्षेत्र में ऊंची इमारतें बनाने पर प्रतिबंध लगाया गया है ताकि विमान संचालन में कोई बाधा न आए। नागरिकों द्वारा उठाई गई आपत्तियों के आधार पर यह सुनिश्चित किया गया है कि एयरपोर्ट के आसपास प्रदूषण के स्तर की निगरानी के लिए मौजूदा मॉनिटरिंग सिस्टम का इस्तेमाल हो, जिसके आंकड़े संजय प्लेस स्थित स्वचालित एयर पॉल्यूशन मॉनिटरिंग सेंटर से लिए जाएंगे। सिविल सोसायटी ऑफ आगरा के सचिव अनिल शर्मा ने उम्मीद जताई कि इस परियोजना से आगरा के विकास को नई गति मिलेगी।

आगरा में ट्रैफिक जाम से बुरा हाल, कई आयोजनों से चरमराई व्यवस्था

आगरा। आज आगरा शहर की सड़कों पर दिन भर यातायात व्यवस्था चरमराई रही, जिससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। शहर के प्रमुख मार्गों पर भीषण ट्रैफिक जाम की स्थिति बनी रही, जिसकी मुख्य वजह एक साथ कई बड़े आयोजन थे। एमजी रोड, शाहगंज चौराहा, लोहमंडी चौराहा और भगवान टॉकीज जैसे व्यस्ततम इलाकों में वाहनों की लंबी कतारें लगी रहीं। लगभग 7 किलोमीटर लंबा एमजी रोड पूरी तरह से जाम हो गया, जहाँ वाहन रेंगते नजर आए। रावली चौराहे पर तो एक किलोमीटर से भी लंबा जाम लगा रहा, जिससे लोगों को घंटों तक फंसे रहना पड़ा। जाम के प्रमुख कारण ट्रैफिक जाम की इस स्थिति के तीन मुख्य कारण थे: इन आयोजनों के अलावा, मेट्रो निर्माण के कारण पहले से ही संकरी हो चुकी सड़कों पर ट्रैफिक का दबाव कई गुना बढ़ गया था। इस जाम से एम्बुलेंस और सार्वजनिक परिवहन भी प्रभावित हुए, जिससे लोगों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। ट्रैफिक पुलिस ने कुछ जगहों पर रूट डायवर्जन लागू किए, लेकिन भारी भीड़ के कारण यह नाकाफी साबित हुआ।

आगरा के ताजगंज बाजार में बिजली के खंबे में लगी आग, मची अफरा-तफरी

आगरा। आगरा के ताजगंज क्षेत्र में शनिवार की दोपहर उस वक्त हड़कंप मच गया, जब सब्जी मंडी के पास एक बिजली के खंबे में आग लग गई। देखते ही देखते आग की ऊंची-ऊंची लपटें उठने लगीं और दिवाली के पटाखों जैसी आवाजें आने लगीं, जिससे बाजार में अफरा-तफरी मच गई। भयभीत दुकानदार तुरंत अपनी दुकानें छोड़कर सुरक्षित जगहों की ओर भागने लगे। यह घटना दोपहर लगभग 2 बजे की है। ताजगंज बाजार में गायत्री डेयरी के पास लगे खंबे पर स्ट्रीट लाइट के कनेक्शन और ऑप्टिकल फाइबर केबल का जाल बिछा हुआ था। बताया गया कि स्ट्रीट लाइट के कनेक्शन में स्पार्किंग होने से आग लग गई और यह आग तेजी से ऑप्टिकल फाइबर केबल में फैल गई। स्थानीय लोगों ने तुरंत टोरंट पॉवर को सूचना दी, जिसके बाद पूरे इलाके की बिजली काट दी गई। टोरंट की टीम मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाया। लगभग एक घंटे की मरम्मत के बाद क्षेत्र में बिजली आपूर्ति फिर से बहाल की गई।

आगरा की रामबारात के लिए नगर निगम सतर्क, जर्जर मकानों पर लगेगी लाल झंडी

आगरा। आगरा की ऐतिहासिक रामबारात 17 सितंबर को निकलने वाली है, जिसे देखने के लिए हजारों की संख्या में लोग सड़कों और छतों पर जुटते हैं। इस दौरान किसी भी अप्रिय घटना से बचने के लिए आगरा नगर निगम पूरी तरह से सतर्क हो गया है। नगर निगम ने शोभायात्रा मार्ग पर मौजूद जर्जर और खतरनाक इमारतों की पहचान कर उन पर लाल झंडियां लगाने का फैसला किया है। नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल के निर्देश पर निगम की टीम ने रामबारात के रूट का सर्वे किया है। इस सर्वे में चार दर्जन से ज्यादा ऐसे भवन चिह्नित किए गए हैं, जिनके छज्जे और ऊपरी हिस्से बेहद कमजोर हैं और कभी भी गिर सकते हैं। इन इलाकों में हैं जर्जर भवन निगम की टीम ने रावतपाड़ा, दरेसी, छत्ता बाजार, बेलनगंज, किनारी बाजार, धूलियागंज, कचहरी घाट और सिटी स्टेशन रोड जैसे प्रमुख इलाकों में सर्वे किया। ये सभी क्षेत्र रामबारात के शोभायात्रा मार्ग का हिस्सा हैं। मकान मालिकों को जारी किया गया नोटिस सर्वे के बाद इन सभी जर्जर भवनों के मालिकों को नोटिस जारी कर दिया गया है। नोटिस में उन्हें तुरंत अपने भवनों की मरम्मत कराने और यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है कि शोभायात्रा के दौरान इन छतों या छज्जों का उपयोग न किया जाए। निगम ने इन भवनों की सूची जिला प्रशासन और पुलिस को भी भेज दी है ताकि अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था की जा सके। नगर आयुक्त ने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है।

आगरा में बाबा बागेश्वर धाम का कार्यक्रम रद्द, जुटी थी क्षमता से 4 गुना भीड़

आगरा। आगरा में शनिवार को बागेश्वर धाम के प्रमुख पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री का कार्यक्रम ऐन मौके पर रद्द कर दिया गया। प्रशासन का कहना है कि कार्यक्रम स्थल, राज देवम गार्डन, की क्षमता 5,000 लोगों की थी, जबकि वहां करीब 20,000 लोग पहुंच गए, जिससे सुरक्षा की स्थिति बिगड़ गई। भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने कार्यक्रम की अनुमति रद्द कर दी। धीरेंद्र शास्त्री सुबह 11:30 बजे ही आगरा पहुंच गए थे और उन्हें दोपहर 1 बजे मंच पर आना था, लेकिन दोपहर 12 बजे ही कार्यक्रम स्थगित करने का आदेश जारी कर दिया गया। कार्यक्रम रद्द होने के बाद पुलिस ने भीड़ को हटाने की कोशिश की, लेकिन मायूस भक्त काफी देर तक वहां जमे रहे। धीरेंद्र शास्त्री ने वीडियो जारी कर दी सफाई कार्यक्रम रद्द होने के बाद पंडित धीरेंद्र शास्त्री ने एक वीडियो जारी किया। उन्होंने कहा कि प्रशासन ने सूचित किया है कि बहुत ज्यादा भीड़ होने के कारण कोई दुर्घटना न हो, इसलिए कार्यक्रम की अनुमति निरस्त कर दी गई है। उन्होंने भक्तों से शांति बनाए रखने की अपील की और कहा कि वे जल्द ही आगरा आएंगे और दोबारा कार्यक्रम आयोजित करेंगे। उन्होंने अपने वीडियो में यह भी बताया कि पहले यह कार्यक्रम तारघर मैदान में होना था, लेकिन बारिश के कारण इसे राज देवम गार्डन में शिफ्ट किया गया था। अब यह कार्यक्रम भी रद्द हो गया है, जिससे उन्हें दुख है। अगले महीने दिल्ली से वृंदावन तक निकालेंगे पदयात्रा पंडित धीरेंद्र शास्त्री ने 7 नवंबर से दिल्ली से वृंदावन तक एक और ‘सनातन हिंदू एकता’ पदयात्रा निकालने की घोषणा की है। यह 170 किमी लंबी पदयात्रा 10 दिनों में पूरी होगी। इस पदयात्रा का उद्देश्य ‘हिंदुओं में भाषावाद, क्षेत्रवाद और जातिवाद को खत्म करना’ और ‘हिंदू राष्ट्र’ की विचारधारा को बढ़ावा देना है। उन्होंने कहा कि यह विचारों की लड़ाई है, तलवारों की नहीं।

आगरा में बारावफात पर दिखा भाईचारा, हिंदू-मुस्लिम एकता का संदेश

आगरा। सुलहकुल की नगरी आगरा में बारावफात का पवित्र त्यौहार पूरी श्रद्धा और भाईचारे के साथ मनाया गया। शहर और देहात में छोटे-बड़े मिलाकर लगभग एक दर्जन से ज्यादा जुलूस निकाले गए, जिनमें इस्लामिक नारे लगाए गए और हजरत मोहम्मद साहब द्वारा दिखाए गए रास्ते पर चलने का संदेश दिया गया। इस बार के त्यौहार में हिंदू-मुस्लिम एकता की मिसाल देखने को मिली। मुस्लिम समाज के लोगों के साथ-साथ, दूसरे धर्म के लोगों ने भी जुलूस का स्वागत किया और लोगों के बीच मिठाई बांटी। हिंदुस्तानी विदार के अध्यक्ष डॉ. सिराज कुरैशी ने बताया कि यह दिन हजरत मोहम्मद साहब की पैदाइश और वफात का दिन है। उन्हीं की याद में दुनिया भर में मुसलमान खुशियां मनाते हैं और अपने घरों को रोशन करते हैं। इस बार सभी धर्मों के लोगों ने मिलकर इस त्यौहार को मनाया, जिससे यह फिर से साबित हो गया कि आगरा मोहब्बत का शहर है।

आगरा में कैंसर सर्जरी और गुर्दा प्रत्यारोपण पर हुई सीएमई, रोबोटिक सर्जरी पर चर्चा

आगरा। सिकंदरा बोदला डॉक्टर एसोसिएशन (एसबीडीए) और यथार्थ सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल, ग्रेटर नोएडा के संयुक्त तत्वावधान में शुक्रवार को एक महत्वपूर्ण कंटीन्यूइंग मेडिकल एजुकेशन (सीएमई) कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस सीएमई का मुख्य उद्देश्य चिकित्सकों को चिकित्सा के क्षेत्र में हो रहे नवीनतम विकास और तकनीकों से अवगत कराना था। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। इस अवसर पर आईएमए अध्यक्ष डॉ. अनूप दीक्षित, निर्वाचित अध्यक्ष डॉ. पंकज नगायच, और अन्य वरिष्ठ चिकित्सक उपस्थित रहे। एसबीडीए के अध्यक्ष डॉ. पंकज नगायच ने बताया कि एसोसिएशन लगातार इस तरह की सीएमई का आयोजन करती रहती है। आज के कार्यक्रम में, यथार्थ हॉस्पिटल से आए डॉ. प्रवीण मेहंदीरत्ता ने कैंसर सर्जरी में रोबोटिक तकनीक के इस्तेमाल पर एक विस्तृत व्याख्यान दिया। उन्होंने समझाया कि कैसे रोबोटिक सर्जरी से जटिल स्थितियों में भी सटीक परिणाम प्राप्त किए जा सकते हैं, जिससे इलाज की गुणवत्ता में सुधार होता है। इसी तरह, डॉ. प्रसाद दांडेकर ने गुर्दा प्रत्यारोपण पर नवीनतम प्रोटोकॉल और इलाज की जानकारी दी, जबकि डॉ. रणवीर त्यागी ने आईसीयू में एनाल्जेसिया और सेडेशन की नई तकनीकों पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम के अंत में, डॉ. मुकेश चौधरी और डॉ. अमित मित्तल ने सभी का धन्यवाद किया। इस सीएमई में आगरा के कई वरिष्ठ चिकित्सक मौजूद थे, जिन्होंने इन नई तकनीकों के बारे में जानकारी ली।

आगरा में भारी बारिश के कारण कल बंद रहेंगे स्कूल, डीएम ने जारी किए आदेश

आगरा। आगरा में भारी बारिश और जगह-जगह हुए जलभराव को देखते हुए जिलाधिकारी अरविंद मल्लप्पा बंगारी ने छात्रों की सुरक्षा के लिए शनिवार, 6 सितंबर 2025 को सभी स्कूलों में अवकाश घोषित किया है। यह आदेश प्री-प्राइमरी से लेकर कक्षा 8 तक के सभी परिषदीय, सरकारी, सहायता प्राप्त और मान्यता प्राप्त स्कूलों पर लागू होगा, जिसमें सीबीएसई और आईसीएसई बोर्ड के स्कूल भी शामिल हैं। यह फैसला शहर में बनी जलभराव की गंभीर स्थिति को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। इसके अलावा, 6 सितंबर को होने वाली यूपी पीईटी परीक्षा 2025 को देखते हुए भी यह निर्णय लिया गया है ताकि छात्रों और अभिभावकों को कोई परेशानी न हो। जिलाधिकारी ने सभी संबंधित अधिकारियों को इस आदेश का कड़ाई से पालन करने और शहर की स्थिति पर लगातार नजर रखने के निर्देश दिए हैं।

आगरा में शनिवार को दो बड़े आयोजन: ट्रैफिक व्यवस्था चरमरा सकती है

आगरा। आगरा में शनिवार, 6 सितंबर को दो बड़े आयोजन होने जा रहे हैं, जिससे शहर की यातायात व्यवस्था चरमरा सकती है। एक तरफ उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UPSSSC) की प्रारंभिक अर्हता परीक्षा (PET) आयोजित होगी, जिसमें हजारों अभ्यर्थी शामिल होंगे, वहीं दूसरी तरफ बाबा बागेश्वर धाम (पंडित धीरेंद्र शास्त्री) का आयोजन है, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु जुटने वाले हैं। 96 हज़ार अभ्यर्थी देंगे PET परीक्षा आगरा में PET परीक्षा दो दिन – 6 और 7 सितंबर को – होगी, जिसमें करीब 95,906 अभ्यर्थी शामिल होंगे। परीक्षा के लिए शहर में 51 केंद्र बनाए गए हैं, जहाँ बायोमेट्रिक अटेंडेंस, सीसीटीवी और AI-आधारित निगरानी की व्यवस्था की गई है। बाबा बागेश्वर के लिए जुटने वाला है जनसैलाब वहीं दूसरी ओर, 6 सितंबर को ही फतेहाबाद रोड स्थित राज देवम गार्डन में बाबा बागेश्वर धाम के कार्यक्रम में भक्तों का जनसैलाब उमड़ने की उम्मीद है। आयोजकों का अनुमान है कि आगरा और आस-पास के जिलों के अलावा, अन्य राज्यों से भी हजारों श्रद्धालु आएंगे। बारिश और मेट्रो निर्माण से बढ़ी चुनौती इन आयोजनों के साथ-साथ शहर में हो रही बारिश, मेट्रो निर्माण की वजह से लगी बैरिकेडिंग और सड़कों की संकरी स्थिति पहले से ही ट्रैफिक को मुश्किल बना रही है। ऐसे में फतेहाबाद रोड, एमजी रोड, यमुना किनारा रोड और परीक्षा केंद्रों तक जाने वाली सड़कों पर भारी जाम लगने की संभावना है। ट्रैफिक की स्थिति को संभालने के लिए, डीसीपी ट्रैफिक अभिषेक अग्रवाल ने बताया कि 150 से अधिक पुलिसकर्मी प्रमुख चौराहों पर तैनात रहेंगे और जरूरत पड़ने पर रूट डायवर्जन भी किया जाएगा।

आगरा में मूसलाधार बारिश से हाहाकार, देखिए तस्वीरें

आगरा। शुक्रवार की दोपहर आगरा में हुई मूसलाधार बारिश ने पूरे शहर को अस्त-व्यस्त कर दिया। सुबह हल्की बूंदाबांदी के बाद दोपहर करीब 1 बजे से शुरू हुई बारिश लगातार दो घंटे तक जारी रही, जिससे शहर के कई पॉश इलाकों और बाजारों में 2-2 फीट तक जलभराव हो गया। इस जोरदार बारिश का असर ऐसा था कि सड़कों पर गाड़ियाँ और बाइकें लगभग डूब गईं। दिन में भी इतना अंधेरा छा गया था कि ऐसा लग रहा था मानो शाम के 6 बज रहे हों। बाजारों और सड़कों पर जलभराव भारी बारिश के कारण राजामंडी बाजार पूरी तरह से पानी से भर गया। दुकानों के अंदर पानी घुस जाने से व्यापारियों को अपना सामान समेटना पड़ा। इसके अलावा, शास्त्रीपुरम, खेरिया मोड़, अलबतिया रोड, ट्रांसयमुना कॉलोनी, एमजी रोड और मॉल रोड जैसे प्रमुख इलाकों में भी भारी जलभराव देखने को मिला। स्ट्रैची ब्रिज के नीचे तो कई फीट पानी जमा हो गया, जिससे आवागमन पूरी तरह बाधित हो गया। सितंबर में बदला मौसम का मिजाज आगरा में सितंबर की शुरुआत से ही मौसम का मिजाज बदला हुआ है। मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, 1 से 4 सितंबर के बीच शहर में 12% बारिश हो चुकी है। जबकि, 1 जून से 31 अगस्त तक सिर्फ 26% बारिश हुई थी। मौसम का हाल: आगे क्या? मौसम विभाग ने 5 सितंबर को भी भारी बारिश की संभावना जताई है, जबकि 6 सितंबर को बादल छाए रहेंगे और बारिश हो सकती है। 7 सितंबर से मौसम के साफ होने का अनुमान है। इस बीच, बारिश के कारण पीपल मंडी में एक पुराना और बंद पड़ा मकान गिर गया, हालांकि इसमें कोई हताहत नहीं हुआ क्योंकि वह खाली था। देखिए तस्वीरें:-

आगरा में गर्भवती महिला से मारपीट, पुलिस ने दर्ज की शिकायत

आगरा। आगरा के बाह कस्बे के पटूकुईया पुरा गांव में एक गर्भवती महिला से मारपीट का मामला सामने आया है। 19 वर्षीय सरिता अपने घर पर थीं, तभी परिवार की कुछ महिलाओं से उनका किसी बात को लेकर विवाद हो गया। विवाद इतना बढ़ गया कि महिलाओं ने मिलकर सरिता की पिटाई कर दी। इस घटना के बाद पीड़िता ने तुरंत पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए सरिता को मेडिकल जांच के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बाह भेजा। वर्तमान में सरिता का इलाज अस्पताल में चल रहा है और डॉक्टरों की टीम उनकी देखरेख कर रही है। कोतवाली प्रभारी सत्यदेव शर्मा ने बताया कि पीड़िता की शिकायत के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी गई है और आरोपियों के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

एत्मादपुर में निकला बारह वफात का जुलूस, भक्ति और शांति से भरा माहौल

आगरा। आगरा के एत्मादपुर में शुक्रवार को बारह वफात का जुलूस पूरे भक्तिभाव और शांति के साथ निकाला गया। सैकड़ों की संख्या में महिलाएं और पुरुष पारंपरिक वेशभूषा में जुलूस में शामिल हुए। इस दौरान घोड़ों और ऊंटों पर सवार झांकियां लोगों के बीच खास आकर्षण का केंद्र रहीं। जुलूस के दौरान, लोगों ने धार्मिक नारे लगाए और कव्वालियां गाईं, जिससे पूरे कस्बे में आस्था और भाईचारे का माहौल बन गया। बारह वफात का यह पवित्र पर्व इस्लाम धर्म के पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब की याद में मनाया जाता है। इस दिन मुस्लिम समाज विशेष प्रार्थनाएं करता है और जुलूस के माध्यम से पैगंबर साहब की शिक्षाओं को याद करता है। जुलूस में शकील ठेकेदार, लाला ठेकेदार, वकील कुरैशी और गुड्डू कुरैशी जैसे कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। जुलूस के पूरे मार्ग पर थाना पुलिस और पीएसी ने सुरक्षा व्यवस्था संभाली, जिसकी वजह से यह आयोजन बिना किसी परेशानी के संपन्न हो सका। यह आयोजन आस्था, अनुशासन और सामाजिक एकता का एक शानदार उदाहरण बना, जिसने कस्बे में शांति और भाईचारे का मजबूत संदेश दिया।

आगरा में कोचिंग से लौट रही छात्राओं से छेड़छाड़, आरोपियों ने किया पीछा

आगरा। आगरा के बरहन थाना क्षेत्र में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां आंवलखेड़ा इलाके में शुक्रवार दोपहर कोचिंग से घर लौट रही दो छात्राओं का बाइक सवार दो युवकों ने पीछा किया और उनके साथ अश्लील हरकतें कीं। जानकारी के अनुसार, दोपहर करीब 12 बजे छात्राएं अपनी सहेलियों के साथ कोचिंग से घर जा रही थीं। सुनसान रास्ते का फायदा उठाकर बाइक पर सवार दो युवकों ने उनका पीछा करना शुरू कर दिया। कुछ दूर जाने के बाद उन्होंने छात्राओं से छेड़छाड़ और अश्लील हरकतें करनी शुरू कर दीं। छात्राओं ने इसका विरोध करते हुए जोर से शोर मचाया और खुद को बचाने के लिए पास के एक मकान में भागकर छिप गईं। शोर सुनकर मकान मालिक बाहर निकलने ही वाले थे कि आरोपी युवक मौके से फरार हो गए। इस घटना के बाद से छात्राएं इतनी डर गई हैं कि उन्होंने कॉलेज जाना बंद कर दिया है। परिजनों ने आंवलखेड़ा पुलिस चौकी में घटना की शिकायत दर्ज कराई है। बरहन के थाना अध्यक्ष गुरुबिंद्र सिंह ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और जल्द ही मुकदमा दर्ज कर आरोपियों की तलाश की जाएगी।

आगरा: अछनेरा गौशाला में गाय की मौत पर हंगामा, भूख से मौत के आरोप

आगरा। आगरा के अछनेरा स्थित कान्हा गौशाला में गायों की देखभाल को लेकर एक बार फिर विवाद खड़ा हो गया है। सभासदों और समाजसेवियों ने गौशाला प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाए हैं, जिसके बाद आज एक गाय की कथित तौर पर भूख से मौत होने पर उन्होंने विरोध प्रदर्शन किया। सभासदों का आरोप है कि गौशाला में गायों की ठीक से देखभाल नहीं हो रही है और इसी लापरवाही की वजह से आज एक गाय की मौत भूख से हो गई। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि अछनेरा नगर पालिका अध्यक्ष लोगों को गौशाला के अंदर नहीं जाने देते, जिससे गायों की असली हालत का पता नहीं चल पाता। दूसरी तरफ, अछनेरा के अधिशासी अधिकारी ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। उन्होंने बताया कि जिस गाय की मौत हुई, वह काफी समय से बीमार थी और उसका इलाज भी चल रहा था। अधिकारी ने इस बात से इनकार किया कि किसी भी गाय की मौत भूख के कारण हुई है। उन्होंने कहा कि उन्होंने खुद गौशाला की देखरेख के लिए एक 15 सदस्यीय समिति बनाने का प्रस्ताव रखा था, लेकिन सभासदों ने इसे अस्वीकार कर दिया था।

आगरा में मजदूर ने पेड़ से लटककर दी जान, सुसाइड से पहले वीडियो में पंचायत सचिव पर लगाए गंभीर आरोप

आगरा। आगरा के सिकंदरा थाना क्षेत्र के खड़वाई गांव में शुक्रवार की सुबह एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। यहां दिहाड़ी मजदूर पप्पू का शव घर से 300 मीटर दूर एक पेड़ से लटका मिला। चौंकाने वाली बात यह है कि आत्महत्या से पहले पप्पू ने एक वीडियो रिकॉर्ड किया है, जिसमें उसने गांव की पंचायत सचिव पर उत्पीड़न का आरोप लगाया है। पप्पू की मौत के बाद परिजनों ने शव को सड़क पर रखकर हंगामा किया और पुलिस कार्रवाई की मांग पर अड़ गए। परिजनों का आरोप है कि पंचायत सचिव ने पप्पू को झूठे केस में फंसाने की धमकी दी थी, जिसके डर से उसने यह कदम उठाया। जन्म प्रमाण पत्र को लेकर शुरू हुआ था विवाद मृतक की पत्नी और परिजनों ने बताया कि पप्पू ने अपने 4 साल के बेटे के जन्म प्रमाण पत्र के लिए आवेदन किया था, लेकिन पंचायत सचिव रश्मि राठौर महीनों से उसका काम नहीं कर रही थीं। इसी बात को लेकर दोनों के बीच बहस हुई, जिसके बाद सचिव ने पुलिस केस में फंसाने की धमकी दी। परिजनों के अनुसार, पंचायत सचिव की शिकायत पर सिकंदरा थाने के दरोगा लगातार पप्पू को फोन करके परेशान कर रहे थे और जेल भेजने की धमकी दे रहे थे। इन धमकियों से परेशान होकर पप्पू ने यह कदम उठाया। सुसाइड वीडियो में बयां किया दर्द मृतक के मोबाइल से बरामद वीडियो में पप्पू का दर्द साफ झलक रहा है। वीडियो में वह कह रहा है, “मैं पढ़ा-लिखा नहीं हूं… अब मुझे जान देनी पड़ेगी… मुझे फंसाया गया है… सरकारी आदमी है, केस लग गया तो मेरे बच्चे परेशान हो जाएंगे…” उसने यह भी कहा कि वह डर के कारण दर-दर भटक रहा था। पुलिस ने पप्पू के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा है और पंचायत सचिव रश्मि राठौर पर लगे आरोपों की जांच शुरू कर दी है। गांव वालों का कहना है कि पंचायत सचिव की कार्यशैली को लेकर पहले भी कई शिकायतें उठ चुकी हैं। इस मामले में पुलिस आगे की कार्रवाई कर रही है।

आगरा में धरने के बीच पहुंचा ‘फर्जी अधिकारी’, किसानों ने पकड़ा

आगरा। आगरा के अकोला ब्लॉक के गांव कराहरा में पशुधन सेवा केंद्र और सामुदायिक उप स्वास्थ्य केंद्र की मांग को लेकर चल रहे बेमियादी धरने में एक नया मोड़ आ गया है। धरने के तीसरे दिन एक व्यक्ति खुद को उत्तर प्रदेश राज्य निर्माण एवं श्रम विकास सहकारी संघ का अधिकारी बताकर पहुंचा, लेकिन जब किसानों ने उससे पहचान पत्र मांगा तो वह अपना नाम और पद नहीं बता पाया। इस व्यक्ति ने खुद को अधिशासी अभियंता द्वारा भेजा गया अवर अभियंता बताया। उसने धरना स्थल पर बैठकर किसानों को धरना खत्म करने की धमकी भी दी। जांच में निकला ठेकेदार भारतीय किसान मजदूर यूनियन के राष्ट्रीय अध्यक्ष पुष्पेंद्र चौधरी ने जब उस व्यक्ति की जांच की, तो पता चला कि वह कोई अधिकारी नहीं, बल्कि उसी सहकारी संघ का ठेकेदार है, जिसने पशुधन सेवा केंद्र का निर्माण कराया था। यह इमारत 7 साल पहले बन चुकी है, लेकिन अभी तक पशुपालन विभाग को नहीं सौंपी गई है। शाम को यूपीसीएलडीएफ के असली अवर अभियंता कमल यादव मौके पर पहुंचे और उन्होंने किसानों को शांत करने की कोशिश की, लेकिन किसान अपनी मांगों पर अड़े रहे। किसान फर्जी अधिकारी बनकर आए युवक के खिलाफ एफआईआर और ठेकेदार से रिकवरी की मांग कर रहे हैं। अवर अभियंता कमल यादव ने बताया कि उस युवक की पहचान हो गई है और वह एक ठेकेदार है। उसे कार्यालय बुलाकर लिखित स्पष्टीकरण मांगा जाएगा, जिसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। धरने में संगठन के कई पदाधिकारी और सदस्य मौजूद रहे।

आगरा में सरकारी योजनाओं की समीक्षा बैठक, बैंकों को मिली कड़ी फटकार

आगरा। आगरा के कलेक्ट्रेट सभागार में गुरुवार को केंद्रीय मंत्री प्रो. एस.पी. सिंह बघेल और सांसद राजकुमार चाहर की अध्यक्षता में जिला परामर्शदात्री समिति (डीसीसी) और जिला स्तरीय समीक्षा समिति (डीएलआरसी) की एक महत्वपूर्ण बैठक हुई। इस बैठक में जून 2025 की तिमाही प्रगति रिपोर्ट की समीक्षा करते हुए सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन पर चर्चा की गई। बैठक के दौरान कई बैंकों द्वारा तय लक्ष्यों को हासिल न करने पर केंद्रीय मंत्री और सांसद ने कड़ी नाराजगी जताई। ऋण-जमा अनुपात और जनधन खातों की स्थिति बैठक में बताया गया कि जून 2025 तक आगरा का ऋण-जमा अनुपात (सीडी रेशियो) 69.43% रहा, जो आरबीआई के 60% के मानक से अधिक है। हालांकि, इंडियन ओवरसीज बैंक, यूनियन बैंक, एसबीआई समेत कई बड़े बैंक लक्ष्य से काफी पीछे रहे, जिस पर दोनों माननीयों ने फटकार लगाते हुए कार्यप्रणाली में सुधार के निर्देश दिए। इसके अलावा, जनपद में अब तक 19.95 लाख जनधन खाते खोले गए हैं। केंद्रीय मंत्री ने इन सभी खातों को पीएम जीवन ज्योति बीमा और पीएम सुरक्षा बीमा योजना जैसी योजनाओं से जोड़ने का निर्देश दिया। स्वरोजगार और शिक्षा ऋण में निराशाजनक प्रगति समीक्षा में यह भी सामने आया कि आरसेटी और रुडसेट जैसे प्रशिक्षण केंद्रों के तहत 1,000 के लक्ष्य के मुकाबले केवल 77 प्रस्ताव भेजे गए। इसी तरह, मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना और ODOP जैसी योजनाओं में भी प्रगति बहुत धीमी पाई गई। सांसद और केंद्रीय मंत्री ने बैंकों को लंबित आवेदनों का जल्द से जल्द निस्तारण करने और योजनाओं का लाभ आमजन तक पहुंचाने के लिए जनजागरूकता शिविर लगाने के निर्देश दिए। किसानों और कारीगरों के लिए निर्देश माटीकला रोजगार योजना की धीमी प्रगति पर चिंता जताते हुए अधिकारियों को मिट्टी के काम करने वाले कारीगरों को आसानी से ऋण उपलब्ध कराने के लिए कहा गया। साथ ही, किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) और फसल बीमा की समीक्षा करते हुए किसानों को जागरूक कर अधिक से अधिक लोगों को योजना से जोड़ने पर जोर दिया गया। बैठक में डीएम अरविन्द मल्लप्पा बंगारी, सीडीओ प्रतिभा सिंह सहित आरबीआई और सभी प्रमुख बैंकों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। बैठक के अंत में केंद्रीय मंत्री ने स्पष्ट किया कि केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं की सफलता बैंकों के सहयोग पर निर्भर करती है और सभी बैंकों को समयबद्ध तरीके से पात्र लाभार्थियों को ऋण उपलब्ध कराना चाहिए।

आगरा के जूता बाजार में दिवाली जैसी रौनक, जीएसटी घटने पर कारोबारियों ने मनाई खुशी

आगरा। आगरा के जूता कारोबारियों ने गुरुवार को ही दिवाली मना ली। केंद्र सरकार द्वारा जूते पर जीएसटी की दर को 12% से घटाकर 5% किए जाने की घोषणा के बाद हींग की मंडी स्थित जूता बाजार में जमकर आतिशबाजी हुई और मिठाइयां बांटी गईं। इस फैसले को जूता उद्योग के लिए एक बड़ी राहत और नई ऊर्जा के रूप में देखा जा रहा है। द आगरा शू फैक्टर्स फैडरेशन के अध्यक्ष विजय सामा को इस बड़ी सफलता के लिए कारोबारियों और कारीगरों ने विशेष रूप से धन्यवाद दिया। सामा ने बताया कि जीएसटी दर कम कराने के लिए पिछले एक साल से लगातार प्रयास किए जा रहे थे, जिसमें 26 राज्यों के व्यापारियों ने एकजुट होकर सहयोग किया। उन्होंने उत्तर प्रदेश के वित्त मंत्री सुरेश खन्ना का भी आभार व्यक्त किया, जिन्होंने केंद्र सरकार तक इस मांग को पहुंचाया। विजय सामा ने कहा कि अब 2,500 रुपये तक के जूते पर सिर्फ 5% जीएसटी लगेगा। उन्होंने बताया कि भारत में बने सिंथेटिक पीवीसी को भी इसी दायरे में शामिल कर लिया गया है। फैडरेशन के महामंत्री अजय महाजन ने कहा कि यह फैसला मंदी से जूझ रहे जूता कारोबार के लिए संजीवनी साबित होगा। इससे न केवल उत्पादन और बिक्री बढ़ेगी, बल्कि ग्राहकों को भी कम दाम पर जूते मिल पाएंगे। इस खुशी के मौके पर बड़ी संख्या में कारोबारी और कारीगर मौजूद रहे।

आगरा में यमुना खतरे के निशान से 3 फीट ऊपर, 40 गांवों में बाढ़ का खतरा; हाई अलर्ट

आगरा। पहाड़ों पर लगातार हो रही बारिश और हथिनीकुंड बैराज से पानी छोड़े जाने के कारण आगरा में यमुना नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। गुरुवार शाम को नदी का जलस्तर खतरे के निशान (495 फीट) से लगभग 3 फीट ऊपर यानी 497 फीट तक पहुंच गया। इसके बाद पूरे जिले में बाढ़ को लेकर हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है। यमुना का पानी अब किनारे तोड़कर शहर के निचले इलाकों में घुसने लगा है। पोइया और मनोहरपुर में पानी सड़क तक आ गया है। दयालबाग और बल्केश्वर के डूब क्षेत्र में भी पानी भरने लगा है। शहरी और ग्रामीण इलाकों के करीब 500 परिवारों पर विस्थापन का खतरा मंडरा रहा है और अब तक 50 परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा चुका है। ताजमहल की बाउंड्री तक पहुंचा पानी, घाट डूबे यमुना के रौद्र रूप के कारण शहर के कई प्रमुख घाट और ऐतिहासिक स्थल जलमग्न हो गए हैं: प्रशासन की अपील और तैयारी बाढ़ की स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने नदी में जाने और नाव चलाने पर पूरी तरह रोक लगा दी है। सभी घाटों पर लोगों को रोकने के लिए बैरिकेडिंग की गई है। इसके साथ ही प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अपने जरूरी सामान और दस्तावेजों को सुरक्षित रखें और बाढ़ शरणालयों में शरण लें। किसी भी आपात स्थिति के लिए जिला स्तर पर 24 घंटे संचालित कंट्रोल रूम के नंबर 0562-2260550 और 09458095419 जारी किए गए हैं।

आगरा हवाई अड्डे पर हवाई सुरक्षा के लिए नगर निगम का अभियान, पकड़े गए एक दर्जन बंदर

आगरा। आगरा के खेरिया हवाई अड्डे पर विमानों की सुरक्षा को देखते हुए नगर निगम ने एक विशेष अभियान चलाया है। इस अभियान के तहत हवाई अड्डे के परिसर से लगभग एक दर्जन बंदरों को पकड़ा गया है। इन सभी बंदरों को सुरक्षित रूप से रेस्क्यू सेंटर भेजा गया है, जहां प्राथमिक उपचार के बाद इन्हें छोड़ा जाएगा। वायुसेना ने मंडलायुक्त के समक्ष उठाया था मुद्दा यह कार्रवाई तब शुरू हुई जब वायुसेना के अधिकारियों ने हाल ही में मंडलायुक्त शैलेंद्र कुमार सिंह के साथ हुई बैठक में हवाई अड्डे पर बंदरों और आवारा कुत्तों की मौजूदगी से होने वाले खतरे के बारे में बताया। इस मामले की गंभीरता को समझते हुए मंडलायुक्त ने नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल को तुरंत कार्रवाई करने के निर्देश दिए। पशु कल्याण अधिकारी डॉ. अजय कुमार सिंह के नेतृत्व में एक टीम बनाई गई, जिसने अभियान चलाकर इन बंदरों को पकड़ा। अधिकारियों ने बताया कि भविष्य में भी नियमित रूप से निगरानी रखी जाएगी ताकि हवाई पट्टी के आसपास किसी भी तरह का खतरा न हो। कूड़े के कारण बढ़ रहा बर्ड एक्टिविटी का खतरा एयरोड्रम पर्यावरण प्रबंधन समिति की बैठक में यह भी बताया गया था कि आगरा-कोटा और आगरा-जयपुर रेलवे ट्रैक के पास भी काफी गंदगी है। साथ ही, एयरफोर्स की बाउंड्री के किनारे भी कई अवैध डलावघर बन गए हैं। इन जगहों पर खुले में पड़े कूड़े की वजह से बर्ड एक्टिविटी बढ़ रही है, जो विमानों के लिए एक बड़ा खतरा है। मंडलायुक्त ने नगर निगम को निर्देश दिए हैं कि सभी अवैध डलावघरों को तुरंत हटाया जाए, कूड़ा उठाया जाए और रेलवे ट्रैक के आसपास नियमित सफाई की जाए। साथ ही, लोगों से डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन का पालन करने की अपील भी की गई है, ताकि लोग खुले में कूड़ा न फेंकें।

शिक्षक नहीं, एक आंदोलन का नाम हैं डॉ. अरुण शर्मा

शिक्षा सिर्फ़ करियर का ज़रिया नहीं है, बल्कि समाज में बड़े बदलाव की ताकत है। इस सोच को अपना जीवन बनाने वाले डॉ. अरुण शर्मा आज आगरा मंडल में विश्वास और प्रेरणा का दूसरा नाम बन गए हैं। गरीबी और संघर्षों से भरे बचपन से निकलकर उन्होंने साबित किया कि शिक्षा ही वो सीढ़ी है, जिससे मिट्टी से भी मुकाम तक पहुँचा जा सकता है। कठिनाइयों से भरा बचपन और शिक्षा की ललक इनायतपुर के एक साधारण परिवार में जन्मे अरुण शर्मा का बचपन अभावों में बीता। किताबें जुटाना और स्कूल की फीस भरना एक बड़ी चुनौती थी, लेकिन शिक्षा की प्यास इतनी गहरी थी कि कोई भी मुश्किल उनके हौसले को नहीं रोक पाई। उनके लिए शिक्षा सिर्फ़ एक विषय नहीं, बल्कि जीवन बदलने का सबसे बड़ा हथियार बन गई थी। देश के टॉप-10 इंजीनियरिंग कॉलेज से कॉर्पोरेट तक गरीबी और चुनौतियों को मात देते हुए उन्होंने भारत के टॉप-10 इंजीनियरिंग कॉलेजों में से एक में दाखिला लिया। कड़ी मेहनत से इंजीनियरिंग की डिग्री पूरी की और फिर देश की टॉप-3 सॉफ्टवेयर कंपनियों में सॉफ्टवेयर इंजीनियर बने। यह सफलता इस बात का प्रमाण थी कि शिक्षा किसी भी परिस्थिति को पूरी तरह बदल सकती है। ज्ञान बाँटने का संकल्प और मोशन अकैडमी की शुरुआत कॉर्पोरेट की दुनिया में शानदार सफलता के बावजूद उनके मन में एक विचार हमेशा गूंजता रहा कि ज्ञान का असली मूल्य तभी है, जब उसे दूसरों के साथ बाँटा जाए। इसी सोच ने उन्हें वापस शिक्षा के क्षेत्र में ला दिया। साल 2017-18 में उन्होंने अपने छोटे भाई विशाल शर्मा के साथ मिलकर आगरा में मोशन अकैडमी की नींव रखी। आज, यह संस्थान आगरा मंडल में IIT-JEE और NEET की तैयारी के लिए सबसे भरोसेमंद नाम बन चुका है। पिछले सात सालों में मोशन अकैडमी ने हज़ारों छात्रों को सफलता दिलाई है, और उनके छात्र मानते हैं कि “शर्मा सर” सिर्फ़ एक शिक्षक नहीं, बल्कि एक सच्चे मार्गदर्शक और प्रेरणा हैं। अपनी मिट्टी का ऋण: इनायतपुर में इंटरनेशनल स्कूल डॉ. अरुण शर्मा का मानना है कि शिक्षा का अधिकार शहर और गाँव, दोनों के बच्चों को बराबर है। इसी सोच के साथ उन्होंने इनायतपुर में मोशन इंटरनेशनल स्कूल की स्थापना की। यह सिर्फ़ एक स्कूल नहीं, बल्कि इस संकल्प का प्रतीक है कि गाँव का बच्चा भी विश्वस्तरीय शिक्षा और अवसर पा सकता है। उनका जीवन-दर्शन साफ़ है: “गरीबी कोई स्थायी सच नहीं है। यह सिर्फ़ एक परिस्थिति है, जिसे शिक्षा, मेहनत और धैर्य से बदला जा सकता है।” आज “शर्मा सर” सिर्फ़ एक शिक्षक नहीं, बल्कि शिक्षा को हर दिल तक पहुँचाने, गाँव और शहर के बच्चों को समान अवसर देने और यह साबित करने के लिए एक आंदोलन का नाम हैं कि शिक्षा ही असली शक्ति है, जो किसी भी मिट्टी को मुकाम तक पहुँचा सकती है।

आगरा एसटीएफ ने पकड़ा नौकरी दिलाने वाला गैंग, 5 गिरफ्तार

आगरा। आगरा एसटीएफ ने एक बड़े फर्जीवाड़े का पर्दाफाश करते हुए सीओडी (COD) और एसएससी (SSC) में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी करने वाले एक गैंग के 5 सदस्यों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से फर्जी मार्कशीट, आधार कार्ड और मोहर लगे हुए प्रवेश पत्र बरामद हुए हैं। इस मामले में थाना न्यू आगरा में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। एसटीएफ आगरा यूनिट को सूचना मिली थी कि यह गैंग न्यू आगरा क्षेत्र में सक्रिय है और भोले-भाले युवाओं को नौकरी का झांसा देकर ठग रहा है। ये लोग एक पीड़ित से 7 लाख रुपये पहले ही हड़प चुके थे। एसटीएफ इंस्पेक्टर यतेंद्र शर्मा के नेतृत्व में टीम ने अबू उलाह दरगाह के पास छापा मारकर धर्मवीर सिंह, देवेंद्र सिंह, अनूप, हरेश पाठक और पारस चाहर को गिरफ्तार किया। ऐसे करते थे ठगी पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे ग्रामीण इलाकों के युवाओं को निशाना बनाते थे। परीक्षा में सॉल्वर (Solver) बैठाकर उन्हें पास कराते थे और जिन लोगों की नौकरी नहीं लगती थी, उनके दस्तावेजों में हेरफेर करके उन्हें नौकरी दिलवाते थे। अगर कोई पीड़ित पैसे वापस मांगता था, तो वे उसके मूल दस्तावेज अपने पास रखकर पैसे हड़प लेते थे। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में से देवेंद्र खुद भी फर्जी दस्तावेजों के आधार पर असम राइफल्स में भर्ती हुआ था, लेकिन जांच शुरू होने पर नौकरी छोड़कर भाग आया था। एसटीएफ को इनके पास से सीओडी आगरा की फर्जी मोहरें, कई प्रवेश पत्र और फर्जी मार्कशीट भी मिली हैं।

आगरा में दशलक्षण महापर्व: जैन समाज ने मनाया उत्तम त्याग धर्म

आगरा। दशलक्षण महापर्व के आठवें दिन गुरुवार को आगरा के श्री महावीर दिगंबर जैन मंदिर, मोती कटरा में उत्तम त्याग धर्म का आयोजन भक्तिभाव और श्रद्धा के साथ संपन्न हुआ। सुबह से ही श्रद्धालुओं ने भगवान का अभिषेक और शांतिधारा की। इस दौरान, विद्वानों ने प्रवचन देते हुए त्याग के महत्व पर प्रकाश डाला और इसे आत्मा की शुद्धि का मार्ग बताया। कार्यक्रम के अंत में भजन और मंगल आरती के साथ दिन का समापन हुआ। इस दौरान महावीरप्रसाद जैन, अनंत कुमार जैन, अरुण जैन समेत मोती कटरा जैन समाज के कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। कमला नगर में दशलक्षण महापर्व के लिए चल रहा अनोखा धर्म शिविर आगरा। दशलक्षण महापर्व के उपलक्ष्य में पूज्य मुनिश्री प्रण्म्यसागर जी महाराज की प्रेरणा से श्री महावीर दिगंबर जैन मंदिर, कमला नगर में एक अनोखा दस दिवसीय धर्म शिविर चल रहा है। इस शिविर में अर्हं फाउंडेशन की प्रशिक्षित साक्षी जैन जबलपुर द्वारा पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन (पीपीपी) के माध्यम से दस धर्मों को आसान भाषा में समझाया जा रहा है। शिविर में मुनिश्री प्रण्म्यसागर जी महाराज की क्लिपिंग्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है, जिससे विषय को और भी गहराई से समझा जा सके। शिविर में सुबह 5:45 बजे से अर्हम ध्यान, सामूहिक अभिषेक, पूजन और त्वार्थसूत्र विधान जैसे कार्यक्रम आयोजित हो रहे हैं। शाम को संगीतमय आरती, कक्षाएं और सांस्कृतिक कार्यक्रम भी हो रहे हैं। इस शिविर की सबसे खास बात यह है कि इसमें बड़ों के साथ-साथ युवा और बच्चे भी बड़ी संख्या में भाग ले रहे हैं, जिसकी समाज में खूब सराहना हो रही है।

आगरा के दवा बाजार में हड़कंप, जांच एजेंसियों के रडार पर 60% दुकानदार

आगरा। फव्वारा स्थित आगरा का दवा बाजार, जो पूरे ब्रज क्षेत्र में दवाओं की आपूर्ति का एक बड़ा केंद्र है, अब शासन-प्रशासन की कड़ी निगरानी में आ गया है। हाल ही में ड्रग विभाग और एसटीएफ की छापेमारी के दौरान करीब 60 प्रतिशत दुकानदारों का दुकानें बंद करके गायब हो जाना यह साफ दर्शाता है कि यहां नकली और प्रतिबंधित दवाओं का कारोबार बड़े पैमाने पर हो सकता है। अब ऐसे सभी दुकानदारों की गहन जांच का ऐलान कर दिया गया है। छापेमारी से फैली घबराहट अगस्त के अंतिम सप्ताह में जब ड्रग विभाग और एसटीएफ की संयुक्त टीम ने फव्वारा दवा बाजार में छापा मारा, तो बाजार में हड़कंप मच गया। छापे की खबर मिलते ही लगभग 60 प्रतिशत दुकानदारों ने आनन-फानन में अपने शटर गिरा दिए और तीन से चार दिनों तक अपनी दुकानें नहीं खोलीं। जबकि कुछ व्यापारी बेखौफ होकर अपना कारोबार करते रहे। दुकानें बंद करने वाले ये सभी कारोबारी अब जांच एजेंसियों के निशाने पर आ गए हैं। औषधि विभाग की विशेष सचिव रेखा एस. चौहान ने भी अपने आगरा दौरे पर यह साफ कर दिया कि जिन दुकानदारों ने छापेमारी के डर से दुकानें बंद की थीं, उन सभी की जांच होगी। उन्होंने कहा कि अगर कारोबार नियमों के तहत हो रहा था, तो डरने की कोई वजह नहीं थी। चार आरोपी पहले ही जा चुके हैं जेल इस मामले में अब तक हे मां मेडिको और बंसल मेडिकल स्टोर के संचालक समेत चार आरोपियों को जेल भेजा जा चुका है। यह घटना यह संकेत देती है कि नकली दवाओं का जाल सिर्फ कुछ दुकानों तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके तार पूरे बाजार में फैले हो सकते हैं। सूत्रों का मानना है कि छापेमारी के बाद कई कारोबारियों ने अपने गोदामों से नकली और अवैध दवाओं को हटाने की कोशिश की है। ताजगंज के नगला पैमा में दवाओं को जलाए जाने की हालिया घटना को भी इसी से जोड़कर देखा जा रहा है। शासन की गंभीरता को देखते हुए माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं।

आगरा में एबीवीपी कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन, पुलिस ने रोका तो सड़क पर लेट गए

आगरा। बाराबंकी में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में गुरुवार को आगरा में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के कार्यकर्ताओं ने जोरदार प्रदर्शन किया। बारिश के बावजूद कार्यकर्ता पीछे नहीं हटे और सुभाष पार्क से पैदल मार्च निकालकर जिला मुख्यालय पहुंचे, जहां उन्होंने पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। कलेक्ट्रेट पर पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोकने की कोशिश की तो कार्यकर्ताओं की पुलिस से तीखी नोकझोंक हो गई। विरोध जताते हुए कार्यकर्ता सड़क पर ही लेट गए, जिससे एमजी रोड पर करीब दो घंटे तक लंबा जाम लगा रहा। लोगों को इस दौरान भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। प्रदर्शनकारी अपनी मांग पर अड़े रहे कि जब तक जिलाधिकारी या पुलिस कमिश्नर खुद आकर ज्ञापन नहीं लेंगे, तब तक वे प्रदर्शन जारी रखेंगे। बाद में, एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने डीसीपी सिटी सोनम कुमार को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में बाराबंकी में लाठीचार्ज करने वाले पुलिस अधिकारियों और कॉलेज प्रशासन पर कड़ी कार्रवाई की मांग की गई। डीसीपी सिटी द्वारा समझाने और उचित कार्रवाई का आश्वासन मिलने के बाद ही कार्यकर्ता एमजी रोड से हटे, जिसके बाद यातायात व्यवस्था सामान्य हो पाई।

आगरा में सेंट जॉन्स से लोहामंडी तक का रास्ता बना मुसीबत, गड्ढे और कीचड़ से परेशान लोग

आगरा। आगरा में सेंट जॉन्स चौराहे से लोहामंडी तक का करीब एक किलोमीटर का रास्ता लोगों के लिए बड़ी मुसीबत बन गया है। इस छोटी सी दूरी में लोगों को 150 से ज्यादा गड्ढों का सामना करना पड़ रहा है। बारिश के कारण ये गड्ढे पानी से भर जाते हैं और नाला निर्माण के लिए निकाली गई मिट्टी से पूरी सड़क पर कीचड़ फैल जाती है, जिससे आवागमन मुश्किल हो गया है। स्थानीय निवासी कृपा शंकर ने बताया कि सड़क की खराब हालत की वजह से आए दिन हादसे होते रहते हैं। बाइक और साइकिल सवार अक्सर फिसलकर गिर जाते हैं। वहीं, दुकानदार और पैदल चलने वाले लोग भी खासे परेशान हैं। सड़क इतनी संकरी हो गई है कि दो वाहन आमने-सामने आ जाएं तो तुरंत जाम लग जाता है। एक छात्रा अनुष्का कुमारी ने अपनी परेशानी बताते हुए कहा कि रोजाना स्कूल जाते समय उनके जूते और यूनिफॉर्म गंदे हो जाते हैं। वहीं, स्कूल की छुट्टी के समय ट्रैफिक इतना बढ़ जाता है कि 5 मिनट का रास्ता तय करने में 20 मिनट तक लग जाते हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह समस्या काफी पुरानी है, लेकिन बरसात के मौसम में हालात और भी खराब हो जाते हैं। लोगों ने प्रशासन से इस सड़क की मरम्मत और नाले का काम जल्द से जल्द पूरा करने की मांग की है, ताकि उन्हें इस रोजमर्रा की परेशानी से छुटकारा मिल सके।

आगरा में नाले में गिरकर डेढ़ साल के बच्चे की मौत, खुला नाला बना हादसे की वजह

आगरा। आगरा के रुनकता कस्बे में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक डेढ़ साल के बच्चे की नाले में गिरकर मौत हो गई। बच्चा अपने घर के बाहर खेल रहा था, तभी बारिश के तेज बहाव में नाले में गिरकर बह गया। लगभग 45 मिनट की तलाश के बाद बच्चे का शव घर से 100 मीटर दूर नाले में मिला। यह घटना विकास खंड अछनेरा के कस्बा रुनकता के होली मोहल्ले की है। मृतक बच्चे का नाम प्रियांशु उर्फ शिव था, जो अपनी मां किरन के साथ अपने नाना के घर रह रहा था। परिजनों ने बताया कि बुधवार दोपहर करीब तीन बजे बारिश के दौरान बच्चा दरवाजे पर खेल रहा था, जब वह अचानक लापता हो गया। लापता होने पर जब परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की तो पता चला कि वह घर के सामने बह रहे खुले नाले में गिर गया था। परिजनों ने बच्चे को फौरन नाले में ढूंढना शुरू किया। करीब पौन घंटे बाद उसका शव मिला, जिसे तुरंत निजी अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। खुला नाला बना मौत का कारण परिजनों का आरोप है कि नाला काफी समय से खुला हुआ है और उसकी सफाई भी नहीं की जाती। बारिश के दिनों में यह नाला ओवरफ्लो होकर बहता है, जिससे दुर्घटना का खतरा बना रहता है। अगर नाला ढका हुआ होता तो यह हादसा नहीं होता। मौके पर पहुंचे कानूनगो और लेखपाल ने पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा दिलाने का आश्वासन दिया है। इस घटना से पूरे परिवार में मातम पसरा हुआ है, और बच्चे की मां का रो-रोकर बुरा हाल है।

बाबा बागेश्वर धीरेंद्र शास्त्री का आगरा दौरा, 6 सितंबर को देंगे प्रवचन

आगरा। बाबा बागेश्वर धाम के प्रमुख पंडित धीरेंद्र शास्त्री 6 सितंबर को आगरा आ रहे हैं। वह यहां तारघर मैदान में आयोजित होने वाले कार्यक्रम में भक्तों को प्रवचन देंगे। इस भव्य आयोजन की तैयारियां जोर-शोर से चल रही हैं। बुधवार को पंडाल के लिए भूमि पूजन विधि-विधान से किया गया। भूमि पूजन कार्यक्रम गणेश पूजा के साथ शुरू हुआ, जिसके बाद वैदिक मंत्रोच्चार के बीच पूजा-अर्चना और हवन संपन्न हुआ। आयोजकों ने आयोजन की सफलता के लिए प्रार्थना की। इस मौके पर बागेश्वर बालाजी धाम की विशेष पूजा भी की गई। इसके तुरंत बाद पंडाल बनाने का काम शुरू कर दिया गया है। 20 हजार भक्तों के लिए बैठने की व्यवस्था कार्यक्रम संयोजक पुष्कल गुप्ता ने बताया कि पंडित धीरेंद्र शास्त्री 6 सितंबर को शहरवासियों को आशीर्वाद देंगे। इस दिन आगरा और आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में भक्तों के आने की उम्मीद है। पंडाल में करीब 20,000 लोगों के बैठने की व्यवस्था की गई है। कार्यक्रम लगभग दो घंटे का होगा और भक्तों का प्रवेश सुबह 8 बजे से शुरू हो जाएगा। आयोजकों ने बताया कि सुरक्षा और ट्रैफिक व्यवस्था के लिए प्रशासन की मदद से लगभग 500 वॉलंटियर्स लगाए जाएंगे। ये वॉलंटियर्स अलग-अलग रास्तों पर वाहनों को रोकने और डायवर्ट करने का काम करेंगे। जो लोग पंडाल के अंदर नहीं आ पाएंगे, उनके लिए बाहर बड़ी एलईडी स्क्रीन लगाई जाएगी ताकि वे भी कार्यक्रम देख और सुन सकें। इस भूमि पूजन कार्यक्रम में मुख्य आयोजक पुष्कल गुप्ता, उनकी माता साधना गुप्ता, दिव्यांशु, नीरज, डॉ. संजीव वर्मा, महेंद्र सिंह और रवि कुमार सहित कई स्थानीय लोग मौजूद थे।

आगरा में पत्नी ने भाइयों से करवाया पति का अपहरण, पूजा करते हुए उठाया; कार की डिक्की से छुड़ाया

आगरा। आगरा के खंदौली थाना क्षेत्र में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां एक नाराज पत्नी ने अपने भाइयों को भेजकर पति का अपहरण करवा दिया। गुरुवार सुबह जब पति मंदिर में पूजा कर रहा था, तभी पत्नी के तीन भाइयों और दो अन्य लोगों ने उसे पकड़कर पीटा। फिर उसके हाथ-पैर बांधकर मुंह में कपड़ा ठूंस दिया और जबरन कार की डिक्की में डालकर ले जाने लगे। इस घटना को देखकर ग्रामीणों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। अपहरण की खबर मिलते ही पुलिस हरकत में आई और पूरे इलाके में नाकाबंदी कर दी। ग्रामीणों ने भी बाइक से कार का पीछा किया। करीब 5 किलोमीटर पीछा करने के बाद खंदौली पुलिस चौकी के पास पुलिस ने कार को घेर लिया। जब कार की डिक्की खोली गई, तो उसके अंदर बंधा हुआ पीड़ित हरदेव मिला, जिसे पुलिस ने तुरंत आजाद कराया। संपत्ति हड़पने का आरोप पीड़ित हरदेव पेशे से किसान हैं और खेरिया गांव में रहते हैं। उनका कहना है कि दो दिन पहले पत्नी से झगड़ा हुआ था, जिसके बाद वह मायके चली गई थी। हरदेव ने पुलिस को बताया कि उसके साले उसकी संपत्ति हड़पना चाहते हैं और इसी वजह से वे उसे अगवा करके ले जा रहे थे। पुलिस ने बताया कि हरदेव की शिकायत पर मामला दर्ज किया जा रहा है और तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। जांच के बाद सख्त कार्रवाई की जाएगी। तस्वीरें देखिए-

आगरा में दर्दनाक हादसा: पेट्रोल पंप पर बैठी महिला को कार ने कुचला, मौत का लाइव वीडियो आया सामने

आगरा। आगरा के मारुति एस्टेट चौराहे पर स्थित एक पेट्रोल पंप पर बुधवार को एक दर्दनाक हादसा हुआ। यहां पेट्रोल भरवाने के लिए रुकी एक कार ने जमीन पर बैठी महिला को कुचल दिया। इस घटना का सीसीटीवी फुटेज सामने आया है, जिसमें कार महिला को करीब 10 मीटर तक घसीटती हुई दिख रही है। हादसे में गंभीर रूप से घायल महिला को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। वहीं, कार चालक मौके से फरार हो गया। हादसा बुधवार सुबह 10:29 बजे एस्सार पेट्रोल पंप पर हुआ। जगदीशपुरा के हनुमान नगर में रहने वाली मुन्नी देवी (मृतक महिला) अपने बेटे ललित के साथ रिश्तेदार से मिलने जा रही थीं। पेट्रोल भरवाने के लिए ललित बाइक को लाइन में खड़ा कर रहा था, तभी मुन्नी देवी पेट्रोल पंप के फर्श पर बैठ गईं। उनके ठीक पीछे खड़ी एक कार के चालक ने अचानक गाड़ी आगे बढ़ा दी, जिससे मुन्नी देवी कार की चपेट में आ गईं। कार का अगला पहिया उनके ऊपर चढ़ गया, लेकिन चालक को पता ही नहीं चला और वह गाड़ी को आगे बढ़ाता रहा। शोर सुनकर पेट्रोल पंपकर्मी और अन्य लोग दौड़े। सबने मिलकर गाड़ी को पीछे से उठाया और मुन्नी देवी को बाहर निकाला। ललित अपनी मां को फौरन अस्पताल ले गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इस बीच, कार चालक मौके से फरार हो गया। एसीपी लोहामंडी मयंत तिवारी ने बताया कि परिजनों की शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया गया है और आरोपी चालक की तलाश की जा रही है।

आगरा में अतिक्रमण हटाने गई नगर निगम टीम को लौटना पड़ा, स्थानीय लोगों ने किया विरोध

आगरा। आगरा के आवास विकास सेक्टर-7 में बुधवार को नगर निगम की अतिक्रमण हटाओ कार्रवाई भारी हंगामे के कारण रुक गई। जोनल अधिकारी सी.पी. सिंह के नेतृत्व में गई निगम की टीम को स्थानीय लोगों के विरोध के बाद बिना कार्रवाई किए ही खाली हाथ लौटना पड़ा। यह कार्रवाई इलाके के एक निवासी ललित अग्रवाल की आईजीआरएस पोर्टल पर की गई शिकायत के बाद शुरू हुई थी। उन्होंने शिकायत में कहा था कि कई लोगों ने अपने घरों के सामने अवैध रूप से रैंप बना लिए हैं, जिससे राहगीरों और वाहनों को आने-जाने में परेशानी हो रही है। जैसे ही नगर निगम की टीम अतिक्रमण हटाने पहुंची, स्थानीय लोगों ने इसका कड़ा विरोध शुरू कर दिया। लोगों ने आरोप लगाया कि उनके नाम से की गई शिकायत फर्जी है और शिकायतकर्ता ललित अग्रवाल ने उनके जाली हस्ताक्षर कर दिए हैं। अधिकारियों ने लोगों को समझाया कि सरकारी भूमि पर रैंप बनाना अवैध है और इसे किसी भी कीमत पर नहीं छोड़ा जाएगा। हालांकि, तनाव बढ़ने पर निगम टीम को पीछे हटना पड़ा। लोगों ने कहा कि वे खुद ही रैंप हटा लेंगे और निगम को कार्रवाई नहीं करने देंगे। नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल ने कहा है कि सरकारी जमीन पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने लोगों को खुद अतिक्रमण हटाने का मौका दिया है, लेकिन अगर तय समयसीमा में रैंप नहीं हटे तो निगम सख्त कार्रवाई करेगा।

आगरा में 14 से 21 सितंबर तक होगा जनकपुरी महोत्सव, समिति ने जारी किया पूरा शेड्यूल

आगरा। उत्तर भारत का सबसे बड़ा सांस्कृतिक आयोजन जनकपुरी महोत्सव, जो इस वर्ष कमला नगर में होने जा रहा है, उसका विस्तृत कार्यक्रम शेड्यूल बुधवार को जारी कर दिया गया। यह महोत्सव 14 से 21 सितंबर तक चलेगा, जिसमें हर दिन अलग-अलग धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इस दौरान राम-जानकी विवाह की झलक देखने के लिए हजारों श्रद्धालुओं के उमड़ने की उम्मीद है। महोत्सव आयोजन समिति के मुख्य संरक्षक, राज्यसभा सांसद नवीन जैन ने कार्यक्रम विवरणिका का विमोचन किया। इस अवसर पर उन्होंने मिथिला और आगरा के लोगों से इस महोत्सव में बड़ी संख्या में भाग लेने का आग्रह किया। उनके संबोधन के दौरान ‘जय श्री राम’ और ‘माता जानकी’ के जयकारों से पूरा कार्यक्रम स्थल गूंज उठा। पूरा कार्यक्रम शेड्यूल समिति अध्यक्ष मुरारी प्रसाद अग्रवाल (एकता बिल्डर) ने बताया कि 14 से 21 सितंबर तक होने वाले मुख्य कार्यक्रम इस प्रकार हैं: महोत्सव को सफल बनाने के लिए कई पदाधिकारियों को नई जिम्मेदारियां भी सौंपी गई हैं, जिसमें गौरव पोद्दार को सर्वव्यवस्था प्रमुख बनाया गया है। इस दौरान राजा जनक राजेश अग्रवाल, कोषाध्यक्ष रामरतन मित्तल और अन्य प्रमुख पदाधिकारी मौजूद रहे।

आगरा में भारी बारिश के कारण कल बंद रहेंगे कक्षा 8 तक के सभी स्कूल

आगरा। आगरा में लगातार हो रही बारिश और कई इलाकों में जलभराव की स्थिति को देखते हुए जिलाधिकारी अरविंद मल्लप्पा बंगारी ने एक महत्वपूर्ण फैसला लिया है। उनके निर्देश पर, 4 सितंबर को कक्षा 8 तक के सभी स्कूल बंद रहेंगे। इस आदेश में बेसिक शिक्षा परिषद के प्राथमिक, उच्च प्राथमिक, कंपोजिट विद्यालय, राजकीय, अशासकीय सहायता प्राप्त, मान्यता प्राप्त, वित्तविहीन, सीबीएसई, आईसीएसई और अन्य सभी बोर्ड के नर्सरी से लेकर कक्षा 8 तक के स्कूल शामिल हैं। यह कदम बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है।

गणेश विसर्जन के लिए आगरा में रूट डायवर्जन, 5 और 6 सितंबर को यमुना किनारा रोड रहेगा बंद

आगरा। गणेश प्रतिमाओं के विसर्जन को देखते हुए आगरा की ट्रैफिक पुलिस ने 5 और 6 सितंबर के लिए एक नया रूट डायवर्जन प्लान जारी किया है। इन दोनों दिनों में यमुना किनारा रोड पर केवल प्रतिमा विसर्जन के वाहनों को ही जाने की अनुमति होगी, जबकि अन्य वाहनों को दूसरे रास्तों से भेजा जाएगा। यह व्यवस्था दोनों दिन सुबह 6 बजे से विसर्जन समाप्त होने तक लागू रहेगी। ये है डायवर्जन प्लान ट्रैफिक पुलिस ने लोगों से अपील की है कि अगर बहुत जरूरी न हो तो वे 5 और 6 सितंबर को यमुना किनारा रोड का इस्तेमाल करने से बचें। साथ ही, थाना छत्ता, सिकंदरा और कमलानगर पुलिस को अपने-अपने क्षेत्रों में पड़ने वाले घाटों पर पर्याप्त बल लगाकर यातायात व्यवस्था सुचारू रखने के निर्देश दिए गए हैं।

आगरा में झमाझम बारिश से दिन में छाया अंधेरा, सड़कों पर भरा पानी देखिए जलभराव की तस्वीरें

आगरा। आगरा में बुधवार सुबह से हो रही हल्की बारिश के बाद दोपहर को मौसम ने अचानक करवट ली। दोपहर 3 बजे काली घटाएं छा गईं, जिससे दिन में ही अंधेरा हो गया और वाहन चालकों को हेडलाइट जलाकर चलना पड़ा। इसके बाद हुई तेज बारिश से शहर में कई जगह जलभराव हो गया, जिससे लोगों की परेशानी बढ़ गई। यमुना किनारा रोड और बाजारों में भरा पानी तेज बारिश के कारण शहर में करीब 20 जगहों पर पानी भर गया। यमुना किनारा रोड पर बारिश और यमुना के बढ़ते जलस्तर की वजह से नाला उफान पर आ गया, जिससे सड़क पर दो फीट तक पानी भर गया और वाहन फंसे रहे। वहीं, ट्रांसयमुना स्थित बेसमेंट मार्केट में पानी घुसने से दुकानदारों को भारी नुकसान हुआ है। इनके अलावा, अलबतिया रोड, सुभाष नगर, दौरेठा रोड, पृथ्वीनाथ 100 फीट रोड, साकेत कॉलोनी, मारुति एस्टेट, रामबाग, आवास विकास, एमजी रोड, मदिया कटरा, तोता का ताल, जयपुर हाउस और राजपुर चुंगी जैसे इलाकों में भी जलभराव की समस्या देखी गई। 5 सालों में सबसे ठंडा रहा सितंबर लगातार हो रही बारिश और बूंदाबांदी से आगरा का मौसम सुहाना बना हुआ है। पिछले पांच दिनों से अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस से ऊपर नहीं गया है। आंकड़ों के अनुसार, यह पिछले 5 सालों में सितंबर का सबसे कम तापमान रहा है। मौसम विभाग ने पूर्वानुमान लगाया है कि गुरुवार, 4 सितंबर को भी बादल छाए रहेंगे और बारिश हो सकती है, लेकिन 5 सितंबर से मौसम साफ होने की संभावना है।

आगरा में दहेज हत्या, ससुराल वालों ने विवाहिता को फांसी पर लटकाया

आगरा। आगरा के थाना खंदौली क्षेत्र के पैतखेड़ा गांव में दहेज के लिए एक विवाहिता की हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। मृतका संध्या की शादी करीब डेढ़ साल पहले शिवम से हुई थी। मृतका के परिजनों ने आरोप लगाया है कि शादी में पर्याप्त दहेज दिया गया था, इसके बावजूद पति शिवम, ससुर गीतम सिंह, जेठ दिलीप, जिठानी निशा और सास सुकन्या एक मोटरसाइकिल के लिए संध्या को लगातार प्रताड़ित कर रहे थे। परिजनों ने बताया कि मंगलवार रात करीब एक बजे उन्हें सूचना मिली कि संध्या को फांसी पर लटका कर मार दिया गया है। सूचना मिलते ही मायके वाले मौके पर पहुंचे और हंगामा शुरू कर दिया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने मृतका के परिवार की शिकायत पर सभी आरोपियों के खिलाफ दहेज हत्या का मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस फिलहाल फरार चल रहे सभी आरोपियों की तलाश कर रही है। इस घटना से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है।

आगरा में हल्की बारिश से सड़कों पर कीचड़, कई इलाकों में लगा जाम

आगरा। आगरा में बुधवार सुबह से हो रही हल्की बारिश ने शहर की सड़कों पर परेशानी खड़ी कर दी है। नगर निगम द्वारा चलाए जा रहे नाले निर्माण के काम की वजह से सड़कों पर कीचड़ फैल गई है, जिससे यातायात व्यवस्था चरमरा गई है। शहर के कई इलाकों में आधी सड़क कीचड़ से भर गई है, जिससे वाहनों को निकलने में मुश्किल हो रही है। यही वजह है कि लोहामंडी से मोती कटरा की ओर जाने वाले रास्ते पर लंबा जाम लगा हुआ है, जिसमें वाहन आधे घंटे से फंसे हैं। बारिश और नाला निर्माण के कारण एमजी रोड, लोहामंडी, सेंट जॉन्स, बोदला, शाहगंज, मोती कटरा, सूरसदन और हरी पर्वत की ओर जाने वाली सड़कों पर भी जाम लग गया है। इस जाम से लोगों को अपने ऑफिस और घरों तक पहुंचने में काफी समय लग रहा है, जिससे उनकी परेशानी और भी बढ़ गई है।

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