Agra Metro का RBS कॉलेज तक संचालन रेलवे की NOC में 5 महीने की देरी के कारण 6 माह लेट हो गया है। UPMRC के पंचानन मिश्रा ने बताया कि ट्रायल जनवरी 2026 में शुरू होंगे और सुरक्षा टीम की हरी झंडी के बाद मार्च 2026 तक सेवाएं शुरू हो पाएंगी।
आगरा शहर के लिए एक बड़ी खबर है, जहाँ उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (UPMRC) के पहले कॉरिडोर का एक महत्वपूर्ण चरण अब 6 महीने लेट हो गया है। आरबीएस कॉलेज तक मेट्रो ट्रेन का संचालन अब इस साल अक्टूबर के बजाय अगले साल मार्च (2026) में शुरू हो पाएगा। इस देरी का मुख्य कारण रेलवे की ओर से अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) जारी करने में लगा समय बताया गया है।
देरी का कारण और नया लक्ष्य
- कॉरिडोर: पहला कॉरिडोर ताज पूर्वी गेट से सिकंदरा तक है, जिसकी कुल दूरी करीब 14 किलोमीटर है और इसमें 13 स्टेशन बनाए जा रहे हैं।
- वर्तमान संचालन: अभी मेट्रो का संचालन ताज पूर्वी से मन:कामेश्वर स्टेशन तक हो रहा है।
- देरी का क्षेत्र: मन:कामेश्वर स्टेशन और एसएन मेडिकल कॉलेज स्टेशन के बीच बिजलीघर के पास रेलवे की लाइन गुजर रही है, जिसके नीचे से मेट्रो के लिए सुरंग बनाई जानी थी।
- मुख्य बाधा: UPMRC के पंचानन मिश्रा ने बताया कि रेलवे की एनओसी में करीब 5 महीने से अधिक की देरी हुई, जिसके चलते ट्रैक निर्माण का कार्य पिछड़ गया और पूरा प्रोजेक्ट लगभग 6 महीने लेट हो गया है।
- नई समय-सीमा: अब आरबीएस स्टेशन तक मेट्रो सेवा मार्च 2026 तक शुरू होने की उम्मीद है।
ट्रायल रन की तैयारी
परियोजना में देरी के बावजूद, यूपीएमआरसी ने मेट्रो के ट्रायल रन की तैयारियां तेज कर दी हैं।
- ट्रायल की शुरुआत: मेट्रो ट्रेन के ट्रायल जनवरी 2026 में शुरू कर दिए जाएंगे।
- ट्रायल प्रक्रिया: ट्रायल रन चरणबद्ध तरीके से किया जाएगा। शुरुआत में:
- यात्रियों के वजन के बराबर रेत की बोरियां ट्रेनों में रखी जाएंगी।
- मेट्रो की रफ्तार 10 से 30 किमी प्रति घंटे की रखी जाएगी।
- इसके बाद गति को चरणबद्ध तरीके से बढ़ाया जाएगा और उच्चतम 80 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से मेट्रो दौड़ाई जाएगी।
- सुरक्षा आकलन: ट्रायल पूरे होने के बाद, सुरक्षा व्यवस्थाओं के आकलन के लिए टीम आएगी। यह टीम स्टेशन, ट्रैक और अन्य सभी महत्वपूर्ण बिंदुओं का सर्वे करेगी। टीम द्वारा हरी झंडी दिखाते ही मार्च 2026 में मेट्रो का संचालन आरबीएस कॉलेज तक शुरू हो जाएगा।
सिविल कार्य और सुविधाएं
- स्टेशनों की प्रगति: पंचानन मिश्रा ने बताया कि एसएन मेडिकल कॉलेज, आगरा कॉलेज, राजा मंडी स्टेशन और आरबीएस कॉलेज स्टेशन समेत पांचों स्टेशनों का सिविल कार्य अगले 2 महीने में पूरा होने की उम्मीद है।
- ट्रेनों की उपलब्धता: वर्तमान में 11 ट्रेनें उपलब्ध हैं।
- आईएसबीटी स्टेशन: इन ट्रेनों के ठहराव और रखरखाव के लिए आईएसबीटी स्टेशन को तैयार किया जा रहा है।
सिविल कार्य पूरे होने के बाद, आगरावासी ताज पूर्वी से आरबीएस कॉलेज स्टेशन तक मेट्रो का सफर कर सकेंगे।
































































































