Headlines

शिक्षक नहीं, एक आंदोलन का नाम हैं डॉ. अरुण शर्मा

शिक्षा सिर्फ़ करियर का ज़रिया नहीं है, बल्कि समाज में बड़े बदलाव की ताकत है। इस सोच को अपना जीवन बनाने वाले डॉ. अरुण शर्मा आज आगरा मंडल में विश्वास और प्रेरणा का दूसरा नाम बन गए हैं। गरीबी और संघर्षों से भरे बचपन से निकलकर उन्होंने साबित किया कि शिक्षा ही वो सीढ़ी है, जिससे मिट्टी से भी मुकाम तक पहुँचा जा सकता है। कठिनाइयों से भरा बचपन और शिक्षा की ललक इनायतपुर के एक साधारण परिवार में जन्मे अरुण शर्मा का बचपन अभावों में बीता। किताबें जुटाना और स्कूल की फीस भरना एक बड़ी चुनौती थी, लेकिन शिक्षा की प्यास इतनी गहरी थी कि कोई भी मुश्किल उनके हौसले को नहीं रोक पाई। उनके लिए शिक्षा सिर्फ़ एक विषय नहीं, बल्कि जीवन बदलने का सबसे बड़ा हथियार बन गई थी। देश के टॉप-10 इंजीनियरिंग कॉलेज से कॉर्पोरेट तक गरीबी और चुनौतियों को मात देते हुए उन्होंने भारत के टॉप-10 इंजीनियरिंग कॉलेजों में से एक में दाखिला लिया। कड़ी मेहनत से इंजीनियरिंग की डिग्री पूरी की और फिर देश की टॉप-3 सॉफ्टवेयर कंपनियों में सॉफ्टवेयर इंजीनियर बने। यह सफलता इस बात का प्रमाण थी कि शिक्षा किसी भी परिस्थिति को पूरी तरह बदल सकती है। ज्ञान बाँटने का संकल्प और मोशन अकैडमी की शुरुआत कॉर्पोरेट की दुनिया में शानदार सफलता के बावजूद उनके मन में एक विचार हमेशा गूंजता रहा कि ज्ञान का असली मूल्य तभी है, जब उसे दूसरों के साथ बाँटा जाए। इसी सोच ने उन्हें वापस शिक्षा के क्षेत्र में ला दिया। साल 2017-18 में उन्होंने अपने छोटे भाई विशाल शर्मा के साथ मिलकर आगरा में मोशन अकैडमी की नींव रखी। आज, यह संस्थान आगरा मंडल में IIT-JEE और NEET की तैयारी के लिए सबसे भरोसेमंद नाम बन चुका है। पिछले सात सालों में मोशन अकैडमी ने हज़ारों छात्रों को सफलता दिलाई है, और उनके छात्र मानते हैं कि “शर्मा सर” सिर्फ़ एक शिक्षक नहीं, बल्कि एक सच्चे मार्गदर्शक और प्रेरणा हैं। अपनी मिट्टी का ऋण: इनायतपुर में इंटरनेशनल स्कूल डॉ. अरुण शर्मा का मानना है कि शिक्षा का अधिकार शहर और गाँव, दोनों के बच्चों को बराबर है। इसी सोच के साथ उन्होंने इनायतपुर में मोशन इंटरनेशनल स्कूल की स्थापना की। यह सिर्फ़ एक स्कूल नहीं, बल्कि इस संकल्प का प्रतीक है कि गाँव का बच्चा भी विश्वस्तरीय शिक्षा और अवसर पा सकता है। उनका जीवन-दर्शन साफ़ है: “गरीबी कोई स्थायी सच नहीं है। यह सिर्फ़ एक परिस्थिति है, जिसे शिक्षा, मेहनत और धैर्य से बदला जा सकता है।” आज “शर्मा सर” सिर्फ़ एक शिक्षक नहीं, बल्कि शिक्षा को हर दिल तक पहुँचाने, गाँव और शहर के बच्चों को समान अवसर देने और यह साबित करने के लिए एक आंदोलन का नाम हैं कि शिक्षा ही असली शक्ति है, जो किसी भी मिट्टी को मुकाम तक पहुँचा सकती है।

Read More

आगरा एसटीएफ ने पकड़ा नौकरी दिलाने वाला गैंग, 5 गिरफ्तार

आगरा। आगरा एसटीएफ ने एक बड़े फर्जीवाड़े का पर्दाफाश करते हुए सीओडी (COD) और एसएससी (SSC) में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी करने वाले एक गैंग के 5 सदस्यों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से फर्जी मार्कशीट, आधार कार्ड और मोहर लगे हुए प्रवेश पत्र बरामद हुए हैं। इस मामले में थाना न्यू आगरा में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। एसटीएफ आगरा यूनिट को सूचना मिली थी कि यह गैंग न्यू आगरा क्षेत्र में सक्रिय है और भोले-भाले युवाओं को नौकरी का झांसा देकर ठग रहा है। ये लोग एक पीड़ित से 7 लाख रुपये पहले ही हड़प चुके थे। एसटीएफ इंस्पेक्टर यतेंद्र शर्मा के नेतृत्व में टीम ने अबू उलाह दरगाह के पास छापा मारकर धर्मवीर सिंह, देवेंद्र सिंह, अनूप, हरेश पाठक और पारस चाहर को गिरफ्तार किया। ऐसे करते थे ठगी पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे ग्रामीण इलाकों के युवाओं को निशाना बनाते थे। परीक्षा में सॉल्वर (Solver) बैठाकर उन्हें पास कराते थे और जिन लोगों की नौकरी नहीं लगती थी, उनके दस्तावेजों में हेरफेर करके उन्हें नौकरी दिलवाते थे। अगर कोई पीड़ित पैसे वापस मांगता था, तो वे उसके मूल दस्तावेज अपने पास रखकर पैसे हड़प लेते थे। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में से देवेंद्र खुद भी फर्जी दस्तावेजों के आधार पर असम राइफल्स में भर्ती हुआ था, लेकिन जांच शुरू होने पर नौकरी छोड़कर भाग आया था। एसटीएफ को इनके पास से सीओडी आगरा की फर्जी मोहरें, कई प्रवेश पत्र और फर्जी मार्कशीट भी मिली हैं।

Read More

आगरा में दशलक्षण महापर्व: जैन समाज ने मनाया उत्तम त्याग धर्म

आगरा। दशलक्षण महापर्व के आठवें दिन गुरुवार को आगरा के श्री महावीर दिगंबर जैन मंदिर, मोती कटरा में उत्तम त्याग धर्म का आयोजन भक्तिभाव और श्रद्धा के साथ संपन्न हुआ। सुबह से ही श्रद्धालुओं ने भगवान का अभिषेक और शांतिधारा की। इस दौरान, विद्वानों ने प्रवचन देते हुए त्याग के महत्व पर प्रकाश डाला और इसे आत्मा की शुद्धि का मार्ग बताया। कार्यक्रम के अंत में भजन और मंगल आरती के साथ दिन का समापन हुआ। इस दौरान महावीरप्रसाद जैन, अनंत कुमार जैन, अरुण जैन समेत मोती कटरा जैन समाज के कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। कमला नगर में दशलक्षण महापर्व के लिए चल रहा अनोखा धर्म शिविर आगरा। दशलक्षण महापर्व के उपलक्ष्य में पूज्य मुनिश्री प्रण्म्यसागर जी महाराज की प्रेरणा से श्री महावीर दिगंबर जैन मंदिर, कमला नगर में एक अनोखा दस दिवसीय धर्म शिविर चल रहा है। इस शिविर में अर्हं फाउंडेशन की प्रशिक्षित साक्षी जैन जबलपुर द्वारा पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन (पीपीपी) के माध्यम से दस धर्मों को आसान भाषा में समझाया जा रहा है। शिविर में मुनिश्री प्रण्म्यसागर जी महाराज की क्लिपिंग्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है, जिससे विषय को और भी गहराई से समझा जा सके। शिविर में सुबह 5:45 बजे से अर्हम ध्यान, सामूहिक अभिषेक, पूजन और त्वार्थसूत्र विधान जैसे कार्यक्रम आयोजित हो रहे हैं। शाम को संगीतमय आरती, कक्षाएं और सांस्कृतिक कार्यक्रम भी हो रहे हैं। इस शिविर की सबसे खास बात यह है कि इसमें बड़ों के साथ-साथ युवा और बच्चे भी बड़ी संख्या में भाग ले रहे हैं, जिसकी समाज में खूब सराहना हो रही है।

Read More

आगरा के दवा बाजार में हड़कंप, जांच एजेंसियों के रडार पर 60% दुकानदार

आगरा। फव्वारा स्थित आगरा का दवा बाजार, जो पूरे ब्रज क्षेत्र में दवाओं की आपूर्ति का एक बड़ा केंद्र है, अब शासन-प्रशासन की कड़ी निगरानी में आ गया है। हाल ही में ड्रग विभाग और एसटीएफ की छापेमारी के दौरान करीब 60 प्रतिशत दुकानदारों का दुकानें बंद करके गायब हो जाना यह साफ दर्शाता है कि यहां नकली और प्रतिबंधित दवाओं का कारोबार बड़े पैमाने पर हो सकता है। अब ऐसे सभी दुकानदारों की गहन जांच का ऐलान कर दिया गया है। छापेमारी से फैली घबराहट अगस्त के अंतिम सप्ताह में जब ड्रग विभाग और एसटीएफ की संयुक्त टीम ने फव्वारा दवा बाजार में छापा मारा, तो बाजार में हड़कंप मच गया। छापे की खबर मिलते ही लगभग 60 प्रतिशत दुकानदारों ने आनन-फानन में अपने शटर गिरा दिए और तीन से चार दिनों तक अपनी दुकानें नहीं खोलीं। जबकि कुछ व्यापारी बेखौफ होकर अपना कारोबार करते रहे। दुकानें बंद करने वाले ये सभी कारोबारी अब जांच एजेंसियों के निशाने पर आ गए हैं। औषधि विभाग की विशेष सचिव रेखा एस. चौहान ने भी अपने आगरा दौरे पर यह साफ कर दिया कि जिन दुकानदारों ने छापेमारी के डर से दुकानें बंद की थीं, उन सभी की जांच होगी। उन्होंने कहा कि अगर कारोबार नियमों के तहत हो रहा था, तो डरने की कोई वजह नहीं थी। चार आरोपी पहले ही जा चुके हैं जेल इस मामले में अब तक हे मां मेडिको और बंसल मेडिकल स्टोर के संचालक समेत चार आरोपियों को जेल भेजा जा चुका है। यह घटना यह संकेत देती है कि नकली दवाओं का जाल सिर्फ कुछ दुकानों तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके तार पूरे बाजार में फैले हो सकते हैं। सूत्रों का मानना है कि छापेमारी के बाद कई कारोबारियों ने अपने गोदामों से नकली और अवैध दवाओं को हटाने की कोशिश की है। ताजगंज के नगला पैमा में दवाओं को जलाए जाने की हालिया घटना को भी इसी से जोड़कर देखा जा रहा है। शासन की गंभीरता को देखते हुए माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं।

Read More

आगरा में एबीवीपी कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन, पुलिस ने रोका तो सड़क पर लेट गए

आगरा। बाराबंकी में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में गुरुवार को आगरा में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के कार्यकर्ताओं ने जोरदार प्रदर्शन किया। बारिश के बावजूद कार्यकर्ता पीछे नहीं हटे और सुभाष पार्क से पैदल मार्च निकालकर जिला मुख्यालय पहुंचे, जहां उन्होंने पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। कलेक्ट्रेट पर पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोकने की कोशिश की तो कार्यकर्ताओं की पुलिस से तीखी नोकझोंक हो गई। विरोध जताते हुए कार्यकर्ता सड़क पर ही लेट गए, जिससे एमजी रोड पर करीब दो घंटे तक लंबा जाम लगा रहा। लोगों को इस दौरान भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। प्रदर्शनकारी अपनी मांग पर अड़े रहे कि जब तक जिलाधिकारी या पुलिस कमिश्नर खुद आकर ज्ञापन नहीं लेंगे, तब तक वे प्रदर्शन जारी रखेंगे। बाद में, एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने डीसीपी सिटी सोनम कुमार को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में बाराबंकी में लाठीचार्ज करने वाले पुलिस अधिकारियों और कॉलेज प्रशासन पर कड़ी कार्रवाई की मांग की गई। डीसीपी सिटी द्वारा समझाने और उचित कार्रवाई का आश्वासन मिलने के बाद ही कार्यकर्ता एमजी रोड से हटे, जिसके बाद यातायात व्यवस्था सामान्य हो पाई।

Read More

आगरा में सेंट जॉन्स से लोहामंडी तक का रास्ता बना मुसीबत, गड्ढे और कीचड़ से परेशान लोग

आगरा। आगरा में सेंट जॉन्स चौराहे से लोहामंडी तक का करीब एक किलोमीटर का रास्ता लोगों के लिए बड़ी मुसीबत बन गया है। इस छोटी सी दूरी में लोगों को 150 से ज्यादा गड्ढों का सामना करना पड़ रहा है। बारिश के कारण ये गड्ढे पानी से भर जाते हैं और नाला निर्माण के लिए निकाली गई मिट्टी से पूरी सड़क पर कीचड़ फैल जाती है, जिससे आवागमन मुश्किल हो गया है। स्थानीय निवासी कृपा शंकर ने बताया कि सड़क की खराब हालत की वजह से आए दिन हादसे होते रहते हैं। बाइक और साइकिल सवार अक्सर फिसलकर गिर जाते हैं। वहीं, दुकानदार और पैदल चलने वाले लोग भी खासे परेशान हैं। सड़क इतनी संकरी हो गई है कि दो वाहन आमने-सामने आ जाएं तो तुरंत जाम लग जाता है। एक छात्रा अनुष्का कुमारी ने अपनी परेशानी बताते हुए कहा कि रोजाना स्कूल जाते समय उनके जूते और यूनिफॉर्म गंदे हो जाते हैं। वहीं, स्कूल की छुट्टी के समय ट्रैफिक इतना बढ़ जाता है कि 5 मिनट का रास्ता तय करने में 20 मिनट तक लग जाते हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह समस्या काफी पुरानी है, लेकिन बरसात के मौसम में हालात और भी खराब हो जाते हैं। लोगों ने प्रशासन से इस सड़क की मरम्मत और नाले का काम जल्द से जल्द पूरा करने की मांग की है, ताकि उन्हें इस रोजमर्रा की परेशानी से छुटकारा मिल सके।

Read More

आगरा में नाले में गिरकर डेढ़ साल के बच्चे की मौत, खुला नाला बना हादसे की वजह

आगरा। आगरा के रुनकता कस्बे में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक डेढ़ साल के बच्चे की नाले में गिरकर मौत हो गई। बच्चा अपने घर के बाहर खेल रहा था, तभी बारिश के तेज बहाव में नाले में गिरकर बह गया। लगभग 45 मिनट की तलाश के बाद बच्चे का शव घर से 100 मीटर दूर नाले में मिला। यह घटना विकास खंड अछनेरा के कस्बा रुनकता के होली मोहल्ले की है। मृतक बच्चे का नाम प्रियांशु उर्फ शिव था, जो अपनी मां किरन के साथ अपने नाना के घर रह रहा था। परिजनों ने बताया कि बुधवार दोपहर करीब तीन बजे बारिश के दौरान बच्चा दरवाजे पर खेल रहा था, जब वह अचानक लापता हो गया। लापता होने पर जब परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की तो पता चला कि वह घर के सामने बह रहे खुले नाले में गिर गया था। परिजनों ने बच्चे को फौरन नाले में ढूंढना शुरू किया। करीब पौन घंटे बाद उसका शव मिला, जिसे तुरंत निजी अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। खुला नाला बना मौत का कारण परिजनों का आरोप है कि नाला काफी समय से खुला हुआ है और उसकी सफाई भी नहीं की जाती। बारिश के दिनों में यह नाला ओवरफ्लो होकर बहता है, जिससे दुर्घटना का खतरा बना रहता है। अगर नाला ढका हुआ होता तो यह हादसा नहीं होता। मौके पर पहुंचे कानूनगो और लेखपाल ने पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा दिलाने का आश्वासन दिया है। इस घटना से पूरे परिवार में मातम पसरा हुआ है, और बच्चे की मां का रो-रोकर बुरा हाल है।

Read More

बाबा बागेश्वर धीरेंद्र शास्त्री का आगरा दौरा, 6 सितंबर को देंगे प्रवचन

आगरा। बाबा बागेश्वर धाम के प्रमुख पंडित धीरेंद्र शास्त्री 6 सितंबर को आगरा आ रहे हैं। वह यहां तारघर मैदान में आयोजित होने वाले कार्यक्रम में भक्तों को प्रवचन देंगे। इस भव्य आयोजन की तैयारियां जोर-शोर से चल रही हैं। बुधवार को पंडाल के लिए भूमि पूजन विधि-विधान से किया गया। भूमि पूजन कार्यक्रम गणेश पूजा के साथ शुरू हुआ, जिसके बाद वैदिक मंत्रोच्चार के बीच पूजा-अर्चना और हवन संपन्न हुआ। आयोजकों ने आयोजन की सफलता के लिए प्रार्थना की। इस मौके पर बागेश्वर बालाजी धाम की विशेष पूजा भी की गई। इसके तुरंत बाद पंडाल बनाने का काम शुरू कर दिया गया है। 20 हजार भक्तों के लिए बैठने की व्यवस्था कार्यक्रम संयोजक पुष्कल गुप्ता ने बताया कि पंडित धीरेंद्र शास्त्री 6 सितंबर को शहरवासियों को आशीर्वाद देंगे। इस दिन आगरा और आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में भक्तों के आने की उम्मीद है। पंडाल में करीब 20,000 लोगों के बैठने की व्यवस्था की गई है। कार्यक्रम लगभग दो घंटे का होगा और भक्तों का प्रवेश सुबह 8 बजे से शुरू हो जाएगा। आयोजकों ने बताया कि सुरक्षा और ट्रैफिक व्यवस्था के लिए प्रशासन की मदद से लगभग 500 वॉलंटियर्स लगाए जाएंगे। ये वॉलंटियर्स अलग-अलग रास्तों पर वाहनों को रोकने और डायवर्ट करने का काम करेंगे। जो लोग पंडाल के अंदर नहीं आ पाएंगे, उनके लिए बाहर बड़ी एलईडी स्क्रीन लगाई जाएगी ताकि वे भी कार्यक्रम देख और सुन सकें। इस भूमि पूजन कार्यक्रम में मुख्य आयोजक पुष्कल गुप्ता, उनकी माता साधना गुप्ता, दिव्यांशु, नीरज, डॉ. संजीव वर्मा, महेंद्र सिंह और रवि कुमार सहित कई स्थानीय लोग मौजूद थे।

Read More

आगरा में पत्नी ने भाइयों से करवाया पति का अपहरण, पूजा करते हुए उठाया; कार की डिक्की से छुड़ाया

आगरा। आगरा के खंदौली थाना क्षेत्र में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां एक नाराज पत्नी ने अपने भाइयों को भेजकर पति का अपहरण करवा दिया। गुरुवार सुबह जब पति मंदिर में पूजा कर रहा था, तभी पत्नी के तीन भाइयों और दो अन्य लोगों ने उसे पकड़कर पीटा। फिर उसके हाथ-पैर बांधकर मुंह में कपड़ा ठूंस दिया और जबरन कार की डिक्की में डालकर ले जाने लगे। इस घटना को देखकर ग्रामीणों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। अपहरण की खबर मिलते ही पुलिस हरकत में आई और पूरे इलाके में नाकाबंदी कर दी। ग्रामीणों ने भी बाइक से कार का पीछा किया। करीब 5 किलोमीटर पीछा करने के बाद खंदौली पुलिस चौकी के पास पुलिस ने कार को घेर लिया। जब कार की डिक्की खोली गई, तो उसके अंदर बंधा हुआ पीड़ित हरदेव मिला, जिसे पुलिस ने तुरंत आजाद कराया। संपत्ति हड़पने का आरोप पीड़ित हरदेव पेशे से किसान हैं और खेरिया गांव में रहते हैं। उनका कहना है कि दो दिन पहले पत्नी से झगड़ा हुआ था, जिसके बाद वह मायके चली गई थी। हरदेव ने पुलिस को बताया कि उसके साले उसकी संपत्ति हड़पना चाहते हैं और इसी वजह से वे उसे अगवा करके ले जा रहे थे। पुलिस ने बताया कि हरदेव की शिकायत पर मामला दर्ज किया जा रहा है और तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। जांच के बाद सख्त कार्रवाई की जाएगी। तस्वीरें देखिए-

Read More

आगरा में दर्दनाक हादसा: पेट्रोल पंप पर बैठी महिला को कार ने कुचला, मौत का लाइव वीडियो आया सामने

आगरा। आगरा के मारुति एस्टेट चौराहे पर स्थित एक पेट्रोल पंप पर बुधवार को एक दर्दनाक हादसा हुआ। यहां पेट्रोल भरवाने के लिए रुकी एक कार ने जमीन पर बैठी महिला को कुचल दिया। इस घटना का सीसीटीवी फुटेज सामने आया है, जिसमें कार महिला को करीब 10 मीटर तक घसीटती हुई दिख रही है। हादसे में गंभीर रूप से घायल महिला को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। वहीं, कार चालक मौके से फरार हो गया। हादसा बुधवार सुबह 10:29 बजे एस्सार पेट्रोल पंप पर हुआ। जगदीशपुरा के हनुमान नगर में रहने वाली मुन्नी देवी (मृतक महिला) अपने बेटे ललित के साथ रिश्तेदार से मिलने जा रही थीं। पेट्रोल भरवाने के लिए ललित बाइक को लाइन में खड़ा कर रहा था, तभी मुन्नी देवी पेट्रोल पंप के फर्श पर बैठ गईं। उनके ठीक पीछे खड़ी एक कार के चालक ने अचानक गाड़ी आगे बढ़ा दी, जिससे मुन्नी देवी कार की चपेट में आ गईं। कार का अगला पहिया उनके ऊपर चढ़ गया, लेकिन चालक को पता ही नहीं चला और वह गाड़ी को आगे बढ़ाता रहा। शोर सुनकर पेट्रोल पंपकर्मी और अन्य लोग दौड़े। सबने मिलकर गाड़ी को पीछे से उठाया और मुन्नी देवी को बाहर निकाला। ललित अपनी मां को फौरन अस्पताल ले गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इस बीच, कार चालक मौके से फरार हो गया। एसीपी लोहामंडी मयंत तिवारी ने बताया कि परिजनों की शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया गया है और आरोपी चालक की तलाश की जा रही है।

Read More

आगरा में अतिक्रमण हटाने गई नगर निगम टीम को लौटना पड़ा, स्थानीय लोगों ने किया विरोध

आगरा। आगरा के आवास विकास सेक्टर-7 में बुधवार को नगर निगम की अतिक्रमण हटाओ कार्रवाई भारी हंगामे के कारण रुक गई। जोनल अधिकारी सी.पी. सिंह के नेतृत्व में गई निगम की टीम को स्थानीय लोगों के विरोध के बाद बिना कार्रवाई किए ही खाली हाथ लौटना पड़ा। यह कार्रवाई इलाके के एक निवासी ललित अग्रवाल की आईजीआरएस पोर्टल पर की गई शिकायत के बाद शुरू हुई थी। उन्होंने शिकायत में कहा था कि कई लोगों ने अपने घरों के सामने अवैध रूप से रैंप बना लिए हैं, जिससे राहगीरों और वाहनों को आने-जाने में परेशानी हो रही है। जैसे ही नगर निगम की टीम अतिक्रमण हटाने पहुंची, स्थानीय लोगों ने इसका कड़ा विरोध शुरू कर दिया। लोगों ने आरोप लगाया कि उनके नाम से की गई शिकायत फर्जी है और शिकायतकर्ता ललित अग्रवाल ने उनके जाली हस्ताक्षर कर दिए हैं। अधिकारियों ने लोगों को समझाया कि सरकारी भूमि पर रैंप बनाना अवैध है और इसे किसी भी कीमत पर नहीं छोड़ा जाएगा। हालांकि, तनाव बढ़ने पर निगम टीम को पीछे हटना पड़ा। लोगों ने कहा कि वे खुद ही रैंप हटा लेंगे और निगम को कार्रवाई नहीं करने देंगे। नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल ने कहा है कि सरकारी जमीन पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने लोगों को खुद अतिक्रमण हटाने का मौका दिया है, लेकिन अगर तय समयसीमा में रैंप नहीं हटे तो निगम सख्त कार्रवाई करेगा।

Read More

आगरा में 14 से 21 सितंबर तक होगा जनकपुरी महोत्सव, समिति ने जारी किया पूरा शेड्यूल

आगरा। उत्तर भारत का सबसे बड़ा सांस्कृतिक आयोजन जनकपुरी महोत्सव, जो इस वर्ष कमला नगर में होने जा रहा है, उसका विस्तृत कार्यक्रम शेड्यूल बुधवार को जारी कर दिया गया। यह महोत्सव 14 से 21 सितंबर तक चलेगा, जिसमें हर दिन अलग-अलग धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इस दौरान राम-जानकी विवाह की झलक देखने के लिए हजारों श्रद्धालुओं के उमड़ने की उम्मीद है। महोत्सव आयोजन समिति के मुख्य संरक्षक, राज्यसभा सांसद नवीन जैन ने कार्यक्रम विवरणिका का विमोचन किया। इस अवसर पर उन्होंने मिथिला और आगरा के लोगों से इस महोत्सव में बड़ी संख्या में भाग लेने का आग्रह किया। उनके संबोधन के दौरान ‘जय श्री राम’ और ‘माता जानकी’ के जयकारों से पूरा कार्यक्रम स्थल गूंज उठा। पूरा कार्यक्रम शेड्यूल समिति अध्यक्ष मुरारी प्रसाद अग्रवाल (एकता बिल्डर) ने बताया कि 14 से 21 सितंबर तक होने वाले मुख्य कार्यक्रम इस प्रकार हैं: महोत्सव को सफल बनाने के लिए कई पदाधिकारियों को नई जिम्मेदारियां भी सौंपी गई हैं, जिसमें गौरव पोद्दार को सर्वव्यवस्था प्रमुख बनाया गया है। इस दौरान राजा जनक राजेश अग्रवाल, कोषाध्यक्ष रामरतन मित्तल और अन्य प्रमुख पदाधिकारी मौजूद रहे।

Read More

आगरा में भारी बारिश के कारण कल बंद रहेंगे कक्षा 8 तक के सभी स्कूल

आगरा। आगरा में लगातार हो रही बारिश और कई इलाकों में जलभराव की स्थिति को देखते हुए जिलाधिकारी अरविंद मल्लप्पा बंगारी ने एक महत्वपूर्ण फैसला लिया है। उनके निर्देश पर, 4 सितंबर को कक्षा 8 तक के सभी स्कूल बंद रहेंगे। इस आदेश में बेसिक शिक्षा परिषद के प्राथमिक, उच्च प्राथमिक, कंपोजिट विद्यालय, राजकीय, अशासकीय सहायता प्राप्त, मान्यता प्राप्त, वित्तविहीन, सीबीएसई, आईसीएसई और अन्य सभी बोर्ड के नर्सरी से लेकर कक्षा 8 तक के स्कूल शामिल हैं। यह कदम बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है।

Read More

गणेश विसर्जन के लिए आगरा में रूट डायवर्जन, 5 और 6 सितंबर को यमुना किनारा रोड रहेगा बंद

आगरा। गणेश प्रतिमाओं के विसर्जन को देखते हुए आगरा की ट्रैफिक पुलिस ने 5 और 6 सितंबर के लिए एक नया रूट डायवर्जन प्लान जारी किया है। इन दोनों दिनों में यमुना किनारा रोड पर केवल प्रतिमा विसर्जन के वाहनों को ही जाने की अनुमति होगी, जबकि अन्य वाहनों को दूसरे रास्तों से भेजा जाएगा। यह व्यवस्था दोनों दिन सुबह 6 बजे से विसर्जन समाप्त होने तक लागू रहेगी। ये है डायवर्जन प्लान ट्रैफिक पुलिस ने लोगों से अपील की है कि अगर बहुत जरूरी न हो तो वे 5 और 6 सितंबर को यमुना किनारा रोड का इस्तेमाल करने से बचें। साथ ही, थाना छत्ता, सिकंदरा और कमलानगर पुलिस को अपने-अपने क्षेत्रों में पड़ने वाले घाटों पर पर्याप्त बल लगाकर यातायात व्यवस्था सुचारू रखने के निर्देश दिए गए हैं।

Read More

आगरा में झमाझम बारिश से दिन में छाया अंधेरा, सड़कों पर भरा पानी देखिए जलभराव की तस्वीरें

आगरा। आगरा में बुधवार सुबह से हो रही हल्की बारिश के बाद दोपहर को मौसम ने अचानक करवट ली। दोपहर 3 बजे काली घटाएं छा गईं, जिससे दिन में ही अंधेरा हो गया और वाहन चालकों को हेडलाइट जलाकर चलना पड़ा। इसके बाद हुई तेज बारिश से शहर में कई जगह जलभराव हो गया, जिससे लोगों की परेशानी बढ़ गई। यमुना किनारा रोड और बाजारों में भरा पानी तेज बारिश के कारण शहर में करीब 20 जगहों पर पानी भर गया। यमुना किनारा रोड पर बारिश और यमुना के बढ़ते जलस्तर की वजह से नाला उफान पर आ गया, जिससे सड़क पर दो फीट तक पानी भर गया और वाहन फंसे रहे। वहीं, ट्रांसयमुना स्थित बेसमेंट मार्केट में पानी घुसने से दुकानदारों को भारी नुकसान हुआ है। इनके अलावा, अलबतिया रोड, सुभाष नगर, दौरेठा रोड, पृथ्वीनाथ 100 फीट रोड, साकेत कॉलोनी, मारुति एस्टेट, रामबाग, आवास विकास, एमजी रोड, मदिया कटरा, तोता का ताल, जयपुर हाउस और राजपुर चुंगी जैसे इलाकों में भी जलभराव की समस्या देखी गई। 5 सालों में सबसे ठंडा रहा सितंबर लगातार हो रही बारिश और बूंदाबांदी से आगरा का मौसम सुहाना बना हुआ है। पिछले पांच दिनों से अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस से ऊपर नहीं गया है। आंकड़ों के अनुसार, यह पिछले 5 सालों में सितंबर का सबसे कम तापमान रहा है। मौसम विभाग ने पूर्वानुमान लगाया है कि गुरुवार, 4 सितंबर को भी बादल छाए रहेंगे और बारिश हो सकती है, लेकिन 5 सितंबर से मौसम साफ होने की संभावना है।

Read More

आगरा में दहेज हत्या, ससुराल वालों ने विवाहिता को फांसी पर लटकाया

आगरा। आगरा के थाना खंदौली क्षेत्र के पैतखेड़ा गांव में दहेज के लिए एक विवाहिता की हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। मृतका संध्या की शादी करीब डेढ़ साल पहले शिवम से हुई थी। मृतका के परिजनों ने आरोप लगाया है कि शादी में पर्याप्त दहेज दिया गया था, इसके बावजूद पति शिवम, ससुर गीतम सिंह, जेठ दिलीप, जिठानी निशा और सास सुकन्या एक मोटरसाइकिल के लिए संध्या को लगातार प्रताड़ित कर रहे थे। परिजनों ने बताया कि मंगलवार रात करीब एक बजे उन्हें सूचना मिली कि संध्या को फांसी पर लटका कर मार दिया गया है। सूचना मिलते ही मायके वाले मौके पर पहुंचे और हंगामा शुरू कर दिया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने मृतका के परिवार की शिकायत पर सभी आरोपियों के खिलाफ दहेज हत्या का मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस फिलहाल फरार चल रहे सभी आरोपियों की तलाश कर रही है। इस घटना से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है।

Read More

आगरा में हल्की बारिश से सड़कों पर कीचड़, कई इलाकों में लगा जाम

आगरा। आगरा में बुधवार सुबह से हो रही हल्की बारिश ने शहर की सड़कों पर परेशानी खड़ी कर दी है। नगर निगम द्वारा चलाए जा रहे नाले निर्माण के काम की वजह से सड़कों पर कीचड़ फैल गई है, जिससे यातायात व्यवस्था चरमरा गई है। शहर के कई इलाकों में आधी सड़क कीचड़ से भर गई है, जिससे वाहनों को निकलने में मुश्किल हो रही है। यही वजह है कि लोहामंडी से मोती कटरा की ओर जाने वाले रास्ते पर लंबा जाम लगा हुआ है, जिसमें वाहन आधे घंटे से फंसे हैं। बारिश और नाला निर्माण के कारण एमजी रोड, लोहामंडी, सेंट जॉन्स, बोदला, शाहगंज, मोती कटरा, सूरसदन और हरी पर्वत की ओर जाने वाली सड़कों पर भी जाम लग गया है। इस जाम से लोगों को अपने ऑफिस और घरों तक पहुंचने में काफी समय लग रहा है, जिससे उनकी परेशानी और भी बढ़ गई है।

Read More

आगरा: 510 करोड़ दान का वादा करने वाला ‘करोड़पति’ कारोबारी प्रखर गर्ग धोखाधड़ी के आरोप में गिरफ्तार, 22 से अधिक मुकदमे दर्ज

आगरा। बांके बिहारी कॉरिडोर के लिए 510 करोड़ रुपये दान देने का प्रस्ताव देकर पूरे देश में चर्चा में आए आगरा के चर्चित बिल्डर और कारोबारी प्रखर गर्ग को आखिरकार पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने उसे उसकी पत्नी राखी गर्ग के साथ राजस्थान के जयपुर से पकड़ा है। प्रखर गर्ग पर धोखाधड़ी और जालसाजी के 22 से अधिक मुकदमे दर्ज हैं। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस आयुक्त दीपक कुमार के निर्देश पर विशेष टीम का गठन किया गया था। ₹2 करोड़ की धोखाधड़ी का मामला, NBW हुआ था जारी प्रखर गर्ग की गिरफ्तारी मुख्य रूप से ट्रांसपोर्ट नगर निवासी बैटरी व्यापारी अरुण सोंधी द्वारा दर्ज कराए गए ₹2 करोड़ की धोखाधड़ी के मुकदमे में हुई है। अरुण सोंधी को भुगतान के लिए दिए गए चेक बैंक में अपर्याप्त धनराशि के कारण बाउंस हो गए थे। इस मामले में कई बार तारीखों पर हाजिर न होने पर कोर्ट ने उसके खिलाफ गैर-जमानती वारंट (NBW) जारी कर दिया था। पुलिस की टीम लगातार उसकी तलाश कर रही थी। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने जयपुर में दबिश दी और प्रखर को उसकी पत्नी राखी के साथ हिरासत में ले लिया। दोनों को पूछताछ के लिए आगरा लाया गया है, जहां हरीपर्वत थाने में आगे की कार्रवाई की जा रही है। धोखाधड़ी का लंबा इतिहास और ईडी का छापा प्रखर गर्ग का आपराधिक इतिहास काफी पुराना और लंबा है। पिछले साल नवंबर में भी उसे अधिवक्ता दम्पति अनुराग गुप्ता से ढाई करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के मामले में गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। अनुराग गुप्ता ने आरोप लगाया था कि व्यापार के लिए दी गई रकम को प्रखर ने मुनाफे सहित वापस नहीं किया और जो चेक दिए, वे बाउंस हो गए। इसके अलावा, दिसंबर 2024 में ईडी (प्रवर्तन निदेशालय) ने भी प्रखर गर्ग के ठिकानों पर छापा मारा था। वह एक होटल व्यवसायी सुभाष शर्मा से ₹80 लाख की धोखाधड़ी के मामले में भी आरोपी है, जहां उसने मैरिज होम बेचने का सौदा करने के बाद उस पर शोरूम बना दिया था। प्रखर के खिलाफ चेक बाउंस (एनआई एक्ट) के भी कई मामले दर्ज हैं, जो उसके वित्तीय लेनदेन की अनियमितताओं को दर्शाते हैं। बांके बिहारी कॉरिडोर का वादा बना था सुर्खियों की वजह प्रखर गर्ग उस समय सुर्खियों में आया था जब उसने इलाहाबाद हाई कोर्ट में वृंदावन के बांके बिहारी कॉरिडोर को बनाने के लिए 510 करोड़ रुपये दान करने का प्रस्ताव दिया था। इस प्रस्ताव ने उसे एक बड़े दानदाता के रूप में पहचान दिलाई थी, लेकिन पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, उसके खिलाफ 22 से अधिक मुकदमे दर्ज हैं, जो उसकी सार्वजनिक छवि और आपराधिक इतिहास के बीच के विरोधाभास को उजागर करते हैं। पुलिस की कार्रवाई: ढोल बजाकर किया था मुनादी इससे पहले, पुलिस ने जनवरी 2025 में कोर्ट के आदेश पर प्रखर गर्ग के लंगड़े की चौकी, द्वारिकापुरम स्थित घर पर कुर्की पूर्व कार्रवाई का नोटिस चस्पा किया था। पुलिस ने ढोल बजाकर मुनादी भी कराई थी, जिसमें कहा गया था कि अभियुक्त कोर्ट की कार्यवाही को जानबूझकर लंबित रखने के उद्देश्य से उपस्थित नहीं हो रहा है।

Read More

ताजमहल के पास ‘लपका’ आतंक: विदेशी पर्यटक को परेशान कर रहे तीन पकड़े गए, मुकदमा दर्ज!!!

आगरा। आगरा में ताजमहल के पास पर्यटकों को जबरदस्ती घुमाने का दबाव डालने वाले तीन युवकों को पर्यटन पुलिस ने गिरफ्तार किया है। तीनों पर्यटकों पर लगातार दबाव बना रहे थे, जिसके बाद पर्यटन पुलिस ने यह त्वरित कार्रवाई की। क्या हुआ था? गुरुवार को ताजमहल के पूर्वी और पश्चिमी गेट के पास इन तीन युवकों ने कुछ पर्यटकों को घेर लिया। वे पर्यटकों पर इस बात का दबाव बना रहे थे कि वे उन्हें कम पैसों में ताजमहल घुमा देंगे और शॉपिंग भी करा देंगे। पर्यटक बार-बार मना कर रहे थे, लेकिन तीनों युवक पर्यटकों के साथ जबरदस्ती करते रहे। इसकी शिकायत तुरंत पर्यटन पुलिस तक पहुँची। पुलिस ने बिना देर किए मौके पर पहुंचकर सलमान, राहुल सिंह और विकास नाम के तीनों युवकों को धर दबोचा। ये तीनों ही बिना आईडी कार्ड के पर्यटकों पर दबाव बना रहे थे। पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ धारा 170, 126 और 135 के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। ‘लपकों का आतंक’ खत्म क्यों नहीं हो रहा? यह कोई नई बात नहीं है कि ताजमहल के आसपास ‘लपकों’ (पर्यटकों को परेशान करने वाले गाइड/दलाल) का आतंक है। कुछ साल पहले आगरा आए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ताजमहल को ‘लपका मुक्त’ करने की बात कही थी। पुलिस ने तब सख्ती भी बरती थी और कुछ दिनों तक हालात सुधरे भी थे, लेकिन फिर स्थिति जस की तस हो गई। योगी सरकार 2.0 में भी, सरकार के मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्र ने लपकों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए थे। इसके बाद आगरा प्रशासन ने एक बड़ा फैसला लेते हुए ताजमहल शिल्पग्राम रोड पर एक एसडीएम की तैनाती करने की बात कही थी, ताकि वे ताजमहल और उसके आसपास लपकों के खिलाफ कार्रवाई कर सकें। हालांकि, दुखद बात यह है कि ये एसडीएम अब तक तैनात नहीं हो पाए हैं। तत्कालीन डीएम प्रभु एन. सिंह के कार्यकाल में ताजमहल के आसपास सख्ती का असर दिखाई दिया था। वर्तमान में भी पर्यटन पुलिस लपकों को पकड़ने का अभियान चला रही है और लगभग 500 लपकों को गिरफ्तार भी किया जा चुका है। लेकिन सूत्रों के अनुसार, अब भी 1500 से ज़्यादा लपके ताजमहल के आसपास सक्रिय हैं, जो पर्यटकों के लिए परेशानी का सबब बने हुए हैं। और खबरें भी हैं…

Read More
इस रोड पर दिनभर जाम जैसे हालात रहते हैं।

आगरा फोर्ट रेलवे स्टेशन के बाहर महाजाम: ऑटो-ई-रिक्शा चालकों की मनमानी से पर्यटक भी हलकान, 2 मिनट का सफर 15 मिनट में!

आगरा। आगरा के ऐतिहासिक आगरा फोर्ट रेलवे स्टेशन के बाहर ट्रैफिक जाम की समस्या विकराल रूप ले चुकी है। रोजाना बिजलीघर चौराहे से लेकर स्टेशन से करीब 200 मीटर आगे तक भयंकर जाम लगा रहता है। इस जाम का मुख्य कारण ऑटो और ई-रिक्शा चालकों की मनमानी पार्किंग है। ये चालक निर्धारित स्टैंड पर अपने वाहन खड़े न करके सीधे सड़क किनारे सवारियां बैठाने लगते हैं, जिससे वाहनों की आवाजाही ठप हो जाती है। पर्यटक भी परेशान, स्थानीय लोगों का समय बर्बाद स्थानीय लोगों के अनुसार, बिजलीघर चौराहे से शुरू होकर यह जाम दिनभर रहता है। आलम यह है कि महज 2 मिनट की दूरी तय करने में यात्रियों और राहगीरों को 10 से 15 मिनट तक लग जाते हैं। आगरा फोर्ट देखने आने वाले विदेशी पर्यटकों को भी अक्सर इसी जाम से होकर गुजरना पड़ता है, जिससे उन्हें काफी असुविधा होती है। गलत पार्किंग से बढ़ी परेशानी, कोई निर्धारित स्टैंड नहीं स्थानीय निवासियों का कहना है कि स्टेशन से निकलने वाले यात्रियों को अपनी ओर खींचने के चक्कर में ऑटो और ई-रिक्शा चालक सड़क के बीच में ही वाहन रोककर सवारियां बैठाने लगते हैं। इससे सड़क पर वाहनों की आवाजाही बाधित होती है और जाम लग जाता है। स्थानीय लोग बताते हैं कि उन्होंने कई बार इन चालकों को हटने को कहा, लेकिन वे मानते नहीं हैं। स्थानीय निवासी शाहीरान ने बताया कि यहाँ कोई निर्धारित ऑटो स्टैंड नहीं है, जिसकी वजह से चालक सीधे स्टेशन के बाहर ही सवारियां बिठा लेते हैं। लोगों की मांग है कि यहाँ एक स्थायी ऑटो स्टैंड बनाया जाए और गलत पार्किंग करने वालों के खिलाफ सख्ती से कार्रवाई की जाए। इससे ट्रैफिक सुचारू रूप से चल सकेगा और यात्रियों को भी असुविधा से मुक्ति मिलेगी। और खबरें भी हैं…

Read More

आगरा के श्री जगन्नाथ मंदिर में 15वां स्थापना दिवस धूमधाम से मना: नारंगी श्रंगार में सजे भगवान, वृंदावन के संतों ने दिया ‘सच्ची भक्ति’ का संदेश

आगरा। आगरा के कमला नगर स्थित श्री जगन्नाथ मंदिर में बुधवार को 15वां स्थापना दिवस भक्ति और उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर भगवान जगन्नाथ, बहन सुभद्रा और भाई बलभद्र का सूर्य आभा लिए नारंगी वस्त्रों में भव्य श्रंगार किया गया, जिसने भक्तों का मन मोह लिया। पूरे मंदिर परिसर को नारंगी गुड़हल और गुलाब के फूलों से सजाया गया था, जिससे वातावरण अत्यंत मनमोहक हो गया। वृंदावन के संतों ने साझा किए अनुभव, बताया ‘सच्ची भक्ति’ का अर्थ कार्यक्रम की शुरुआत वृंदावन से पधारे परम पूज्य राधा गोविंद महाराज और हरविजय दास ने की। उन्होंने मंदिर की स्थापना से लेकर अब तक के अपने अनुभव साझा किए और भक्तों को सच्ची भक्ति का अर्थ समझाया। संतों ने कहा कि सच्चा भक्त वही है, जो भगवान के साथ-साथ लोगों से भी प्रेम और आदर से पेश आए। उन्होंने जोर देकर कहा, “भक्ति केवल पूजा-पाठ नहीं, बल्कि अच्छा व्यवहार, सरलता और जरूरतमंदों की मदद भी है।” गीता का उदाहरण देते हुए उन्होंने बताया कि भगवान ने कहा है कि जो मन और बुद्धि मुझे अर्पित कर दे, वही मेरा प्रिय भक्त है। [— विज्ञापन —] संकीर्तन और भंडारे में उमड़े श्रद्धालु कार्यक्रम के दौरान भक्तों ने ‘हरे राम हरे कृष्णा’ संकीर्तन कर पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया। भगवान का फूल बंगला सजाया गया और भंडारे में सभी श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में भक्तों ने हिस्सा लिया। इस पावन अवसर पर आगरा इस्कॉन अध्यक्ष अरविंद प्रभु, वैकुण्ड दास, विश्वास प्रभु, शशांक प्रभु, ओमप्रकाश अग्रवाल, अदिति गौरांगी समेत बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण भगवान का विशेष श्रंगार और भाव-विभोर कर देने वाला संकीर्तन रहा, जिसमें सभी भक्त पूरी श्रद्धा के साथ शामिल हुए। मंदिर प्रबंधन ने बताया कि यह आयोजन हर साल आस्था और सेवा के भाव के साथ होता है, जिससे भक्तों में एकता, प्रेम और भक्ति की भावना मजबूत होती है। और खबरें भी हैं…

Read More

आगरा में ‘डीपी होटल प्रकरण’ पर हिंदूवादी संगठनों का थाना घेराव: पुलिस अलर्ट पर, एडिशनल सीपी ने दिया उचित कार्रवाई का आश्वासन

आगरा। आगरा के शमशाबाद कस्बे में ‘डीपी होटल प्रकरण’ को लेकर हिंदूवादी संगठनों द्वारा किए गए थाना घेराव के ऐलान के बाद पुलिस प्रशासन अलर्ट मोड पर आ गया। सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए शमशाबाद में एक दर्जन से अधिक स्थानों पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया। दो प्लाटून पीएसी के साथ ही कई थानों का फोर्स भी मौके पर पहुँच गया। स्थिति का जायजा लेने के लिए देर रात आगरा के पुलिस कमिश्नर (सीपी) ने स्वयं शमशाबाद का दौरा किया। क्षत्रिय भवन में एकत्रित हुए कार्यकर्ता, एडिशनल सीपी को सौंपा ज्ञापन मंगलवार दोपहर को हिंदूवादी संगठन के कार्यकर्ता क्षत्रिय भवन में एकत्रित हुए। इस बैठक में पूर्व विधायक डॉ. राजेंद्र सिंह भी पहुँचे। बैठक के बाद, संगठन ने अपनी मांगों का एक ज्ञापन एडिशनल सीपी को सौंपा। ज्ञापन में होटल प्रकरण में की गई पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए गए और आगे उचित कार्रवाई की मांग की गई। एडिशनल सीपी ने ज्ञापन पर उचित निर्णय लेने का आश्वासन दिया। बाजार बंदी के ऐलान पर पुलिस की चेतावनी इससे पहले, हिंदूवादी संगठनों के धरना और बाजार बंदी के ऐलान के बाद पुलिस ने व्यापारियों से अपील की थी कि यदि कोई जबरदस्ती दुकानें बंद कराने का प्रयास करता है, तो उसकी सूचना तुरंत पुलिस को दें। पुलिस ने साफ किया था कि असामाजिक तत्वों पर कड़ी नजर रखी जाएगी और जबरदस्ती बाजार बंद कराने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा सकती है। ज्ञापन लेने के बाद एडिशनल सीपी रामबदन सिंह ने बताया कि ज्ञापन के माध्यम से जो भी मांगें रखी गई हैं, उनसे उच्च अधिकारियों को अवगत कराया जाएगा और उचित कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। इस बैठक में हिंदूवादी संगठन के प्रांत संगठन मंत्री राजेश, दिग्विजय नाथ तिवारी, सुनील पाराशर, महिपाल सिंह, अरविंद सिंह, हरकेश, नरेंद्र, सुधीर, शिशुपाल सिंह धाकरे, वीरेश रघुवंशी, नरेंद्र जसावत, यशपाल रघुवंशी, संदीप रघुवंशी, अनिल तोमर समेत तमाम कार्यकर्ता मौजूद रहे। यह घटना शमशाबाद में चल रहे एक विशेष सामाजिक और कानूनी मुद्दे पर चल रहे तनाव को दर्शाती है। और खबरें भी हैं…

Read More

आगरा में सिकंदरा तिराहे पर BJP झंडे वाली गाड़ी से कुचलने की कोशिश, दो गुटों में भीषण मार-पीट और तोड़फोड़; 7 गिरफ्तार

आगरा। आगरा के थाना सिकंदरा से चंद कदमों की दूरी पर, आगरा-दिल्ली हाईवे स्थित सिकंदरा तिराहे पर रविवार देर रात करीब ढाई बजे दो गुटों में जमकर मारपीट हुई। दो कारों में आए युवकों ने सड़क पर खूब उत्पात मचाया, एक-दूसरे की कारों को तोड़ा और जानबूझकर कुचलने तक का प्रयास किया। एक कार पर भाजपा का झंडा और ‘पूर्व ब्लॉक प्रमुख’ लिखा होने की बात सामने आई है। इस मामले में पुलिस ने 7 लोगों के खिलाफ कार्रवाई की है। आमने-सामने कार आने पर शुरू हुआ विवाद सिकंदरा तिराहे पर देर रात तक चाय की दुकानें खुली रहती हैं और भीड़-भाड़ रहती है। रविवार की रात भी ऐसी ही स्थिति थी, जब दो कारों में लगभग 8 से 10 लोग वहाँ पहुँचे। बताया जा रहा है कि आमने-सामने कार आने को लेकर दोनों गुटों में पहले कहासुनी हुई, और देखते ही देखते यह विवाद मारपीट में बदल गया। युवकों ने एक-दूसरे को पीटना शुरू कर दिया। वे कारों पर पत्थर बरसाने लगे और डंडों से शीशे तोड़ दिए। अराजकता का माहौल इतना बढ़ गया कि एक-दूसरे पर कार चढ़ाने का भी प्रयास किया गया। लगभग 7-8 मिनट तक घटनास्थल पर अफरा-तफरी मची रही। इस दौरान राहगीर और दुकानदार सहमे रहे। पुलिस की कार्रवाई: 7 लोग हिरासत में, शांतिभंग का मुकदमा दर्ज सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुँची, लेकिन तब तक दोनों पक्षों के युवक अपनी कारों में सवार होकर फरार हो चुके थे। पुलिस ने इस मामले में तत्परता दिखाते हुए हाथरस के सादाबाद निवासी निखिल, नील फ्लोरेंस अपार्टमेंट निवासी कृष्ण द्विवेदी, केके नगर निवासी सुमित, दूसरे पक्ष से बाबरपुर निवासी अजय यादव, उमा कुंज निवासी विवेक यादव, लाल गढ़ी निवासी देव चौधरी और सुशील नगर निवासी सचिन सिकरवार को पकड़ा है। इन सभी के खिलाफ पुलिस ने शांतिभंग की कार्रवाई की है। यह घटना शहर में देर रात की सुरक्षा व्यवस्था और कुछ लोगों द्वारा कानून-व्यवस्था को हाथ में लेने की प्रवृत्ति पर सवाल उठाती है। पुलिस का कहना है कि वे मामले की गहनता से जांच कर रहे हैं। और खबरें भी हैं…

Read More

आगरा में वैश्य समाज एकजुट: बबली गर्ग को न्याय दिलाने के लिए लामबंद, पुलिस कमिश्नर से मिलेगा प्रतिनिधिमंडल

आगरा। आगरा में वैश्य समाज ने कालिंदी विहार निवासी बबली गर्ग को न्याय दिलाने के लिए कमर कस ली है। सोमवार, 11 अगस्त 2025 को लोहा मंडी स्थित महाराजा अग्रसेन भवन में अग्रवाल युवा संगठन रजि. आगरा के अध्यक्ष राकेश अग्रवाल के नेतृत्व में सर्व वैश्य समाज की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक का मुख्य उद्देश्य बबली गर्ग को यह आश्वासन देना था कि समाज तन, मन, धन से उनके साथ खड़ा है और जब तक उन्हें न्याय नहीं मिल जाता, वैश्य समाज चुप नहीं बैठेगा। क्या है बबली गर्ग का मामला? बबली गर्ग पत्नी देवीचरण, कालिंदी विहार में मकान नंबर 41, कान्हा कृष्ण रेजिडेंसी, आर बी डिग्री कॉलेज के पीछे किराए पर रहती हैं। वह पहले चौका-बर्तन का काम करती थीं और अब खाने के टिफिन बनाकर सप्लाई करती हैं। उनके पति ड्राइवर हैं, जिन्हें दो बार हार्ट अटैक आ चुका है। उनके चार बच्चे भी हैं, जिससे परिवार की आर्थिक स्थिति नाजुक है। बबली गर्ग ने कालिंदी विहार में 50 गज का एक मकान विक्रेता प्रेमलता पत्नी शिशुपाल सिंह से खरीदा था। रजिस्ट्री के समय ₹7,70,000 का चेक बबली गर्ग ने प्रेमलता को दिया था। रजिस्ट्री होने के बाद, प्रेमलता ने कहा कि पैसे तुरंत बैंक में जमा करने होंगे, नहीं तो बैंक मकान को नीलाम कर देगा। उसने बबली गर्ग से ₹7,70,000 नकद देने और चेक वापस लेने को कहा। बबली गर्ग ने चेक वापस ले लिया और ₹7,70,000 नकद प्रेमलता को दे दिए, जो बैंक में जमा भी हो गए। इसकी लिखा-पढ़ी ₹10 के नोटरी के स्टांप पर की गई थी। अब बबली गर्ग के पास सभी ओरिजिनल रजिस्ट्री की कॉपियां और ₹7,70,000 का वापसी का चेक भी है। बबली गर्ग के पास मकान का कब्जा भी था, जिसमें उन्होंने अपना सामान रखा हुआ था। लेकिन, 16 मार्च 2025 को जब बबली गर्ग अपनी रिश्तेदारी से लौटीं, तो देखा कि प्रेमलता और उसके कुछ लोगों ने ताला तोड़कर मकान पर कब्जा कर लिया है और उनके सारे सामान की चोरी भी कर ली है। बबली गर्ग का कहना है कि यह सीधा-सीधा कब्जा और डकैती का मामला है। पुलिस और स्थानीय विधायक पर गंभीर आरोप बबली गर्ग ने बताया कि महीनों चक्कर लगाने के बाद पुलिस ने दो महीने की जांच के बाद कहीं जाकर एफआईआर दर्ज की। जब पुलिस मकान पर पहुंची, तो प्रेमलता के परिवार के लोगों ने जमकर नौटंकी की और पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने क्षेत्रीय विधायक को बीच में लाकर थाने पर भारी लाव-लश्कर के साथ हंगामा किया, जिसके परिणामस्वरूप चार-पांच पुलिस वालों को निलंबित करवा दिया गया। बबली गर्ग विधायक के घर भी गईं, लेकिन विधायक ने उनकी बात नहीं सुनी, बल्कि उन्हें “फ्रॉड” तक कह दिया। आरोप है कि विधायक की शह पर प्रेमलता ने पुलिस और बबली गर्ग के खिलाफ मुकदमा दायर करने के लिए एक आवेदन भी दिया हुआ है। वैश्य समाज की चेतावनी: उत्पीड़न बंद नहीं हुआ तो चुनाव में दिखेगी ताकत अग्रवाल युवा संगठन के संस्थापक विनोद अग्रवाल ने कहा कि लगातार हो रहे उत्पीड़न से वैश्य समाज बहुत दुखी है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर समाज पर उत्पीड़न बंद नहीं हुआ, तो आने वाले चुनाव में समाज अपनी ताकत दिखाएगा। उन्होंने विशेष रूप से एत्मादपुर विधानसभा का जिक्र किया, जहाँ वैश्य समाज के 50,000 वोट हैं। विनोद अग्रवाल ने कहा कि अब यह वोट ‘फ्लोटिंग’ बनेगा और विधायक को हरवाएगा। मुख्य संरक्षक विनय अग्रवाल ने भी चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि अग्रवाल वैश्य समाज का उत्पीड़न और शोषण लगातार हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि माफिया अग्रवाल वैश्य समाज की जमीनों पर कब्जा करने में लगे हैं। उन्होंने सेवला, सैंया रोड, सेव का बाजार, बोदला, फतेहपुर सिकरी और अब कालिंदी विहार के मामलों का उल्लेख किया। विनय अग्रवाल ने कहा कि जब तक समाज सड़कों पर उतरकर इनका विरोध नहीं करेगा, तब तक जमीनों पर कब्जे होते रहेंगे। उन्होंने कहा, “अब समय आ गया है। समाज को अपनी लड़ाई खुद लड़नी होगी और अपने ऊपर उत्पीड़न के खिलाफ समाज सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर होगा। आंदोलन हिंसात्मक होगा, क्योंकि हम गांधी के वंशज हैं जिन्होंने देश को आजाद कराया था।” अग्रवाल युवा संगठन के अध्यक्ष राकेश अग्रवाल ने दृढ़ता से कहा कि जब तक बबली गर्ग को न्याय नहीं मिल जाता, वह इस न्याय की लड़ाई में तन, मन, धन से उनके साथ खड़े हैं। उन्होंने कहा कि अब यह लड़ाई सिर्फ बबली गर्ग की नहीं, बल्कि पूरे समाज की हो गई है, और समाज तब तक चैन की नींद नहीं सोएगा जब तक न्याय नहीं मिल जाता। पुलिस कमिश्नर से मुलाकात और आगे की रणनीति समस्त वैश्य समाज 13 अगस्त 2025, दिन बुधवार को सुबह 10:30 बजे अग्रसेन भवन लोहा मंडी, कोठी मीना बाजार के सामने आगरा पर एकत्रित होकर पुलिस कमिश्नर से मिलने जाएगा। इस दौरान वे बबली गर्ग को न्याय दिलाने, उनके मकान को कब्जा मुक्त कराने, निलंबित निर्दोष पुलिसकर्मियों का निलंबन वापस लेने और दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग करेंगे। मीडिया प्रभारी सोनू अग्रवाल ने जोर दिया कि मकान पर कब्जा करना न केवल गैरकानूनी है बल्कि यह नैतिक रूप से भी गलत है। उन्होंने कहा कि इस तरह की घटना समाज में भय और असुरक्षा का माहौल पैदा करती है, और “यदि आज हम चुप बैठे तो कल किसी और के साथ भी यह हो सकता है।” बैठक में पीड़ित बबली गर्ग, संस्थापक विनोद अग्रवाल, मुख्य संरक्षक विनय अग्रवाल, अध्यक्ष राकेश अग्रवाल, विकास मोहन बंसल, गणेश अग्रवाल, संजय अग्रवाल, नीतू अग्रवाल, निशा अग्रवाल, छावनी संगठन महामंत्री रुपेश अग्रवाल, राजकुमार अग्रवाल, अंकित अग्रवाल, हिमांशु अग्रवाल, सुखिल अग्रवाल, नितिन अग्रवाल, अमन अग्रवाल, अरुप गोयल, आशीष अग्रवाल, प्रकाश गोयल, नितिन गर्ग, प्रवीण अग्रवाल, मनीष अग्रवाल, भारत मित्तल, रजत अग्रवाल, सौरभ गर्ग, रामअवतार अग्रवाल, नितिन गर्ग, जितेंद्र अग्रवाल, रवि गोयल, मुदित अग्रवाल, शिवम गर्ग, मयंक गर्ग, राजीव कैमरा, रवी गोयल, रामकुमार अग्रवाल, कपिल अग्रवाल, शिवम अग्रवाल, भारत मित्तल, जितेंद्र अग्रवाल, सौरभ गर्ग, शरद अग्रवाल, अनुज गोयल, सौरभ जैन सहित बड़ी संख्या में वैश्य समाज के सदस्य उपस्थित रहे।

Read More

आगरा में राखी बांधने आ रही बहन को फंदे से लटका मिला भाई, इकलौते बेटे ने गोदाम में दी जान!

आगरा। भाई-बहन के पवित्र त्योहार रक्षाबंधन से ठीक पहले आगरा में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। लोहा मंडी थाना क्षेत्र के गोकुलपुरा स्थित एक गोदाम में अगरबत्ती कारोबारी के इकलौते बेटे देव सिंघल (22) ने बुधवार रात फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। रक्षाबंधन पर अपने भाई की कलाई पर राखी बांधने के लिए राजस्थान के सीकर से आ रही बहन खुशी को जब इस दुखद खबर का पता चला, तो वह बेसुध हो गई। परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। अंतिम समय तक फोन काटा, फिर मिला फंदे से लटका हुआ शाहगंज थाना क्षेत्र के शांति नगर निवासी अगरबत्ती व्यापारी संजय सिंघल के इकलौते बेटे देव सिंघल अपने पिता के व्यापार में हाथ बंटाते थे। उनकी बेटी खुशी राजस्थान के सीकर में नीट की तैयारी कर रही है, और रक्षाबंधन के चलते संजय बुधवार को अपनी बेटी को लेने गए थे। देव बुधवार शाम करीब 7:00 बजे गोदाम में माल उतारने के बाद घर चले गए और सो गए। लगभग एक घंटे बाद वह घर से हाथ में थैला लेकर स्कूटर से निकल गए। काफी देर तक घर न लौटने पर मां सीमा सिंघल ने उन्हें फोन किया, लेकिन देव ने कॉल काट दिया। उन्होंने अपने पिता और बहन के फोन का भी जवाब नहीं दिया। परिवार को चिंता हुई, जिसके बाद संजय ने रात 11 बजे अपनी पत्नी सीमा को गोदाम पर भेजा। सीमा ने देखा कि स्कूटर बाहर खड़ा था, लेकिन गोदाम का दरवाजा अंदर से बंद था। आवाज देने पर भी जब गेट नहीं खुला, तो उन्हें शक हुआ। स्कूटर को दरवाजे के पास खड़ा कर उन्होंने रोशनदान से अंदर देखा तो उनका बेटा देव साड़ी से बने फंदे से लटका हुआ था। यह खौफनाक मंजर देखकर सीमा की चीख निकल गई। रक्षाबंधन पर शोक की लहर, पुलिस को नहीं मिली तहरीर सीमा की चीख सुनकर आसपास के लोग मौके पर जमा हो गए। उनकी मदद से दरवाजा तोड़ा गया, लेकिन तब तक देव की मौत हो चुकी थी। रक्षाबंधन पर भाई की कलाई पर राखी बांधने आई बहन खुशी इस खबर से सदमे में है और उसका रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस का कहना है कि परिजनों ने अभी तक इस मामले में कोई तहरीर नहीं दी है। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है और कानूनी प्रक्रिया पूरी कर शव परिवार को सौंप दिया गया है। इस घटना से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है।

Read More

आगरा में ‘पुलिस-प्रॉपर्टी डीलर गठजोड़’ पर गंभीर आरोप: महिला ने कहा- पति को झूठे केस में फंसाया, अब बेटे को जेल भेजने की धमकी दे रही पुलिस!

किरावली, आगरा। आगरा के अछनेरा थाना क्षेत्र में एक महिला ने प्रॉपर्टी डीलर और स्थानीय पुलिस पर मिलीभगत कर उसकी पैतृक जमीन हड़पने का संगीन आरोप लगाया है। कुकथला निवासी राजकुमारी शर्मा ने दावा किया है कि उनकी पुश्तैनी जमीन (गाटा संख्या 292) पर प्रॉपर्टी डीलर ने अवैध कब्जा करने की कोशिश की, और जब उन्होंने इसका विरोध किया तो उनके पति को झूठे केस में फंसाकर जेल भिजवा दिया गया। अब महिला का आरोप है कि पुलिस उसके बेटे को भी फंसाने की धमकी देकर समझौता करने का दबाव बना रही है। क्या है पूरा मामला? राजकुमारी शर्मा के अनुसार, उनकी पैतृक जमीन गाटा संख्या 292 में उनके सहित पांच परिजनों का हिस्सा है। प्रॉपर्टी डीलर मुकेश अग्रवाल पहले ही इस जमीन के तीन हिस्सेदारों से जमीन खरीद चुके हैं। अब वह राजकुमारी और शेष दो अन्य हिस्सेदारों की जमीन पर भी कब्जा करना चाहते हैं। जब राजकुमारी ने अपनी जमीन बेचने से इनकार कर दिया, तो आरोप है कि मुकेश अग्रवाल ने स्थानीय पुलिस से कथित तौर पर मिलकर उनके पति रवि शर्मा को झूठे आरोपों में जेल भिजवा दिया। जमीन पर कब्जा, मारपीट और धमकी के आरोप राजकुमारी ने बताया कि 3 अगस्त 2025 को शाम 8 बजे मुकेश अग्रवाल अपने साथियों वासुदेव और रमेश चौकीदार के साथ 8-10 अन्य लोगों को लेकर उनकी जमीन पर पहुंचे। आरोप है कि इन लोगों ने जमीन पर लगी मेड़ों को उखाड़ दिया और जब महिला ने इसका विरोध किया, तो उसके साथ मारपीट भी की गई। पीड़िता का यह भी आरोप है कि आरोपियों ने उन्हें और उनके बेटे को फर्जी मुकदमों में फंसाने की धमकी भी दी। पुलिस पर भी मिलीभगत और धमकी का आरोप राजकुमारी शर्मा ने इस घटना की शिकायत थाना अछनेरा में दर्ज कराई। लेकिन, उनका आरोप है कि थाना प्रभारी ने मामले को गंभीर धाराओं में दर्ज करने के बजाय, एनसीआर (गैर-संज्ञेय रिपोर्ट) में दर्ज कर मामले को रफा-दफा करने का प्रयास किया। इससे भी गंभीर आरोप यह है कि 6 अगस्त को एसआई मनदीप ने महिला को थाने बुलाकर उसके बेटे को जेल भिजवाने की धमकी देकर राजीनामा (समझौता) करने का दबाव बनाया। पीड़िता राजकुमारी शर्मा ने अब उच्च अधिकारियों से गुहार लगाई है कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की जाए और प्रॉपर्टी डीलर व कथित तौर पर मिलीभगत करने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। यह मामला भूमि विवादों में पुलिस की कथित भूमिका और आम नागरिकों को न्याय दिलाने में आने वाली चुनौतियों पर गंभीर सवाल खड़े करता है।

Read More

नगर आयुक्त को फोन करो, कहो-कांग्रेस महानगर अध्यक्ष आएं हैं: ‘बाजार सड़क पर ही चलता है’, नाई की मंडी में अतिक्रमण हटाने गई टीम को कांग्रेस नेता ने रोका, बिना कार्रवाई लौटी नगर निगम की टीम

आगरा। आगरा के नाई की मंडी क्षेत्र में गुरुवार दोपहर अतिक्रमण हटाने पहुंची नगर निगम की टीम को कड़े विरोध का सामना करना पड़ा। कांग्रेस महानगर अध्यक्ष अमित सिंह मौके पर पहुंचे और नगर निगम के जोनल अधिकारी से तीखी नोकझोंक हो गई। अमित सिंह ने अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई को रोकते हुए जोनल अधिकारी से सीधे कहा, “नगर आयुक्त को फोन करो, उनसे कहो- महानगर अध्यक्ष आए हैं।” काफी देर तक वाद-विवाद चला, जिसके बाद नगर निगम की टीम बिना कोई कार्रवाई किए ही अतिक्रमण हटाने की चेतावनी देकर लौट गई। कांग्रेस महानगर अध्यक्ष का यह वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है। अतिक्रमण हटाने की मांगी ‘परमिशन’, कहा- ‘बाजार सड़क पर ही चलता है’ यह पूरा मामला गुरुवार दोपहर का है, जब नगर निगम की टीम नाई की मंडी में सड़क किनारे हुए अतिक्रमण को हटाने पहुंची थी। इसी दौरान कांग्रेस महानगर अध्यक्ष अमित सिंह वहां आ गए और उन्होंने नगर निगम की कार्रवाई का विरोध करना शुरू कर दिया। उन्होंने जोनल अधिकारी अवधेश कुमार से अतिक्रमण हटाने की पहले ‘परमिशन’ दिखाने को कहा, और उसके बाद ही अभियान चलाने की बात कही। इस पर जोनल अधिकारी अवधेश कुमार ने सवाल किया, “सड़क पर बाजार लगाने की अनुमति किसने दी?” जिसका जवाब देते हुए कांग्रेस महानगर अध्यक्ष ने कहा कि “बाजार सड़क पर ही चलता है। दूसरे बाजारों की भी स्थिति देख लीजिए।” इस दौरान मौके पर काफी भीड़ जमा हो गई। चेतावनी देकर लौटी टीम, जल्द फिर से अभियान चलाने का ऐलान लंबी नोकझोंक और वाद-विवाद के बाद, नगर निगम की टीम नाई की मंडी से बिना कोई ठोस कार्रवाई किए ही वापस लौट गई। जोनल अधिकारी अवधेश कुमार का कहना है कि नाई की मंडी में लोगों ने सड़क पर भारी अतिक्रमण कर रखा है। इन अतिक्रमणकारियों को पहले भी कई बार चेतावनी दी गई थी, इसके बावजूद उन्होंने अतिक्रमण नहीं हटाया। उन्होंने बताया कि अब एक बार फिर चेतावनी दी गई है और जल्द ही इस क्षेत्र में फिर से बड़ा अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया जाएगा। यह घटना शहर में अतिक्रमण हटाने के अभियानों के दौरान राजनीतिक हस्तक्षेप और आम जनता द्वारा सामना की जाने वाली चुनौतियों को एक बार फिर उजागर करती है।

Read More

जल्दी करा लो रजिस्ट्रेशन! आगरा नगर निगम का ‘डंडा’: बिना रजिस्टर्ड पालतू कुत्तों को उठाया जाएगा, लगेगा ₹2500 का जुर्माना; टीम गठित, अभियान शुरू!

आगरा, उत्तर प्रदेश। आगरा में पालतू कुत्तों को रखने वालों के लिए अब सख्त नियम लागू हो गए हैं। आगरा नगर निगम ने उन सभी मालिकों पर कार्रवाई की कमर कस ली है, जिन्होंने अभी तक अपने पालतू कुत्तों का रजिस्ट्रेशन नहीं कराया है। शहर में हजारों की संख्या में पालतू कुत्ते होने के बावजूद, वर्तमान वित्तीय वर्ष में जुलाई तक मात्र 552 कुत्तों का ही रजिस्ट्रेशन हुआ है, जो बेहद निराशाजनक है। नगर निगम ने इसे बेहद निंदनीय मानते हुए अब एक विशेष टीम का गठन कर दिया है, जो जल्द ही पूरे शहर में सघन जांच अभियान चलाएगी और नियम तोड़ने वालों पर सख्त कार्रवाई करेगी। लाखों पेट लवर्स, पर रजिस्ट्रेशन सिर्फ 552! अब निगम की सख्ती से होगी परेशानी यह चौंकाने वाला आंकड़ा बताता है कि आगरा में पेट लवर्स की लाखों की संख्या होने के बावजूद, अपने पालतू जानवरों के प्रति जिम्मेदारी निभाने में लोग कितने गंभीर नहीं हैं। उनका सोचना है कि “कुछ नहीं होगा,” लेकिन नगर निगम ने अब साफ कर दिया है कि इस बार कोई ढिलाई नहीं बरती जाएगी। अगर आपके पास बिना रजिस्टर्ड पालतू कुत्ता मिलता है, तो उसे सीधे पकड़ लिया जाएगा और मालिक पर ₹2500 तक का भारी जुर्माना लगाया जाएगा। इतना ही नहीं, कुत्ते को पकड़ने और उसके खाने-पीने का खर्च भी मालिक से ही वसूला जाएगा। यह बात जान लें कि वह दिन दूर नहीं, जब आपका प्यारा पालतू जानवर निगम की डॉग कैचर वैन में बैठा होगा और आपको जुर्माना भरने के लिए दौड़ना पड़ेगा। नगर निगम ने रजिस्ट्रेशन शुल्क देसी नस्ल के लिए ₹100 प्रति वर्ष और विदेशी नस्ल के लिए ₹500 प्रति वर्ष रखा है। पंजीकरण ‘मेरा आगरा’ एप के माध्यम से ऑनलाइन या नगर निगम कार्यालय में ऑफलाइन भी करवाया जा सकता है। क्यों ज़रूरी है रजिस्ट्रेशन? रैबीज-फ्री आगरा और सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण पशु कल्याण अधिकारी डॉ. अजय कुमार सिंह ने इस अभियान की आवश्यकता पर जोर देते हुए बताया, “नगर निगम का यह अभियान सिर्फ कागजी कार्रवाई नहीं है, बल्कि यह शहर के स्वास्थ्य और सुरक्षा के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। रजिस्ट्रेशन से पालतू कुत्तों का एक सटीक रिकॉर्ड बनेगा, जिससे रैबीज जैसी जानलेवा बीमारियों की रोकथाम, समय पर टीकाकरण और आपात स्थिति (जैसे कुत्ते के काटने) में उसकी पहचान करना आसान हो जाएगा।” उन्होंने आगे कहा, “हम चाहते हैं कि आगरा न सिर्फ साफ-सुथरा और स्मार्ट बने, बल्कि एक रैबीज-फ्री और पेट-फ्रेंडली सिटी के रूप में भी पहचाना जाए। मगर, जब तक पालतू कुत्तों का रजिस्ट्रेशन नहीं होगा, तब तक कोई भी योजना आगे नहीं बढ़ सकती।” भविष्य की योजनाएं डेटा पर निर्भर: पेट-फ्रेंडली पार्क और बेहतर सुविधाएं नगर निगम आगे चलकर शहर में पेट-फ्रेंडली पार्क, डॉग वॉकिंग एरिया, और बेहतर पशु चिकित्सा सुविधाएं विकसित करने की योजना बना रहा है। लेकिन इन सुविधाओं को लागू करने के लिए यह जानना बेहद ज़रूरी है कि शहर में कितने पालतू जानवर हैं, और यह तभी संभव है जब सभी का रजिस्ट्रेशन हो। आप आजकल सोशल मीडिया पर कुत्तों के हमलों और रैबीज से हुई मौतों के बारे में देख रहे होंगे। यह सब पालतू जानवरों के मालिकों की सुविधा और बाकी लोगों की सुरक्षा के लिए किया जा रहा है, इसलिए इन नियमों का पालन करना हम सभी की जिम्मेदारी है। नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल का कड़ा संदेश नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल ने शहरवासियों को संबोधित करते हुए कहा, “पालतू जानवर पालना आपकी आज़ादी है, लेकिन उनकी जिम्मेदारी निभाना भी जरूरी है। समय पर रजिस्ट्रेशन कराएं, ताकि न जुर्माना लगे, न जानवर जब्त हो, और साथ ही शहर को एक स्वस्थ, सुरक्षित और पेट-फ्रेंडली माहौल मिल सके।” तो, देर न करें। अपने प्यारे पालतू जानवर का रजिस्ट्रेशन जल्द से जल्द करवा लें, ताकि आप किसी भी तरह की कानूनी कार्रवाई और आर्थिक जुर्माने से बच सकें, और आगरा को एक सुरक्षित और स्वस्थ शहर बनाने में अपना योगदान दे सकें।

Read More

आगरा में जर्जर स्कूलों पर DM का सख्त एक्शन: ‘यहां क्लास नहीं लगेगी’ के पोस्टर लगे, 157 स्कूल ध्वस्त करने की तैयारी; छात्रों की सुरक्षा सर्वोपरि

आगरा। आगरा में बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा संचालित जर्जर और असुरक्षित स्कूलों को लेकर जिला प्रशासन सख्त हो गया है। जिलाधिकारी अरविंद मलप्पा बंगारी ने बुधवार को कलेक्ट्रेट सभागार में हुई समीक्षा बैठक में स्पष्ट निर्देश दिए कि अब किसी भी जर्जर स्कूल में छात्रों की कक्षाएं नहीं लगेंगी। ऐसे सभी स्कूलों के बाहर बाकायदा चेतावनी के पोस्टर लगा दिए गए हैं। 298 स्कूल जर्जर, 141 ध्वस्त; बाकी 157 पर भी गिरेगी गाज डीएम बंगारी ने सबसे पहले जर्जर स्कूलों का विस्तृत सर्वे और उसकी रिपोर्ट तलब की। बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) जितेंद्र कुमार गौड़ ने बैठक में बताया कि आगरा के स्कूलों के मूल्यांकन और सत्यापन के बाद कुल 298 स्कूल अत्यंत जर्जर पाए गए हैं। इनमें से 141 स्कूलों को पहले ही ध्वस्त किया जा चुका है। शेष 157 स्कूलों के ध्वस्तीकरण के लिए तकनीकी समिति द्वारा मूल्यांकन प्राप्त हो चुका है, और जल्द ही इन पर भी कार्रवाई की जाएगी। डीएम ने सभी ब्लॉकों में खंड विकास अधिकारी, खंड शिक्षा अधिकारी और जेई (आरईएस) को शामिल करते हुए तत्काल प्रभाव से एक कमेटी गठित करने के निर्देश दिए हैं। यह कमेटी सभी परिषदीय स्कूलों के जर्जर, असुरक्षित और जोखिमपूर्ण भवनों का सत्यापन कर जल्द से जल्द अनुपालन रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी। 6 स्कूल किए गए शिफ्ट, छात्रों की सुरक्षा प्राथमिकता छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पहले ही 6 स्कूलों को अत्यंत जर्जर भवन होने के कारण शिफ्ट कर दिया गया है। नगर खंड शिक्षा अधिकारी ने बताया कि इनमें कंपोजिट विद्यालय जगदीशपुरा, प्राथमिक विद्यालय नगला अजीता, कंपोजिट विद्यालय वजीर पुरा, प्राथमिक कन्या विद्यालय वजीरपुर, प्राथमिक विद्यालय ताजगंज और प्राथमिक विद्यालय पाकटोला शामिल हैं। इन स्कूलों के छात्रों को अब सुरक्षित भवनों में स्थानांतरित कर दिया गया है। जर्जर स्कूलों के बाहर लाल रंग से पेंट करके साफ चेतावनी लिखी गई है कि “यह भवन अत्यंत जर्जर है, इसमें कक्षाएं संचालित नहीं होंगी।” यह कदम छात्रों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के डीएम के संकल्प को दर्शाता है।

Read More

बिना हेलमेट निकलने की सोचना भी मत! आगरा ट्रैफिक पुलिस का चला ‘डंडा’, एक ही दिन में 3515 चालान कटे, 7 वाहन सीज – अब पुलिस ‘फॉर्म’ में है!

आगरा। आगरा में यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों की अब खैर नहीं! मंगलवार को एमजी रोड और हाई-वे पर यातायात पुलिस ने ऐसा अभियान चलाया कि वाहन चालकों के होश उड़ गए। एक ही दिन में 3515 दोपहिया वाहनों के बिना हेलमेट के चालान काटे गए, वहीं 7 वाहनों को सीज भी कर दिया गया। आगरा ट्रैफिक पुलिस अब पूरी तरह से ‘फॉर्म’ में आ गई है और नियमों का पालन न करने वालों पर सख्ती जारी रहेगी। एक दिन में 3515 चालान, तीन सवारी और सीट बेल्ट पर भी गिरी गाज यातायात पुलिस ने मंगलवार को सघन चेकिंग अभियान चलाकर विभिन्न यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों पर ताबड़तोड़ कार्रवाई की। अपर पुलिस उपायुक्त अमिता सिंह ने बताया कि यातायात नियमों के उल्लंघन पर लगातार कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने यह भी कहा कि पुलिस लोगों को जागरूक भी कर रही है, लेकिन नियमों का पालन न करने वालों पर सख्ती बरती जाएगी। तो अगर आप आगरा में सड़क पर निकल रहे हैं, तो अपना हेलमेट पहनना और यातायात नियमों का पालन करना न भूलें, क्योंकि ट्रैफिक पुलिस अब किसी को बख्शने के मूड में नहीं है!

Read More

आगरा में सदर पुलिस और शातिर चोर के बीच मुठभेड़: पैर में गोली लगने से घायल हुआ ‘टंगा’, एक लाख नकद और हथियार बरामद

आगरा। आगरा में पुलिस ने एक बड़े चोर को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। सदर बाजार थाना क्षेत्र के जखौता चौराहे पर वाहन चेकिंग के दौरान पुलिस टीम ने एक संदिग्ध व्यक्ति को रोकने का प्रयास किया, लेकिन उसने रुकने के बजाय पुलिस पर जान से मारने की नीयत से फायर कर दिया। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में शातिर चोर के पैर में गोली लग गई, जिससे वह घायल हो गया। एनकाउंटर में घायल हुआ रुनकता का ‘टंगा’ घटना के तुरंत बाद पुलिस ने भी मोर्चा संभाला और जवाबी फायरिंग की, जिसमें एक अभियुक्त के पैर में गोली लगी। घायल अभियुक्त की पहचान प्रभु उर्फ टंगा (निवासी रुनकता, थाना सिकंदरा) के रूप में हुई है। घायल ‘टंगा’ को तुरंत इलाज के लिए अस्पताल भिजवाया गया है। पुलिस ने मुठभेड़ स्थल से अभियुक्त के पास से चोरी का भारी माल बरामद किया है, जिसमें ₹1 लाख नकद शामिल हैं। इसके अलावा, उसके पास से एक अवैध तमंचा 315 बोर, एक खोखा कारतूस और एक जिंदा कारतूस भी बरामद किया गया है। बंद घरों में सेंधमारी का माहिर था ‘टंगा’, पुलिस कर रही कार्रवाई पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार अभियुक्त प्रभु उर्फ टंगा बंद मकानों के ताले तोड़कर और नकबजनी कर चोरी की घटनाओं को अंजाम देने में माहिर था। उसके पकड़े जाने से क्षेत्र में हुई कई चोरियों का खुलासा होने की उम्मीद है। पुलिस ने बताया कि अभियुक्त के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। इस मुठभेड़ से आगरा पुलिस ने अपराधियों के खिलाफ अपनी सख्त कार्रवाई का संदेश दिया है।

Read More

सीएम योगी के आगरा दौरे में दिखा ‘अफसरों का दौड़’ और ‘जनप्रतिनिधियों की सतर्कता’: मंडलायुक्त शैलेंद्र सिंह ने काफिले संग लगाई दौड़, पौधरोपण टला, राजेश्वर मंदिर पर भी हुई बात

आगरा। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का मंगलवार को आगरा दौरा कई मायनों में अहम रहा। उन्होंने जहां एक ओर मंडल के सभी जिलों के अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के साथ विकास कार्यों की गहन समीक्षा की और महत्वाकांक्षी ‘अटलपुरम् टाउनशिप’ योजना का शुभारंभ किया, वहीं दूसरी ओर उनके दौरे ने अफसरों की कार्यशैली और जनप्रतिनिधियों की प्राथमिकताओं को भी खुलकर सामने ला दिया। सीएम के जाने के समय मंडलायुक्त शैलेंद्र कुमार सिंह का उनके काफिले के साथ दौड़ लगाना और राजेश्वर महादेव मंदिर का मुद्दा उठना दिनभर चर्चा का विषय बना रहा। अटलपुरम् टाउनशिप का भव्य शुभारंभ: 1515 करोड़ की लागत से बनेगा नया शहर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मंगलवार को खेरिया हवाई अड्डे पर पहुंचे और सीधे सर्किट हाउस जाने के बाद मंडलायुक्त कार्यालय में समीक्षा बैठक में शामिल हुए। इस दौरे का एक प्रमुख आकर्षण आगरा विकास प्राधिकरण (ADA) की 36 वर्षों बाद साकार हो रही ‘अटलपुरम् टाउनशिप’ योजना का शुभारंभ रहा। सीएम ने शिलापट्ट अनावरण कर इस नवीन टाउनशिप का औपचारिक उद्घाटन किया। एडीए उपाध्यक्ष एम अरुन्मोली ने मुख्यमंत्री को बताया कि लगभग 1515.47 करोड़ रुपये की कुल संभावित लागत से करीब 340 एकड़ (लगभग 138.00 हेक्टेयर) में यह टाउनशिप विकसित की जाएगी। इसमें 1430 आवासीय भूखंड, 18 ग्रुप हाउसिंग भूखंड और 96 अनावासीय भूखंड (जैसे व्यावसायिक भूखंड, स्वास्थ्य केंद्र, शैक्षणिक सुविधाएं, सामुदायिक सुविधाएं, बैंक्वेट हॉल, होटल, डाकघर/बैंक सुविधा) नियोजित किए गए हैं। इसके अलावा, योजना में अग्निश सुरक्षा के लिए फायर स्टेशन और सुरक्षा व्यवस्था के लिए आवासीय परिसर के साथ-साथ पुलिस चौकी भूखंड की व्यवस्था भी सुनिश्चित की गई है। यह टाउनशिप आगरा के शहरी विस्तार में एक मील का पत्थर साबित होने की उम्मीद है। विकास कार्यों की समीक्षा और सीएम के कड़े निर्देश: गड्ढामुक्ति से जलभराव तक मुख्यमंत्री ने आगरा मंडल के मंत्रियों, विधायकों और विधान परिषद सदस्यों के साथ विकास कार्यों से संबंधित मंडलीय समीक्षा बैठक की। उन्होंने लोक निर्माण विभाग, पर्यटन विभाग, नगर विकास विभाग और धर्मार्थ कार्य विभागों की प्रगति, कार्ययोजना एवं प्रस्तावित कार्यों की बारीकी से समीक्षा की। लोक निर्माण विभाग के प्रमुख सचिव अजय चौहान, नगर विकास के प्रमुख सचिव अमृत अभिजात और पर्यटन, संस्कृति व धर्मार्थ के प्रमुख सचिव मुकेश मेश्राम ने विस्तृत प्रेजेंटेशन दिया। सीएम योगी ने अधिकारियों को कई महत्वपूर्ण और सख्त निर्देश दिए: पर्यटन विभाग ने प्रेजेंटेशन में बताया कि आगरा मंडल में पर्यटन विकास के लिए 590 करोड़ रुपये की 160 परियोजनाएं चल रही हैं, जिसमें से 379 करोड़ रुपये अवमुक्त हुए हैं। 92 परियोजनाएं पूर्ण हो चुकी हैं और 68 पर काम चल रहा है। पुलिस आयुक्त दीपक कुमार ने अवैध धर्मांतरण व अपराध से संबंधित ‘मिशन अस्मिता अभियान’ पर आगरा पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई का प्रेजेंटेशन भी दिया। सीएम की ‘चुटकियाँ’ और राजेश्वर मंदिर पर ‘प्रेशर पॉलिटिक्स’ बैठक के दौरान कुछ हल्के-फुल्के पल भी आए। जब सीएम योगी एक-एक जनप्रतिनिधि से उनके प्रस्तावों पर चर्चा कर रहे थे, तभी फतेहपुर सीकरी के विधायक चौधरी बाबूलाल का नंबर आया। सीएम ने उनसे चुटकी लेते हुए कहा, “बाबूलाल जी अब तो आप रिटायरमेंट की ओर हो…अब क्या करोगे।” इस पर बैठक में हल्की हंसी भी गूंजी। वहीं, आगरा में इन दिनों छावनी विधानसभा क्षेत्र के राजेश्वर महादेव मंदिर का मुद्दा काफी गर्माया हुआ है। मंदिर प्रशासन और क्षेत्रीय जनता ने क्षेत्रीय विधायक डॉ. जीएस धर्मेश पर इस प्राचीन मंदिर के विकास के लिए कोई काम न करने का आरोप लगाया था, जिस पर एक पंचायत भी हुई थी। इस मुद्दे को लेकर जनता में विधायक के प्रति नाराजगी है। जब सीएम योगी आदित्यनाथ की बैठक खत्म हुई और यूपी के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री व आगरा के प्रभारी मंत्री जयवीर सिंह मीडिया को जानकारी दे रहे थे, तब विधायक डॉ. जीएस धर्मेश बार-बार उनसे राजेश्वर मंदिर के बारे में भी बताने का अनुरोध करते दिखे। पर्यटन मंत्री ने मीडिया को आश्वस्त किया कि विधायक की ओर से राजेश्वर मंदिर के विकास के लिए प्रस्ताव दिया गया है और इसे शामिल किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के निर्देश स्पष्ट हैं और श्री राजेश्वर महादेव मंदिर का विकास तेजी से कराया जाएगा। पौधरोपण कार्यक्रम टला, कमिश्नर ने काफिले संग लगाई दौड़ सीएम योगी आदित्यनाथ का दौरा भले ही विकास पर केंद्रित रहा हो, लेकिन एक बात जो सभी ने गौर की, वह यह कि बैठक खत्म करने के बाद मुख्यमंत्री बिना पौधरोपण किए ही सीधे खेरिया हवाई अड्डे के लिए रवाना हो गए। अमूमन मुख्यमंत्री के ऐसे दौरों में पौधरोपण एक नियमित कार्यक्रम होता है, लेकिन इस बार इसे टाल दिया गया। सबसे रोचक और ध्यान खींचने वाला दृश्य तब सामने आया जब मुख्यमंत्री अपनी गाड़ी में एयरपोर्ट जाने के लिए बैठ रहे थे। उसी वक्त आगरा मंडलायुक्त शैलेंद्र कुमार सिंह अपनी गाड़ी तक पहुंचने के लिए मुख्यमंत्री के काफिले के साथ दौड़ लगाते हुए दिखे। यह दृश्य दिखाता है कि मुख्यमंत्री की कार्यशैली को लेकर अधिकारियों में कितनी मुस्तैदी और प्रोटोकॉल के पालन को लेकर कितनी गंभीरता है। कुल मिलाकर, सीएम योगी का यह आगरा दौरा विकास कार्यों की समीक्षा, नए प्रोजेक्ट्स की शुरुआत और अधिकारियों-जनप्रतिनिधियों को जनता के प्रति जवाबदेही का स्पष्ट संदेश देने वाला रहा।

Read More

त्योहारों से पहले आगरा में खाद्य विभाग की ‘सख्त नज़र’: क्वालिटी के साथ हाइजीन पर भी ‘नो कॉम्प्रोमाइज़’, छोटी शिकायत पर भी होगा एक्शन!

आगरा। अगर आप खान-पान के व्यापार से जुड़े हैं तो यह खबर आपके लिए है! आगामी त्योहारों को देखते हुए आगरा में खाद्य सुरक्षा विभाग अब पूरी तरह से एक्शन मोड में आ गया है। विभाग ने साफ चेतावनी दी है कि मिलावट करने वालों और खराब गुणवत्ता वाले खाद्य पदार्थ बेचने वालों पर कड़ा शिकंजा कसा जाएगा। साथ ही, हाइजीन (स्वच्छता) का ख्याल न रखने वालों पर भी कार्रवाई होगी। इसका सीधा उद्देश्य यही है कि त्योहारों के इस मौसम में लोगों को अच्छा, शुद्ध और सुरक्षित खान-पान मिल सके। FSSAI ने व्यापारियों को चेताया, अब शुरू होगा अभियान दरअसल, भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (FSSAI) के अधिकारियों ने सोमवार को दरेसी नंबर एक के व्यापारियों और उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के पदाधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की थी। इस बैठक में FSSAI के मुख्य ACF-II महेंद्र श्रीवास्तव और चीफ राजेश गुप्ता सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे। अधिकारियों ने साफ संदेश दिया कि खाद्य पदार्थों में मिलावट रोकने के लिए आगामी दिनों में जांच अभियान तेज किया जाएगा और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। व्यापारियों ने भी मिलावट रोकने के लिए FSSAI के साथ समन्वय से कार्य करने की प्रतिबद्धता जताई। इस दौरान, आने वाले त्योहारों को ध्यान में रखते हुए कुट्टू के आटे, पनीर, खोया और मसालों में संभावित मिलावट की शिकायतों पर विशेष चर्चा हुई। क्वालिटी और हाइजीन पर ज़ोर, छोटी शिकायत पर भी होगा एक्शन खाद्य विभाग के अधिकारियों का कहना है कि किसी भी सूरत में गुणवत्ता या स्वच्छता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। टीमें अब अचानक दुकानों, गोदामों, कारखानों और बाजारों में पहुंचकर खाद्य पदार्थों के नमूने लेंगी और उनकी जांच करेंगी। यदि किसी भी नमूने में मिलावट, खराब गुणवत्ता या स्वच्छता मानकों का उल्लंघन पाया जाता है, तो दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि छोटी से छोटी शिकायत पर भी उचित कार्रवाई की जाएगी, ताकि उपभोक्ताओं को किसी भी तरह के स्वास्थ्य जोखिम का सामना न करना पड़े। विभाग ने सभी व्यापारियों से अपील की है कि वे स्वच्छता मानकों का पालन करें और केवल उच्च गुणवत्ता वाले खाद्य पदार्थों का ही निर्माण एवं बिक्री करें।

Read More

आगरा : नदी में डूबने से 2 छात्रों की मौत, बाह पर भी यमुना ने ली जान; 24 घंटे में तीन डूबने की घटनाएं

आगरा। आगरा में सोमवार को दो अलग-अलग घटनाओं में नदी में डूबने से दो छात्रों समेत तीन लोगों की मौत हो गई। पहला हादसा जगनेर क्षेत्र में हुआ, जहाँ साइकिल फिसलने से दो छात्र नदी के तेज बहाव में बह गए और उनकी जान चली गई। वहीं, दूसरा हादसा बाह में हुआ, जहाँ यमुना में नहाते समय एक युवक डूब गया। आपको बता दें कि बीते कल (रविवार) भी आगरा के वाटरवर्क्स के पास यमुना नदी में नहाने गए दो युवकों में से एक की डूबने से मौत हो गई थी, जबकि दूसरा बच गया था। इस प्रकार 24 घंटे के भीतर आगरा में डूबने से चार लोगों की मौत हो चुकी है, जिसमें तीन यमुना नदी में डूबे हैं। जगनेर में साइकिल फिसलने से 2 छात्रों की मौत, 3 घंटे बाद मिले शव पहला दर्दनाक हादसा जगनेर-वरिगवां बुजुर्ग मार्ग पर किबाड़ नदी को पार करने वाली रपट पर हुआ। सोमवार सुबह करीब नौ बजे गोविंदा (15 वर्ष) पुत्र राजू और जितिन पुत्र तारा साइकिल से जगनेर के लिए निकले थे। दोनों छात्र जगनेर कस्बे के अलग-अलग स्कूलों में पढ़ते थे। किबाड़ नदी को पार करते समय रपट पर उनका संतुलन बिगड़ गया और वे नदी के तेज बहाव में बह गए। घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। लगभग तीन घंटे के अथक प्रयासों के बाद, गोताखोरों की मदद से दोनों बच्चों को नदी से बाहर निकाला गया। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने तुरंत बच्चों को सीएचसी (सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र) पहुंचाया, लेकिन चिकित्सकों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। एसीपी इमरान अहमद ने बताया कि शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। बाह और वाटरवर्क्स पर भी यमुना में डूबे युवक दूसरा हादसा बाह के बटेश्वर में हुआ। रविवार रात दुष्यंत कुमार नामक युवक यमुना नदी में नहा रहा था। नहाते समय दुष्यंत का पैर फिसल गया और वह गहरे पानी में डूब गया। परिजनों ने युवक की तलाश के लिए काफी कोशिश की, लेकिन उसका कुछ पता नहीं चल सका। स्थानीय प्रशासन द्वारा युवक की तलाश के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। इसके अतिरिक्त, बीते कल (रविवार) को आगरा के वाटरवर्क्स के पास भी यमुना नदी में डूबने से एक युवक की मौत हो गई थी। वह अपने एक साथी के साथ नहाने गया था, जिसमें से एक बच निकला था। लगातार हो रही ये घटनाएं नदियों में सावधानी बरतने और सुरक्षा उपायों की आवश्यकता पर जोर देती हैं।

Read More

आगरा में पुलिस मुठभेड़: शटर तोड़कर चोरी करने वाले गैंग के 2 बदमाश गिरफ्तार, पैर में लगी गोली

आगरा। 3 और 4 अगस्त 2025 की दरमियानी रात आगरा पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। एसओजी (SOG), सर्विलांस (Surveillance) और थाना जगदीशपुरा की संयुक्त पुलिस टीम ने मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर, शटर तोड़कर चोरी करने वाले एक गैंग के दो अभियुक्तों को बिचपुरी पैथोली नहर के पास पुलिस मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया। पुलिस मुठभेड़ के दौरान, दोनों अभियुक्तों के पैर में गोली लगी, जिसके बाद उन्हें तुरंत इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया। अवैध असलहा और घटना में प्रयुक्त गाड़ी बरामद पुलिस ने गिरफ्तार अभियुक्तों के कब्जे से अवैध असलहा (Illegal Weapon) और घटना में प्रयुक्त गाड़ी (Vehicle Used in Crime) बरामद की है। इस गिरफ्तारी से शटर तोड़कर चोरी करने वाले गैंग पर अंकुश लगने की उम्मीद है। अभियुक्तों की गिरफ्तारी और आगे की कानूनी कार्यवाही के संबंध में सहायक पुलिस आयुक्त (ACP) लोहामंडी, आगरा द्वारा जानकारी दी गई है। यह कार्रवाई आगरा पुलिस की सक्रियता और अपराधियों के खिलाफ जारी मुहिम का हिस्सा है।

Read More

आगरा में यमुना ने ली जान: नहाते समय दो दोस्त डूबे, एक की मौत; दूसरा मुश्किल से बचा

आगरा। आगरा के थाना छत्ता क्षेत्र अंतर्गत वाटरवर्क्स के पास यमुना नदी में नहाने गए दो दोस्त डूब गए। इस हादसे में एक युवक तो जैसे-तैसे बचकर बाहर आ गया, लेकिन उसका दूसरा दोस्त यमुना के तेज बहाव में बह गया और उसकी मौत हो गई। पुलिस ने गोताखोरों की मदद से डूबे हुए युवक का शव नदी से बाहर निकाला और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। तेज जलस्तर बना काल, दोस्त ने मचाया शोर यह घटना रविवार शाम को हुई। नगला पदी के रहने वाले दो युवक वाटरवर्क्स के पीछे यमुना नदी में नहाने गए थे। इन दिनों यमुना का जलस्तर काफी बढ़ा हुआ है, और यही उनके लिए घातक साबित हुआ। नहाते समय अचानक दोनों युवक डूबने लगे। उनमें से एक युवक तो किसी तरह खुद को बचाने में कामयाब रहा और बाहर आ गया, लेकिन उसका दोस्त अनिकेत नदी के तेज बहाव में फंसकर बह गया। अपने दोस्त को डूबता देख बाहर निकले युवक ने जोर-जोर से शोर मचाया और तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और गोताखोरों की मदद से अनिकेत की तलाश शुरू की गई। पुलिस ने शव बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा काफी तलाश के बाद अनिकेत का शव यमुना नदी में मिल गया। एसीपी छत्ता पीयूष कांत ने बताया कि दोनों दोस्त दोपहर में यमुना में नहाने आए थे, और एक के डूबने से उसकी मौत हो गई है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले में आगे की कार्रवाई कर रही है। यह घटना एक बार फिर यमुना में बढ़े हुए जलस्तर के दौरान नहाने से होने वाले खतरों को उजागर करती है।

Read More

आगरा में जनकपुरी महोत्सव की तैयारियां तेज: समिति का विस्तार, सांसद नवीन जैन बोले – “कमला नगर के हर ब्लॉक, हर पार्क में करेंगे प्रभु राम का कार्य”

आगरा। उत्तर भारत के सबसे भव्य धार्मिक आयोजनों में शुमार जनकपुरी महोत्सव की तैयारियां अब पूरे जोर-शोर से शुरू हो गई हैं। महोत्सव को ‘दिव्य, भव्य, विशाल, सफल और अनुशासित’ बनाने के उद्देश्य से रविवार को कमला नगर स्थित एक रेस्टोरेंट में जनकपुरी महोत्सव समिति की कार्यकारिणी का विस्तार किया गया। इस अवसर पर नए पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं का माल्यार्पण कर भव्य स्वागत किया गया। सांसद नवीन जैन ने बढ़ाया उत्साह, कहा – “जनकपुरी आस्था का प्रतीक” समारोह की अध्यक्षता कर रहे राज्यसभा सांसद नवीन जैन ने अपने संबोधन में कहा कि “हम कम समय में तेज गति से प्रभु राम का कार्य करेंगे।” उन्होंने जोर देते हुए कहा कि “जनकपुरी केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि आस्था का प्रतीक है।” सांसद ने घोषणा की कि कमला नगर के हर ब्लॉक, हर गली और हर पार्क को धर्ममयी वातावरण से सजाया जाएगा और साथ ही क्षेत्र में विकास कार्यों को भी गति दी जाएगी। कार्यक्रम में प्रमुख रूप से राकेश गर्ग (अध्यक्ष, यूपी लघु उद्योग निगम), महोत्सव समिति के अध्यक्ष मुरारी प्रसाद अग्रवाल, कोषाध्यक्ष रामरतन मित्तल, संरक्षक राकेश मंगल और स्वागताध्यक्ष डीडी सिंघल मंचासीन रहे। कार्यक्रम का सफल संचालन पार्षद प्रदीप अग्रवाल ने किया। जनकपुरी महोत्सव समिति की नई कार्यकारिणी और जिम्मेदारियां महोत्सव को भव्य रूप देने के लिए समिति में कई नए पदाधिकारियों को शामिल किया गया है: इस विस्तार के साथ ही, जनकपुरी महोत्सव की तैयारियां अब और तेजी से आगे बढ़ेंगी, जिसका लक्ष्य एक अविस्मरणीय और भव्य आयोजन प्रस्तुत करना है।

Read More

आगरा खंडेलवाल दिगंबर जैन समिति का शपथ ग्रहण समारोह संपन्न: नई कार्यकारिणी ने ली निष्ठा और विश्वास की शपथ

आगरा। आगरा खंडेलवाल दिगंबर जैन समिति की नवीन कार्यकारिणी का शपथ ग्रहण समारोह रविवार को आगरा के बाईपास रोड स्थित नेहरू नगर के उद्दपी रेस्टोरेंट में धूमधाम से आयोजित किया गया। इस अवसर पर समिति के नए पदाधिकारियों ने समाज सेवा और विश्वास के साथ कार्य करने की शपथ ली। कार्यक्रम का शुभारंभ सरिता काला ने मंगलाचरण के साथ किया, जिससे पूरा माहौल भक्तिमय हो गया। इसके बाद कमल गोधा ने नवनिर्वाचित कार्यकारिणी के सदस्यों को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। शपथ लेने वाली नवीन कार्यकारिणी के पदाधिकारी: इनके साथ ही, सभी उपस्थित शैली संयोजकों और सदस्यों ने भी निष्ठा और विश्वास के साथ काम करने का संकल्प लिया। इस अवसर पर श्री दिगंबर जैन लोकोदय तीर्थक्षेत्र के नवनिर्वाचित अध्यक्ष निर्मल मौठ्या और उपाध्यक्ष राजेश सेठी का भी सभी ने अभूतपूर्व स्वागत सम्मान किया। यह क्षण समाज में उनके योगदान को दर्शाता है। समारोह में खण्डेलवाल जैन समाज के उन विशिष्ट लोगों को भी सम्मानित किया गया, जिन्होंने सामाजिक एवं धार्मिक क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य किए हैं। यह सम्मान उनके अथक प्रयासों और समाज के प्रति समर्पण को पहचान दिलाता है। कार्यक्रम का सफल संचालन पंकज भूंच द्वारा किया गया। इस अवसर पर विभु बैनाड़ा, अजित रांवका, शैलेन्द्र जैन, नानकचंद जैन, मनीष जैन, रोहित जैन, अनिमेष जैन, शुभम जैन, गोपीचंद जैन, सुबोध पाटनी, उषा मौठ्या, सरिता काला, प्रिया जैन, रूबी बैनाड़ा सहित समस्त आगरा खंडेलवाल दिगंबर जैन समिति के सदस्य बड़ी संख्या में मौजूद रहे।

Read More

आगरा में दर्दनाक हादसा: ड्यूटी पर खड़े सिपाहियों को तेज रफ्तार बस ने कुचला, एक सिपाही गंभीर घायल

आगरा। शाहगंज के पथौली क्षेत्र में देर रात एक भीषण सड़क हादसा हो गया। फतेहपुर सीकरी मार्ग पर ड्यूटी निभा रहे दो सिपाहियों को एक तेज रफ्तार बस ने अपनी चपेट में ले लिया, जिससे एक सिपाही गंभीर रूप से घायल हो गया। उन्हें तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनकी हालत गंभीर बनी हुई है। दो दिन से पड़ा था पेड़, हादसा रोकने की कोशिश में चपेट में आए सिपाही एसीपी लोहामंडी मयंक तिवारी ने बताया कि दो दिन पहले हुई बारिश के कारण फतेहपुर सीकरी मार्ग पर एक पेड़ टूटकर गिर गया था। इसकी जानकारी वन विभाग को दी गई थी, लेकिन पेड़ को हटाया नहीं गया। शनिवार की रात, थाना शाहगंज के सिपाही रोहित कुमार और मोहित कुमार सड़क पर पड़े इस पेड़ के पास वाहनों को सुरक्षित निकलवा रहे थे ताकि कोई दुर्घटना न हो। पहले भी हुई टक्कर, फिर सिपाहियों पर कहर रात तकरीबन 2:30 बजे, सड़क पर पेड़ पड़ा होने के कारण एक बस और एक कार में टक्कर हो गई थी, जिसमें लोग बाल-बाल बचे थे। यह हादसा अभी-अभी हुआ ही था कि फतेहपुर सीकरी की तरफ से आ रही एक और तेज रफ्तार बस ने ड्यूटी पर खड़े सिपाही रोहित और मोहित को टक्कर मार दी। इस टक्कर में सिपाही रोहित कुमार के पैर और सिर में गंभीर चोटें आई हैं, जबकि मोहित कुमार भी घायल हुए हैं। रोहित को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया है और उनकी हालत गंभीर बनी हुई है। यह घटना सड़कों पर सुरक्षा व्यवस्था और अधिकारियों की लापरवाही पर गंभीर सवाल खड़े करती है, जब एक गिरे हुए पेड़ को समय रहते नहीं हटाया गया और ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मी हादसे का शिकार हो गए।

Read More

सड़क पर फावड़ा-गैती चलती दिखे तो तुरंत बताएं! आगरा में 30 सितंबर तक ‘नो कटिंग जोन’ घोषित, नगर निगम हुआ सख्त: दोषी अधिकारी होंगे जिम्मेदार!

आगरा। बारिश के मौसम में शहर की सड़कों को सुरक्षित रखने के लिए आगरा नगर निगम ने एक बड़ा कदम उठाया है। नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल ने 30 सितंबर तक किसी भी प्रकार की रोड कटिंग पर पूरी तरह से रोक लगा दी है। चेतावनी दी गई है कि यदि कहीं भी बिना अनुमति रोड कटिंग करते हुए कोई दिखा, तो अब सख्त कार्रवाई की जाएगी। नगर निगम को लगातार प्रतिबंध के बावजूद कुछ कंपनियों द्वारा रोड कटिंग की सूचनाएं मिल रही थीं, जिसे अब गंभीरता से लिया गया है। अब क्षेत्रीय अधिकारी सीधे तौर पर जिम्मेदार मुख्य अभियंता (निर्माण) बीएल गुप्ता ने बताया कि शहर में हो रही अनधिकृत रोड कटिंग पर लगाम लगाने के लिए क्षेत्रीय सहायक अभियंताओं (AE) को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। इसका मतलब साफ है कि अब यदि किसी भी क्षेत्र में बिना अनुमति रोड कटिंग होती है, तो संबंधित क्षेत्रीय AE को सीधे तौर पर जिम्मेदार माना जाएगा। सभी सहायक और अवर अभियंताओं को लगातार फील्ड में निरीक्षण करने और सड़क कटिंग की घटनाओं पर पैनी नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं। जुर्माना और सख्त दंडात्मक कार्रवाई होगी मुख्य अभियंता ने स्पष्ट किया है कि जिन संस्थाओं या कंपनियों द्वारा नियमों की अनदेखी की जाएगी, उनके खिलाफ जुर्माना, कार्य रोकने और अन्य दंडात्मक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। इस सख्त कदम का मुख्य उद्देश्य बरसात के समय में होने वाले जलभराव, सड़क धंसने और दुर्घटनाओं की संभावनाओं को रोकना है। बता दें कि बारिश में शहर की बहुत सी सड़कें धंस चुकी हैं। जलभराव के दौरान यह पता नहीं चल पाता कि कहां सड़क है और कहां गड्ढा, जिससे हादसों की संभावनाएं काफी बढ़ जाती हैं। इन्हीं सब को रोकने के लिए रोड कटिंग पर यह पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है। आम जनता से भी अपील: ‘हमें बताएं, अगर कहीं देखें रोड कटिंग’ नगर निगम ने आमजन से भी अपील की है। मुख्य अभियंता ने कहा है कि अगर कहीं पर कोई कंपनी फावड़ा, गैंती या कोई कटिंग मशीन चलाते हुए रोड कटिंग करती पाई जाए, तो इसकी सूचना तत्काल नगर निगम कंट्रोल रूम को उपलब्ध कराएं। अब पूरा आगरा 30 सितंबर तक ‘नो कटिंग जोन’ है!

Read More

चांदी की चोरी कर छिप रहे थे चोर, फिर पड़ी पुलिस की ‘पीतल की गोली’! आगरा में बदमाशों से मुठभेड़, 1 घायल; 4 गिरफ्तार

आगरा। आगरा में चांदी और पेठा कारोबारी के यहां दो दिन पहले हुई चोरी का पुलिस ने 48 घंटे के अंदर खुलासा कर दिया है। थाना मदनमोहन गेट इलाके में पुलिस की बदमाशों से मुठभेड़ हो गई, जिसमें चोरी की वारदात को अंजाम देने वाले चार आरोपी गिरफ्तार किए गए हैं। मुठभेड़ के दौरान एक आरोपी शरद उर्फ लल्लू के पैर में गोली लगी है, जिसे घायल अवस्था में इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया है। नूरी गेट से चोरी हुई थी चार किलो चांदी और नगदी नूरी गेट स्थित चांदी और पेठा कारोबारी के कारखाने में दो दिन पहले नकबजनी और चोरी की बड़ी वारदात हुई थी। चोर यहां से करीब चार किलो चांदी और नगदी लेकर फरार हो गए थे, जिससे इलाके में हड़कंप मच गया था। शनिवार रात को पुलिस ने चेकिंग के दौरान कुछ संदिग्ध लोगों को रोका। पुलिस को देखते ही बदमाशों ने पुलिस टीम पर फायर कर दिया। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में एक बदमाश शरद उर्फ लल्लू के पैर में गोली लगी और वह घायल हो गया। चार गिरफ्तार, फरार एक साथी की तलाश जारी पुलिस ने मुठभेड़ के बाद मौके से चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपितों के नाम सौरव, पंकज, हिमांशु और शरद उर्फ लल्लू हैं। पुलिस ने इनके कब्जे से चोरी की गई चांदी और एक तमंचा भी बरामद किया है। एसीपी कोतवाली शेषमणि उपाध्याय ने बताया कि आरोपियों ने पुलिस टीम पर अवैध असलहा से फायर किया था, जिसके जवाब में पुलिस ने कार्रवाई की। उन्होंने यह भी बताया कि आरोपितों का एक साथी अमित मौके से फरार हो गया है, जिसे पकड़ने के लिए पुलिस टीम लगातार प्रयास कर रही है। पुलिस का दावा है कि इस गिरफ्तारी से चोरी की कई अन्य वारदातों का भी खुलासा हो सकता है।

Read More

आगरा में ‘सड़क नहीं तो वोट नहीं’! अकबरपुर के ग्रामीण अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे, 2 साल से कर रहे सड़क निर्माण की मांग

आगरा। शमसाबाद ब्लॉक के बरौली अहीर स्थित अकबरपुर गांव के लोग अपनी बदहाल सड़क से इस कदर परेशान हैं कि अब उन्होंने अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया है। पिछले दो साल से 1300 मीटर लंबी जर्जर सड़क के निर्माण की मांग कर रहे ग्रामीणों ने सभी सरकारी विभागों से निराश होकर यह कदम उठाया है। 30 साल पुरानी सड़क, जलकल ने खोदी और भूल गए अकबरपुर गांव की यह सड़क लोक निर्माण विभाग ने 30 साल पहले बनवाई थी। लेकिन, कुछ समय पहले जलकल विभाग ने पानी की पाइप लाइन डालने के लिए इसे खोद दिया और फिर इसकी मरम्मत करना भूल गया। तब से यह सड़क पूरी तरह से जर्जर पड़ी है। ग्रामीणों ने इस संबंध में जिला पंचायत विभाग, लोक निर्माण विभाग और जल कल विभाग में कई बार शिकायतें कीं, लेकिन किसी भी विभाग ने कोई कार्रवाई नहीं की। स्कूल जाने वाले बच्चे और अध्यापक भी परेशान समाजसेवी विजय सिंह लोधी ने बताया कि उन्होंने जिला पंचायत, लोक निर्माण विभाग, जल कल विभाग, क्षेत्र पंचायत, मंडी समिति और ग्राम पंचायत विभाग सहित सभी संबंधित विभागों से सड़क निर्माण की गुहार लगाई, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। इस मार्ग पर 12 विद्यालयों के छात्र-छात्राएं और अध्यापक-अध्यापिकाएं रोज़ाना आते-जाते हैं, जिन्हें इस खराब सड़क की वजह से भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। राष्ट्रीय दिव्यांग संघ के अध्यक्ष और अखिल भारतीय लोधी राजपूत कल्याण महासभा के जिला प्रवक्ता विजय सिंह लोधी के नेतृत्व में ग्रामीणों ने 5 सूत्रीय मांगों को लेकर यह अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया है। उनकी मुख्य मांग है कि सरकार जल्द से जल्द उनकी समस्याओं का समाधान करे और सड़क निर्माण कार्य को तुरंत शुरू कराए। अधिकारियों के खोखले आश्वासन और झूठी रिपोर्ट विजय सिंह लोधी ने बताया कि जनवरी महीने में लोक निर्माण विभाग के सहायक इंजीनियर ए.के. सिंह ने सड़क की जांच की थी और इसे जल्द बनाने का आश्वासन भी दिया था। लेकिन अब वे कह रहे हैं कि यह क्षेत्र लोक निर्माण विभाग के स्वामित्व में नहीं आता। वहीं, जल कल विभाग ने भी अपनी एक झूठी आख्या (रिपोर्ट) पेश कर दी है, जिसमें यह दिखा दिया गया है कि सड़क की मरम्मत करवा दी गई है, जबकि मौके पर कोई काम नहीं हुआ है। सिर्फ अंदर की कुछ गलियों में सीसी निर्माण कार्य किया गया है। ग्रामीणों का कहना है कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होंगी, उनका धरना जारी रहेगा।

Read More

वाहन की हाई बीम की वजह से ‘धड़ा…धाम!’ आगरा में टाटा गेट पर भयानक हादसा: कार और दो बसें पेड़ से टकराईं, तीन पुलिसकर्मी घायल

आगरा। आगरा में थाना शाहगंज क्षेत्र के टाटा गेट पर देर रात करीब 3 बजे एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। जयपुर से आगरा की ओर आ रही एक कार और उसके पीछे चल रही दो बसें सड़क पर रखे एक पेड़ से जा टकराईं। इस हादसे में तीन पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं, जिन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। दुर्घटना के बाद बसें, कार और पेड़ को हटाने के लिए क्रेन की मदद लेनी पड़ी। तेज लाइट और सड़क पर पड़ा पेड़ बना हादसे की वजह हादसे की मुख्य वजह सड़क पर पड़ा एक पेड़ और वाहनों की तेज हाई बीम लाइट बताई जा रही है। कार चालक ने बताया कि वे खाटू श्याम से घर जा रहे थे। सामने से आ रही गाड़ियों की तेज लाइट के कारण उन्हें सड़क पर पड़ा पेड़ दिखाई नहीं दिया, जिससे उनकी कार सीधे पेड़ से जा टकराई। कार चालक ने इस हादसे का जिम्मेदार वन विभाग को ठहराया है। उनका कहना है कि अगर पेड़ सड़क पर नहीं होता तो यह हादसा नहीं होता। एक के बाद एक टक्करें, पुलिसकर्मी भी हुए घायल पहली बस के चालक नसरुद्दीन ने बताया कि वे जयपुर से आगरा आ रहे थे और क्रेटा कार उनकी बस के आगे चल रही थी। जैसे ही कार पेड़ से टकराई, उसे बचाने के प्रयास में उन्हें अपनी बस को भी पेड़ पर चढ़ाना पड़ा। इसी दौरान, पास में स्थित पृथ्वीनाथ चौकी से सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंच गई। तभी, दूसरी तरफ से आ रही एक अन्य बस ने, जो रॉन्ग साइड पर चल रही थी, पुलिसकर्मियों के पास ही टक्कर मार दी। इस बस की चपेट में आकर तीन पुलिसकर्मी घायल हो गए। दो पुलिसकर्मी गंभीर घायल, अस्पताल में भर्ती हादसे में घायल हुए तीन पुलिसकर्मियों में से मोहित यादव और रोहित यादव गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं। उन्हें तुरंत पुष्पांजलि हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घटना की जांच शुरू कर दी है और दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को हटाकर रास्ते को साफ किया जा रहा है। यह हादसा एक बार फिर सड़कों पर सुरक्षा और वन विभाग की लापरवाही के साथ-साथ तेज हाई बीम लाइटों के खतरे को उजागर करता है।

Read More

आगरा में हरियाली तीज का उल्लास: पदमप्रभु महिला मंडल ने हरे परिधानों में बिखेरी छटा, जमकर हुए पारंपरिक गीत और नृत्य

आगरा। सावन की हरियाली और तीज के उल्लास भरे माहौल के बीच, 2 अगस्त को आगरा में पदमप्रभु महिला मंडल अवधपुरी की ओर से बोदला रोड स्थित बोदला हॉस्पिटल के पास फोरस्प्रो रेस्टोरेंट में भव्य हरियाली तीज महोत्सव का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ णमोकार महामंत्र और दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ, जिससे पूरा माहौल भक्तिमय हो गया। मंडल की सभी महिलाओं ने हरे परिधान पहनकर सावन के पारंपरिक गीतों पर जमकर नृत्य किया, जिससे उत्सव में चार चांद लग गए। इस दौरान विभिन्न प्रतियोगिताओं का भी आयोजन किया गया, जिसमें मंडल की सभी सदस्यों ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर महोत्सव को यादगार बना दिया। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पार्षद मीनाक्षी वर्मा एवं वीना जैन उपस्थित रहीं, जिनका पदमप्रभु महिला मंडल द्वारा गर्मजोशी से स्वागत और सम्मान किया गया। इस अवसर पर करुणा जैन, हेमलता जैन, कविता जैन, अंजू जैन, शालू जैन, बीना जैन, रंजना जैन, रीता जैन, पुष्पा जैन, अंजली जैन सहित समस्त पदमप्रभु महिला मंडल की सदस्य बड़ी संख्या में उपस्थित रहीं और हरियाली तीज के इस पर्व को मिलकर मनाया।

Read More

गई मेहनत पानी में! सर्वर की वजह से रिकॉर्ड गायब: 250 अस्पताल और लैब संचालकों को फिर से करना होगा आवेदन, तब मिलेगा 5 साल का लाइसेंस!

आगरा। आगरा में स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही या तकनीकी खामी का खामियाजा अब करीब 250 अस्पताल और पैथोलॉजी लैब संचालकों को भुगतना पड़ेगा। विभाग से उनके पंजीकरण का रिकॉर्ड ही गायब हो गया है, जिसके कारण उन्हें अपने लाइसेंस के नवीनीकरण के लिए दोबारा आवेदन करना होगा! स्वास्थ्य विभाग ने मोबाइल पर संदेश भेजकर इस ‘बदकिस्मती’ की जानकारी दी है। दोबारा वेरिफिकेशन, फिर मिलेगा 5 साल का लाइसेंस स्वास्थ्य विभाग से रिकॉर्ड गायब होने के बाद अब नए सिरे से प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। जिन 250 अस्पताल-लैब के संचालकों का डेटा गायब हुआ है, उन्हें फोन पर संदेश भेजकर दोबारा आवेदन करने को कहा गया है। इन प्रमाणपत्रों की जांच और संस्थान के भौतिक सत्यापन के बाद ही उन्हें पांच साल के लिए लाइसेंस का नवीनीकरण मिल पाएगा। अभी तक विभाग ने 750 संस्थानों के लाइसेंस का नवीनीकरण कर दिया था, लेकिन बीते सप्ताह पोर्टल से इनका रिकॉर्ड गायब हो गया। तकनीकी टीम ने कई संस्थानों का रिकॉर्ड तो रिकवर कर लिया, लेकिन करीब 250 का डेटा अभी भी नहीं दिख रहा है। पंजीकरण प्रक्रिया 2 महीने पिछड़ी, बिना मानक वाले अस्पतालों की छंटनी अटकी सीएमओ डॉ. अरुण श्रीवास्तव ने बताया कि अधिकांश अस्पताल-लैब और डायग्नोस्टिक सेंटर का रिकॉर्ड रिकवर हो गया है, और उनका विवरण पोर्टल पर अपलोड किया जा रहा है। उन्होंने स्वीकार किया कि करीब 250 संस्थानों का रिकॉर्ड नहीं मिला है और उनसे दोबारा आवेदन के लिए कहा गया है। स्वास्थ्य विभाग में बीते साल कुल 1317 चिकित्सकीय संस्थान पंजीकृत थे, जिनमें 492 क्लीनिक, 487 अस्पताल, 150 पैथोलॉजी लैब, 103 डायग्नोस्टिक सेंटर और 85 डेंटल क्लीनिक शामिल थे। इन सभी के लाइसेंस का नवीनीकरण मई तक हो जाना था, लेकिन रिकॉर्ड गायब होने की इस घटना से पूरी प्रक्रिया दो महीने पिछड़ गई है। इसका एक बड़ा नुकसान यह भी है कि बिना मानक वाले अस्पतालों की छंटनी का काम भी अटक गया है, जिससे मरीजों की सुरक्षा पर सवाल खड़े होते हैं।

Read More

दे दना दन! प्रॉपर्टी के लिए ‘दे घूंसे-दे घूंसे’! आगरा में भतीजे ने बीच सड़क पर गिराकर पीटा अपना ही चाचा, VIDEO वायरल होते ही पुलिस ने दबोचा

आगरा। आगरा में रिश्तों को शर्मसार करने वाला एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। थाना छत्ता अंतर्गत बेलनगंज के भैरो बाजार इलाके में प्रॉपर्टी विवाद को लेकर एक भतीजे ने अपने ही चाचा को बीच सड़क पर बुरी तरह पीटा। मारपीट का यह दिल दहला देने वाला वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होते ही पुलिस हरकत में आई और आरोपी भतीजे को गिरफ्तार कर लिया। क्या दिखा वायरल वीडियो में? वायरल हुए वीडियो में दिख रहा है कि कमल होटल के पास एक व्यक्ति बाइक पर था। तभी एक युवक वहां आता है और बाइक सवार से कुछ कहता है। दोनों के बीच बहस होती है, जिसके बाद युवक बाइक सवार को धक्का दे देता है। बाइक सवार व्यक्ति अपनी बाइक खड़ी करके युवक के पास जाता है, लेकिन युवक उसे धक्का देकर जमीन पर गिरा देता है। इसके बाद वह लगातार उसके मुंह पर कई घूंसे बरसाता है। मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो जाती है। लोगों ने युवक को रोकने का काफी प्रयास किया, लेकिन वह मारपीट करता रहा। काफी मुश्किल से लोगों ने उसे हटाया, लेकिन इसके बाद भी वह नहीं माना और लगातार हमलावर बना रहा। चाचा-भतीजे का विवाद, पुलिस ने दर्ज किया मामला पुलिस की जांच में सामने आया है कि वीडियो में दिख रहे दोनों व्यक्ति आपस में चाचा-भतीजे हैं और उनके बीच संपत्ति को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा है। मारपीट का यह वीडियो सोशल मीडिया पर आग की तरह फैल गया, जिसके बाद पुलिस ने पीड़ित चाचा की तहरीर पर तत्काल एफआईआर (FIR) दर्ज कर आरोपी युवक को गिरफ्तार कर लिया। यह घटना दर्शाती है कि प्रॉपर्टी विवाद किस तरह रिश्तों में कड़वाहट घोलकर हिंसा का रूप ले सकता है। पुलिस मामले की आगे की जांच कर रही है।

Read More

आगरा की जनकपुरी अब डिजिटल: घर बैठे देख सकेंगे भव्य विवाह उत्सव, IT सेल का हुआ शानदार शुभारंभ; सांसद नवीन जैन और संयोजक नितिन कोहली रहे मौजूद

आगरा। कमला नगर में होने वाला भव्य जनकपुरी महोत्सव इस बार एक नए डिजिटल अवतार में नज़र आएगा! समिति ने सोशल मीडिया सेल का औपचारिक शुभारंभ कर दिया है, जिससे अब देश-विदेश के करोड़ों रामभक्त इस विवाह उत्सव का आनंद घर बैठे ही उठा सकेंगे। जनकपुरी महोत्सव समिति ने सोशल मीडिया के ज़रिए पल-पल की जानकारी साझा करने की पूरी योजना बनाई है। सोशल मीडिया पर मिलेगी हर अपडेट, लाखों श्रद्धालु होंगे शामिल शनिवार को जनकपुरी महोत्सव समिति, कमला नगर द्वारा बी ब्लॉक स्थित कार्यालय में सोशल मीडिया सेल का औपचारिक शुभारंभ किया गया। इस अवसर पर राज्यसभा सांसद नवीन जैन, समिति अध्यक्ष मुरारी प्रसाद अग्रवाल, महामंत्री प्रदीप अग्रवाल, संयोजक पंकज अग्रवाल और आईटी सेल प्रभारी जुगल किशोर श्रोत्रिय ने पोस्टर विमोचन कर इस अभियान की शुरुआत की। समिति अध्यक्ष मुरारी प्रसाद अग्रवाल ने बताया कि हर साल की तरह इस बार भी लाखों श्रद्धालु महोत्सव में भाग लेंगे, लेकिन इस बार देश-विदेश में बसे करोड़ों रामभक्त भी सोशल मीडिया के ज़रिए इस उत्सव से जुड़ेंगे। इसी उद्देश्य से आईटी सेल को सशक्त किया गया है। युवा यूट्यूबर्स और एक्सपर्ट्स देंगे लाइव अपडेट, ड्रोन से होगी रिकॉर्डिंग आईटी सेल प्रभारी जुगल किशोर श्रोत्रिय के नेतृत्व में यश शिवहरे, हिमांशु धाकरे, वैभव कक्कड़, गर्वित शिवहरे जैसे युवा यूट्यूबर्स और सोशल मीडिया एक्सपर्ट्स फेसबुक, इंस्टाग्राम, यूट्यूब और व्हाट्सएप जैसे प्लेटफॉर्म्स पर महोत्सव की हर छोटी-बड़ी गतिविधि की लाइव अपडेट देंगे। संयोजक नितिन कोहली ने उत्साहपूर्वक बताया कि इस बार की जनकपुरी पिछले सारे रिकॉर्ड तोड़ेगी और बहुत भव्य होगी। उन्होंने यह भी बताया कि बारात के दौरान ड्रोन कैमरों से विशेष वीडियो रिकॉर्डिंग की जाएगी, जिसे सोशल मीडिया पर प्रसारित किया जाएगा। जुगल किशोर श्रोत्रिय ने लोगों से “जनकपुरी कमला नगर आगरा” नाम के सोशल मीडिया पेज और ग्रुप्स से जुड़ने का आग्रह किया, ताकि वे आयोजन से जुड़ी सभी जानकारी प्राप्त कर सकें। इस मौके पर समिति के अन्य पदाधिकारी भी मौजूद रहे।

Read More

ये क्या बात हुई! पहले मचा दी अफरा-तफरी, अब DM बोले- अगस्त के दूसरे हफ़्ते में लागू होंगे नए सर्किल रेट, अभी हैं कुछ कमियां!”

आगरा। आगरा में प्रॉपर्टी खरीदने का मन बना रहे लोगों के लिए ये खबर थोड़ी राहत और थोड़ी उलझन लेकर आई है। पहले 4 अगस्त से सर्किल रेट बढ़ने की ख़बरों ने अफरा-तफरी मचा दी थी, लेकिन अब जिला मजिस्ट्रेट (DM) अरविंद मल्लप्पा बंगारी ने निबंधन विभाग को प्रस्तावित रेटों की फाइल लौटा दी है। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि प्रस्ताव में कुछ कमियां हैं जिन्हें दूर किया जाए, और नए सर्किल रेट अगस्त के दूसरे सप्ताह में हर हाल में लागू कर दिए जाएंगे। क्यों टली तारीख? DM ने दिए ये निर्देश दरअसल, प्रस्तावित सर्किल रेटों पर पहले भी कई क्षेत्रों से आपत्तियां मिली थीं, जिनका अभी तक निस्तारण नहीं हो पाया है। अधिवक्ताओं का कहना था कि फतेहाबाद रोड की तरफ शहर का तेजी से विस्तार हो रहा है, लेकिन वहां उस अनुपात में सर्किल रेट नहीं बढ़ाए जा रहे हैं। इसी तरह कई अन्य क्षेत्रों में भी सर्किल रेट में असमानता थी। DM ने इन सभी असमानताओं को दूर करने के लिए कहा है, ताकि नए रेट्स में पारदर्शिता और समानता लाई जा सके। कितने बढ़ सकते हैं रेट्स? जानिए संभावित बढ़ोत्तरी सर्किल रेट में बदलाव होने से आगरा में मकान, दुकान और खेत खरीदना महंगा हो जाएगा। अनुमान है कि जिले में 50% तक जमीनों के रेट बढ़ सकते हैं। पिछली बार अगस्त 2017 में सर्किल रेट में बदलाव हुआ था, तब शहरी क्षेत्र में 27% और ग्रामीण क्षेत्र में 20 से 25% की बढ़ोत्तरी हुई थी। 2021 में नए सिरे से निर्धारण होना था, लेकिन शासन के निर्देश पर इसे रोक दिया गया था। प्रमुख क्षेत्रों में इतनी बढ़ सकती है कीमत: DM अरविंद मल्लप्पा बंगारी का कहना है: “निबंधन विभाग को सर्किल रेट की कुछ कमियों को दूर करने के लिए कहा गया है। अगस्त के दूसरे सप्ताह में नये सर्किल रेट हर कीमत पर लागू कर दिए जाएंगे।” तो अब देखना यह होगा कि ये ‘कमियां’ कब तक दूर होती हैं और आगरा में प्रॉपर्टी खरीदने का सपना देखने वालों की जेब पर कितना बोझ बढ़ता है।

Read More

आगरा नगर निगम बेच रहा गोबर वाली राखियां! आइए और ले जाइए सिर्फ ₹15-20 में… जानिए इन ‘ईको-फ्रेंडली’ राखियों की खासियतें

आगरा। इस रक्षाबंधन पर भले ही लोग सोने और चांदी की राखियां खरीद रहे हों, लेकिन आगरा में नगर निगम की गौशाला में बनी राखियां लोगों के बीच खूब चर्चा बटोर रही हैं और पसंद भी की जा रही हैं! ये अनोखी राखियां गाय के गोबर से तैयार की गई हैं और पूरी तरह से ईको-फ्रेंडली हैं। हाउस टैक्स या अन्य काम के लिए निगम परिसर आ रहे लोग इन राखियों को खरीद भी रहे हैं। फेंकने पर उगेगा तुलसी का पौधा: पर्यावरण को मिलेगा ‘सकारात्मक’ रूप नगर निगम आगरा अपनी गौशालाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए लगातार नए-नए उत्पाद तैयार कर रहा है। दीपावली पर ईको-फ्रेंडली लक्ष्मी-गणेश की मूर्तियां और होली पर गोकाष्ठ (गोबर की लकड़ी) तैयार की जाती है। इसी कड़ी में इस बार रक्षाबंधन के लिए गाय के गोबर से बनी राखियां नगर निगम परिसर में उपलब्ध कराई गई हैं। स्टॉल संचालक प्रांकुर जैन ने बताया कि इन राखियों को बनाने का मुख्य उद्देश्य पर्यावरण को सकारात्मक रूप देना है। इन राखियों की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इनमें तुलसी का बीज डाला गया है। राखी का त्योहार खत्म होने के बाद जब इसे फेंका जाएगा या गमले में डाला जाएगा, तो इससे तुलसी का पौधा उग आएगा! यह वाकई एक अभिनव और पर्यावरण-हितैषी पहल है। रंग-बिरंगी राखियां और ‘सीड बॉल’ भी उपलब्ध प्रांकुर जैन ने बताया कि लोगों की पसंद को ध्यान में रखते हुए रंग-बिरंगी राखियां बनाई जा रही हैं, जो मात्र ₹15 से ₹20 में नगर निगम परिसर स्थित दुकान पर उपलब्ध हैं। इसके अलावा, नगर निगम ने कई अन्य ईको-फ्रेंडली उत्पाद भी तैयार किए हैं। इनमें सीड बॉल भी शामिल हैं, जिनमें सहजन, जामुन और नीम के बीज डाले गए हैं। इन सीड बॉल को मानसून में सड़क किनारे, पार्क या नमी वाली जगह पर फेंकने से पौधे उग आएंगे, जिससे हरियाली बढ़ेगी। यह पहल न केवल गौशालाओं को आत्मनिर्भर बना रही है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता भी बढ़ा रही है। इस रक्षाबंधन पर आप भी इन अनोखी राखियों को अपनाकर प्रकृति के प्रति अपना प्यार दिखा सकते हैं।

Read More

सावधान आगरा! सावन के आख़िरी सोमवार पर कहीं जाम में न फंस जाना: ये रहा पूरा रूट डायवर्जन प्लान, अभी पढ़ लो!

आगरा। सावन के पवित्र महीने का आख़िरी सोमवार आ गया है और इसके साथ ही शिवभक्तों की भीड़ और कांवड़ यात्रा को देखते हुए आगरा की ट्रैफिक पुलिस ने शहर की व्यवस्था में बड़ा बदलाव किया है। अगर आप सोमवार को घर से निकलने का प्लान बना रहे हैं, तो ये खबर आपके लिए है! रविवार शाम 4 बजे से लेकर सोमवार देर रात तक शहर में भारी वाहनों की ‘नो एंट्री’ रहेगी, ताकि आप जाम में न फंसें और कांवड़ियों को कोई दिक्कत न हो। कहां-कहां रहेगी ‘नो एंट्री’ और कैसे निकलना है? ये रास्ते भारी वाहनों के लिए रहेंगे बंद: कांवड़ियों का रास्ता रहेगा साफ: मंदिरों के आसपास भी रहेगी खास व्यवस्था: क्या हैं आपके लिए वैकल्पिक रास्ते? ट्रैफिक पुलिस ने सभी श्रद्धालुओं और वाहन चालकों से अपील की है कि वे इन निर्देशों का पालन करें और सड़क पर कांवड़ियों को प्राथमिकता दें। अपनी यात्रा शुरू करने से पहले ये रूट डायवर्जन ज़रूर पढ़ लें, ताकि सोमवार को आपको कोई परेशानी न हो!

Read More

आगरा यूनिवर्सिटी में ‘जातिवाद’ का आरोप: राज्यपाल के सामने भगाए गए सफाई कर्मचारी, बोले- “शिक्षकों ने छीनी खाने की प्लेटें, कार्रवाई न हुई तो दीक्षांत समारोह में देंगे धरना!”

आगरा। डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय, आगरा में आज (शनिवार) सफाई कर्मचारियों ने जोरदार प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि राज्यपाल आनंदी बेन पटेल के हालिया विजिट के दौरान प्रो. शरद उपाध्याय, प्रो. अनिल गुप्ता और प्रो. संतोष बिहारी शर्मा जैसे शिक्षकों ने उनके साथ अभद्रता की, जातिवादी टिप्पणियां कीं और उन्हें खाने के पंडाल से भगा दिया, यहाँ तक कि उनके हाथों से खाने की प्लेटें तक छीन ली गईं। सफाई कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि यदि दोषी शिक्षकों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई नहीं की गई, तो वे 20 अगस्त को होने वाले दीक्षांत समारोह में राज्यपाल के सामने ही धरना प्रदर्शन करेंगे और हड़ताल पर चले जाएंगे। “बाबा साहब के नाम पर यूनिवर्सिटी, फिर भी दुर्व्यवहार!” विश्वविद्यालय के सफाई प्रभारी शेखर चौधरी ने बताया कि राज्यपाल के आगमन पर उनकी पूरी टीम ने दो-तीन दिनों तक लगातार काम करके विश्वविद्यालय के हर कोने को चमकाया। जब राज्यपाल के आगमन पर खाने का इंतजाम था, तो सफाई कर्मचारी भी शामिल होने पहुंचे। लेकिन वहाँ उनके साथ अभद्र व्यवहार किया गया। शेखर चौधरी ने गुस्से में कहा, “जिस विश्वविद्यालय का नाम ही बाबा साहब के नाम पर है, वहीं हमारे साथ दुर्व्यवहार किया जाता है। सफाई कर्मचारियों के लिए विश्वविद्यालय में बैठने और नहाने की कोई व्यवस्था नहीं है। हम गंदगी साफ करते हैं, इसके बावजूद हमारी शिकायतों को अनसुना कर दिया जाता है।” उन्होंने मांग की, “अगर ऐसा व्यवहार करना है तो कुलपति हमारा खाना ही अलग करा दें।” “पंडाल से बाहर निकाला, मांगें नहीं मानी तो हड़ताल” सफाई कर्मचारी धर्म सिंह ने अपनी आपबीती सुनाते हुए कहा, “शिक्षकों और अधिकारियों ने हमारे हाथ से प्लेटें छीन लीं। हमें चाणक्य भवन में खाने के पंडाल से भगा दिया गया और बाहर निकाल दिया गया।” कई सफाई कर्मचारियों ने बताया कि वे बैठने की व्यवस्था के लिए कई बार शिकायत कर चुके हैं, लेकिन कोई सुनवाई नहीं होती। उन्होंने साफ चेतावनी दी कि “अगर हमारी मांगें नहीं मानी गईं तो 20 अगस्त को राज्यपाल के सामने धरना देंगे, प्रदर्शन करेंगे और सफाई कर्मचारी हड़ताल पर चले जाएंगे।” यह घटना विश्वविद्यालय परिसर में जातिवाद और कर्मचारियों के प्रति दुर्व्यवहार के गंभीर आरोपों को सामने लाती है, जो कि बाबा साहब के नाम पर बने संस्थान के मूल्यों के विपरीत है।

Read More

आगरा मेट्रो: अक्टूबर से RBS तक दौड़ेगी ‘असली’ सवारी, अब ‘किटी पार्टी’ के भरोसे नहीं चलेगी मेट्रो!

आगरा। आगरा मेट्रो, जिसे लेकर अभी तक ‘किटी पार्टी’ और खाली ट्रेनों के चर्चे होते थे, अब RBS तक दौड़ने के लिए तैयार है! उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (UPMRC) ने पटरी बिछाने के काम में जबरदस्त तेजी दिखाई है। अधिकारियों ने पुष्टि की है कि अक्टूबर 2025 से यात्री आरबीएस (RBS) कॉलेज तक मेट्रो का सफर कर सकेंगे। यह आगरावासियों के लिए एक बड़ी राहत होगी, क्योंकि अब उन्हें अपने शहर में आधुनिक परिवहन का अनुभव मिलेगा। सितंबर तक काम पूरा, फिर शुरू होगा सफर UPMRC के उप महाप्रबंधक पंचानन मिश्रा ने बताया कि पहले कॉरिडोर में आरबीएस, राजा मंडी और आगरा कॉलेज स्टेशन लगभग तैयार हो चुके हैं। इनमें सिग्नलिंग, बिजली की आपूर्ति और सीसीटीवी कैमरे लगाने जैसे महत्वपूर्ण कार्य अंतिम चरण में हैं। आरबीएस-राजामंडी स्टेशन के बीच दोनों ओर की पटरी बिछाने का काम भी पूरा हो गया है, जबकि आगरा कॉलेज तक सिर्फ 200 मीटर का हिस्सा बाकी है। मिश्रा के मुताबिक, आगरा कॉलेज से एसएन मेडिकल कॉलेज स्टेशन और एसएन से मनःकामेश्वर स्टेशन के बीच सिविल कार्य तेजी से चल रहा है। बिजलीघर के पास रेलवे की एनओसी में देरी के कारण करीब एक महीने का समय और लगेगा, लेकिन सितंबर तक सभी कार्य पूरे कर लिए जाएंगे। इसके बाद, अक्टूबर से आरबीएस स्टेशन तक मेट्रो का व्यावसायिक संचालन शुरू हो जाएगा। दूसरे कॉरिडोर पर भी रफ्तार, 9 नई रिंग मशीनें लगाई गईं पहले कॉरिडोर के साथ-साथ, दूसरे कॉरिडोर का निर्माण भी तेजी से जारी है। आगरा कैंट से एमजी रोड तक पिलर बनाने का काम चल रहा है, जिसे और तेज करने के लिए 9 नई रिंग मशीनें भी लगाई गई हैं। इस कॉरिडोर के पहले चरण में आगरा कैंट से आगरा कॉलेज तक एलिवेटेड ट्रैक बनाया जाएगा, जिसका लक्ष्य अगले दो साल में पूरा करना है।

Read More

आज एसएन मेडिकल कॉलेज में MRI पर्चा बनवाओगे तो 3 महीने बाद आएगा नंबर! वाह रे ‘उत्तम’ इंतजाम… ‘जैक’ लगाओगे तो 7 दिन में भी मिल सकती है डेट!

आगरा। आगरा के एसएन मेडिकल कॉलेज (SNMC) में इलाज कराने पहुंचे मरीजों के लिए एक चौंकाने वाली खबर है। अगर आज आप डॉक्टर का पर्चा लेकर एमआरआई (MRI) जांच कराने पहुंचेंगे, तो आपको सीधे तीन महीने बाद यानी अक्टूबर की डेट मिलेगी! जी हां, एक पत्रकार ने जब खुद मरीज बनकर पता किया तो यही जवाब मिला। जिन मरीजों ने शुक्रवार को पर्चा बनवाया है, उन्हें सितंबर या अक्टूबर की तारीखें दी जा रही हैं, जिससे मरीज बुरी तरह परेशान हैं। ‘जैक’ का खेल: आम आदमी 3 महीने में, खास आदमी 7 दिन में यह चौंकाने वाली बात सामने आई है कि अगर आप ‘जैक’ (पैरवी या जुगाड़) लगाओगे, तो यही एमआरआई जांच मात्र 7 दिनों में भी हो सकती है। एक मरीज ने नाम न बताने की शर्त पर बताया, “पिता के लिए शुक्रवार को पर्चा बनवाया है, 9 सितंबर की डेट मिली। पत्नी के एमआरआई के लिए भी सितंबर की डेट मिली थी, लेकिन फिर एक ‘जैक’ लगाई तो एक हफ्ते में ही नंबर आ गया।” मरीज ने तो यहाँ तक सलाह दी कि “आप भी जैक ढूंढ लो, जल्दी काम हो जाएगा।” लंबी लाइनें और एकमात्र मशीन: 15 MRI पर 100 मरीज एसएन मेडिकल कॉलेज में एमआरआई की केवल एक ही मशीन है। इस एक मशीन पर प्रतिदिन लगभग 15 एमआरआई हो रहे हैं, जबकि मरीजों की संख्या प्रतिदिन 100 तक पहुंच जाती है। यही वजह है कि मरीजों को पहले पर्चा बनवाने के लिए डेढ़ से दो घंटे लाइन में लगना पड़ता है, फिर डॉक्टर से जांच लिखवानी होती है, और उसके बाद रेडियोडायग्नोस्टिक सेंटर के कमरा नंबर 9 में लंबी लाइन में लगकर एमआरआई की तारीख लेनी पड़ती है। SNMC में एमआरआई की फीस 3 से 4 हजार रुपये के बीच है, जबकि प्राइवेट में यह खर्चा 8-9 हजार रुपये आता है, जिसके कारण लोग सरकारी अस्पताल की ओर रुख करते हैं। प्रिंसिपल बोले: “अगले साल तक मिल सकती है दूसरी मशीन” प्रिंसिपल डॉ. प्रशांत गुप्ता का कहना है कि इमरजेंसी या भर्ती मरीजों के एमआरआई समय पर हो रहे हैं, लेकिन ओपीडी वाले मरीजों को इंतजार करना पड़ रहा है। उन्होंने बताया कि शासन को एक और मशीन का प्रस्ताव भेजा गया है और उम्मीद है कि अगले साल तक एक और मशीन मिल जाएगी। यह व्यवस्था उन आम मरीजों के लिए किसी आफत से कम नहीं है, जिन्हें तत्काल जांच की जरूरत होती है। क्या ‘उत्तम प्रदेश’ के स्वास्थ्य इंतजामों में ‘जैक’ ही अब एकमात्र रास्ता रह गया है?

Read More

आगरा में शुरू हुई रिमफायर एंड एयर राइफल बेंचरेस्ट शूटिंग चैंपियनशिप 2025: देशभर से जुटे निशानेबाज, ब्रिगेडियर एनएस चारग ने किया शानदार आगाज

आगरा। ताज रोड स्थित 2 यूपी बटालियन एनसीसी में आज, शुक्रवार (1 अगस्त 2025) को रिमफायर एंड एयर राइफल बेंचरेस्ट शूटिंग चैंपियनशिप 2025 का भव्य शुभारंभ हुआ। इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता का उद्घाटन ब्रिगेडियर एनएस चारग ने राइफल से सटीक निशाना साध कर और केक काटकर किया। इस मौके पर उन्होंने प्रतियोगिता की ऑफिशियल टी-शर्ट भी लॉन्च की। देशभर से आए 130 निशानेबाज, अनुशासन और मानसिक संतुलन पर जोर यह तीन दिवसीय चैंपियनशिप रिमफायर एंड एयर राइफल्स बेंचरेस्ट शूटिंग एसोसिएशन ऑफ इंडिया (RABSAI) द्वारा आयोजित की जा रही है। इसमें उत्तर प्रदेश, गुजरात, महाराष्ट्र, राजस्थान, कर्नाटक, पंजाब, उत्तराखंड, दिल्ली और तमिलनाडु सहित देश के विभिन्न राज्यों से कुल 130 प्रतिभागी अपनी सटीक निशानेबाजी का जौहर दिखाएंगे। इनमें से 35 एनसीसी कैडेट्स विशेष रूप से आगरा के हैं, जो इस प्रतियोगिता में भाग ले रहे हैं। ब्रिगेडियर चारग ने इस अवसर पर कहा कि बेंचरेस्ट शूटिंग युवाओं में अनुशासन और मानसिक संतुलन विकसित करती है। उन्होंने ऐसे आयोजनों को देश के लिए नई प्रतिभाएं खोजने का एक बेहतरीन मंच बताया, जो भविष्य में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत का नाम रोशन करेंगी। तकनीकी कौशल और एकाग्रता की होगी परीक्षा, पुरस्कार वितरण शनिवार-रविवार को RABSAI के अध्यक्ष रजत विज ने बताया कि यह प्रतियोगिता प्रतिभागियों की एकाग्रता और तकनीकी कौशल की कड़ी परीक्षा लेगी। महासचिव हिना विज ने जानकारी दी कि पहले दिन प्रतिभागियों ने बेंचरेस्ट लक्ष्य पर निशाना साधा। शनिवार (2 अगस्त) को 250 और 500 पॉइंट राउंड आयोजित किए जाएंगे। जूनियर वर्ग के लिए पुरस्कार वितरण शनिवार को होगा, जबकि सीनियर वर्ग के लिए पुरस्कार रविवार (3 अगस्त) को दिए जाएंगे। चैंपियनशिप को ट्रेजैक्ट्रॉन एयर राइफल का तकनीकी सहयोग मिल रहा है। इसके एक्सपर्ट जेन्युअल और हर्षद ने राइफल्स की तकनीकी जानकारी और मॉडर्न फीचर्स पर एक विशेष सत्र भी दिया। इस आयोजन में कर्नल पीके मिश्रा, लेफ्टिनेंट कर्नल मेघना रॉबर्ट, आयुष गर्ग, राजकुमार गर्ग, सिद्धार्थ सिंह, मधुकर यादव, अंकुर मिस्त्री और राहुल गर्ग सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।

Read More

चलो अब ‘चक्कर’ काटने का झंझट खत्म! आगरा नगर निगम ने लॉन्च किया ऑनलाइन पोर्टल, घर बैठे मिलेगा बर्थ-डेथ सर्टिफिकेट

आगरा। अब आगरावासियों को जन्म और मृत्यु प्रमाणपत्र बनवाने के लिए नगर निगम के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे! आगरा नगर निगम ने एक बड़ी राहत देते हुए अपना ऑनलाइन वेब पोर्टल https://www.annbdregistration.com/ लॉन्च कर दिया है। यह सुविधा शुक्रवार से शुरू हो गई है, जिसका सीधा फायदा शहर के लाखों नागरिकों को मिलेगा। नागरिकों की सहूलियत के लिए उठाया गया कदम नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल ने बताया कि जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र प्राप्त करने के दौरान आम नागरिकों को होने वाली असुविधा को देखते हुए नगर निगम प्रशासन ने यह ऑनलाइन वेब पोर्टल लॉन्च किया है। इसका उद्देश्य पूरी प्रक्रिया को सरल और पारदर्शी बनाना है। अब आवेदक को प्रमाण पत्र के लिए आवेदन करने के बाद एक एप्लीकेशन नंबर भी मिलेगा, जिससे वह अपने आवेदन की ऑनलाइन प्रगति जान सकेगा। अगर आवेदन में कोई कमी पाई जाती है, तो विभाग उसे ऑनलाइन ही दुरुस्त कर देगा। निगम द्वारा आवेदन स्वीकृत होने के बाद, डेथ या बर्थ सर्टिफिकेट आवेदक को ऑनलाइन ही प्राप्त हो जाएगा। कैसे करें ऑनलाइन आवेदन? नगर निगम के आईटी ऑफिसर गौरव सिन्हा ने आवेदन की प्रक्रिया समझाई: यह नई सुविधा निश्चित रूप से आगरा के नागरिकों के लिए एक बड़ी राहत है, जिससे समय और भागदौड़ दोनों की बचत होगी।

Read More

मोबाइल, बेवफाई का शक और शराब’ ने उजाड़ दिए घर! जानकर रह जाएंगे हैरान:आगरा में 10 हजार शादियां टूटने की कगार पर

आगरा। आगरा में करीब 10 हजार से अधिक शादियाँ टूटने की कगार पर हैं और इसकी वजह जानकर आप चौंक जाएंगे। परिवार न्यायालय में ऐसे मामलों की बाढ़ आ गई है जहाँ वर्षों पुराने रिश्तों में “मोबाइल फोन, बेवफाई का शक और शराब” जैसी वजहें दरार पैदा कर रही हैं। ये वो मामले हैं जहाँ एक वक्त साथ जीने-मरने की कसमें खाने वाले पति-पत्नी अब एक-दूसरे का चेहरा भी नहीं देखना चाहते, जिसका सीधा असर बच्चों के भविष्य पर पड़ रहा है। रात भर मोबाइल पर बात, 6 साल से अलग पति-पत्नी: कहानी सिर्फ एक नहीं एक ऐसा ही मामला सामने आया है, जहाँ शादी को 20 साल हो चुके हैं। पति रात भर फोन पर किसी से बात करता था और पत्नी के टोकने पर फोन काट देता। पत्नी को पति के एक्स्ट्रा-मैरिटल अफेयर का शक हुआ और बात इतनी बढ़ी कि दोनों पिछले 6 साल से अलग रह रहे हैं। यह सिर्फ एक उदाहरण है; परिवार न्यायालय में ऐसे ही शक और अविश्वास पर आधारित 10 हजार से ज़्यादा मामले चल रहे हैं। कुछ चौंकाने वाले केस जिनसे हर कोई ले सकता है सबक: ये मामले दिखाते हैं कि आधुनिक जीवनशैली में संवाद की कमी, व्यक्तिगत स्वतंत्रता की गलत परिभाषा, और बाहरी प्रभावों ने कैसे पारंपरिक रिश्तों की बुनियाद को हिला दिया है। क्या इन बढ़ती दूरियों को कम करने का कोई रास्ता है?

Read More

आगरा में घरों में सेंध लगाने वाले गैंग का पर्दाफाश: 3 बदमाश गिरफ्तार, लाखों के गहने बरामद; चोरी का माल खरीदने वाला ‘पूर्व प्रधान’ भी गिरफ्त में

आगरा। आगरा के थाना फतेहपुर सीकरी पुलिस ने घरों में घुसकर चोरी की वारदातों को अंजाम देने वाले एक शातिर चोर गैंग का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने गैंग के मुख्य सरगना सहित तीन बदमाशों को गिरफ्तार किया है, जिसमें चोरी का माल खरीदने वाला एक पूर्व प्रधान भी शामिल है। पूछताछ में आरोपियों ने कई चोरी की वारदातों को कबूला है और उनके पास से लाखों के गहने व अन्य सामान बरामद हुआ है। 1 जुलाई की चोरी से हुई शुरुआत, पुलिस ने बिछाया जाल डीसीपी अतुल शर्मा ने बताया कि यह मामला 1 जुलाई को फतेहपुर सीकरी क्षेत्र के औलेंडा गांव में राजकुमार के घर हुई चोरी से शुरू हुआ था, जहाँ गहने और अन्य सामान चुरा लिया गया था। इस घटना के खुलासे के लिए पुलिस की टीमें लगातार काम कर रही थीं। मुखबिर की सूचना पर, पुलिस टीम ने जाजऊ-फतेहपुर सीकरी रोड से डूंगर नामक व्यक्ति को गिरफ्तार किया। चोर ने उगले राज, पूर्व प्रधान तक पहुंची पुलिस पूछताछ में आरोपी डूंगर ने खुलासा किया कि वह चोरी का माल लड़ामदा निवासी पूर्व प्रधान नरेश को बेचता था। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए पूर्व प्रधान नरेश को भी गिरफ्तार कर लिया। उसकी निशानदेही पर पुलिस ने चोरी के लाखों के गहने बरामद किए, जिनमें 1 जोड़ी झुमकी, 6 अंगूठी, 1 जोड़ी झाले (सभी पीली धातु), 3 कंधनी, 7 जोड़ी पायल, 2 सिक्के, 4 जोड़ी बिछिया, 1 कमरबंध, एक अवैध तमंचा और 2 कारतूस शामिल हैं। राजस्थान बॉर्डर पर सक्रिय था गैंग, पूर्व प्रधान भी था शामिल पूछताछ में डूंगर ने बताया कि उसने यह माल पिछले 3 से 4 महीने में राजस्थान बॉर्डर के आसपास रूपबासत तथा औलेण्डा के अगल-बगल के गांवों से चुराया है। उसने एक महीने पहले औलेण्डा में रेलवे स्टेशन के पास एक मकान में और लगभग 3 महीने पहले जाजऊ में गांव के बाहरी ओर बने घर में भी चोरी की बात कबूली। जाजऊ से उसने सोने-चांदी के जेवरात और करीब ₹55 हजार नगद चुराए थे, जिसका माल उसने पूर्व प्रधान नरेश को बेच दिया था। डूंगर ने बताया कि वह चोरी के माल से मिले पैसों को मौज-मस्ती पर खर्च कर देता था। पूर्व प्रधान नरेश जानता था कि डूंगर चोरी करता है और चोरी का माल बहुत सस्ते दामों में उसे देता था। नरेश ने लालच में यह माल खरीदा और राह चलते लोगों को बेचकर अच्छा खासा मुनाफा कमाता था। आरोपी पूर्व प्रधान ने यह भी बताया कि वह डूंगर को करीब 15 सालों से जानता है। इस गिरफ्तारी से घरों में चोरी करने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश हुआ है, जो आगरा-राजस्थान सीमावर्ती इलाकों में सक्रिय था।

Read More

बारिश बनी ‘मुर्दों’ के लिए भी आफत! आगरा में श्मशान घाट पर नहीं छत, तिरपाल के नीचे हो रहे अंतिम संस्कार; ‘उत्तम प्रदेश’ के दावों की खुली पोल

किरावली, आगरा। उत्तर प्रदेश के आगरा जिले में विकासखंड अछनेरा का छहपोखर गांव इस समय एक हृदयविदारक समस्या से जूझ रहा है। यहाँ के श्मशान घाट पर न तो कोई टीनशेड है और न ही कोई अन्य बुनियादी व्यवस्था, जिसके चलते बारिश के मौसम में लोगों को अपने प्रियजनों का दाह संस्कार करने में भारी कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। खुले आसमान के नीचे तिरपाल से ढकी चिता: प्रशासन की लापरवाही उजागर एक वायरल हो रहे वीडियो में श्मशान घाट की दर्दनाक हकीकत सामने आई है। इसमें साफ दिख रहा है कि ग्रामीण भारी बारिश के बीच, खुले आसमान के नीचे, तिरपाल की मदद से चिता को बारिश से बचाने का असफल प्रयास कर रहे हैं। बारिश की बूंदों के बीच अंतिम संस्कार करने की यह दुर्दशा स्थानीय प्रशासन की घोर लापरवाही को उजागर करती है, जहाँ ज़िंदों के साथ-साथ अब मृतकों को भी बारिश की आफत झेलनी पड़ रही है। ‘उत्तम प्रदेश’ के दावों पर सवाल एक तरफ राज्य सरकार उत्तर प्रदेश को ‘उत्तम प्रदेश’ बनाने का दावा करती है, वहीं दूसरी ओर ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं का यह अभाव साफ दिखाई दे रहा है। श्मशान घाट जैसी आवश्यक सुविधाओं का विकास न होना स्थानीय निवासियों के लिए एक गंभीर समस्या बन गया है, जो उन्हें सम्मानजनक तरीके से अपने अंतिम संस्कार करने से भी वंचित कर रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने कई बार इस समस्या को अधिकारियों के सामने उठाया है, लेकिन अभी तक कोई समाधान नहीं निकला है। इस मामले में फिलहाल प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

Read More

“हमारा घर गिरा तो मेट्रो की वजह से!” – आगरा के मोती कटरा में दीवारों पर चिपके दहशत भरे पोस्टर, जिम्मेदार कौन?

आगरा। आगरा के मोती कटरा इलाके में मेट्रो की खुदाई ने कई परिवारों की नींद हराम कर दी है। यहाँ कई मकान इतने जर्जर हो गए हैं कि वे कभी भी गिर सकते हैं, जिसके चलते लोगों में गहरी दहशत है। अपनी जान-माल की सुरक्षा को लेकर चिंतित इन परिवारों ने अब अपने घरों की दीवारों पर सीधे-सीधे पोस्टर लगा दिए हैं, जिन पर लिखा है: “यह मकान अगर गिरा तो इसकी जिम्मेदारी उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (UPMRC) की होगी।” मरम्मत के नाम पर खानापूर्ति, दहशत में जी रहे लोग मकान मालिकों का आरोप है कि मेट्रो की सुरंगों की खुदाई के दौरान बरती गई लापरवाही के कारण उनके भवन जर्जर हो गए हैं। उनकी शिकायत है कि मरम्मत के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति की गई है और अब ये मकान रहने लायक नहीं रहे। उन्हें हर पल किसी बड़े हादसे का डर सता रहा है। दयानंद गुप्ता ने बताया कि उनका चार मंजिला घर है और सुरंग की खुदाई से उसमें दरारें आ गई हैं। सरकार से मान्यता प्राप्त इंजीनियर से कराए गए ऑडिट में भी उनके घर को रहने लायक नहीं बताया गया है, जिसके चलते उनका परिवार किराए पर रहने को मजबूर है। मोती कटरा के ही चितरंजन कुमार जैन ने शिकायत की कि UPMRC के अधिकारियों से कई बार शिकायत की जा चुकी है, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है। UPMRC का दावा: “अब कोई खतरा नहीं, कुछ लोग चाहते हैं पूरा घर नया बन जाए” दूसरी ओर, UPMRC के महाप्रबंधक पंचानन मिश्रा का इस मामले पर अलग ही रुख है। उनका कहना है कि इन घरों की मरम्मत करा दी गई है और अब सुरंग बन जाने के बाद घरों को कोई खतरा नहीं है। मिश्रा ने यह भी जोड़ा कि कुछ लोग चाहते हैं कि उनका पूरा घर ही नया बनवा दिया जाए। UPMRC के इस दावे और स्थानीय लोगों की दहशत के बीच, मोती कटरा के निवासियों का भविष्य अधर में लटका हुआ है। यह देखना बाकी है कि प्रशासन इस गंभीर समस्या पर क्या ठोस कदम उठाता है।

Read More

“गोलमाल है भाई सब गोलमाल है!” – आगरा के खेरागढ़ में चाय के खोखे पर मिले लाखों की दवाइयों के कार्टन, 2026 तक वैलिड!

आगरा। आगरा के खेरागढ़ में स्वास्थ्य व्यवस्था पर एक बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। यहाँ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के ठीक पास एक चाय के खोखे के नीचे से करोड़ों की दवाइयों के कार्टन मिले हैं। गाँव वालों ने जब इन दवाइयों की जाँच की तो पाया कि उन पर एक्सपायरी डेट 2026 तक की थी! इस पूरे मामले का वीडियो बनाकर गाँव वालों ने सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया है, जिससे स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है। चाय के खोखे पर मिली ‘सरकारी’ दवाएं, जनता को नहीं नसीब आज सुबह खेरागढ़ के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के सामने एक बंद चाय के खोखे के नीचे दवाइयों के कई कार्टन रखे हुए मिले। शुरुआत में गाँव वालों को लगा कि दवाएं एक्सपायर हो गई होंगी, इसलिए फेंक दी गई होंगी। लेकिन जब उन्होंने देखा तो सभी दवाइयों पर 2026 की एक्सपायरी डेट लिखी थी। इन कार्टनों में कई तरह की टैबलेट और ड्रॉप्स मिली हैं। गाँव वालों ने गुस्से में वीडियो बनाते हुए कहा कि ये दवाएं आम जनता को नहीं मिलती हैं, जबकि यहाँ स्वास्थ्य केंद्र के बाहर एक प्राइवेट गुमटी में कार्टन के कार्टन रखे हुए हैं। नगला ब्रजा के एक युवक ने वीडियो में कहा कि वह योगी जी का फैन है और ग्रेटर नोएडा में खाने का काम करता है, लेकिन उसे खुद दवाएं प्राइवेट मेडिकल स्टोर से महंगी खरीदनी पड़ती हैं। यह घटना स्वास्थ्य केंद्र की कार्यप्रणाली और दवाओं के वितरण पर गंभीर सवाल खड़े करती है।

Read More

आगरा में बालूगंज पुलिस चौकी सस्पेंड: चौकी इंचार्ज समेत 8 पुलिसकर्मियों पर गिरी गाज, लूट के मामले में ‘सेटिंग’ की चर्चा

आगरा। आगरा के थाना रकाबगंज की बालूगंज चौकी पर तैनात सभी पुलिसकर्मियों पर बड़ी कार्रवाई हुई है। चौकी इंचार्ज समेत 8 पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है, और पूरी चौकी को सस्पेंड कर दिया गया है। एसपी सिटी सोनम कुमार ने इस कार्रवाई की पुष्टि की है। लापरवाही या ‘सेटिंग’ का नतीजा? आधिकारिक तौर पर बताया गया है कि यह कार्रवाई बेहतर पुलिसिंग में फेल होने, अपराध रोकने में नाकामी और कार्य में लापरवाही के चलते की गई है। हालांकि, पुलिस महकमे में और शहर में यह चर्चा गर्म है कि यह एक्शन लूट के एक मामले में पुलिसकर्मियों द्वारा ‘सेटिंग’ करने को लेकर हुआ है। बताया जा रहा है कि 23 जुलाई को जंगजीत नगर निवासी राकेश का मोबाइल लूट लिया गया था। यह घटना पुलिस कमिश्नर के आवास से आगे माल रोड पर हुई थी, जो एक संवेदनशील क्षेत्र माना जाता है। इस मामले में पुलिस ने एक दिन के भीतर ही आरोपियों को गिरफ्तार करने का दावा किया था। लेकिन, अब यह चर्चा सामने आ रही है कि इस गिरफ्तारी में कुछ ‘सेटिंग’ या समझौता किया गया था, जिसके बाद ही यह बड़ी कार्रवाई हुई है। पुलिस कमिश्नर आवास के करीब हुई लूट की घटना और उसमें कथित ‘सेटिंग’ की चर्चा ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, जिसके बाद यह निलंबन की कार्रवाई की गई है। पुलिस फिलहाल मामले की विस्तृत जांच कर रही है।

Read More

पदमप्रभु जिनालय में गूंजे जयकारे: अवधपुरी में भक्तिभाव से संपन्न हुआ श्री कल्याण मंदिर विधान

आगरा। अवधपुरी स्थित पदमप्रभु जिनालय में आज, 1 अगस्त को, आध्यात्मिक भक्ति और उत्साह के साथ श्री कल्याण मंदिर विधान का आयोजन सानंद संपन्न हुआ। यह दिव्य आयोजन पदमप्रभु महिला मंडल द्वारा पंडित विवेक जैन शास्त्री के कुशल निर्देशन में किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रावक-श्राविकाओं ने भाग लिया। अभिषेक, शांतिधारा और मंगल कलश की स्थापना विधान की शुरुआत में, भक्तों ने पूर्ण भक्तिभाव के साथ सर्वप्रथम श्रीजी का अभिषेक एवं शांतिधारा की। इसके उपरांत, सौभाग्यवती महिलाओं ने श्रद्धापूर्वक मांडले पर मंगल कलश स्थापित कर इस पावन विधान का विधिवत शुभारंभ किया। यह दृश्य भक्तों के लिए अत्यंत मनोहारी और प्रेरणादायक था। अष्ट द्रव्यों से प्रभु की आराधना पंडित विवेक जैन शास्त्री के कुशल निर्देशन में, उपस्थित सभी श्रावक-श्राविकाओं ने अष्ट द्रव्यों (जल, चंदन, अक्षत, पुष्प, नैवेद्य, दीप, धूप और फल) के साथ प्रभु की आराधना की। इस दौरान, श्री कल्याण मंदिर विधान की सभी मांगलिक क्रियाएं भक्तिमय वातावरण में संपन्न हुईं। पूरा जिनालय मंत्रोच्चार और जयकारों से गूंज उठा, जिससे वातावरण और भी अधिक आध्यात्मिक हो गया। सकल जैन समाज की भागीदारी इस अवसर पर, विधान में ओम प्रकाश जैन, इंद्रप्रकाश जैन, मनीष जैन, प्रवीन जैन, अजय जैन, नरेंद्र कुमार जैन, रवि जैन, शुभम जैन, अनिल जैन, रश्मि जैन, करुणा जैन, बीना जैन, कविता जैन, पुष्पा जैन, अंजू जैन सहित समस्त अवधपुरी सकल जैन समाज के लोग बड़ी संख्या में मौजूद रहे। सभी ने मिलकर इस धार्मिक आयोजन को सफल बनाने में अपना योगदान दिया और प्रभु का आशीर्वाद प्राप्त किया। इस आयोजन ने समाज में धार्मिक सौहार्द और एकजुटता का संदेश दिया।

Read More

ओवरकॉन्फिडेंस ले डूबा कैंटर ड्राइवर को! लोगों ने रोका, पर नहीं माना… आगरा-राजस्थान बॉर्डर पर पार्वती नदी में बहे 4 लोग, रेस्क्यू जारी

आगरा। कभी-कभी आत्मविश्वास भी अति हो जाता है, और यही अति आत्मविश्वास आगरा-राजस्थान बॉर्डर पर एक कैंटर चालक की जान पर भारी पड़ गया। लोगों ने उसे पार्वती नदी के उफनते बहाव में कैंटर ले जाने से रोका, लेकिन वह नहीं माना और आखिरकार कैंटर सहित 4 लोग नदी में बह गए। यह दिल दहला देने वाली घटना आज लादूखेड़ा से रनौली रपट गांव लिंकरोड पर स्थित पार्वती नदी के पुल पर हुई, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। आंखों के सामने समाया कैंटर, 4 लोग डूबे मानसून के कारण पार्वती नदी इस समय उफान पर है और पुल के ऊपर से पानी तेजी से बह रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, स्थानीय लोगों ने कैंटर चालक को कई बार रोकने की कोशिश की, उसे चेतावनी भी दी, लेकिन उसने किसी की बात नहीं मानी और कैंटर को पानी से भरे पुल पर चढ़ा दिया। थोड़ी ही देर में तेज बहाव में कैंटर संतुलन खो बैठा और नदी में समा गया। इस दौरान कैंटर में चार लोग सवार थे। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पीछे बैठे एक युवक ने किसी तरह नदी से बाहर निकलने की कोशिश की। उसे निकालने के लिए स्थानीय लोग और बचाव दल तुरंत मौके पर जुटे। खबर लिखे जाने तक, एक युवक को रेस्क्यू कर लिया गया है, जबकि दो अन्य लोग अभी भी लापता हैं। रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है और SDRF तथा पुलिस मौके पर मौजूद है। नदी के तेज बहाव और पानी की गहराई के कारण राहत कार्य में काफी परेशानी हो रही है। ताजगंज के निवासी थे सभी सवार, कबाड़ लेने जा रहे थे मनिया हादसे में शामिल सभी लोग आगरा के ताजगंज क्षेत्र के गोबर चौकी इलाके के रहने वाले बताए गए हैं। वे कबाड़ का कारोबार करते हैं और मनिया में कबाड़ लेने जा रहे थे। कैंटर का चालक बमरौली कटरा का निवासी है। प्रशासन पर लापरवाही का आरोप: कोई चेतावनी बोर्ड नहीं, बैरिकेडिंग भी नहीं स्थानीय लोगों ने इस हादसे के लिए प्रशासन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि पुल पर पानी बहने के बावजूद वहाँ कोई चेतावनी बोर्ड या बैरिकेडिंग नहीं लगाई गई थी। लोगों का कहना है कि इससे पहले भी इस पुल पर कई बार हादसे हो चुके हैं, लेकिन प्रशासन ने अब तक कोई स्थायी इंतजाम नहीं किए हैं, जिसकी वजह से आज यह बड़ा हादसा हुआ है।

Read More

मेयर-नगरायुक्त के घर ‘वाटरप्रूफ VIP ट्रीटमेंट’: पूरा आगरा डूबा, पर उनके बंगले के बाहर लगी ‘स्पेशल मोटर’!”

आगरा। पूरा आगरा शहर मूसलाधार बारिश से पानी-पानी हो गया है, सड़कें तालाब बन चुकी हैं, लेकिन शहर के शीर्ष पदों पर बैठे लोगों के घर के बाहर का नजारा कुछ और ही बयां करता है। जहाँ आम जनता 15 घंटे से अधिक समय से पानी में फंसी हुई है और ₹4.80 करोड़ की नई बनी सड़क पहली बारिश में ही धंस गई है, वहीं आगरा की मेयर हेमलता दिवाकर और नगरायुक्त अंकित खंडेलवाल के घरों के बाहर जल निकासी की “वीआईपी” व्यवस्था की गई है। नगरायुक्त के बंगले के ठीक सामने तो पानी निकालने के लिए एक खास पंप सेट लगाया गया है, ताकि साहब के घर के बाहर एक बूंद पानी भी न ठहरे! मेयर के पड़ोस में ‘पानी का तांडव’, लोग बोले – “मेयर ने सिर्फ अपना-अपना देखा!” मेयर हेमलता दिवाकर का घर आवासविकास सेक्टर 16 के पॉश इलाके में है। उनके निवास के पास भले ही सब ठीक हो, लेकिन उससे महज 200 मीटर की दूरी पर स्थित पुष्पांजलि गार्डेनिया अपार्टमेंट और आस-पास की गलियों में लोग नरक जैसी जिंदगी जी रहे हैं। बुधवार शाम की बारिश का पानी गुरुवार को भी सड़कों और गलियों में भरा रहा। स्थानीय निवासियों का कहना है कि वे 15 घंटे से नगर निगम के अधिकारियों का इंतजार कर रहे हैं। बंगाली पान-मसाले की दुकान के पास के गड्ढों में भरे पानी से आए दिन हादसे होते हैं। स्थानीय लोगों ने गुस्से में मेयर पर आरोप लगाया, “शहर में जल निकासी की कोई व्यवस्था नहीं है। मेयर का घर पास में होने के बावजूद उन्होंने हमारी समस्या का समाधान नहीं किया। मेयर ने सिर्फ अपना-अपना देखा, जनता की परेशानियों को नजरअंदाज किया।” नगरायुक्त के बंगले पर ‘VIP सेवा’: जनता को जाम और बच्चों को जान का खतरा नगरायुक्त अंकित खंडेलवाल के घर के पास भी स्थिति ऐसी ही है, पर अंतर साफ है। सिकंदरा स्थित गुरु के ताल के सामने हाईवे पर जलभराव है, जिससे मेट्रो का काम भी प्रभावित हो रहा है और लोग जाम में फंस रहे हैं। बच्चों को जान जोखिम में डालकर बीच हाईवे से होकर स्कूल जाना पड़ रहा है। लेकिन, नगरायुक्त के घर के ठीक सामने का नजारा देखिए! नगर निगम ने उनके बंगले के सामने पानी भरने से रोकने के लिए विशेष पंप सेट लगा रखा है। यानी, शहर डूबे तो डूबे, लेकिन “साहब के घर के आगे पानी कैसे भर सकता है!” यह तस्वीर साफ दिखाती है कि जहाँ आम नागरिक बारिश से त्रस्त है, वहीं प्रशासन के प्रमुख लोगों के लिए “अपना काम बनता, भाड़ में जाए जनता” की नीति अपनाई जा रही है।

Read More

आगरा में लोक मोर्चा के कार्यकर्ता सम्मेलन में उमड़ा जनसैलाब: स्वामी प्रसाद मौर्य का ऐलान – “2027 में यूपी में हमारी सरकार!”

आगरा। गुरुवार को राष्ट्रीय समानता दल के तत्वावधान में आयोजित लोक मोर्चा के कार्यकर्ता सम्मेलन में भारी जनसमूह उमड़ पड़ा। इस दौरान, कार्यक्रम के मुख्य अतिथि स्वामी प्रसाद मौर्य ने बड़े ही स्पष्ट शब्दों में घोषणा की कि “2027 में उत्तर प्रदेश में लोक मोर्चा अपनी सरकार बनाएगा।” मोदी सरकार पर साधा निशाना: महंगाई-बेरोजगारी और धर्म के नाम पर भटकाने का आरोप स्वामी प्रसाद मौर्य ने प्रदेश की वर्तमान सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार महंगाई, बेरोजगारी और विकास जैसे मुद्दों को छोड़कर युवाओं को धर्म के नाम पर भटका रही है। मौर्य ने इस दौरान बहुजन समाज के सम्मान का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया। सामाजिक न्याय और राजनीतिक भागीदारी का वादा मौर्य ने कहा कि लोक मोर्चा प्रत्येक वर्ग को उसकी जनसंख्या के अनुपात में राजनीतिक भागीदारी दिलाएगा। उन्होंने सामाजिक न्याय और समानता को अपना मुख्य एजेंडा बताते हुए कहा कि अब समय आ गया है जब हाशिये पर खड़े समाज को उनका वास्तविक हक और सम्मान मिले। उन्होंने कार्यकर्ताओं से घर-घर जाकर लोक मोर्चा की नीतियों को जन-जन तक पहुंचाने का आह्वान किया। इस कार्यकर्ता सम्मेलन में बड़ी संख्या में युवा, महिलाएं और वरिष्ठ नागरिक मौजूद थे, जो इस बात का संकेत है कि लोक मोर्चा आने वाले समय में राज्य की राजनीति में एक अहम भूमिका निभा सकता है।

Read More

आगरा कैंट रेलवे स्टेशन पर ₹1.70 लाख का गांजा जब्त: दो सगे भाई गिरफ्तार, रायपुर से दिल्ली ले जा रहे थे खेप

आगरा। आगरा कैंट रेलवे स्टेशन पर जीआरपी (राजकीय रेलवे पुलिस) ने मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस टीम ने लगभग 17 किलोग्राम गांजे के साथ दो सगे भाइयों को गिरफ्तार किया है। बरामद गांजे की अनुमानित कीमत करीब ₹1.70 लाख बताई जा रही है। कैसे पकड़े गए आरोपी? पुलिस उपाधीक्षक रेलवे आगरा की देखरेख में थाना जीआरपी आगरा कैंट के नेतृत्व में एक पुलिस टीम लगातार मादक पदार्थों की तस्करी की रोकथाम के लिए अभियान चला रही है। इसी अभियान के तहत, आज कैंट स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 1/6 पर लिफ्ट के पास चेकिंग के दौरान दो संदिग्ध व्यक्तियों को पकड़ा गया। पूछताछ करने पर उन्होंने अपनी पहचान सैंकी और विवेक सिंह के रूप में बताई। दोनों दिल्ली के सीलमपुर के रहने वाले सगे भाई हैं और दिल्ली में अलग-अलग किराए के कमरों में रहते हैं। रायपुर से लाए थे गांजा, दिल्ली ले जाने की फिराक में थे गिरफ्तार किए गए भाइयों ने पूछताछ में बताया कि वे यह गांजा रायपुर रेलवे स्टेशन से लाए थे। आगरा कैंट रेलवे स्टेशन पर उतरने के बाद वे इसे दिल्ली ले जाने की फिराक में थे, जहाँ उन्हें इसे बेचना था। उनके कब्जे से कुल 16.270 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ है। दोनों अभियुक्तों के खिलाफ धारा 8/20 NDPS Act के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। इस कार्रवाई से रेलवे मार्ग से होने वाली मादक पदार्थों की तस्करी पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी।

Read More

₹4.80 करोड़ की नई सड़क पहली ही बारिश में धंसी! आगरा में बोदला-लोहामंडी रोड पर हर 30 मीटर पर गड्ढे, डिवाइडर भी धंसा

आगरा। आगरा में करोड़ों रुपये की लागत से बन रही सड़कों की गुणवत्ता पर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। बोदला चौराहे से सेंट जॉन्स तक ₹4 करोड़ 80 लाख की लागत से बन रही सड़क का आधा काम पूरा भी नहीं हुआ कि इसी के बीच पड़ने वाला बोदला-लोहामंडी रोड पहली ही बारिश में बदहाल हो गया। नई बनी सड़क जगह-जगह धंस गई है और गहरे गड्ढों में तब्दील हो गई है। हर 30 मीटर पर गड्ढे, डिवाइडर भी धंसा और कूड़ा भरा ‘भास्कर’ की टीम ने मौके पर जाकर देखा तो हालात चौंकाने वाले थे। लोहामंडी चौराहे के बाद लगभग हर 30 मीटर पर बड़े-बड़े गड्ढे दिखाई दिए। किशोरपुरा पेट्रोल पंप के ठीक सामने, सड़क के बीचों-बीच बना डिवाइडर भी धंसा हुआ मिला और उसके दोनों तरफ की सड़क भी बुरी तरह टूट गई है। कई जगहों पर तो डिवाइडर में पौधे की जगह कूड़ा भरा हुआ दिखाई दिया, जो निर्माण और रखरखाव दोनों पर सवाल खड़े करता है। खराब सड़क की कुछ तस्वीरें: स्थानीय लोगों का कहना है कि यह सड़क कई साल बाद बनी थी, लेकिन पहली ही बारिश ने इसकी पोल खोल दी। इन गड्ढों में पानी भरने से वाहन चालकों को रोज दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है, और उखड़ी सड़क व धंसे डिवाइडर से हादसों का खतरा भी बढ़ गया है। पार्षद बोले- “पाइपलाइन और भारी वाहनों से हुआ नुकसान, बारिश के बाद होगी मरम्मत” इस मामले पर क्षेत्रीय पार्षद संजीव सिकरवार ने सफाई देते हुए कहा कि किशोरपुरा पेट्रोल पंप के सामने सड़क इसलिए धंसी क्योंकि स्थानीय निवासियों ने बिना सूचना के पाइपलाइन डलवा दी थी। उनके अनुसार, भारी वाहनों के निकलने से पाइपलाइन टूट गई, जिससे सड़क धंस गई। उन्होंने आश्वासन दिया कि बारिश का सीजन खत्म होने के बाद जहाँ-जहाँ सड़क धंसी है या जहाँ भी शिकायतें हैं, उन सभी जगहों पर मरम्मत कराई जाएगी। साथ ही, बोदला-लोहामंडी रोड से सेंट जॉन्स तक का अधूरा निर्माण कार्य भी बारिश के बाद जल्द शुरू किया जाएगा। करोड़ों रुपये की लागत से बनी सड़क का पहली ही बारिश में इस तरह धंस जाना प्रशासन और निर्माण एजेंसी की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाता है।

Read More

आगरा में 4 होमगार्डों को बिल्ली की देखभाल में लगाया: “SP ट्रैफिक की पालतू है, कुछ हुआ तो एक्शन होगा!” – बाद में निकला सब ‘अफवाह’

आगरा। आगरा पुलिस लाइन में एक अजीबोगरीब मामला सामने आया है, जिसने सबको चौंका दिया है। यहाँ एक बिल्ली की ‘सिक्योरिटी’ के लिए 4 होमगार्डों को ड्यूटी पर लगा दिया गया। शिफ्ट इंचार्ज कॉन्स्टेबल ने इन होमगार्डों से कहा कि यह बिल्ली SP ट्रैफिक अभिषेक कुमार की पालतू है और अगर उसे कुछ हुआ तो उनके खिलाफ कार्रवाई होगी। लेकिन, बाद में पता चला कि यह पूरी बात ही ‘अफवाह’ थी और बिल्ली लावारिस थी! होमगार्ड्स ने बताया पूरा मामला: 12 घंटे की ‘बिल्ली ड्यूटी’ होमगार्ड्स (एचजी 1411 पवन पाराशर, एचजी 1335 निजाम खान, एचजी 1185 सत्यपाल और पीआरडी एदल सिंह) की ड्यूटी पुलिस लाइन में ‘बंदशुदा’ (बंद जगह) की निगरानी के लिए लगी थी। 30 जुलाई को जब वे ड्यूटी पर आए, तो कॉन्स्टेबल योगेश कुमार ने उन्हें एक बिल्ली दिखाई। होमगार्ड्स के अनुसार, योगेश कुमार ने उनसे कहा: 12 घंटे तक बिल्ली की ‘देखभाल’ करने के बाद, होमगार्ड्स को पता चला कि यह बिल्ली एसपी ट्रैफिक की है ही नहीं। इसके बाद एक होमगार्ड ने अपने ऑफिशियल ग्रुप पर बिल्ली के बच्चे की फोटो के साथ यह पूरा मैसेज लिखा, जिसके बाद यह मामला सुर्खियों में आ गया। पुलिस का आया स्पष्टीकरण: “अफवाह है, बिल्ली लावारिस!” मामला गरमाने के बाद दैनिक भास्कर ने जब इसकी तहकीकात की, तो सामने आया कि ट्रैफिक पुलिस लाइन में एक बिल्ली ने बच्चे दिए थे। उसके एक बच्चे पर कुत्तों ने हमला कर दिया था, जिससे उसे चोट लग गई थी। उसे कुत्तों से बचाने के लिए गाड़ियों की पार्किंग वाले एरिया में रख दिया गया था। माना जा रहा है कि लाइन में रहने वाले एक कॉन्स्टेबल ने होमगार्डों को गुमराह कर दिया था। आगरा ट्रैफिक पुलिस की मीडिया सेल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर इस मामले पर स्पष्टीकरण दिया, लेकिन उनके जवाब भी अलग-अलग थे: होमगार्डों का कहना है कि उनकी भर्ती सुरक्षा ड्यूटी के लिए हुई थी, न कि बिल्ली की देखभाल करने के लिए। यह मामला आगरा पुलिस प्रशासन में चर्चा का विषय बन गया है।

Read More

आगरा के गुदड़ी मंसूर खां जैन मंदिर में धूमधाम से मना प्रभु पार्श्वनाथ का निर्वाण कल्याणक, चढ़ाया विशाल निर्वाण लाडू

आगरा। गुदड़ी मंसूर खां स्थित श्री शीतलनाथ दिगम्बर जैन मन्दिर में इन दिनों सोलह दिवसीय शांतिनाथ महामण्डल विधान का भव्य आयोजन चल रहा है, जिसका कुशल निर्देशन पंडित सौरभ जैन शास्त्री और पंडित रविंद्र जैन शास्त्री कर रहे हैं। इसी विधान के अंतर्गत, गुरुवार 31 जुलाई, 2025 को प्रभु पार्श्वनाथ का निर्वाण कल्याणक महोत्सव बड़े ही धूमधाम और भक्तिभाव के साथ मनाया गया। अभिषेक-शांतिधारा और निर्वाण लाडू का अर्पण महोत्सव की शुरुआत में सबसे पहले भक्तों ने प्रभु पार्श्वनाथ का अभिषेक और शांतिधारा संपन्न की। इसके बाद, उपस्थित सभी भक्तों ने सामूहिक रूप से निर्वाण कांड का वाचन किया। इस दौरान, सवा दो-दो किलो के 5 लाडू और एक विशाल 23 किलो का निर्वाण लाडू प्रभु पार्श्वनाथ के समक्ष श्रद्धापूर्वक अर्पित किया गया। पूरे मंदिर परिसर में प्रभु पार्श्वनाथ के जयकारों से गूंज सुनाई दे रही थी, जिससे भक्तिमय वातावरण बन गया। बड़ी संख्या में उपस्थित रहे श्रद्धालु इस पावन अवसर पर मंदिर व्यवस्थापक सुभाष जैन, नरेश जैन, राकेश जैन पार्षद, वीरेंद्र जैन, अशोक जैन, प्रमोद कुमार जैन, रविंद्र जैन, अभिषेक जैन, राकेश जैन, धर्मेंद्र जैन, सुमन जैन, सुनीता जैन, शशि जैन, अल्पना जैन, पूनम जैन, राजकुमारी जैन, कांता जैन, लक्ष्मी जैन सहित समस्त गुदड़ी मंसूर खां जैन समाज के लोग बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। सभी भक्तों ने निर्वाण कल्याणक महोत्सव में शामिल होकर पुण्य लाभ कमाया।

Read More

आगरा में 3 घंटे की मूसलाधार बारिश से हाहाकार: शहर डूबा, सड़कें बनीं तालाब, गाड़ियां रेंगती दिखीं!

आगरा। गुरुवार दोपहर को हुई महज 3 घंटे की तेज बारिश ने आगरा शहर की जल निकासी व्यवस्था की पोल खोल दी। मूसलाधार बारिश के चलते शहर की सड़कें और कई इलाके पूरी तरह जलमग्न हो गए, जिससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। नाले और नालियां उफन पड़े, और सड़कें किसी तालाब से कम नहीं लग रही थीं। घरों-दुकानों में घुसा पानी, यातायात व्यवस्था चरमराई बारिश का पानी तेजी से लोगों की दुकानों और मकानों में घुस गया, जिससे कई लोग अपने घरों में कैद हो गए। शहर की यातायात व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई और जगह-जगह लंबा जाम लग गया। सड़कों पर गाड़ियों की रफ्तार थम सी गई और वे रेंगती नजर आईं। शहर के कई इलाकों में गाड़ियां बंद पड़ गईं, जिन्हें राहगीरों की मदद से किनारे लगाना पड़ा। सड़कों पर एक फुट तक पानी भर जाने से पैदल चलना भी मुश्किल हो गया था। इन इलाकों में दिखा सबसे बुरा हाल बारिश का सबसे अधिक असर शहर के व्यस्ततम इलाकों में देखने को मिला। हर बारिश में एक ही कहानी: कब सुधरेगी जल निकासी व्यवस्था? यह पहली बार नहीं है जब आगरा में थोड़ी सी बारिश के बाद शहर जलमग्न हो गया हो। इससे पहले भी कई बार ऐसी ही स्थिति बनी है, जब लोगों को जलभराव और घंटों लंबे जाम का सामना करना पड़ा है। शहर की बेहद खराब जल निकासी व्यवस्था के कारण यह समस्या हर साल और गंभीर होती जा रही है। नागरिकों का कहना है कि नगर निगम और प्रशासन को इस गंभीर समस्या पर तुरंत ध्यान देना चाहिए, ताकि बारिश उनके लिए आफत न बने।

Read More

S.N. मेडिकल कॉलेज में नर्सों को ‘नीडल स्टिक इंजरी’ से बचाव का दिया गया प्रशिक्षण

शाम 07:00 बजे, 31 जुलाई 2025 | स्थान: आगरा आगरा। स्वास्थ्य सेवा के दौरान नर्सिंग स्टाफ की सुरक्षा सर्वोपरि है। इसी सिद्धांत को ध्यान में रखते हुए, गुरुवार को एस. एन. मेडिकल कॉलेज, आगरा में नर्सिंग स्टाफ के लिए “नीडल स्टिक इंजरी एवं बायोमेडिकल वेस्ट मैनेजमेंट” विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। इस महत्वपूर्ण प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन कॉलेज के प्राचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता के कुशल नेतृत्व में किया गया, जिसमें प्रमुख अधीक्षक डॉ. ब्रजेश शर्मा की भी गरिमामयी उपस्थिति रही। इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य नर्सिंग स्टाफ को अस्पतालों में काम करते समय होने वाली ‘नीडल स्टिक इंजरी’ (सुई लगने से होने वाली चोट) के खतरों, उससे बचाव के तरीकों, आपातकालीन प्रतिक्रिया और बायोमेडिकल कचरे के सुरक्षित वैज्ञानिक निपटान के प्रति जागरूक करना था। सतर्कता ही सबसे बड़ा बचाव: डॉ. संतोष कुमार कार्यशाला का उद्घाटन करते हुए चेस्ट एवं टी.बी. विभाग के प्रोफेसर एवं विभागाध्यक्ष, डॉ. संतोष कुमार ने अपने संबोधन में नर्सिंग स्टाफ की भूमिका की सराहना की। उन्होंने कहा, “आप सभी स्वास्थ्य सेवा की रीढ़ हैं, लेकिन आपकी अपनी सुरक्षा भी उतनी ही महत्वपूर्ण है। नीडल स्टिक इंजरी केवल एक सामान्य चोट नहीं है, यह एचआईवी, हेपेटाइटिस बी और सी जैसे गंभीर संक्रमणों का प्रवेश द्वार हो सकती है। आपकी एक छोटी सी लापरवाही न केवल आपके लिए, बल्कि आपके परिवार और समाज के लिए भी जोखिमपूर्ण हो सकती है। इसलिए, जागरूकता और सतर्कता ही इससे बचाव का सबसे बड़ा उपाय है।” तकनीकी सत्रों में मिली गहन जानकारी कार्यशाला के तकनीकी सत्र का संचालन सहायक आचार्य, डॉ. पारुल गर्ग ने किया। उन्होंने नर्सों को नीडल स्टिक इंजरी के प्रकार, इसके कारणों और जोखिमों के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने सबसे महत्वपूर्ण विषय, पोस्ट-एक्सपोज़र प्रोफाइलेक्सिस (PEP) पर गहन जानकारी दी। उन्होंने समझाया कि यदि दुर्भाग्यवश चोट लग भी जाती है, तो तत्काल क्या कदम उठाने चाहिए और कैसे PEP ट्रीटमेंट संक्रमण के खतरे को काफी हद तक कम कर सकता है। इसके बाद, माइक्रोबायोलॉजी विभाग की एसोसिएट प्रोफेसर, डॉ. प्रज्ञा शाक्य ने बायोमेडिकल वेस्ट मैनेजमेंट के तकनीकी पहलुओं पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि अस्पतालों से निकलने वाले कचरे को हल्के में नहीं लिया जा सकता। उन्होंने विभिन्न रंग के कूड़ेदानों (लाल, पीला, नीला, काला) के महत्व को समझाते हुए बताया कि किस प्रकार का कचरा (सुई, सिरिंज, खून से सनी पट्टियां, प्लास्टिक) किस कूड़ेदान में जाना चाहिए ताकि उसका सुरक्षित और वैज्ञानिक तरीके से निपटान हो सके। सिद्धांत के साथ प्रायोगिक प्रशिक्षण पर जोर इस कार्यशाला की सबसे खास बात यह रही कि इसमें केवल सैद्धांतिक ज्ञान ही नहीं दिया गया, बल्कि प्रायोगिक प्रशिक्षण पर भी जोर दिया गया। अस्पताल प्रशासन से जुड़ीं डॉ. स्वाति चौधरी ने नर्सिंग स्टाफ को हैंड्स-ऑन ट्रेनिंग दी। इस सत्र में उन्होंने सही तरीके से सुई को डिस्पोज करने, बिना हाथ लगाए नीडल कैप को वापस लगाने (scoop method) और आपात स्थिति में उठाए जाने वाले कदमों का जीवंत प्रदर्शन किया। इस पूरे कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार करने और उसे सफलतापूर्वक क्रियान्वित करने का श्रेय माइक्रोबायोलॉजी विभाग की एसोसिएट प्रोफेसर, डॉ. आरती अग्रवाल अग्रवाल को जाता है। उनके कुशल संयोजन के कारण ही यह कार्यशाला अपने उद्देश्यों को प्राप्त करने में सफल रही। इस तरह के प्रशिक्षण कार्यक्रम स्वास्थ्य कर्मियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और एक सुरक्षित अस्पताल वातावरण बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम हैं। Photo Gallery–

Read More

“तूने मेरी मीट की दुकान बंद करवाई, अब टॉयलेट भी नहीं करने देगी!” आगरा में ये कहकर आरोपी ने परिवार को पीटा, सड़क पर फेंका सामान

आगरा। आगरा में एक हैरान कर देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ दुकान के पास ‘टॉयलेट’ करने से रोकना एक दुकानदार को और उसके परिवार को भारी पड़ गया। आरोपी ने गुस्से में कहा, “तूने पहले मेरी मीट की दुकान बंद करवा दी, अब टॉयलेट भी नहीं करने देगी!” इसके बाद उसने दुकानदार और उसके परिवार को बेरहमी से पीटा और दुकान का सारा सामान भी सड़क पर फेंक दिया। पुलिस ने इस मामले में 5 आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। क्या है पूरा मामला? पुराने विवाद की भी बू सदर थाने में दर्ज कराए गए केस के अनुसार, शहीद नगर निवासी सोनू देवी ने बताया कि उनके पति श्याम सिंह परचून की दुकान चलाते हैं। सोमवार रात करीब 10 बजे तौफीक नाम का एक युवक उनकी दुकान और मकान के पास ‘टॉयलेट’ कर रहा था। जब सोनू देवी ने उसे रोका, तो आरोपी भड़क गया। आरोपी तौफीक ने कहा, “तूने पहले तो हमारी मीट की दुकान बंद करा दी। अब टॉयलेट भी नहीं करने देगी!” इसके बाद वह गाली-गलौज करने लगा। जब सोनू देवी के पति श्याम सिंह ने विरोध किया, तो तौफीक अपने भाई मोसिन और मौसी के लड़के मुस्तकीम, मुन्ना व उनके पिता सल्लो खान को बुला लाया। सभी ने मिलकर पूरे परिवार के साथ बेरहमी से मारपीट की और दुकान का सारा सामान बाहर फेंक दिया। जगदीशपुरा की घटना से बढ़ी चिंता: ‘टोकने’ पर हत्या का मामला यह घटना आगरा में बढ़ रही असहिष्णुता और मामूली बातों पर हिंसक झड़पों को दर्शाती है। कुछ दिन पहले ही जगदीशपुरा थाना क्षेत्र में एक ऐसी ही घटना ने सबको स्तब्ध कर दिया था। 23 जुलाई की रात, वंशीधर का बाड़ा निवासी अशोक कुमार को उनकी दुकान के बाहर शराब पी रहे पड़ोसियों को टोकना महंगा पड़ गया था। आरोपियों ने मारपीट के दौरान अशोक कुमार की पीट-पीटकर हत्या कर दी थी। इन घटनाओं से स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल है और वे प्रशासन से ऐसी हरकतों पर सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं ताकि छोटी-मोटी बातों पर होने वाले ये विवाद खूनी संघर्ष में न बदलें। पुलिस मामले की जांच कर रही है और आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं।

Read More

आगरा यूनिवर्सिटी में कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल का ‘नाइट स्टे’: NAAC सहित कई मुद्दों पर अधिकारियों संग की समीक्षा, आज मिलेंगी प्रिंसिपलों से

आगरा। उत्तर प्रदेश की कुलाधिपति (राज्यपाल) आनंदीबेन पटेल ने बुधवार रात डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय, आगरा के खंदारी स्थित गेस्ट हाउस में ‘नाइट स्टे’ किया। इस दौरान उन्होंने विश्वविद्यालय के अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की, जिसमें शैक्षणिक और प्रशासनिक गतिविधियों की गहन समीक्षा की गई। गेस्ट हाउस में हुई अहम बैठक, इन मुद्दों पर हुई चर्चा बुधवार को आगरा में दो कार्यक्रमों में शामिल होने के बाद, कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल विश्वविद्यालय के गेस्ट हाउस पहुंचीं, जहाँ उच्च शिक्षा मंत्री भी उनके स्वागत के लिए मौजूद थे। यहीं पर अधिकारियों के साथ बैठक हुई, जिसमें कई अहम मुद्दों पर कुलाधिपति को विस्तृत जानकारी दी गई। बैठक में मुख्य रूप से इन विषयों पर चर्चा हुई: आज योग वाटिका का उद्घाटन और प्रिंसिपलों से भेंट गुरुवार (आज) सुबह कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल खंदारी परिसर में नव निर्मित योग वाटिका का उद्घाटन करेंगी। इसके बाद वे सरकारी कॉलेज प्रतिनिधियों और AIDED कॉलेजों के प्राचार्यों (प्रिंसिपलों) के साथ एक बैठक करेंगी। इस बैठक के बाद, वे कृषि विज्ञान केंद्र, इटावा के लिए रवाना होंगी। कुलाधिपति का यह दौरा विश्वविद्यालय के विभिन्न पहलुओं की समीक्षा और सुधार पर केंद्रित रहा है।

Read More

रजिस्ट्री महंगी! आगरा में आज ही करा लें काम, कल से 50% तक बढ़ जाएंगे सर्किल रेट, लगेगी मुहर!

आगरा। अगर आप आगरा में कोई जमीन, मकान या दुकान खरीदने का सोच रहे हैं, तो आज ही रजिस्ट्री करा लें! शहर में प्रॉपर्टी खरीदना कल यानी 1 अगस्त से महंगा होने वाला है। निबंधन विभाग द्वारा प्रस्तावित नए सर्किल रेट पर आज (गुरुवार, 31 जुलाई) मुहर लगेगी, जिससे जमीनों के दाम 50% तक बढ़ सकते हैं। जिलाधिकारी अरविंद मल्लप्पा बंगारी के मुताबिक, प्रस्तावित सूची पर आज हस्ताक्षर हो जाएंगे और इसे 1 अगस्त से लागू कर दिया जाएगा। कहां कितनी बढ़ेगी कीमत? जानें पूरा गणित नए सर्किल रेट लागू होने से शहर से लेकर ग्रामीण इलाकों तक, हर तरह की प्रॉपर्टी महंगी हो जाएगी। संजय प्लेस, सदर बाजार, एमजी रोड और फतेहाबाद रोड जैसे प्रमुख व्यावसायिक क्षेत्रों में तो 40 से 50% तक सर्किल रेट बढ़ेंगे। 6 साल बाद बढ़ रहे हैं दाम, अब नहीं मिलेगी मोहलत! आगरा में आखिरी बार सर्किल रेट में बदलाव अगस्त 2017 में हुआ था, यानी लगभग 6 साल पहले। 2021 में नए निर्धारण की बात थी, लेकिन यह टल गया था। तब से कई बार कवायद हुई, पर दाम नहीं बढ़े। डीएम अरविंद मल्लप्पा बंगारी ने साफ कर दिया है कि “1 अगस्त से जिले में नए सर्किल रेट लागू हो जाएंगे। इसके लिए पूरी तैयारी कर ली गई है। 31 जुलाई को इसे अंतिम रूप दिया जाएगा।” इससे उन लोगों को बड़ा झटका लगेगा, जो रजिस्ट्री कराने में देर कर रहे थे। अब उन्हें अपनी जेब ज्यादा ढीली करनी पड़ेगी।

Read More

आगरा में भारत विकास परिषद समाज की चुनौतियों पर सक्रिय: युवाओं में तनाव पर मंथन, पर्यावरण संरक्षण को बांटे तुलसी-नीम के पौधे

आगरा। भारत विकास परिषद की विभिन्न शाखाएं सामाजिक सरोकारों से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर सक्रिय भूमिका निभा रही हैं। जहाँ एक ओर नवज्योति शाखा ने युवाओं में बढ़ते तनाव और पारिवारिक विघटन पर गहन विचार गोष्ठी का आयोजन किया, वहीं समर्पण शाखा ने पर्यावरण जागरूकता के तहत राहगीरों को तुलसी और नीम के पौधे वितरित किए। युवाओं में बढ़ते अवसाद, तलाक और अकेलेपन पर मंथन भारत विकास परिषद की नवज्योति शाखा ने ‘संस्कृति माह’ के अंतर्गत वाटर वर्क्स स्थित अतिथिवन में एक विचार गोष्ठी का आयोजन किया। इस गोष्ठी में समाज में तेजी से बढ़ रही पारिवारिक एवं मानसिक चुनौतियों पर गंभीर विमर्श हुआ। इस कार्यक्रम में अनिल अग्रवाल, अंकुर अग्रवाल, प्रदीप अग्रवाल, संजीव अग्रवाल, गौरव बंसल, नितिन अग्रवाल, नीलू जैन, डॉ. कल्पना अग्रवाल सहित कई सदस्य उपस्थित रहे। समर्पण शाखा ने बांटे 500 तुलसी-नीम के पौधे, दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश भारत विकास परिषद की समर्पण शाखा ने संजय प्लेस स्थित स्पीड कलर लैब चौराहा पर एक अनूठा जागरूकता अभियान चलाया। इस अभियान के तहत राहगीरों को लगभग 500 तुलसी और नीम के पौधे वितरित किए गए। इस अवसर पर राजीव अग्रवाल, मनीष गोयल, विशाल मित्तल, रेखा, नमिता, पूजा, साधना सहित कई कार्यकर्ता उपस्थित रहे। इन दोनों कार्यक्रमों ने भारत विकास परिषद की आगरा शाखाओं की समाज के प्रति प्रतिबद्धता को उजागर किया।

Read More

आगरा में ‘लेडी सिंघम’ CDO का हंटर: तेज-तर्रार IAS प्रतिभा सिंह ने रोका BSA का वेतन, मीटिंग रद्द कर दिया भ्रष्टाचार का संदेश!

आगरा। आगरा में मुख्य विकास अधिकारी (CDO) प्रतिभा सिंह ने बेसिक शिक्षा विभाग में बड़ी कार्रवाई करते हुए जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) जितेंद्र कुमार गोंड का वेतन रोक दिया है और जिला टास्क फोर्स (DTF) की एक महत्वपूर्ण बैठक भी रद्द कर दी। अपने तेज-तर्रार और ‘लेडी सिंघम’ जैसे अंदाज के लिए जानी जाने वाली IAS प्रतिभा सिंह ने यह एक्शन BSA पर लापरवाही और भ्रष्टाचार की लगातार मिल रही शिकायतों के बाद लिया है, जिससे प्रशासनिक गलियारों में हड़कंप मच गया है। मीटिंग में ‘गायब’ हुईं महत्वपूर्ण सूचनाएं, CDO का पारा हाई! विकास भवन सभागार में CDO प्रतिभा सिंह की अध्यक्षता में बेसिक शिक्षा विभाग की DTF की बैठक होनी थी। पिछली कई बैठकों में CDO ने स्पष्ट निर्देश दिए थे कि मृतक आश्रित नियुक्ति और निलंबित शिक्षकों की बहाली से संबंधित सभी महत्वपूर्ण सूचनाएं बैठक की बुकलेट में शामिल की जाएं। लेकिन, हैरानी की बात यह है कि BSA जितेंद्र कुमार गोंड द्वारा ये जरूरी जानकारी बुकलेट में शामिल नहीं की गई। इसे देखते ही CDO प्रतिभा सिंह का पारा चढ़ गया। उन्होंने कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए न केवल बैठक को तुरंत स्थगित कर दिया, बल्कि BSA को सभी सूचनाओं के साथ नई रिपोर्ट तैयार करने का सख्त आदेश भी दिया। ‘मोटी वसूली’ के आरोपों पर सीधा वार: वेतन रोकने का फरमान! CDO प्रतिभा सिंह के इस कड़े कदम के पीछे BSA पर लगे गंभीर भ्रष्टाचार के आरोप भी हैं। बताया जा रहा है कि अध्यापकों के निलंबन और बहाली में BSA द्वारा ‘मोटी धनराशि वसूलकर अपने चहेते शिक्षकों को मनमानी जगह बहाली देने’ की शिकायतें लगातार मिल रही थीं। जब इन आरोपों से संबंधित दस्तावेज जांच समिति को उपलब्ध नहीं कराए गए, तो CDO ने बिना किसी देरी के जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी का वेतन रोकने का आदेश दे दिया। आदेश में साफ कहा गया है कि जब तक सभी आवश्यक अभिलेख जमा नहीं किए जाते, वेतन जारी नहीं किया जाएगा। यह कार्रवाई उन अधिकारियों के लिए एक स्पष्ट चेतावनी है जो अपने पद का दुरुपयोग कर रहे हैं। कौन हैं IAS प्रतिभा सिंह? ‘जीरो टॉलरेंस’ वाली अधिकारी! प्रतिभा सिंह 2020 UPSC बैच की एक युवा और बेहद प्रभावशाली IAS अधिकारी हैं। आगरा में मुख्य विकास अधिकारी का पदभार संभालने के बाद से ही वह अपने सख्त निर्णयों, त्वरित कार्रवाई और ‘जीरो टॉलरेंस’ रवैये के लिए चर्चा में रही हैं। CDO प्रतिभा सिंह का यह कदम आगरा के प्रशासन में पारदर्शिता और जवाबदेही लाने की दिशा में एक बड़ा संदेश है, और यह दिखाता है कि वह किसी भी तरह की लापरवाही या भ्रष्टाचार को बर्दाश्त नहीं करेंगी।

Read More

ट्रेनों पर ‘मस्ती’ के लिए पत्थर फेंकते थे बच्चे: आगरा कैंट RPF ने 4 नाबालिगों को पकड़ा, 27 जुलाई को तोड़े थे ट्रेन के शीशे

आगरा। आगरा में बिल्लोचपुरा-रुनकता रेलवे स्टेशन के बीच चलती ट्रेनों पर पत्थर फेंकने की बढ़ती शिकायतों के बाद रेलवे सुरक्षा बल (RPF) आगरा कैंट ने कार्रवाई करते हुए चार बच्चों को पकड़ा है। इन बच्चों ने खुलासा किया है कि वे केवल ‘मस्ती’ के लिए ट्रेनों पर पत्थर फेंकते थे और आपस में शर्त भी लगाते थे कि किसके पत्थर से शीशा टूटेगा। एसी कोच के शीशे बनते थे निशाना, RPF ने की कड़ी निगरानी पिछले कुछ समय से रुनकता और बिल्लोचपुरा स्टेशन के बीच ट्रेनों पर पत्थर मारकर शीशे तोड़ने की घटनाएं लगातार सामने आ रही थीं। इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए, आगरा कैंट आरपीएफ ने एक विशेष टीम का गठन किया। इस टीम ने कई दिनों तक लगातार क्षेत्र की निगरानी की। ट्रेन के गुजरने के समय आरपीएफ की टीम छिपकर स्थिति पर नजर रखती थी। 27 जुलाई को भी एक ट्रेन के एसी कोच के शीशे पत्थर लगने से टूट गए थे। इस घटना के तुरंत बाद, आरपीएफ की टीम ने मौके से चार बच्चों को पकड़ लिया। पूछताछ में पता चला कि ये सभी बच्चे दहतोरा गांव के रहने वाले हैं। बच्चों ने बताया कि वे सिर्फ मनोरंजन के लिए ट्रेनों पर पत्थर फेंकते थे। वे आपस में यह भी शर्त लगाते थे कि किसका पत्थर शीशे पर लगेगा और कौन शर्त जीतेगा। चौंकाने वाली बात यह है कि वे विशेष रूप से एसी कोच के शीशों को ही निशाना बनाते थे। आरपीएफ ने बच्चों के अभिभावकों को सूचना दे दी है और बताया है कि नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। यह घटना रेलवे संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और यात्रियों की सुरक्षा को खतरे में डालने के गंभीर मुद्दे को उजागर करती है, खासकर जब यह ‘मस्ती’ के नाम पर की जा रही हो।

Read More

आगरा के कलाकुंज शाखा में ब्रह्मकुमारी दीदीयों और भैय्याओं का मंगल आगमन, माउंट आबू से बीके रमेश भाई जी ने कराया अमृतवाणी रसपान

आगरा। ब्रह्मकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय की शाहगंज स्थित चारबाग़ शाखा से ब्रह्मकुमारी दर्शन दीदी, ब्रह्मकुमारी प्रीति दीदी, ब्रह्मकुमारी गुंजन दीदी और ब्रह्मकुमार भैय्या का मंगलवार सुबह 8:00 बजे आगरा के मारुति स्टेट स्थित कलाकुंज शाखा में मंगल आगमन हुआ। विशेष धर्मसभा का आयोजन, बीके रमेश भाई जी ने दिया प्रवचन कलाकुंज शाखा के सदस्यों ने सभी ब्रह्मकुमारी दीदीयों और ब्रह्मकुमार भैय्या का माला पहनाकर भव्य स्वागत किया। मंगल आगमन के बाद एक विशेष धर्मसभा का आयोजन किया गया। इस धर्मसभा में माउंट आबू से आए बीके रमेश भाई जी मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे। उन्होंने धर्मसभा में उपस्थित सभी धर्म प्रेमी आत्माओं को अपनी अमृतवाणी से ज्ञान का रसपान कराया। इस अवसर पर सभी ब्रह्माकुमार भैय्या और ब्रह्माकुमारी दीदीयों ने मिलकर मुरली सुनी, जिससे वातावरण भक्तिमय हो गया। ब्रह्म भोजन का आयोजन और प्रमुख सदस्यों की उपस्थिति कार्यक्रम के समापन के बाद, प्रजापिता ब्रह्मा बाबा के प्रसाद रूपी ब्रह्म भोजन का भी विशेष आयोजन किया गया, जिसमें सभी उपस्थित श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। इस मौके पर एनके राना, गीतम सिंह वर्मा, मुकेश वर्मा, भगवानदास, देवप्रकाश राना सहित कलाकुंज शाखा के समस्त धर्मप्रेमी बंधु और सदस्य बड़ी संख्या में मौजूद रहे।

Read More

आगरा: मोतीकटरा जैन मंदिर में ‘श्रीजी विराजमान समारोह’ संपन्न, नेमिनाथ भगवान के जन्म-तप कल्याणक पर उमड़ी श्रद्धा

आगरा। मोतीकटरा स्थित जत्ती कटरा के श्री पार्श्वनाथ दिगंबर जैन मंदिर में बुधवार को 22वें तीर्थंकर भगवान नेमिनाथ के जन्म एवं तप कल्याणक के पावन अवसर पर ‘श्रीजी विराजमान समारोह’ अत्यंत श्रद्धा और उल्लास के साथ संपन्न हुआ। यह समारोह आचार्यश्री चैत्यसागर जी महाराज एवं गुरुमां शाश्वतमति माता जी ससंघ के दिव्य सान्निध्य में आयोजित किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भक्ति भाव से भाग लिया। अभिषेक, शांतिधारा और विधि-विधान से प्रतिमाएं विराजमान कार्यक्रम का शुभारंभ मंत्रोच्चार के साथ अभिषेक एवं शांतिधारा से हुआ, जिसने पूरे वातावरण को पवित्र कर दिया। इसके बाद, विधानाचार्य पंडित जिनेन्द्र जैन शास्त्री के कुशल निर्देशन में श्रीजी की प्रतिमाओं को वैदिक विधि-विधान के साथ वेदी में स्थापित (विराजमान) कराया गया। इस शुभ अवसर पर, सभी उपस्थित श्रद्धालुओं को प्रभु पार्श्वनाथ के समक्ष सामूहिक रूप से निर्वाण लाडू चढ़ाने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। इस पूरे आयोजन में भक्ति और संयम का अद्भुत संगम देखने को मिला, जिससे श्रद्धालुओं की आस्था और भी गहरी हुई। आचार्यश्री का आशीर्वाद और भक्तिमय संगीत मोती कटरा जैन समाज के श्रद्धालुओं ने आचार्यश्री चैत्यसागर जी महाराज के चरणों में श्रीफल भेंट कर उनका मंगल आशीर्वाद प्राप्त किया। इस कार्यक्रम में धर्मभाव, श्रद्धा और संगठन की एक अनुपम छवि दिखाई दी। भक्ति संगीत शशि पाटनी द्वारा प्रस्तुत किया गया, जिसने पूरे वातावरण को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर दिया। कार्यक्रम का संचालन मनोज जैन बाकलीवाल ने बेहद प्रभावशाली ढंग से किया। इस अवसर पर निर्मल मौठया, पंकज जैन, संजीव जैन, पन्नालाल गोधा, अशोक सेठी, कमल जैन, आकाश जैन, अमन जैन, दीपक जैन, हुकम जैन, शुभम जैन सहित मोती कटरा जैन समाज के अनेक सदस्य बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।

Read More

आगरा जिला अस्पताल की 3 कुक को नोटिस: ’50-50 हजार रुपये न देने पर नौकरी से हटाया’, कैबिनेट मंत्री तक पहुंचा मामला

आगरा। आगरा के जिला अस्पताल में कुक के तौर पर काम करने वाली तीन महिलाओं ने अस्पताल प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि उनसे नौकरी पर बने रहने के लिए 50-50 हजार रुपये की रिश्वत मांगी गई, और रिश्वत न देने पर उन्हें नोटिस देकर काम से हटा दिया गया है। इन महिलाओं ने अपनी शिकायत कैबिनेट मंत्री बेबी रानी मौर्य और राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष बबिता चौहान तक पहुंचाई है। 15 साल से काम कर रही थीं आउटसोर्सिंग पर पीड़ित महिलाओं, रानी देवी, अमरजीत कौर और ममता पाल का कहना है कि वे पिछले 15 सालों से डाटा पावर कंप्यूटर्स प्राइवेट लिमिटेड के माध्यम से आउटसोर्सिंग पर जिला अस्पताल में खाना बनाने का काम कर रही थीं। मरीजों के लिए खाना बनाने के साथ ही वे उसे बांटने का काम भी करती थीं। ममता पाल ने बताया कि उनके परिवारों की आजीविका पूरी तरह से इसी नौकरी पर निर्भर है। तीनों महिलाओं का आरोप है कि उनसे 50-50 हजार रुपये मांगे गए, और जब उन्होंने पैसे नहीं दिए, तो उन्हें एक महीने का नोटिस देकर काम से हटाया जा रहा है। अमरजीत कौर का भी यही आरोप है कि पैसे न देने के कारण ही उन्हें नोटिस मिला है। ‘एक लाख लेकर नए कुक को रखा’ और कैबिनेट मंत्री ने लिखा पत्र महिलाओं ने यह भी आरोप लगाया है कि अस्पताल के अधिकारियों ने एक लाख रुपये लेकर एक नए कुक को नौकरी पर रख लिया है। उनका कहना है कि यह उनकी रोजी-रोटी का एकमात्र साधन है और इस कार्रवाई से उनके परिवार को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। रानी देवी ने बताया कि उन्होंने कैबिनेट मंत्री बेबी रानी मौर्य से मुलाकात कर अपनी पूरी समस्या बताई। इस पर कैबिनेट मंत्री ने जिलाधिकारी (DM) को पत्र लिखकर तीनों महिलाओं को फिर से बहाल करने का अनुरोध किया है। हालांकि, अस्पताल प्रशासन ने इस पर एक महीने का समय मांगा है। महिलाएं अपनी बात पर अड़ी हैं कि उन्हें सिर्फ इसलिए हटाया गया है क्योंकि उन्होंने रिश्वत देने से इनकार कर दिया। यह मामला जिला अस्पताल में पारदर्शिता और भ्रष्टाचार पर सवाल खड़े कर रहा है।

Read More

आगरा की ‘लाइफलाइन’ MG रोड बदहाल: गड्ढों का राज, घंटों का जाम और बारिश में जलभराव से लोग बेहाल!

आगरा। कभी शहर की शान और लाइफलाइन कही जाने वाली एमजी रोड (महात्मा गांधी रोड) अब आगरावासियों के लिए सिरदर्द बन गई है। जगह-जगह बने गड्ढे, मेट्रो निर्माण के कारण संकरी हो चुकी लेन और बारिश के दिनों में भारी जलभराव ने इस व्यस्ततम सड़क को बदहाल कर दिया है। दैनिक भास्कर की टीम ने मौके पर जाकर जो स्थिति देखी, वह चिंताजनक है। भगवान टॉकीज से प्रतापपुरा तक बदहाली का आलम एमजी रोड पर भगवान टॉकीज से प्रतापपुरा तक लगभग पूरे मार्ग पर गड्ढों और लगातार जाम की स्थिति बनी रहती है। मेट्रो परियोजना के चलते सड़क के दोनों ओर बैरिकेडिंग कर दी गई है, जिससे सड़क की चौड़ाई आधी रह गई है। ऊपर से सड़क की हालत इतनी खराब है कि जगह-जगह गहरे गड्ढे और उबड़-खाबड़ रास्ते सफर को बेहद मुश्किल बना देते हैं। हर दिन हजारों वाहन इस मार्ग से गुजरते हैं, लेकिन विशेष रूप से सुबह ऑफिस और स्कूल-कॉलेज के समय और शाम को घर लौटते समय ट्रैफिक जाम चरम पर होता है। सैंट जॉन्स चौराहे और सूरसदन चौराहे से पहले भी सड़क की स्थिति बेहद खराब है, जिससे वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बारिश में और बिगड़ते हालात, सिर्फ खानापूर्ति का पैचवर्क बारिश होने पर एमजी रोड की हालत और भी बदतर हो जाती है। गड्ढे पानी से भर जाते हैं और सड़क पर जलभराव हो जाता है, जिससे वाहन चालकों और पैदल चलने वालों दोनों को परेशानी होती है। हादसों का डर हमेशा बना रहता है। सड़क की मरम्मत के लिए कोई ठोस और स्थायी समाधान नहीं दिख रहा है। अधिकारियों द्वारा सिर्फ पैचवर्क कर खानापूर्ति कर दी जाती है, जिससे समस्या जस की तस बनी हुई है। राजा मंडी चौराहे पर भी ऐसा ही पैचवर्क देखा गया, जो बारिश में फिर से धुल जाता है। मेट्रो परियोजना बेशक शहर के विकास के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है, लेकिन जब तक इसके साथ यातायात प्रबंधन और सड़कों की उचित मरम्मत पर ध्यान नहीं दिया जाएगा, तब तक शहरवासियों की मुश्किलें कम नहीं होंगी। नागरिकों का कहना है कि प्रशासन को इस समस्या पर तुरंत ध्यान देना चाहिए ताकि शहर की लाइफलाइन को फिर से सुचारु बनाया जा सके।

Read More

आगरा पहुंचीं राज्यपाल आनंदीबेन पटेल: नेशनल चैंबर में ‘लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड’ दिए, क्वीन एम्प्रेस मैरी लाइब्रेरी का भी करेंगी उद्घाटन

आगरा। उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल बुधवार दोपहर आगरा पहुंचीं। शहर आगमन पर मेयर हेमलता दिवाकर और पूर्व राज्यपाल बेबी रानी मौर्य ने साफा पहनाकर उनका भव्य स्वागत किया। राज्यपाल ने अपने दौरे की शुरुआत नेशनल चैंबर के स्थापना दिवस कार्यक्रम से की, जहाँ उन्होंने 6 अध्यक्षों को ‘लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड’ से सम्मानित किया। “भारत एक अर्थव्यवस्था नहीं, रोल मॉडल बन गया है”: राज्यपाल नेशनल चैंबर के कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने कहा कि आगरा जैसी ऐतिहासिक नगरी व्यापार के क्षेत्र में निरंतर उल्लेखनीय कार्य कर रही है और देश के आर्थिक विकास में अहम भूमिका निभा रही है। उन्होंने इस गौरवशाली अवसर पर पूर्व अध्यक्षों और व्यापारियों को धन्यवाद दिया, जो देश को नई ऊंचाइयों पर ले जा रहे हैं। राज्यपाल ने जोर देकर कहा, “भारत एक अर्थव्यवस्था नहीं, एक रोल मॉडल बन गया है। भारत वैश्विक अर्थव्यवस्था का नेतृत्व दे रहा है।” उन्होंने बताया कि देश में 25 करोड़ लोग गरीबी रेखा से बाहर निकले हैं, और आज का युवा नए विचारों के साथ आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा, “आई लव यू युवा को रोजगार मिल रहा है, यह किसी क्रांति से कम नहीं है।” राज्यपाल ने सरकार के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि सरकार पूरी नीयत और नीति से इस दिशा में काम कर रही है और उन्हें समाजसेवियों और उद्योगों का सहयोग चाहिए। उन्होंने सभी से भारत सरकार के कंधे से कंधा मिलाकर काम करने का आह्वान किया। इन दिग्गजों को मिला ‘लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड’ राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने कार्यक्रम में केके पालीवाल, शांति स्वरूप गोयल, अमरनाथ गोयल, राजकुमार अग्रवाल, प्रेम सागर अग्रवाल, प्रदीप कुमार और अतुल कुमार गुप्ता को लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड प्रदान किए। इस कार्यक्रम के बाद, राज्यपाल ब्रिटिश समय की क्वीन एम्प्रेस मैरी लाइब्रेरी का उद्घाटन करेंगी, जिसका 3.30 करोड़ रुपये की लागत से जीर्णोद्धार किया गया है। इसमें अब डिजिटल लाइब्रेरी, प्रतियोगी परीक्षाओं की पुस्तकें और अन्य आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं। वर्ष 1911 में स्थापित यह लाइब्रेरी अब 19 कंप्यूटर और इंटरनेट सुविधा के साथ पुनः शुरू हो गई है, और 100 से अधिक लोग इसके सदस्य बन चुके हैं। राज्यपाल विभिन्न कार्यक्रमों में शामिल होने के साथ ही डॉ. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय के कुलपति और अन्य अधिकारियों के साथ भी बैठक करेंगी। बुधवार रात को वे यूनिवर्सिटी के गेस्ट हाउस में ही रुकेंगी और 31 जुलाई को सुबह प्रशासनिक अधिकारियों और विभिन्न विद्यालयों के प्रिंसिपलों के साथ बैठक करने के बाद इटावा के लिए रवाना होंगी।

Read More

आगरा पहुंचते ही राज्यपाल के कुलपति ने छुए पैर: वीडियो वायरल होने से विवाद, कार्यकाल विस्तार की अटकलें तेज!

आगरा। आगरा में डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रोफेसर आशु रानी द्वारा राज्यपाल आनंदी बेन पटेल के पैर छूने का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस घटना ने शहर में एक नई बहस छेड़ दी है और कुलपति के इस कृत्य पर तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं। राज्यपाल दो दिवसीय दौरे पर आगरा में हैं, जहां वह कई कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगी। गेस्ट हाउस पहुंचते ही कुलपति ने छुए पैर, फिर पुलिस कमिश्नर ने किया सैल्यूट राज्यपाल आनंदी बेन पटेल बुधवार दोपहर को यूनिवर्सिटी के गेस्ट हाउस पहुंचीं। वह शहर में कई कार्यक्रमों में भाग लेंगी, जिनमें ब्रिटिश समय की क्वीन एम्प्रेस मैरी लाइब्रेरी का उद्घाटन और नेशनल चैंबर का कार्यक्रम शामिल है। यूनिवर्सिटी के गेस्ट हाउस में राज्यपाल के स्वागत के लिए अधिकारियों के साथ कुलपति प्रो. आशु रानी भी मौजूद थीं। जैसे ही राज्यपाल अपनी गाड़ी से उतरीं, कुलपति ने उन्हें बुके भेंट किया और फिर उनके पैर छुए। इस दृश्य के तुरंत बाद, पुलिस कमिश्नर दीपक कुमार ने उन्हें सैल्यूट किया, और कुलसचिव अजय मिश्रा सहित अन्य अधिकारियों ने भी उन्हें बुके दिए। इस दौरान उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय भी वहां उपस्थित थे। कार्यकाल विस्तार की अटकलें और जांच का सामना कुलपति प्रो. आशु रानी के पैर छूने का वीडियो सामने आते ही यह घटना चर्चा का विषय बन गई है। सूत्रों का कहना है कि कुलपति का कार्यकाल सितंबर में समाप्त हो रहा है और वह अपना कार्यकाल विस्तार करवाना चाहती हैं। इस पृष्ठभूमि में उनके इस कृत्य को कार्यकाल विस्तार के प्रयास से जोड़कर देखा जा रहा है। दूसरी ओर, कुलपति प्रो. आशु रानी के खिलाफ कई शिकायतें दर्ज हो चुकी हैं। उनके खिलाफ कोर्ट में मुकदमे दर्ज हुए हैं, लोकपाल में शिकायतें पहुंची हैं और जांच भी शुरू हो गई है। यही नहीं, उनके खिलाफ विजिलेंस जांच भी चल रही है। ऐसे में, इस वायरल वीडियो ने उनकी स्थिति को और भी पेचीदा बना दिया है। राज्यपाल 31 जुलाई को यूनिवर्सिटी अधिकारियों के साथ बैठक करेंगी, जिससे इस मामले को लेकर आगे क्या रुख रहता है, यह देखना दिलचस्प होगा।

Read More

आगरा-कानपुर हाईवे पर चलती कार बनी आग का गोला: कुबेरपुर के पास दो दोस्त समय रहते कूदे, बाल-बाल बचे!

आगरा। आगरा-कानपुर नेशनल हाईवे पर बुधवार को एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। एत्मादपुर थाना क्षेत्र के कुबेरपुर के पास एक चलती कार अचानक आग की लपटों में घिर गई। गनीमत रही कि कार में सवार दो दोस्तों ने सूझबूझ दिखाते हुए समय रहते छलांग लगा दी, जिससे उनकी जान बच गई। जलने की बदबू आते ही कूदे, कुछ ही मिनटों में पूरी कार खाक एटा निवासी अमन अपने एक दोस्त के साथ किसी निजी काम से आगरा जा रहा था। जब उनकी कार कुबेरपुर हाईवे के निकट पहुंची, तो कार से अचानक जलने की तेज बदबू आने लगी। अमन को कुछ गड़बड़ होने का एहसास हुआ और उसने तुरंत कार को साइड में रोक दिया। दोनों युवक बिना देर किए कार से बाहर कूद गए। उनके बाहर निकलते ही कार में भीषण आग भड़क उठी। देखते ही देखते पूरी गाड़ी आग की चपेट में आ गई और कुछ ही मिनटों में धू-धू कर जलकर खाक हो गई। हाईवे पर अचानक मची अफरा-तफरी को देखकर राहगीरों ने तुरंत फायर ब्रिगेड और पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची फायर ब्रिगेड की टीम ने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक कार पूरी तरह जल चुकी थी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, यदि युवक कुछ देर और कार में रहते, तो कोई बड़ा हादसा हो सकता था। पुलिस मामले की जांच कर रही है और आग लगने के कारणों का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है।

Read More

आगरा: नलकूप की चाबी मांगने पर भाभी की बेरहमी से पिटाई, जेठ-जेठानी और बेटों ने पटक-पटककर मारा; CCTV में कैद हुई वारदात

आगरा। खंदौली क्षेत्र के नगला धमाली गांव में पारिवारिक भूमि विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। यहां एक महिला को अपने जेठ और उनके परिवार द्वारा बेरहमी से पीटने का मामला सामने आया है। पीड़िता आरती का आरोप है कि उसके जेठ और उनका परिवार न तो उन्हें पुश्तैनी खेत में खेती करने देते हैं और न ही सिंचाई के लिए नलकूप की चाबी देते हैं। चाबी मांगने गई तो परिवार ने मिलकर पीटा आरती ने पुलिस को बताया कि जब वह अपने जेठ विजय सिंह से नलकूप की चाबी मांगने गई, तो विवाद बढ़ गया। आरती का आरोप है कि विजय सिंह ने गाली-गलौज करते हुए चाबी देने से इनकार कर दिया। इसके बाद, विजय सिंह, उनकी पत्नी सोनम और दोनों बेटे अंकुश व आदित्य ने मिलकर आरती को जमीन पर पटक-पटककर बेरहमी से पीटा। इस मारपीट में आरती को अंदरूनी चोटें आई हैं। यह पूरी घटना पास लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो को देखकर क्षेत्र में भारी आक्रोश फैल गया है। पुलिस जांच में जुटी, ग्रामीणों ने बताई लंबी विवाद की कहानी आरती ने इस मामले में खंदौली थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू कर दी है और सीसीटीवी फुटेज को साक्ष्य के तौर पर खंगाल रही है। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि इस परिवार में लंबे समय से जमीन का विवाद चल रहा है। उनका आरोप है कि प्रशासनिक हस्तक्षेप के अभाव में यह मामला लगातार गंभीर होता जा रहा है। पीड़िता ने आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। यह घटना परिवारिक संपत्ति विवादों के गंभीर परिणामों को उजागर करती है, जहां बात मारपीट तक पहुंच गई।

Read More

आगरा में मेयर पर विकास न करने का आरोप: गंदे पानी में बैठकर लोगों ने किया प्रदर्शन, सड़कों पर गड्ढे और जलभराव से हाहाकार!

आगरा। आगरा में सड़कों की बदहाली और जलभराव से परेशान स्थानीय लोगों ने बुधवार को नगर निगम और मेयर के खिलाफ अनोखा प्रदर्शन किया। शंकरगढ़ पुलिया से आजम पाड़ा की ओर जाने वाली सड़क पर गहरे गड्ढों और नालियों के गंदे पानी के बीच बैठकर लोगों ने जमकर नारेबाजी की और विरोध प्रदर्शन किया। उनका आरोप है कि मेयर शहर के विकास पर ध्यान नहीं दे रही हैं, जिससे मुख्यमंत्री के “गड्ढा मुक्त उत्तर प्रदेश” के सपने पर पानी फिर रहा है। सड़क पर जलभराव से हादसे, बच्चों का स्कूल जाना मुश्किल भारतीय किसान यूनियन (भानू) के नेतृत्व में यह धरना प्रदर्शन किया गया। किसान नेता अभिषेक चौहान ने बताया कि शंकरगढ़ से आजम पाड़ा तक की सड़क पूरी तरह टूट चुकी है और उसमें बड़े-बड़े गड्ढे हो गए हैं। पास में तीन स्कूल हैं, और आए दिन स्कूली बच्चे इन गड्ढों में गिरकर चोटिल होते रहते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि नगर निगम को 10 से अधिक बार शिकायत पत्र दिए जा चुके हैं, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। मजबूरन, आज स्थानीय लोगों के साथ सड़क पर भरे गंदे पानी में बैठकर धरना देना पड़ा है। अभिषेक चौहान ने चेतावनी दी कि जब तक कार्रवाई नहीं होती, उनका धरना जारी रहेगा, और जरूरत पड़ी तो भूख हड़ताल भी की जाएगी। पार्षद पर भी अनदेखी का आरोप, वार्ड 40 की बदहाली प्रदर्शन में शामिल लोगों ने बताया कि यह क्षेत्र वार्ड 40 के अंतर्गत आता है, जिसके पार्षद रवि दिवाकर हैं। उन्हें भी इस समस्या की जानकारी दी गई थी और उन्होंने निरीक्षण भी किया, लेकिन इसके बावजूद सड़क की हालत नहीं सुधरी। नालियों का गंदा पानी सड़क पर भर जाता है, जिससे बच्चों को स्कूल जाने में परेशानी होती है और दोपहिया वाहन चालकों के साथ आए दिन हादसे होते रहते हैं। लोगों ने कहा कि जहां एक ओर मुख्यमंत्री का सपना उत्तर प्रदेश को गड्ढा मुक्त बनाना है, वहीं आगरा की मेयर उनके सपनों पर पानी फेर रही हैं। उनका आरोप है कि मेयर का शहर के विकास पर बिल्कुल भी ध्यान नहीं है, जिससे जनता परेशान है। इस प्रदर्शन ने शहर की मूलभूत समस्याओं और जनप्रतिनिधियों की जवाबदेही पर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं।

Read More

अकोला के गौरव पहलवान का हैरतअंगेज कारनामा: कमर में रस्सी बांधकर 50 मीटर तक खींची चार गाड़ियां, कंधों पर बिठाया एक शख्स भी!

आगरा। अकोला क्षेत्र के 26 वर्षीय पहलवान गौरव चाहर ने एक बार फिर अपनी अद्भुत शारीरिक शक्ति का प्रदर्शन कर सबको हैरान कर दिया है। उन्होंने गहर्रा की प्याऊ चौराहे पर अपनी कमर में रस्सी बांधकर एक साथ चार भारी गाड़ियों – एक फॉर्च्यूनर, एक थार और दो स्कॉर्पियो – को खींचा। इस हैरतअंगेज कारनामे के दौरान गौरव ने अपने कंधों पर विजयपाल चाहर को भी बिठाया हुआ था। गौरव इन सभी गाड़ियों को लगभग 50 मीटर तक खींचने में सफल रहे। दर्शन करने उमड़ी भीड़, कई जगह दोहराया प्रदर्शन गौरव के इस अनोखे प्रदर्शन को देखने के लिए बड़ी संख्या में स्थानीय लोग गहर्रा की प्याऊ चौराहे पर जमा हो गए। लोगों ने तालियां बजाकर और हूटिंग कर गौरव का उत्साह बढ़ाया। प्रदर्शन के बाद, विजयपाल चाहर, लाल सिंह, राजकुमार, अंकित और किशन चाहर ने गौरव को साफा पहनाकर सम्मानित किया। गौरव ने अपने इस अद्भुत करतब को राशि होटल, केडीएस कॉलेज मलपुरा में भी दोहराया, जहाँ रोहित भगौर, राकेश बघेल, राजेंद्र दिवाकर, तेजू ठाकुर, गोविंदा यादव, उपेंद्र और दीपू मद्रासी ने उनका जोरदार स्वागत किया। एक साल से कर रहे थे अभ्यास, स्वतंत्रता सेनानी के पोते हैं गौरव गौरव के पिता हरवीर सिंह ने बताया कि गौरव पिछले एक साल से रोजाना बड़ी-बड़ी गाड़ियां खींचने का अभ्यास कर रहे हैं। यह कोई पहला मौका नहीं है जब गौरव ने अपनी ताकत का ऐसा प्रदर्शन किया हो; इससे पहले भी उन्होंने कई स्थानों पर बस, ट्रक और ट्रैक्टर जैसे भारी वाहनों को खींचने का प्रदर्शन किया है। गौरव स्वतंत्रता सेनानी सरवन नेता के पोते हैं और अपने अनोखे कारनामों से पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बन गए हैं। उनकी यह उपलब्धि न केवल उनकी कड़ी मेहनत और समर्पण को दर्शाती है, बल्कि क्षेत्र के लिए भी गौरव का विषय बन गई है।

Read More

आगरा में हाउस टैक्स पर छूट का आज आखिरी दिन: नगर निगम की 10% छूट सिर्फ गुरुवार रात 12 बजे तक, इसके बाद लगेगी पेनल्टी!

आगरा। अगर आपने अभी तक अपना हाउस टैक्स जमा नहीं किया है, तो यह आपके लिए आखिरी मौका है। आगरा नगर निगम द्वारा गृहकर बकायेदारों को दी जा रही 10% की विशेष छूट का लाभ उठाने की आज (गुरुवार, 31 जुलाई, 2025) अंतिम तिथि है। गुरुवार रात 12 बजे के बाद यह छूट समाप्त हो जाएगी, जिसके बाद आपको पूरे बकाया पर पेनल्टी चुकानी पड़ेगी। 50 हजार से अधिक बकाएदारों को भेजे जा रहे नोटिस, होगी सख्ती नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल ने हाउस टैक्स वसूली को लेकर सभी जोनल कार्यालयों को सख्त निर्देश दिए हैं। प्रत्येक जोन के कर निर्धारण अधिकारियों से कहा गया है कि वे अपने-अपने क्षेत्र में 50 हजार रुपये या उससे अधिक का बकाया रखने वाले संपत्ति मालिकों को प्राथमिकता पर नोटिस/बिल भेजें और वसूली की कार्रवाई तेज करें। शहर में हजारों ऐसे संपत्ति स्वामी हैं जिन पर भारी मात्रा में हाउस टैक्स बकाया है। इन सभी को निगम द्वारा व्यक्तिगत बिल भेजे जा रहे हैं। नगर निगम 1 अप्रैल से 31 मार्च 2026 तक के हाउस टैक्स पर 31 जुलाई तक 10% की छूट दे रहा है। अपर नगर आयुक्त सत्येंद्र कुमार तिवारी ने स्पष्ट किया है कि 31 जुलाई के बाद न सिर्फ छूट समाप्त हो जाएगी, बल्कि वसूली के लिए सख्त कदम उठाए जाएंगे, जिसमें संपत्ति कुर्की और सील करने जैसी कार्रवाई भी शामिल हो सकती है। ऑनलाइन भुगतान की सुविधा उपलब्ध, नगर आयुक्त की अपील बकायेदारों की सुविधा के लिए नगर निगम ने nagarnigam.in पोर्टल पर ऑनलाइन गृह कर भुगतान की सुविधा भी उपलब्ध कराई है। नागरिक घर बैठे आसानी से अपना टैक्स जमा कर इस छूट का लाभ उठा सकते हैं। नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल ने सभी नागरिकों से अपील की है कि वे 31 जुलाई की समय सीमा समाप्त होने से पहले इस छूट का लाभ उठाएं और समय से हाउस टैक्स अदा कर नगर निगम की आय को सुदृढ़ बनाएं, जिससे शहर के विकास कार्यों को गति दी जा सके।

Read More

आगरा यूनिवर्सिटी के 3 लॉ कॉलेजों में प्रवेश पर रोक: बार काउंसिल ऑफ इंडिया का बड़ा फैसला, 2025-26 सत्र में नहीं होंगे दाखिले

आगरा। डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय, आगरा से संबद्ध तीन लॉ कॉलेजों में शैक्षणिक सत्र 2025-26 के लिए प्रवेश पर बार काउंसिल ऑफ इंडिया (BCI) ने रोक लगा दी है। BCI ने देश भर के कुल 11 लॉ कॉलेजों में दाखिले रोकने का आदेश जारी किया है, जिनमें आगरा के ये तीन कॉलेज प्रमुखता से शामिल हैं। अलीगढ़ का एक कॉलेज भी इस सूची में है। औचक निरीक्षण में मिली खामियां, BCI ने जारी किया पत्र BCI की ओर से जारी पत्र में बताया गया है कि उच्च स्तरीय औचक निरीक्षण निगरानी समिति ने देश के लॉ कॉलेजों का निरीक्षण किया था। इस समिति की रिपोर्ट के आधार पर ही यह बड़ा फैसला लिया गया है। रिपोर्ट में स्पष्ट रूप से लिखा गया है कि इन संस्थानों को सत्र 2025-26 के लिए भारतीय विधि शिक्षा परिषद से अनुमोदन पत्र प्राप्त नहीं हुआ है। जिन आगरा यूनिवर्सिटी से संबद्ध तीन कॉलेजों में प्रवेश पर रोक लगाई गई है, उनके नाम हैं: इसके अलावा, अलीगढ़ के राजा महेंद्र प्रताप सिंह विश्वविद्यालय से संबद्ध आरजे लॉ कॉलेज खैर पर भी रोक लगाई गई है। पहले भी 67 बीएड कॉलेजों पर लग चुकी है रोक यह पहली बार नहीं है जब आगरा विश्वविद्यालय से संबद्ध कॉलेजों पर प्रवेश को लेकर इस तरह की रोक लगी हो। इससे पहले नेशनल काउंसिल फॉर टीचर एजुकेशन (NCTE) ने भी देश में 2200 बीएड, एमएड और बीपीएड कॉलेजों पर प्रवेश पर रोक लगाई थी। इनमें आगरा विश्वविद्यालय से संबद्ध 67 बीएड, तीन एमएड और बीपीएड कॉलेज शामिल थे। उन कॉलेजों ने सत्र 2021-22 और 2022-23 की परफॉर्मेंस अप्रेजल रिपोर्ट जमा नहीं कराई थी। BCI का यह कदम लॉ शिक्षा की गुणवत्ता बनाए रखने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है, जो उन संस्थानों पर कार्रवाई कर रहा है जो निर्धारित मानदंडों को पूरा नहीं करते हैं।

Read More

आगरा में पति के उत्पीड़न से परेशान महिला चिकित्सक पहुंची थाने: पुलिस भी हैरान, बोलीं- ‘मारपीट करता है, तलाक का मुकदमा चलने के बाद भी पीछा नहीं छोड़ रहा’

आगरा। आगरा में एक महिला चिकित्सक अपने पति के लगातार उत्पीड़न से परेशान होकर थाना ताजगंज पहुंच गईं। उन्होंने पति पर गंभीर आरोप लगाते हुए केस दर्ज कराया है। चिकित्सक ने पुलिस को बताया कि उनका पति उनके साथ मारपीट और शारीरिक उत्पीड़न करता है, और हैरानी की बात यह है कि अदालत में तलाक का मुकदमा चलने के बावजूद वह उनका पीछा नहीं छोड़ रहा है। महिला चिकित्सक की आपबीती सुनकर पुलिस भी हैरान रह गई। तलाक का मुकदमा जारी, फिर भी घर आकर मारपीट और गालीगलौज शमसाबाद रोड निवासी पीड़ित महिला चिकित्सक ने पुलिस को दी गई तहरीर में बताया कि पारिवारिक कलह के चलते वह अपने पति से अलग रह रही हैं। जिला परिवार न्यायालय में उनके विवाह विच्छेद (तलाक) का मुकदमा चल रहा है। इसके बावजूद उनका पति आए दिन उनके आवास पर आ जाता है, गालीगलौज करता है और विरोध करने पर मारपीट भी करता है। चिकित्सक ने अपनी शिकायत में कहा कि वह पति के इस उत्पीड़न से बुरी तरह तंग आ चुकी हैं और अब उन्हें पुलिस की मदद की सख्त जरूरत है। पुलिस जुटी जांच में: ‘साक्ष्य जुटाकर होगी कार्रवाई’ मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना ताजगंज पुलिस ने महिला चिकित्सक की शिकायत पर केस दर्ज कर लिया है और जांच में जुट गई है। डीसीपी सिटी सोनम कुमार ने इस मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि पुलिस साक्ष्य संकलन (सबूत जुटाने) कर रही है और उसके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। यह घटना रिश्तों में बढ़ते तनाव और घरेलू हिंसा के गंभीर पहलुओं को उजागर करती है, जहाँ एक शिक्षित महिला को भी मानसिक और शारीरिक उत्पीड़न का शिकार होना पड़ रहा है। पुलिस की कार्रवाई से ही पीड़ित को न्याय मिलने की उम्मीद है।

Read More

आगरा: इंडोनेशिया में मर्चेंट नेवी अधिकारी मनीष की मौत, जन्मदिन पर बेटी करती रही पिता का इंतजार, आज आ सकता है पार्थिव शरीर

आगरा। इंडोनेशिया में एक जहाज की मरम्मत करते समय आगरा के मर्चेंट नेवी अधिकारी मनीष यादव (34) की दुखद मौत हो गई है। यह खबर बुधवार सुबह परिवार तक पहुंची, जिसके बाद से पूरे घर में मातम पसरा हुआ है। मां का रो-रोकर बुरा हाल है, पत्नी सदमे में है, और मासूम बच्चे अपने पिता के घर आने का इंतजार कर रहे हैं। मनीष का पार्थिव शरीर बुधवार को भारत पहुंचने की उम्मीद है, जिसके बाद उनके पैतृक आवास, आवास विकास कॉलोनी सेक्टर आठ, आगरा में अंतिम संस्कार किया जाएगा। समुद्र में फिसले पैर, पल भर में जिंदगी खत्म आवास विकास कॉलोनी के सेक्टर आठ निवासी मनीष ने 2013 में नॉटिकल साइंस से स्नातक किया था और मर्चेंट नेवी में शामिल हो गए थे। दो साल बाद उन्होंने नौकरी छोड़ दी, लेकिन दो साल पहले ही चेन्नई की एक शिप कंपनी में दोबारा काम शुरू किया था। वह इंडोनेशिया के बाटम द्वीप पर एक शिप की मरम्मत का काम देख रहे थे। 25 जुलाई को मनीष को शिप के साथ दुबई के लिए निकलना था। लेकिन, इससे ठीक एक दिन पहले, 24 जुलाई की रात को शिप पर चढ़ते समय उनका पैर फिसल गया और वह समुद्र में गिर गए। अन्य साथी उन्हें तुरंत बाहर निकालकर डॉक्टरों के पास ले गए, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पिता और भाई का अथक प्रयास, सरकार से लगाई गुहार मनीष की मौत की खबर से परिवार में कोहराम मच गया। मथुरा में दारोगा के पद पर तैनात उनके पिता रमेश चंद्र और भाई अवनीश यादव ने तुरंत विदेश मंत्रालय और शिप कंपनी के अधिकारियों से संपर्क साधा। वे मनीष के पार्थिव शरीर को जल्द से जल्द भारत लाने के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं। भाई अवनीश ने बताया कि सभी दस्तावेजी कार्रवाई पूरी हो चुकी है और बुधवार को भाई का शरीर दिल्ली पहुंचने की उम्मीद है। इसके बाद पार्थिव शरीर को आगरा लाया जाएगा। आखिरी वीडियो कॉल और बच्चों की मासूमियत अवनीश ने बताया कि 24 जुलाई को ही मनीष ने अपने परिवार के साथ एक वीडियो कॉल की थी। उसी दिन उनके दो वर्षीय बेटे गर्व के पैर में चोट लगने पर पिता और मां उससे मिलने उसके घर गए थे। मनीष ने वीडियो कॉल पर सभी से एक साथ बात की थी और बताया था कि वह सुबह दुबई निकलेंगे और एक महीने तक नेटवर्क ऊपर-नीचे रहेगा। परिवार को क्या पता था कि यह उनकी आखिरी बात होगी। मनीष के पिता को सबसे पहले इस हादसे की जानकारी मिली थी। उन्होंने कई जगहों पर संपर्क कर अपने बेटे की मृत्यु की पुष्टि की। पिता ने छुट्टी लेकर घर आकर बड़ी मुश्किल से मां और पत्नी को यह दुखद खबर दी। इस खबर के बाद से मां ने कुछ नहीं खाया है और रो-रोकर उनकी हालत बिगड़ रही है। भाभी भी कई बार रोते-रोते बेहोश हो चुकी हैं। जन्मदिन पर बेटी का इंतजार और भविष्य की चिंता मनीष की चार वर्षीय बेटी का दो दिन पहले जन्मदिन था। उसे और उसके दो वर्षीय भाई को बताया गया है कि पापा के पैर में चोट लगी है। मासूम बेटी पार्टी करने की जिद करती रही, जिसे इस गमगीन माहौल में परिवार के सदस्यों ने बाहर ले जाकर पेस्ट्री खिलाकर शांत कराया। परिवार के लिए यह दुख और भी गहरा है क्योंकि सितंबर माह में मनीष की पत्नी की डिलीवरी होनी है। मनीष का शिप कंपनी के साथ अनुबंध भी खत्म हो रहा था, और उन्होंने सितंबर में घर आकर परिवार के साथ समय बिताने और डिलीवरी का जश्न मनाने की पूरी तैयारी कर रखी थी। यह त्रासदी परिवार के लिए एक ऐसा गहरा घाव है, जिसे भरना मुश्किल होगा।

Read More

आगरा के ‘अटलपुरम’ में प्लॉटों के दाम तय: ₹29,500/वर्ग मीटर का रेट तय, 100 वर्ग मीटर तक प्लॉट पर बिना नक्शे बनेगा घर!

आगरा। आगरा विकास प्राधिकरण (ADA) की मंगलवार को हुई 149वीं बोर्ड बैठक में कई बड़े और अहम फैसले लिए गए। ग्वालियर हाईवे पर प्रस्तावित ‘अटलपुरम’ टाउनशिप में प्लॉटों के रेट पर मुहर लगा दी गई है, जहाँ आवासीय प्लॉटों के लिए ₹29,500 प्रति वर्ग मीटर का रेट तय किया गया है। इसके साथ ही, एक महत्वपूर्ण निर्णय यह भी लिया गया कि अटलपुरम टाउनशिप में पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की एक विशाल प्रतिमा भी स्थापित की जाएगी। ‘अटलपुरम’: जमीन अधिग्रहण और भविष्य की उम्मीदें अटलपुरम के लिए ग्वालियर रोड स्थित ककुआ-भांडई में लगभग 130 हेक्टेयर जमीन का अधिग्रहण किया जा चुका है। शेष 8 हेक्टेयर जमीन के अधिग्रहण के लिए भी निर्देश दिए गए हैं। यह टाउनशिप दशकों बाद ADA द्वारा लाई गई एक बड़ी आवासीय योजना है, जिसे निवेशकों और आम लोगों के लिए काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। पिछली बड़ी योजना, शास्त्रीपुरम, ने इस दशक में भारी आबादी और निवेशकों को अच्छा रिटर्न दिया है, ऐसे में निवेशक अब अटलपुरम को लेकर काफी उत्सुक हैं, बशर्ते जरूरतमंद इस योजना का लाभ उठा सकें। मंडलायुक्त शैलेंद्र कुमार सिंह की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में मेहताब बाग स्थित ग्यारह सीढ़ी पर अक्टूबर से सांस्कृतिक कार्यक्रमों का नियमित आयोजन शुरू कराए जाने के निर्देश भी दिए गए। बड़ा फैसला: 100 वर्ग मीटर तक प्लॉट पर ‘नो परमिशन, नो नक्शा’ बैठक में उत्तर प्रदेश विकास प्राधिकरण भवन निर्माण एवं विकास उपविधि-2025 को लागू करने का क्रांतिकारी निर्णय लिया गया। इसके तहत, अब 100 वर्ग मीटर तक के आवासीय और 30 वर्ग मीटर तक के व्यावसायिक प्लॉट में निर्माण के लिए न तो कोई अनुमति लेनी होगी और न ही नक्शा पास कराने की जरूरत पड़ेगी। केवल पंजीकरण कराना ही पर्याप्त होगा। इस प्रस्ताव को सर्वसम्मति से स्वीकृत किया गया है। इसका मतलब है कि पुराने आबादी क्षेत्र या अप्रूव्ड लेआउट वाली जगह पर 100 वर्ग मीटर तक के आवासीय भूखंडों और 30 वर्ग मीटर तक के व्यावसायिक भूखंडों के लिए अब मानचित्र या किसी अन्य प्रकार की अनुज्ञा की आवश्यकता नहीं होगी, जिससे छोटे भूखंड मालिकों को बड़ी राहत मिलेगी। वहीं, 101 वर्ग मीटर से 500 वर्ग मीटर तक के आवासीय भवन और 31 से 200 वर्ग मीटर तक के व्यावसायिक भवन के लिए लाइसेंस प्राप्त तकनीकी व्यक्ति द्वारा स्वतः तैयार किए गए मानचित्रों पर तत्काल ऑनलाइन अनुमोदन प्राप्त हो सकेगा। पेशेवरों के लिए भी रियायतें: घर में 25% तक एफएआर का उपयोग बैठक में यह भी तय किया गया कि आर्किटेक्ट, चार्टर्ड अकाउंटेंट, चिकित्सा, अधिवक्ता जैसे सेवा प्रोफेशनल्स द्वारा अपने कार्यालय के उपयोग के लिए, तथा नर्सरी, क्रैच, होम स्टे संचालन हेतु अपने घर का 25% तक एफएआर (फ्लोर एरिया रेशियो) का उपयोग किया जा सकता है। इसके लिए अलग से मानचित्र अनुमोदन की आवश्यकता नहीं होगी, बशर्ते पर्याप्त पार्किंग आवश्यकताओं का प्रावधान किया गया हो। बिजलीघर बस स्टैंड पीपीपी मॉडल पर होगा विकसित बिजलीघर स्थित बस स्टेशन को पीपीपी (सार्वजनिक निजी सहभागिता) मॉडल पर विकसित कराए जाने हेतु भू-उपयोग परिवर्तन के संबंध में रखे गए प्रस्ताव को भी बोर्ड द्वारा सर्वसम्मति से स्वीकृत किया गया। यह शहर के सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था में सुधार की दिशा में एक बड़ा कदम होगा। अटलपुरम के लिए दरें और वित्तीय लाभ अटलपुरम टाउनशिप के लिए दर निर्धारण पर भी चर्चा हुई। प्राधिकरण द्वारा आवासीय दर ₹29,500 प्रति वर्ग मीटर तय की गई है। ग्रुप हाउसिंग भूखंडों हेतु आवासीय दर का डेढ़ गुना, व्यावसायिक भूखंडों हेतु आवासीय दर का दोगुना और सार्वजनिक एवं अर्ध-सार्वजनिक सुविधा वाले भूखंडों का आवासीय दर के अनुसार ही निर्धारित किया गया है। कुल व्यय और वित्तीय लाभ की समीक्षा के बाद, इस प्रस्ताव को मंडलायुक्त द्वारा स्वीकृति प्रदान की गई।

Read More

आगरा में व्यापारियों का ‘हाउस टैक्स’ पर हंगामा: नगर निकायों पर लगाए उत्पीड़न के आरोप, बोले- ‘मनमाने तरीके से बढ़ा रहे टैक्स, सीवर-जलकर की भी लूट!’

आगरा। आगरा में नगर निगम, नगर पालिका और नगर पंचायतों के खिलाफ व्यापारियों ने उत्पीड़न के गंभीर आरोप लगाए हैं। उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल उत्तर प्रदेश ने आज नगर आयुक्त को ज्ञापन सौंपकर कहा कि स्थानीय निकाय G.I. सर्वे के नाम पर मनमाने तरीके से हाउस टैक्स बढ़ा रहे हैं, जबकि सरकार के 28 जून 2024 के आदेश को दरकिनार किया जा रहा है। “सीवर नहीं, फिर भी सीवर टैक्स! पेयजल का अभाव, फिर भी जलकर वसूली!” संगठन के महानगर अध्यक्ष नरेश पांडे ने आरोप लगाया कि जिन क्षेत्रों में सीवर की सुविधा तक नहीं है, वहाँ भी सीवर टैक्स वसूला जा रहा है। इसके अलावा, बाजारों में पर्याप्त पेयजल की व्यवस्था न होने के बावजूद जलकर वसूली जारी है। व्यापारियों ने मांग की है कि बाजारों में वाटर कूलर लगाए जाएं और उनके रखरखाव की जिम्मेदारी तय की जाए। ज्ञापन में यह भी आरोप लगाया गया कि नगर निगम और पालिका के अधिकारी निर्धारित समय पर दफ्तरों में उपलब्ध नहीं रहते, जिससे आम जनता को काफी परेशानी होती है। साथ ही, बरसात में जलभराव, कूड़ा निस्तारण में लापरवाही, और सड़कों, नालियों, स्ट्रीट लाइट आदि की बदहाल स्थिति से व्यापारी वर्ग को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। “आवारा जानवरों का आतंक, अतिक्रमण पर आंखें मूंदे प्रशासन” संगठन ने अपनी शिकायत में यह भी कहा है कि नगर क्षेत्रों में आवारा कुत्तों और बंदरों का आतंक बना हुआ है, लेकिन प्रशासन इस पर आंखें मूंदे बैठा है। वहीं, शहर की बड़ी समस्या अतिक्रमण और जाम को दूर करने के लिए स्ट्रीट वेंडर अधिनियम 2014 को अब तक ठीक से लागू नहीं किया गया है। व्यापारियों की ओर से मांग की गई है कि इन सभी समस्याओं पर त्वरित संज्ञान लेते हुए प्रदेश सरकार स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी करे और संबंधित निकायों को जवाबदेह बनाया जाए। ज्ञापन देने आए प्रतिनिधिमंडल में महानगर अध्यक्ष नरेश पांडे, मुकेश सिंह, मनोज गुप्ता, संजय गुप्ता, कपूर चंद रावत आदि प्रमुख रूप से मौजूद रहे। व्यापारियों का यह विरोध नगर निकायों के कामकाज पर सवालिया निशान लगाता है और उनकी जवाबदेही की मांग करता है।

Read More

आगरा के लोहामंडी में ‘डिवाइडर पॉलिटिक्स’: नए RCC डिवाइडर से बढ़ी व्यापारियों की ‘टेंशन’, मेयर ने दिया ‘जाम’ न लगने का आश्वासन!

आगरा। आगरा के मदिया कटरा से लोहामंडी जाने वाली सड़क पर लगाए जा रहे नए आरसीसी डिवाइडर ने व्यापारियों और स्थानीय निवासियों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। दुकानदारों का कहना है कि इन डिवाइडरों से सड़क इतनी संकरी हो गई है कि ग्राहकों को वाहन खड़े करने में दिक्कत होगी और भयंकर जाम लगने की आशंका है। हालांकि, मेयर हेमलता दिवाकर ने मौके का निरीक्षण कर आश्वासन दिया है कि डिवाइडर बनने के बाद कोई परेशानी नहीं आएगी। मेट्रो के काम से पहले ही संकरी सड़कें, अब डिवाइडर का ‘वार’ लोहामंडी से मदिया कटरा मार्ग पर आरसीसी के डिवाइडर लगाए जा रहे हैं, जिसका व्यापारी पुरजोर विरोध कर रहे हैं। व्यापारी राकेश बंसल का कहना है कि मेट्रो के काम की वजह से एमजी रोड के वाहनों को पहले से ही इस मार्ग से निकाला जा रहा है, जिससे यहाँ की सड़कें और भी संकरी हो गई हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि जब यहाँ से बड़े वाहन गुजरेंगे, तो जाम लगना तय है, जिससे सभी व्यापारी भाइयों का व्यापार प्रभावित होगा। स्थानीय लोगों ने यह भी बताया कि कुछ महीने पहले नगर निगम ने लाखों रुपये खर्च कर लोहे के डिवाइडर लगाए थे। अब उन्हें तोड़कर आरसीसी के डिवाइडर लगाए जा रहे हैं, जिससे निगम पर राजस्व के धन को बर्बाद करने का आरोप लग रहा है। लोगों का कहना है कि लोहे की रेलिंग सड़क की जगह भी कम घेर रही थी और लोगों को कोई परेशानी नहीं थी, लेकिन अब आरसीसी के डिवाइडर जाम का कारण बनेंगे। पार्षद विक्रांत ने बताया कि मदिया कटरा की सड़क पर कुछ हिस्से में डिवाइडर लग गए हैं। पुलिस चौकी के पास की सड़क पहले से ही संकरी है और लोग अपने वाहनों को सड़क के किनारे खड़ा कर देते हैं, जिससे जाम लग जाता है। डिवाइडर लगने से सड़क और संकरी हो गई है, जिसकी वजह से व्यापारी नाराजगी जता रहे हैं। मेट्रो कार्य की वजह से लोग वैकल्पिक मार्ग चुनते हैं, जिससे दिल्ली गेट से हलवाई की बगीची की ओर जाने वाले वाहन जाम में फंस जाते हैं। ट्रैफिक पुलिस को दिल्ली गेट से आने वाले वाहनों को मटिया कटरा मार्ग से घुमा कर हलवाई की बगीची की ओर भेजना पड़ता है, जिससे लोगों को काफी दिक्कतें होती हैं। दशकों से अतिक्रमण का दंश झेल रहा है मार्ग, अब डिवाइडर पर विवाद आपको बता दें कि दशकों से लोहामंडी के इस मार्ग पर सरकार द्वारा निशान लगाकर स्थानीय निवासियों को अतिक्रमण की जानकारी दी गई थी, लेकिन इतने सालों बाद भी इस पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। यह स्थिति दर्शाती है कि शहर की नियोजित विकास में कहाँ कमी रह गई है। अब पुराने अतिक्रमण पर कोई कार्रवाई किए बिना, नए डिवाइडर लगाकर समस्या को और बढ़ाने का आरोप लग रहा है। मेयर ने दिया ‘जाम’ न लगने का आश्वासन पार्षद विक्रांत ने बताया कि मेयर हेमलता दिवाकर ने आज मौके का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि डिवाइडर तो बनाए जाएंगे, जिससे एमजी रोड पर जाम न लगे। मेयर ने आश्वासन दिया कि डिवाइडर का काम मदिया कटरा से लोहामंडी थाने तक किया जाना है और इससे यहाँ के व्यापारियों और लोगों को कोई परेशानी नहीं आएगी। अब देखना यह होगा कि मेयर का यह आश्वासन जमीन पर कितना खरा उतरता है और क्या ये नए डिवाइडर जाम की नई वजह बनेंगे या यातायात को सुगम करेंगे।

Read More

आगरा के KMI में गूंजी ‘भारतीय ज्ञान परंपरा’ की धुन: अंतरराष्ट्रीय कार्यशाला में पं. बनारसी दास चतुर्वेदी को नमन, मॉरीशस से भी जुड़े वक्ता

आगरा। डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय के कन्हैयालाल माणिकलाल मुंशी हिंदी तथा भाषा विज्ञान विद्यापीठ (KMI) में ‘भारतीय ज्ञान परंपरा: कल, आज और कल’ विषय पर आधारित एक द्विसाप्ताहिक अंतरविषयी अंतरराष्ट्रीय कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है। मंगलवार का सत्र विशेष रूप से महान साहित्यकार और स्वतंत्रता सेनानी पं. बनारसी दास चतुर्वेदी को समर्पित रहा, जहाँ उनके साहित्यिक और सामाजिक योगदान को याद किया गया। प्रवासी साहित्य के पुरोधा पं. बनारसी दास चतुर्वेदी को किया याद कार्यशाला की अध्यक्षता करते हुए आगरा कॉलेज की हिंदी विभाग की आचार्य प्रो. शेफाली चतुर्वेदी ने पं. बनारसी दास चतुर्वेदी के योगदान पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि प्रवासी साहित्य की बात करते समय पं. बनारसी दास चतुर्वेदी को छोड़ा नहीं जा सकता। उन्होंने गिरमिटिया मजदूरों की दासता से मुक्ति के लिए लगातार प्रयत्न किए, और उनके जीवन पर्यंत संघर्ष ने भारतीय ज्ञान परंपरा और प्रवासी भारतीयों के बीच सेतु का काम किया। वरिष्ठ बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. निखिल चतुर्वेदी ने अपने नाना पं. बनारसी दास चतुर्वेदी को याद करते हुए बताया कि राज्यसभा के सदस्य रहते हुए उन्होंने केवल एक ही बात की चिंता की थी – वह किस तरह शहीदों को सम्मान दिला सकें और उनके परिवार के सदस्यों के पालन-पोषण की व्यवस्था कर सकें। विदेशों से भी जुड़े विद्वान, सनातन धर्म के प्रसार पर हुई चर्चा कार्यशाला में अंतरराष्ट्रीय वक्ताओं ने भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। मॉरीशस के महात्मा गांधी संस्थान, मोका से वरिष्ठ व्याख्याता डॉ. तनुजा पदारथ ने ऑनलाइन जुड़कर अपना वक्तव्य दिया। उन्होंने बताया कि फिजी, दक्षिण अफ्रीका, गयाना, सूरीनाम जैसे देशों में जहाँ भारतीय मूल के लोग पहुँचे, वे अपने साथ भारत से श्री रामचरितमानस, हनुमान चालीसा, गंगाजल आदि वस्तुएं लेकर गए। उनके आगमन से ही इन देशों में सनातन धर्म और काली माई की परंपरा देखी जाती है। यह भारतीय संस्कृति और ज्ञान परंपरा के वैश्विक प्रसार को दर्शाता है। विद्वानों ने सराहा चतुर्वेदी का योगदान, भारतीय ज्ञान पर हुई गहन चर्चा बैकुंठी देवी कन्या महाविद्यालय के हिंदी विभाग से प्रो. गुंजन ने कहा कि एक व्यक्ति जब महापुरुष हो जाता है, तो वह किसी व्यक्ति विशेष का नहीं रहता, बल्कि पूरे समाज का हो जाता है। यह बात पं. बनारसी दास चतुर्वेदी के योगदान पर भी लागू होती है। दयालबाग विश्वविद्यालय के संस्कृत विभाग से डॉ. निशीथ गौड़ ने कहा कि पंडित बनारसी दास चतुर्वेदी का योगदान भारतीय ज्ञान परंपरा को आधुनिक संदर्भ में पुनः परिभाषित करने जा रहा है। साहित्यकार देवेश बाजपेई ने भी पंडित बनारसी दास चतुर्वेदी और गिरमिटिया प्रवासी भारतीयों पर अपने विचार रखे। सांध्यकालीन सत्र का अध्यक्षीय उद्बोधन प्रो. सुगम आनंद ने दिया। विशिष्ट अतिथि के रूप में आरबीएस कॉलेज के हिंदी विभाग के अध्यक्ष प्रो. युवराज सिंह उपस्थित थे। आकाशवाणी से अनेन्द्र सिंह और केंद्रीय हिंदी संस्थान से डॉ. राजश्री ने भारतीय ज्ञान परंपरा पर अपना वक्तव्य प्रस्तुत किया। केएमआई के संस्कृत विभाग की व्याख्याता डॉ. वर्षा रानी ने भी अपना वक्तव्य प्रस्तुत किया। कार्यशाला का संचालन डॉ. रमा और डॉ. शीरीन ज़ैदी ने कुशलतापूर्वक किया। यह कार्यशाला भारतीय ज्ञान परंपरा के विभिन्न पहलुओं को उजागर करने और उसे आधुनिक संदर्भ में समझने का एक महत्वपूर्ण मंच साबित हो रही है।

Read More

आगरा को मिल रहा ‘शाही’ तोहफा: राज्यपाल आनंदीबेन पटेल कल करेंगी ब्रिटिशकालीन ‘क्वीन एम्प्रेस मैरी लाइब्रेरी’ का उद्घाटन!

आगरा। उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल कल, 30 जुलाई को आगरा के दौरे पर रहेंगी, जहाँ वह लगभग 4 घंटे बिताएंगी। इस दौरान उनका मुख्य कार्यक्रम ब्रिटिश काल की ऐतिहासिक ‘क्वीन एम्प्रेस मैरी लाइब्रेरी’ का उद्घाटन करना होगा, जिसका ₹3.30 करोड़ की लागत से जीर्णोद्धार किया गया है। इसके अलावा, राज्यपाल नेशनल चैंबर के स्थापना दिवस कार्यक्रम में भी शामिल होंगी। प्रशासन की ओर से उनका विस्तृत कार्यक्रम जारी कर दिया गया है। राज्यपाल का व्यस्त कार्यक्रम: नेशनल चैंबर से लाइब्रेरी तक राज्यपाल बुधवार को दोपहर 3:30 बजे फतेहाबाद रोड स्थित डी ग्राउंड मार्क्विस पहुँचेंगी। यहाँ वे नेशनल चैंबर के स्थापना दिवस कार्यक्रम में शिरकत करेंगी और लगभग डेढ़ घंटे तक वहाँ रुकेंगी। इसके बाद शाम 5 से 5:15 बजे का समय उनके लिए आरक्षित रखा गया है। शाम 5:25 बजे, राज्यपाल सदर स्थित ‘क्वीन एम्प्रेस मैरी लाइब्रेरी’ पहुँचेंगी। वे यहाँ शाम 7 बजे तक रहेंगी। लाइब्रेरी के उद्घाटन और निरीक्षण के बाद, शाम 7:15 बजे वे खेरिया हवाई अड्डे से लखनऊ के लिए प्रस्थान करेंगी। ‘क्वीन एम्प्रेस मैरी लाइब्रेरी’: इतिहास और आधुनिकता का संगम आगरा की यह प्रतिष्ठित लाइब्रेरी, जिसे ₹3.30 करोड़ की लागत से पुनर्जीवित किया गया है, अब आधुनिक सुविधाओं से लैस है। इसमें डिजिटल लाइब्रेरी, प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए विशेष पुस्तकें और अन्य सुविधाएं उपलब्ध होंगी। यह लाइब्रेरी ब्रिटिश काल में स्थापित हुई थी और इसका उद्देश्य शहर की ऐतिहासिक धरोहर को संरक्षित करना रहा है। अब इसमें 19 कंप्यूटर और इंटरनेट की सुविधा भी है। लाइब्रेरी में पहले इतिहास, बायोग्राफी, डिक्शनरी सहित दूसरी पुस्तकें थीं। अब ₹16 लाख की लागत से विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं जैसे सिविल, मेडिकल और इंजीनियरिंग की तैयारी के लिए भी पुस्तकें जोड़ी गई हैं। लाइब्रेरी को पूरी तरह से डिजिटल भी बनाया गया है। पिछले दिनों मंडलायुक्त शैलेंद्र कुमार सिंह ने लाइब्रेरी का निरीक्षण कर तैयारियों का जायजा लिया था। लाइब्रेरी की खूबियाँ और इतिहास यह सार्वजनिक पुस्तकालय ब्रिटिश काल में बना था और उत्तर भारत की प्राचीनतम लाइब्रेरियों में से एक है। बताया जाता है कि क्वीन मैरी एलिजाबेथ जब पहली बार आगरा आई थीं, तब मैसर्स ए. जॉन एंड कंपनी द्वारा उनकी पहली यात्रा को यादगार बनाने के लिए वर्ष 1961 में इसका नाम क्वीन एम्प्रेस मैरी लाइब्रेरी रखा गया था।

Read More

आगरा में शिक्षकों का ‘भुखमरी आंदोलन’: 1700 गुरुजी बिना वेतन के, बोले- ‘आज नहीं मिला तो कल करेंगे धरना!’

आगरा। आगरा में बेसिक शिक्षा विभाग की घोर लापरवाही सामने आई है, जहाँ 1700 शिक्षकों को जून महीने का वेतन अब तक नहीं मिला है। इससे नाराज राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ ने चेतावनी दी है कि यदि आज शाम तक शिक्षकों के खातों में वेतन नहीं आया, तो वे बुधवार, 30 जुलाई को लेखाधिकारी कार्यालय पर जोरदार धरना प्रदर्शन करेंगे। “सिर्फ आश्वासन मिल रहा, समस्याओं पर ध्यान नहीं” राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के जिलाध्यक्ष तिलकपाल सिंह ने बताया कि जिले के लगभग 1700 शिक्षकों का जून महीने का वेतन अटका हुआ है, जिससे उनका गुजारा मुश्किल हो गया है। उन्होंने कहा कि वेतन की मांग लगातार की जा रही है, और कई बार अधिकारियों से इस संबंध में बात भी हुई है, लेकिन हर बार उन्हें केवल आश्वासन ही मिला है। तिलकपाल सिंह ने आरोप लगाया कि उनकी समस्याओं की तरफ किसी का ध्यान नहीं है। आज शाम तक बिल ट्रेजरी भेजने का मिला ‘नया’ आश्वासन शिक्षकों को एक बार फिर नया आश्वासन मिला है। उन्हें बताया गया है कि बरौली अहीर के एक शिक्षक को छोड़कर, आज शाम तक सभी बिल ट्रेजरी में भेज दिए जाएंगे। इसके बाद ट्रेजरी से आधे घंटे के अंदर सैलरी खातों में पहुँच जाएगी। साथ ही, यह भी आश्वासन दिया गया है कि चाहे कोई जीपीएफ (GPF) वाला हो या कोई अन्य, यदि बिल में नाम है तो वेतन निश्चित रूप से आएगा। “आज नहीं मिला वेतन तो कल 10 बजे से धरना” हालांकि, शिक्षक अब केवल आश्वासनों से संतुष्ट नहीं हैं। राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ ने साफ कर दिया है कि अगर आज भी वेतन नहीं आता है तो कल, 30 जुलाई को सुबह 10 बजे से लेखा अधिकारी कार्यालय पर राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ आगरा धरना देगा। महासंघ ने सभी शिक्षकों से अपील की है कि वे कल सुबह 10 बजे अपने आवश्यक दस्तावेजों के साथ लेखा कार्यालय पहुँचें। यह स्थिति शिक्षकों के धैर्य की परीक्षा ले रही है और शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर रही है। क्या आज शाम तक शिक्षकों के खातों में वेतन पहुँच पाएगा, या कल आगरा में शिक्षा विभाग के खिलाफ एक बड़ा प्रदर्शन देखने को मिलेगा?

Read More

आगरा में महिला आयोग अध्यक्ष बबीता चौहान का ‘डबल अटैक’: मौलाना रशीदी और कथावाचक अनिरुद्धाचार्य दोनों को भेजा नोटिस, बोलीं- ‘भगवान इन्हें सद्बुद्धि दे!’

आगरा। उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष बबीता चौहान ने मंगलवार को आगरा के सर्किट हाउस में जनसुनवाई की, जहाँ 68 महिलाओं ने अपनी शिकायतें दर्ज कराईं। इन शिकायतों में गुमशुदगी, घरेलू हिंसा, दहेज प्रताड़ना, मानसिक उत्पीड़न और पारिवारिक विवादों से जुड़े मामले शामिल थे। बबीता चौहान ने सभी मामलों को गंभीरता से लेते हुए स्थानीय प्रशासन और पुलिस अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। जनसुनवाई के दौरान, उन्होंने हाल ही में विवादों में आए मौलाना रशीदी और कथावाचक अनिरुद्धाचार्य के बयानों पर भी तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की। मौलाना रशीदी पर तीखी प्रतिक्रिया: “महिलाओं का अपमान, भगवान सद्बुद्धि दे!” सांसद डिंपल यादव पर की गई टिप्पणी को लेकर जब मीडिया ने सवाल किया, तो बबीता चौहान ने साफ कहा कि यह मामला सिर्फ एक महिला सांसद का नहीं है। उन्होंने कहा, “जब कोई भी व्यक्ति महिला के पहनावे या शरीर को लेकर सार्वजनिक रूप से ऐसी भाषा बोलता है, तो वह पूरी नारी जाति का अपमान करता है। यह निंदनीय है। मैं सिर्फ इतना कहूंगी – विनाश काले विपरीत बुद्धि।“ उन्होंने जोर देते हुए कहा कि मौलाना रशीदी जैसे लोग ये क्यों नहीं सोचते कि उन्हें जन्म देने वाली भी एक महिला थी। किसी महिला के सिर ढंके होने या न होने पर सवाल उठाना मानसिक संकीर्णता को दर्शाता है। बबीता चौहान ने कहा, “भगवान इन्हें सद्बुद्धि दे।” आयोग की तरफ से मौलाना राशिदी और कथावाचक अनिरुद्धाचार्य दोनों को नोटिस भेजा गया है। कथावाचक अनिरुद्धाचार्य के बयान को बताया ‘विकृत सोच’ हाल ही में कथा मंच से अविवाहित महिलाओं को ‘लूज कैरेक्टर’ कहे जाने पर बबीता चौहान ने कथावाचक अनिरुद्धाचार्य पर भी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति व्यासपीठ पर बैठता है, वह समाज को दिशा देने वाला होता है। यदि वह ऐसे बयान देंगे तो क्या ही कहें। उन्होंने यह भी याद दिलाया कि उन्हें सुनने वाली सबसे ज़्यादा महिलाएं ही होती हैं। 68 शिकायतें दर्ज, जल्द निस्तारण का भरोसा जनसुनवाई में आईं महिलाओं ने पुलिस पर सुनवाई न करने, ससुराल पक्ष द्वारा मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना, गुमशुदा बेटियों की तलाश में लापरवाही और दहेज की मांग जैसे गंभीर आरोप लगाए। महिला आयोग अध्यक्ष ने हर मामले को नोट किया और संबंधित अधिकारियों से सीधे संवाद कर तेज कार्रवाई के निर्देश दिए। बबीता चौहान ने बताया कि आज 68 शिकायतें आई हैं। उन्होंने कहा कि उनके आयोग में 100 फीसदी निस्तारण होता है। उन्होंने इस बात पर खुशी जताई कि महिलाएं अब जागरूक हो रही हैं, वे अब चुप नहीं बैठ रहीं बल्कि अपनी बात लेकर सामने आ रही हैं—”यही बदलाव है।“ जनसुनवाई के दौरान महिला आयोग अध्यक्ष ने छोटे बच्चों को साथ लेकर आईं महिलाओं के बच्चों को चॉकलेट दीं और शिशुओं के लिए गिफ्ट हैम्पर भी बांटे।

Read More

आगरा में ‘शराबबंदी’ का रण: स्कूल के सामने ठेका खुलने पर AAP का हल्ला-बोल, छात्र बोले- ‘शराबी छेड़ते हैं, बंद करो ये दुकानें!’

आगरा। आगरा के तोता का ताल क्षेत्र में फतेहचंद इंटर कॉलेज के ठीक सामने शराब की दुकान खुलने पर बवाल मच गया है। शनिवार को आम आदमी पार्टी (AAP) महानगर इकाई ने स्कूली छात्रों के साथ मिलकर जोरदार प्रदर्शन किया। छात्रों ने आरोप लगाया कि शराब पीकर लोग स्कूल के सामने खड़े रहते हैं और उन पर कमेंट भी करते हैं, जिससे उन्हें डर लगता है। AAP ने मांग की है कि स्कूल के सामने खुली इस शराब की दुकान को तुरंत बंद किया जाए। “बच्चों के भविष्य से खिलवाड़, 30 मीटर से भी कम दूरी” आम आदमी पार्टी के कपिल बाजपेई ने इसे बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ बताया। उन्होंने कहा कि बच्चियां डरी हुई निकलती हैं और शराबी रोड पर छेड़छाड़ करते हैं। AAP कार्यकर्ताओं ने दुकान से स्कूल की दूरी नापी, जो चौंकाने वाली रूप से 30 मीटर से भी कम निकली। पार्टी ने आरोप लगाया कि यह आबकारी विभाग के नियमों का सीधा उल्लंघन है, जिसके अनुसार स्कूल से शराब की दुकान की दूरी कम से कम 100 मीटर होनी चाहिए। इतना ही नहीं, बगल में मंदिर भी है, जहाँ से 50 मीटर की दूरी का नियम है, लेकिन इन नियमों को ताक पर रखकर यहाँ तीन शराब की दुकानें और एक भांग का ठेका खोल दिया गया है। AAP के बुद्धिजीवी प्रकोष्ठ के प्रदेश वरिष्ठ उपाध्यक्ष एडवोकेट अश्वनी शर्मा ने इन दुकानों को नियम विरुद्ध बताया और कहा कि यदि इन्हें तत्काल बंद नहीं किया गया, तो कानूनी लड़ाई भी लड़ी जाएगी। प्रदेश सचिव कृष्ण गोपाल उपाध्याय ने भी कहा कि ये दुकानें बच्चों और स्कूल के लिए खतरा हैं। छात्रों का दर्द: “शराबी रोड पर पड़े रहते हैं, कमेंट करते हैं” स्कूल में पढ़ने वाले छात्र और छात्राओं दोनों ने अपनी समस्या बताई। उनका कहना था कि शराब पीकर लोग स्कूल के सामने ही खड़े रहते हैं और कई बार उन पर कमेंट भी करते हैं। छात्रों ने कहा कि वे इसकी शिकायत अपने घरों में भी कर चुके हैं। छात्रों ने एक स्वर में मांग की कि ये दुकानें बंद होनी चाहिए, क्योंकि शराबी रोड पर पड़े रहते हैं, जिससे उन्हें आने-जाने में परेशानी होती है। सरकार पर AAP का हमला: “स्कूल बंद कर ठेके बढ़ा रहे!” आपको बता दें कि इस साल से विभाग ने शराब और बीयर की दुकानों के अलग-अलग ठेकों की जगह लगभग पूरे आगरा में ‘कंपोजिट’ (यानी बीयर और शराब दोनों एक ही दुकान पर) के ठेके निकाले हैं। कई राजनीतिक दल अपने-अपने स्तर पर इसका विरोध कर रहे हैं। उनका मुख्य आरोप यह है कि सरकार एक तरफ तो सरकारी स्कूलों को बंद कर रही है और दूसरी तरफ ठेकों की दुकानें बढ़ाती जा रही है। भारत में हर साल शराब से होने वाली मौतों का आंकड़ा भी चिंताजनक है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के 2018 के आंकड़ों के अनुसार, भारत में प्रति वर्ष शराब के सेवन से संबंधित कारणों से करीब 3 लाख से अधिक मौतें होती हैं, जिसमें लिवर की बीमारियां, कैंसर और दुर्घटनाएं शामिल हैं। ऐसे में स्कूल के पास शराब की दुकानों का खुलना और भी गंभीर मुद्दा बन जाता है। इस प्रदर्शन में कपिल बाजपेई, दिलीप बंसल, मुरली बाबा, कृष्ण गोपाल उपाध्याय, अश्वनी शर्मा एडवोकेट, बिट्टू पंडित, आसिफ नवाब, इरफान सैफी, आशीष गौतम, मनोज, रामसेवक धाकरे, गोपाल भाई आदि प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।

Read More
Verified by MonsterInsights