Agra

आगरा में दिव्यांग बच्चे के दाखिले पर डीएम सख्त: सेंट थॉमस स्कूल के प्रबंधक को कोर्ट में तलब, 21 अगस्त को सुनवाई

आगरा। आगरा में एक दिव्यांग बच्चे के दाखिले को लेकर जिलाधिकारी ने कड़ा रुख अपनाया है। जिलाधिकारी ने सेंट थॉमस स्कूल, सुनारी के प्रबंधक को अपनी कोर्ट में उपस्थित होने के आदेश दिए हैं। यह मामला तब सामने आया जब प्रोग्रेसिव एसोसिएशन ऑफ पैरेंटस अवेयरनेस के राष्ट्रीय संयोजक दीपक सिंह सरीन ने पिछले 4 माह से 70 प्रतिशत विकलांग बच्चे को स्कूल में दाखिला न दिए जाने पर 20 अगस्त से कलेक्ट्रेट गेट पर धरना देने की घोषणा की थी।


डीएम ने मामले का लिया संज्ञान, 21 अगस्त को सुनवाई

जिलाधिकारी ने इस मामले को गंभीरता से संज्ञान में लिया है। उन्होंने प्रबंधक एवं प्रधानाचार्य, सेंट थॉमस स्कूल सुनारी आगरा को 21 अगस्त को दोपहर 12:00 बजे प्रकरण के निस्तारण हेतु जिलाधिकारी कोर्ट में सुनवाई के लिए उपस्थित होने के आदेश दिए हैं।

संस्था के संयोजक दीपक सिंह सरीन ने बताया कि दिव्यांग अधिकार अधिनियम 2016-17 स्पष्ट रूप से कहता है कि दिव्यांग बच्चों (6 से 18 वर्ष तक) को अपनी पसंद के अनुसार नजदीकी स्कूल अथवा विशेष स्कूल में निःशुल्क शिक्षा प्राप्त करने का अधिकार रहेगा। इसके बावजूद, सेंट थॉमस स्कूल द्वारा लगातार फीस जमा करने का दबाव बनाया जा रहा है, जो शिक्षा अधिकार नियमावली का पूरी तरह से उल्लंघन है। बच्चे को लगातार चार माह से शिक्षा अधिकार अधिनियम का उल्लंघन करते हुए स्कूल में प्रवेश नहीं करने दिया जा रहा था।


धरना स्थगित, सुनवाई के बाद आगे की रणनीति

दीपक सिंह सरीन ने कहा कि जिलाधिकारी की कार्रवाई का सम्मान करते हुए 20 अगस्त को होने वाला धरना फिलहाल स्थगित कर दिया गया है। संस्था के पदाधिकारी 21 अगस्त को कोर्ट सुनवाई में उपस्थित रहेंगे। उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि यदि प्रबंधक और प्रधानाचार्य सुनवाई में नहीं पहुंचते हैं या बच्चे के दाखिले का समाधान नहीं होता है, तो इस सुनवाई के तत्काल बाद विकलांग बच्चे के साथ फिर से धरना दिया जाएगा। यह मामला दिव्यांग बच्चों के शिक्षा के अधिकार के लिए एक महत्वपूर्ण मिसाल बन सकता है।


और खबरें भी हैं…

Abhimanyu Singh

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Verified by MonsterInsights