आगरा में मेट्रो का काम बनी परेशानी, MG रोड पर जाम से निपटने के लिए 10 मशीनें लगाई गईं

आगरा। आगरा में मेट्रो कॉरिडोर का काम इन दिनों शहरवासियों के लिए बड़ी मुसीबत बन गया है, खासकर एमजी रोड पर। यहां बैरिकेडिंग के कारण सुबह से शाम तक जाम लगा रहता है। इस समस्या को देखते हुए उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (UPMRC) ने एमजी रोड पर काम को तेजी से पूरा करने के लिए अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। एमजी रोड पर लगीं सबसे ज्यादा मशीनें शहर भर में मेट्रो कॉरिडोर के पिलर निर्माण के लिए कुल 18 मशीनें लगाई गई हैं, जिनमें से 10 मशीनें सिर्फ एमजी रोड पर ही काम कर रही हैं। जबकि सुलतानपुरा, मॉल रोड, हाईवे और सुलतानगंज जैसे अन्य हिस्सों में बाकी की 8 मशीनों से काम चलाया जा रहा है। UPMRC का लक्ष्य है कि दिसंबर तक एमजी रोड पर पिलर का काम पूरा कर लिया जाए, ताकि बैरिकेडिंग हटाकर लोगों को जाम से राहत मिल सके। एमजी रोड पर क्यों है ज्यादा दिक्कत? आगरा में कुल 29.4 किलोमीटर लंबे दो कॉरिडोर बनाए जा रहे हैं। इसमें से एक कॉरिडोर एमजी रोड से होकर गुजरता है, जहां प्रतापपुरा से भगवान टॉकीज तक पिलर निर्माण के लिए बैरिकेडिंग की गई है। इस रोड की चौड़ाई 8 मीटर है, जो बैरिकेडिंग के बाद और भी संकरी हो गई है। सड़क के दोनों ओर शोरूम होने के कारण वाहनों के रुकते ही ट्रैफिक बाधित हो जाता है। पिछले महीने मंडलायुक्त की अध्यक्षता में हुई बैठक में तय किया गया था कि जहां पिलर का काम पूरा हो गया है, वहां बैरिकेडिंग को थोड़ा अंदर खिसकाया जाएगा, लेकिन अभी तक ऐसा नहीं हो सका है। इसी कारण एमजी रोड पर जाम की स्थिति बनी हुई है।

आगरा में दशहरा शोभायात्रा समिति के चुनाव संपन्न, विनय अग्रवाल अध्यक्ष चुने गए

आगरा। लोहामंडी स्थित अग्रवाल सेवा सदन में मंगलवार को जटपुरा के श्रीराम मंदिर से जुड़ी दशहरा शोभायात्रा आयोजन समिति के चुनाव शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुए। इन चुनावों में सर्वसम्मति से विनय अग्रवाल को समिति का नया अध्यक्ष चुना गया। चुनावी प्रक्रिया की देखरेख चुनाव अधिकारी रामदास कटारा, संरक्षक महेंद्र खंडेलवाल, पूर्व पार्षद हेमा वर्मा और विनोद अग्रवाल ने की। इस चुनाव में सर्वसम्मति से कई अन्य पदाधिकारियों को भी चुना गया, जिसमें: इस अवसर पर प्रियाकांत बंसल, ब्रजेश कुमार, लवेश जैन, गौरव लोधी सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। सभी ने नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को शुभकामनाएं दीं।

आगरा के एस.एन. मेडिकल कॉलेज में ‘नेल्स’ वर्कशॉप का दूसरा दिन, डॉक्टरों ने सीखे आपातकालीन कौशल

आगरा। एस.एन. मेडिकल कॉलेज, आगरा में चल रहे नेशनल इमरजेंसी लाइफ सपोर्ट (NELS) पाठ्यक्रम का दूसरा दिन सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। यह वर्कशॉप डॉक्टरों को आपातकालीन चिकित्सा के लिए आवश्यक ज्ञान और व्यावहारिक कौशल देने पर केंद्रित है। इसका आयोजन नोडल स्किल सेंटर की डॉ. अर्चना अग्रवाल के नेतृत्व में किया जा रहा है। दूसरे दिन की शुरुआत में, विभिन्न विभागों के विशेषज्ञ संकाय सदस्यों ने महत्वपूर्ण विषयों पर व्याख्यान दिए: व्याख्यान सत्र के बाद, डॉक्टरों ने डमी (Mannequin) पर नीडल थोराकोसेंटिस, आईसीडी, ई-फास्ट और वेंटिलेटर सेटिंग जैसी महत्वपूर्ण प्रक्रियाओं का अभ्यास किया। इस व्यावहारिक प्रशिक्षण ने डॉक्टरों को आपातकालीन स्थितियों से निपटने के लिए आत्मविश्वास दिया। कॉलेज के प्राचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता ने कहा कि इस तरह के कार्यक्रम डॉक्टरों को आधुनिक चिकित्सा तकनीकों से अपडेट रखने और उनके भविष्य को बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने कहा कि कॉलेज भविष्य में भी ऐसे प्रशिक्षण आयोजित करता रहेगा।

आगरा में ADA का अवैध निर्माणों पर एक्शन, बुलडोजर चलाकर कॉलोनी ध्वस्त और एक बिल्डिंग सील

आगरा। आगरा विकास प्राधिकरण (ADA) ने शहर में अवैध निर्माणों के खिलाफ अपना अभियान तेज कर दिया है। मंगलवार को ADA ने दो अलग-अलग कार्रवाई करते हुए एक अवैध कॉलोनी को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया और ताजमहल के पास बन रही एक निर्माणाधीन बिल्डिंग को सील कर दिया। इस सख्त कार्रवाई से अवैध निर्माण करने वालों में हड़कंप मच गया है। हिंगोट खेरिया में ध्वस्त हुई 6 हजार वर्गमीटर की अवैध कॉलोनी ताजगंज क्षेत्र के अमर एन्क्लेव, मौजा हिंगोट खेरिया में बंटू यादव, भरत सिंह और कमल सिंह द्वारा 6 हजार वर्गमीटर में एक अवैध कॉलोनी विकसित की जा रही थी। ADA अधिकारियों ने जब उनसे निर्माण की अनुमति मांगी तो वे इसे नहीं दिखा पाए। इसके बाद ADA ने कार्रवाई करते हुए बुलडोजर चलाकर पूरी कॉलोनी को ध्वस्त कर दिया। अवैध रूप से लगाए गए गेट, पक्की सड़कें और बाउंड्रीवाल भी बुलडोजर से उखाड़ दिए गए। ADA ने चेतावनी दी है कि बिना अनुमति के किसी भी तरह का निर्माण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यह कार्रवाई उत्तर प्रदेश नगर योजना एवं विकास अधिनियम-1973 की धारा-27 के तहत की गई। ताजमहल के पास बन रही अवैध बिल्डिंग सील दूसरी ओर, ADA ने ताजमहल के प्रतिबंधित क्षेत्र में बन रही एक और अवैध बिल्डिंग को सील कर दिया। ताजगंज स्थित तांगा स्टैंड के पास सुनील राठौर और मनीष वर्मा द्वारा बिना किसी मानचित्र स्वीकृति के यह निर्माण कराया जा रहा था। बिल्डिंग को टीनशेड से छिपाने की कोशिश की गई थी। जब ADA अधिकारियों ने निर्माणकर्ताओं से अनुमति मांगी तो वे कोई भी वैध कागजात नहीं दिखा पाए। इसके बाद ADA ने उत्तर प्रदेश नगर योजना एवं विकास अधिनियम-1973 की धारा-28क(1) के तहत इस अवैध बिल्डिंग को सील कर दिया।

आगरा में ट्रैफिक नियमों की अनदेखी करने वाले ई-रिक्शा और ऑटो चालकों पर होगी सख्त कार्रवाई

आगरा। आगरा में बढ़ते ट्रैफिक जाम और सड़क दुर्घटनाओं को देखते हुए पुलिस कमिश्नर दीपक कुमार ने सख्त रुख अपनाया है। उन्होंने ई-रिक्शा और ऑटो चालकों से यातायात नियमों का पालन करने की अपील की है और नियमों की अनदेखी करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी है। पुलिस कमिश्नर ने कहा कि उन्हें लंबे समय से ई-रिक्शा और ऑटो चालकों द्वारा नियमों की मनमानी की शिकायतें मिल रही थीं, जिससे आम लोगों को परेशानी हो रही है। उन्होंने खुद भी सड़कों पर यह अनुभव किया है कि ये चालक क्षमता से अधिक सवारियां बैठाते हैं, गलत दिशा में चलते हैं और ट्रैफिक रुकते ही अपनी लाइन छोड़कर दूसरों के लिए दिक्कत पैदा करते हैं। इससे न केवल जाम लगता है, बल्कि दुर्घटनाओं का खतरा भी बढ़ जाता है। आम नागरिकों और बच्चों को होती है परेशानी दीपक कुमार ने कहा कि इन चालकों की मनमानी का खामियाजा सामान्य नागरिकों, स्कूली बच्चों और बुजुर्गों को भुगतना पड़ता है। उन्होंने स्वीकार किया कि ई-रिक्शा और सीएनजी ऑटो उनकी आजीविका का साधन हैं, लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि वे यातायात नियमों की अनदेखी करें और दूसरों को प्रभावित करें। टीमें गठित करने के निर्देश, होगा भारी जुर्माना पुलिस आयुक्त ने डीसीपी ट्रैफिक को विशेष टीमें गठित करने के निर्देश दिए हैं। ये टीमें यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों पर नजर रखेंगी। उन्होंने सभी ऑटो चालकों से अपील की है कि वे अपनी लेन में चलें, ट्रैफिक सिग्नल का सम्मान करें और क्षमता से अधिक सवारियां न बैठाएं। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि नियमों का उल्लंघन करते हुए पाया गया तो गठित टीमें नियमानुसार भारी जुर्माना लगाएंगी और ई-रिक्शा/सीएनजी ऑटो को सीज करने पर मजबूर होंगी। यह कदम शहर की यातायात व्यवस्था को सुधारने और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है।

आगरा के सेंट थॉमस स्कूल में ‘डोनेशन’ का खेल, आटा-दाल मांगने पर जांच के आदेश

आगरा। आगरा के सेंट थॉमस स्कूल, सुनारी पर छात्रों से डोनेशन के नाम पर खाने-पीने का सामान मांगने का आरोप लगा है। अभिभावकों की संस्था प्रोग्रेसिव एसोसिएशन ऑफ पेरेंट्स अवेयरनेस (PAPA) की शिकायत पर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय ने इस मामले का संज्ञान लिया है और जांच के आदेश दिए हैं। PAPA के राष्ट्रीय संयोजक दीपक सरीन ने शिकायत में बताया कि स्कूल प्रबंधन ने अभिभावकों के मोबाइल पर संदेश भेजकर बच्चों से पांच किलो आटा, दो किलो चावल, आधा किलो दाल और आधा लीटर तेल जैसी वस्तुएं जबरन मंगवाई हैं, जिसके लिए 4 सितंबर की तारीख भी दी गई है। डोनेशन मांगना पूरी तरह से अवैध शिकायत में कहा गया है कि स्कूल द्वारा इस तरह का डोनेशन मांगना न केवल अनैतिक है, बल्कि पूरी तरह से गैरकानूनी भी है। यह प्रथा कई शिक्षा नियमों का सीधा उल्लंघन करती है, जिनमें शामिल हैं: जांच के लिए टीम गठित दीपक सरीन की शिकायत के बाद जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय ने खंड शिक्षा अधिकारी नगर सुमित कुमार सिंह और खंड शिक्षा अधिकारी बरौली अहीर महेश कुमार पटेल को जांच अधिकारी नियुक्त किया है। ये दोनों अधिकारी मौके पर जाकर जांच करेंगे और अपनी विस्तृत रिपोर्ट सौंपेंगे। PAPA ने प्रशासन से यह भी मांग की है कि ऐसे स्कूलों पर सख्त कार्रवाई की जाए, उनकी मान्यता निलंबित की जाए और सभी निजी व मिशनरी स्कूलों के लिए स्पष्ट निर्देश जारी किए जाएं ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों। दीपक सरीन ने कहा, “शिक्षा बच्चों का अधिकार है, स्कूलों के लिए यह एक सेवा है, व्यवसाय नहीं।”

आगरा में ‘अप्सा गर्ल चाइल्ड स्कॉलरशिप’ कार्यक्रम, 45 मेधावी छात्राओं को मिली छात्रवृत्ति

आगरा। मंगलवार, 2 सितंबर 2025 को सी.एफ. एन्ड्रूज स्कूल में ‘अप्सा गर्ल चाइल्ड स्कॉलरशिप-2025’ का भव्य आयोजन किया गया। एसोसिएशन ऑफ प्रोग्रेसिव स्कूल्स ऑफ आगरा (अप्सा) द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में 45 मेधावी और निर्धन छात्राओं को उनकी उच्च शिक्षा के लिए छात्रवृत्ति के चेक प्रदान किए गए। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि पद्मश्री डॉ. आर.एस. पारीक और अप्सा के पदाधिकारियों ने दीप प्रज्वलित कर किया। डॉ. पारीक ने अपने संबोधन में कहा कि एक शिक्षित बेटी न सिर्फ अपने परिवार बल्कि पूरे समाज को सशक्त बनाती है। उन्होंने भारतीय संस्कृति को बचाने में बेटियों के अमूल्य योगदान की सराहना भी की। अप्सा के सचिव और सेंट एन्ड्रूज ग्रुप के सी.एम.डी. डॉ. गिरधर शर्मा ने बताया कि पिछले 11 वर्षों में अप्सा द्वारा निर्धन और मेधावी छात्राओं को उच्च शिक्षा के लिए कुल 25.44 लाख रुपये की छात्रवृत्ति दी जा चुकी है। इस साल चयनित 45 छात्राओं में से प्रत्येक को 8,000 रुपये का चेक दिया गया है और अगले तीन वर्षों में कुल 24,000 रुपये की छात्रवृत्ति प्रदान की जाएगी, जो इन छात्राओं के उज्ज्वल भविष्य के लिए बेहद उपयोगी साबित होगी। अप्सा के अध्यक्ष डॉ. सुशील गुप्ता ने इस पहल को पूरे देश में अपने तरह का एक अनूठा कार्यक्रम बताया, जिसका उद्देश्य मेधावी छात्राओं को उनके सपनों को साकार करने के लिए एक मंच देना है। इस अवसर पर अप्सा के कोषाध्यक्ष प्रदुम्न चतुर्वेदी, उपाध्यक्ष डॉ. जी.एस. राणा सहित कई गणमान्य व्यक्ति और स्कूलों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। कार्यक्रम की सफलता में सी.एफ. एन्ड्रूज स्कूल की प्राचार्या रुचि तनवर और उनकी टीम का भी विशेष योगदान रहा।

आगरा में सुगंध दशमी और दशलक्षण पर्व की धूम, मंदिरों में उमड़े श्रद्धालु

आगरा। मंगलवार को आगरा के विभिन्न जैन मंदिरों में सुगंध दशमी और दशलक्षण पर्व का छठा दिन बड़े ही उत्साह और श्रद्धा के साथ मनाया गया। इस पावन अवसर पर भक्तों ने उत्तम संयम धर्म का पालन किया, जिसके बाद मंदिरों में पूजा-पाठ, अभिषेक और भव्य सजावट देखने को मिली। कलाकुंज जैन मंदिर में ‘पोस्टर बनाओ’ प्रतियोगिता कलाकुंज जैन मंदिर में वर्धमान युवा मंडल द्वारा एक विशेष ‘पोस्टर बनाओ’ प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इसमें बच्चों और युवाओं ने अहिंसा, सदाचार और पर्यावरण संरक्षण जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर बेहद रचनात्मक पोस्टर बनाए, जिन्होंने सबका ध्यान खींचा। प्रतियोगिता के परिणाम की घोषणा राजीव जैन, अजय जैन (मास्टर) और आदि जैन शास्त्री ने की। विजेताओं को सम्मानित भी किया गया। अवधपुरी जिनालय में भी सांस्कृतिक कार्यक्रम अवधपुरी स्थित श्री पदमप्रभु जिनालय में भी उत्सव का माहौल था। यहां पोस्टर बनाओ, मंगल कलश सजाओ और थाल सजाओ जैसी प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। बच्चों और परिवारों ने अपनी कलात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन करते हुए सुंदर पोस्टर, मंगल कलश और थाल सजाए, जिससे मंदिर का वातावरण और भी भक्तिमय हो गया। इन सभी कार्यक्रमों के माध्यम से संयम धर्म और आत्मशुद्धि का संदेश दिया गया। युवा, बच्चे और बुजुर्ग सभी ने मिलकर इस पावन पर्व को अपनी श्रद्धा और कला के साथ मनाया।

आगरा में ‘एसएमई आईपीओ’ पर संगोष्ठी, विशेषज्ञों ने बताई लघु उद्योगों के विकास की राह

आगरा। आगरा में मंगलवार को आईटीसी मुगल होटल में चैम्बर ऑफ फूड प्रोसेसिंग इंडस्ट्रीज एसोसिएशन (CFPIA) द्वारा एक भव्य संगोष्ठी का आयोजन किया गया। इसका मुख्य विषय था ‘एसएमई आईपीओ के माध्यम से विकास को प्रोत्साहित करना एवं इक्विटी मूल्यांकन को अनलॉक करना’। इस कार्यक्रम में विशेषज्ञों ने लघु एवं मध्यम उद्यमियों को एसएमई आईपीओ (Small and Medium Enterprises IPO) के महत्व और प्रक्रिया की विस्तार से जानकारी दी। एसएमई आईपीओ से विदेशी निवेश और वैश्विक पहचान मुख्य वक्ता नीता प्रसाद ने बताया कि कोई भी उद्योग जो लगातार तीन वर्षों से सफलतापूर्वक चल रहा है और जिसकी आय एक करोड़ रुपये या उससे अधिक है, वह अपना एसएमई आईपीओ ला सकता है। उन्होंने कहा कि इससे उद्यमी बैंक ऋण और ब्याज के बोझ से मुक्त होकर अपनी कंपनी को वैश्विक स्तर पर पहचान दिला सकते हैं। नीता प्रसाद ने यह भी बताया कि आईपीओ के जरिए विदेशी निवेशक और बड़ी अंतरराष्ट्रीय कंपनियां भी निवेश के लिए आकर्षित होती हैं, जो व्यवसाय के लिए बेहद फायदेमंद है। एसोसिएशन के अध्यक्ष राजकुमार भगत ने एसएमई आईपीओ को उद्योग जगत की रीढ़ बताया और कहा कि आने वाले समय में इसकी भूमिका और भी महत्वपूर्ण होगी। महासचिव अनुज सिंघल ने उद्यमियों से इस अवसर का लाभ उठाने और आर्थिक रूप से सशक्त बनने का आह्वान किया। मुख्य सलाहकार मनीष अग्रवाल ‘रावी’ ने कहा कि आईपीओ सिर्फ पूंजी जुटाने का माध्यम नहीं, बल्कि कंपनी के ब्रांड मूल्य और विश्वसनीयता को बढ़ाने का जरिया भी है। फूड एक्सपो की समीक्षा और आगरा में लैब की मांग संगोष्ठी के बाद हुई कार्यकारिणी बैठक में जून 2025 में हुए पहले फूड एक्सपो की समीक्षा की गई और वर्ष 2026 के लिए फूड एक्सपो की योजना पर चर्चा हुई। सचिव विकास चतुर्वेदी ने सरकार से आग्रह किया कि आगरा में खाद्य प्रसंस्करण उद्योग के विस्तार के लिए विशेष योजनाएं और अनुदान दिए जाएं। मुख्य कार्यकारी सदस्य राजेश गोयल ‘माना’ ने कहा कि भारतीय खाद्य उत्पादों की मांग अंतरराष्ट्रीय बाजार में बढ़ रही है, इसलिए पैकेजिंग और गुणवत्ता पर ध्यान देना जरूरी है और इसके लिए फूड टेस्टिंग लैब का निर्माण आवश्यक है। कार्यक्रम का समापन उपाध्यक्ष आशीष गर्ग के धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ। इस अवसर पर आगरा के कई प्रमुख उद्यमी और व्यवसायी उपस्थित थे।

आगरा के सिकंदरा थाना क्षेत्र में तेंदुआ देखे जाने से दहशत, CCTV फुटेज में कुत्ते पर हमला करता दिखा जानवर

आगरा। आगरा के सिकंदरा थाना क्षेत्र में एक तेंदुआ देखे जाने से हड़कंप मच गया है। एक सीसीटीवी फुटेज में एक तेंदुआ एक पालतू कुत्ते पर हमला करता हुआ दिखाई दे रहा है। हमले में घायल कुत्ते का इलाज चल रहा है। इस घटना के बाद से हाईवे के पास की कॉलोनी के लोग दहशत में हैं और घरों में कैद रहने को मजबूर हैं। वन विभाग रेंज ऑफिसर कृपा शंकर ने बताया कि अभी तक ऐसा कोई मामला सामने नहीं आया था, लेकिन अब विभाग पूरी तरह सतर्क है। टीम इस बात की पुष्टि करने में जुटी है कि सीसीटीवी फुटेज में दिख रहा जानवर तेंदुआ ही है या कोई और। हालांकि, वीडियो में जानवर एक कुत्ते पर हमला करता साफ दिख रहा है। तेंदुए के देखे जाने की खबर के बाद से वन विभाग की टीम अलर्ट पर है। दो दिनों से लगातार कॉम्बिंग अभियान चलाया जा रहा है, जिसमें अधिकारी और कर्मचारी रात में भी डेरा डाले हुए हैं। वन विभाग की टीम स्थानीय लोगों द्वारा बताए गए तेंदुए को पकड़ने की कोशिश कर रही है।

आगरा में यमुना खतरे के निशान से ऊपर, ताज की बाउंड्री तक पहुंचा पानी; 8 चितास्थल डूबे

आगरा। आगरा में यमुना नदी एक बार फिर उफान पर है। गोकुल बैराज से लगातार छोड़े जा रहे पानी के कारण यमुना का जलस्तर खतरे के निशान से दो फीट ऊपर आ गया है। नदी का पानी ताजमहल की बाउंड्री तक पहुंच गया है, वहीं कैलाश घाट, बल्केश्वर घाट और ताजगंज शमशान घाट के आठ चितास्थल भी डूब गए हैं। गोकुल बैराज से लगातार छोड़ा जा रहा है पानी गोकुल बैराज से मंगलवार को एक लाख क्यूसेक से अधिक पानी छोड़ा गया, जबकि सोमवार को भी 99 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा गया था। इसके कारण आगरा में यमुना का जलस्तर बढ़कर 497 फीट पर पहुंच गया है, जबकि खतरे का निशान 495 फीट पर है। पहाड़ी इलाकों में हो रही लगातार बारिश के कारण हथिनीकुंड बैराज से भी पानी की मात्रा बढ़ गई है। सुबह नौ बजे 3.22 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया है, जिसके 5 सितंबर तक आगरा पहुंचने की संभावना है। इससे यमुना का जलस्तर और बढ़ने की आशंका है। खेतों में फंसे 25 किसान, 5 परिवार हुए शिफ्ट यमुना के रौद्र रूप के कारण तटीय इलाकों में रहने वाले लोगों की मुसीबत बढ़ गई है। बल्केश्वर स्थित पार्वती घाट और ताजगंज मोक्षधाम के चितास्थल पानी में डूब गए हैं। तनौरा-नूरपुर और मेहरा नाहरगंज के लगभग 25 किसान तीन घंटे तक अपने खेतों में फंसे रहे, जिन्हें बाद में स्टीमर की मदद से सुरक्षित बाहर निकाला गया। सदर तहसील के डौकी क्षेत्र में यमुना किनारे रहने वाले पांच परिवारों को अपने घरों तक पानी पहुंचने के कारण सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट होना पड़ा है। वे फिलहाल अपने रिश्तेदारों के यहां रह रहे हैं। इन गांवों पर बाढ़ का खतरा प्रशासन ने यमुना के किनारे स्थित कई गांवों को बाढ़ के प्रति सतर्क रहने की चेतावनी दी है। तहसील सदर में तनौरा, नूरपुर, कैलाश, नगला बूढ़ी सहित कई गांव प्रभावित हो सकते हैं, जबकि तहसील फतेहाबाद में भरापुर, बमरौली, भडायना जैसे गांव खतरे में हैं। प्रशासन की अपील और तैयारी एडीएम (एफआर) शुभांगी शुक्ला ने नागरिकों से अपील की है कि वे जरूरी कागजात को वॉटरप्रूफ बैग में रखें, सूखे अनाज और मवेशियों के चारे को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दें। उन्होंने गर्भवती महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों से बाढ़ के शरणांलयों में जाने की अपील की है। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए जिला स्तर पर 24 घंटे चलने वाला कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है, जिसका मोबाइल नंबर 0562-2260550 और 09458095419 है। इसके अलावा, तनौरा-नूरपुर में बाढ़ चौकी भी स्थापित की गई है।

आगरा में धर्मांतरण के आरोप में 11 लोग गिरफ्तार, एक महीने की गोपनीय जांच के बाद हुई कार्रवाई

आगरा। आगरा के शाहगंज थाना क्षेत्र में धर्मांतरण कराने के आरोप में पुलिस ने एक घर से 11 लोगों को गिरफ्तार किया है, जिनमें पांच महिलाएं भी शामिल हैं। पुलिस ने यह कार्रवाई एक महीने तक चली गोपनीय जांच के बाद की है। केदार नगर के एक घर में प्रत्येक रविवार को ईसाई धर्म सभा आयोजित की जाती थी। शिकायत के अनुसार, इस सभा में हिंदुओं को बुलाया जाता था और उन्हें सनातन धर्म के देवी-देवताओं की पूजा-पाठ से दूर रहने के लिए कहा जाता था। इसके बदले में, उनकी गरीबी और अन्य सभी कष्टों को दूर करने का दावा किया जाता था। पुलिस ने सादे कपड़ों में भेजे थे कर्मी एक माननीय मंत्री से इस इलाके में धर्मांतरण की गतिविधियों की शिकायत की गई थी, जिसके बाद मामला पुलिस आयुक्त दीपक कुमार तक पहुंचा। पुलिस आयुक्त के निर्देश पर शाहगंज पुलिस ने गोपनीय जांच शुरू की। इस दौरान महिला पुलिसकर्मियों को सादे कपड़ों में धर्म सभा में भेजा गया ताकि सच्चाई का पता लगाया जा सके। जांच में पता चला कि इस घर में बाहर से कुछ लोग आते थे और आसपास के हिंदुओं को इकट्ठा करते थे। उनकी समस्याओं के बारे में पूछने के बाद उन्हें धर्म परिवर्तन के लिए प्रेरित किया जाता था। जो लोग इसके लिए तैयार होते थे, उन्हें हर संभव मदद का आश्वासन दिया जाता था। दो दिन पहले, पुलिस ने छापेमारी कर इस घर से पांच महिलाओं सहित 11 लोगों को गिरफ्तार कर लिया। इसमें एक मुख्य व्यक्ति भी शामिल है। पुलिस आगे की कार्रवाई कर रही है।

आगरा में शिवाजी मार्केट की दुकान में चोरी, 8 लाख रुपये कैश उड़ा ले गए चोर

आगरा। आगरा के थाना रकाबगंज क्षेत्र स्थित शिवाजी मार्केट में चोरों ने एक रेडीमेड गारमेंट की दुकान का शटर तोड़कर लाखों रुपए कैश चोरी कर लिया। चोरों की यह हरकत सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है, जिसके बाद पुलिस उनकी तलाश में जुट गई है। दुकानदार शोभराज ने बताया कि उनकी दुकान ‘लवीना गारमेंट’ के नाम से है और उनका थोक का काम है। रविवार को वह दुकान बंद करके घर गए थे। सोमवार सुबह जब आसपास के दुकानदारों ने उन्हें दुकान का शटर टूटा होने की जानकारी दी, तो वह मौके पर पहुंचे। अंदर जाकर देखा तो अलमारी में रखा सारा कैश गायब था। व्यापारी ने लगभग 8 लाख रुपये कैश चोरी होने की बात कही है। उन्होंने बताया कि ग्राहकों से पेमेंट आने के बाद कैश को गल्ले में रखा गया था। प्रारंभिक हिसाब में अब तक 7 लाख रुपये के कैश का पता चला है। सीसीटीवी में कैद हुए 4 चोर व्यापारी ने बताया कि मार्केट में लगे सीसीटीवी फुटेज में दिख रहा है कि रात के समय तीन-चार चोर आए थे। उन्होंने शटर तोड़ा और अंदर घुसकर चोरी की वारदात को अंजाम दिया। गौरतलब है कि एक साल पहले भी इसी व्यापारी की दुकान में 60 लाख रुपये की चोरी हुई थी। उस समय पुलिस ने चोरों को पकड़कर 57 लाख रुपये बरामद कर लिए थे। अब इस नई घटना के बाद पुलिस एक बार फिर चोरों को पकड़ने के लिए जांच कर रही है।

आगरा में ‘नो हेलमेट, नो फ्यूल’ अभियान पहले ही दिन हुआ फेल, बेअसर दिखे DM के आदेश

आगरा। आगरा में सड़क सुरक्षा के लिए जिलाधिकारी द्वारा शुरू किया गया ‘नो हेलमेट, नो फ्यूल’ अभियान पहले ही दिन बेअसर साबित हुआ। 1 से 30 सितंबर तक चलने वाले इस विशेष अभियान के बावजूद, शहर के कई पेट्रोल पंपों पर बिना हेलमेट पहने बाइक सवारों को धड़ल्ले से पेट्रोल दिया जा रहा है। पिछले शनिवार को हुई बैठक में डीएम ने सभी पेट्रोल पंप संचालकों को सख्त निर्देश दिए थे कि वे बिना हेलमेट वाले किसी भी दोपहिया वाहन चालक को पेट्रोल न दें और ऐसा करने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। लेकिन पहले दिन की पड़ताल में सामने आया कि इन आदेशों की पूरी तरह अनदेखी हो रही है। पेट्रोल पंपों पर ग्राहकों से नहीं पूछा जा रहा हेलमेट ग्राउंड रिपोर्ट के अनुसार, शहर के कई इलाकों, खासकर कोठी मीना बाजार के पास स्थित पेट्रोल पंपों पर, बिना किसी रोक-टोक के पेट्रोल दिया जा रहा है। राजेश माहौर नाम के एक ग्राहक ने बताया कि उन्होंने बिना हेलमेट के पेट्रोल भरवाया और किसी भी कर्मचारी ने उनसे हेलमेट के बारे में नहीं पूछा। उन्होंने कहा कि सभी लोगों को बिना हेलमेट के ही फ्यूल मिल रहा है। जीआईसी के पास स्थित एक पेट्रोल पंप पर भी यही स्थिति देखने को मिली। सचिन नामक एक युवक ने बताया कि उसने खबर पढ़ी थी कि बिना हेलमेट के पेट्रोल नहीं मिलेगा, इसलिए वह हेलमेट पहनकर आया था। लेकिन, उसने देखा कि जो लोग बिना हेलमेट के आ रहे थे, उन्हें भी आसानी से पेट्रोल मिल रहा था। उन्होंने यह भी बताया कि पंप पर ‘नो हेलमेट, नो फ्यूल’ का कोई नोटिस भी नहीं लगा था। डीएम के सख्त आदेशों के बावजूद, शहर के फ्यूल स्टेशन उनकी अनदेखी कर रहे हैं। अब देखना यह होगा कि प्रशासन इन निर्देशों का पालन सुनिश्चित कराने के लिए आगे क्या कदम उठाता है और आदेशों की अवहेलना करने वाले पेट्रोल पंपों पर क्या कार्रवाई होती है।

आगरा में कई थाना प्रभारियों का तबादला, हरीपर्वत, सिकंदरा, नाई की मंडी, लोहामंडी और जगदीशपुरा के प्रभारी बदले गए

आगरा। आगरा में पुलिस कमिश्नर दीपक कुमार ने शहर की कानून व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए कई थाना प्रभारियों के कार्यक्षेत्र में बदलाव किया है। इसमें सबसे अहम तबादले हरीपर्वत और सिकंदरा थाना प्रभारियों के हुए हैं। इन थाना प्रभारियों का हुआ तबादला: यह बदलाव पुलिस कमिश्नर द्वारा प्रशासनिक व्यवस्था को बेहतर बनाने और शहर में अपराध नियंत्रण को और प्रभावी बनाने के उद्देश्य से किया गया है।

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