Agra में कैबिनेट मंत्री बेबी रानी मौर्य ने ‘मन की बात’ सुनी, जीएसटी कटौती को बताया ‘बचत उत्सव’

Agra में कैबिनेट मंत्री बेबी रानी मौर्य ने रविवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ का 126वां संस्करण सुना। उन्होंने यह प्रसारण अकोला के मलपुरा गांव के बूथ पर पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ सामूहिक रूप से सुना। ‘मन की बात’ कार्यक्रम के बाद मंत्री ने प्रधानमंत्री के ‘स्वदेशी अपनाओ’ और ‘खादी को प्रोत्साहित करो’ के संदेश पर जोर दिया। इसके उपरांत, उन्होंने मलपुरा और अजीजपुर के बाजारों का दौरा किया और व्यापारियों व आम लोगों से संवाद किया। इस दौरान, उन्होंने जीएसटी की दरों में हाल ही में हुई कटौती के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री की दूरदर्शिता के कारण देश की जनता को लाभ मिल रहा है और आगामी त्योहारों से पहले पूरे देश में ‘बचत उत्सव’ का माहौल है। इससे देश की अर्थव्यवस्था को भी गति मिल रही है। एमपैक्स की सदस्यता ली अपने दौरे के दौरान, मंत्री बेबी रानी मौर्य ने मलपुरा में बहुउद्देशीय प्राथमिक सहकारी समिति (एमपैक्स) की सदस्यता ग्रहण की। उन्होंने मौके पर 10 अन्य किसानों को भी एमपैक्स की सदस्यता दिलवाई। इस अवसर पर प्रतिनिधि यशपाल राणा, देवेंद्र चाहर, अजय चाहर, धर्मेंद्र उपाध्याय, सुख सिंह राजपूत, प्रमोद मित्तल, राजीव मित्तल, भूपेंद्र उपाध्याय, अशोक चाहर, फौरन सिंह राठौड़, प्रताप सिंह कुशवाह, सतेंद्र राजपूत, तोरन सिंह कुशवाह और लखन कुशवाह सहित अन्य लोग मौजूद रहे।

Agra जिला पंचायत की बैठक में Bateshwar मेले और विकास कार्यों की समीक्षा

Agra जिला पंचायत सभागार, बालूगंज में एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया, जिसकी अध्यक्षता जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. मंजू भदौरिया ने की। इस बैठक में विकास योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई और आगामी श्री बटेश्वरनाथ मेले की तैयारियों पर विस्तार से चर्चा हुई। बटेश्वर मेला 18 अक्टूबर से 9 नवंबर तक डॉ. मंजू भदौरिया ने बताया कि इस वर्ष बटेश्वर मेला 18 अक्टूबर से 9 नवंबर तक भव्य रूप से आयोजित किया जाएगा। इस दौरान कई सांस्कृतिक और खेलकूद कार्यक्रम होंगे, जिनमें दीपोत्सव, यमुना आरती, रामलीला-रासलीला, लोकगायन, मिनी मैराथन, कबड्डी, वॉलीबॉल, क्रिकेट टूर्नामेंट, दंगल और अखिल भारतीय कवि सम्मेलन शामिल हैं। पशु मेले का पंजीकरण 14 अक्टूबर से शुरू होगा। विकास कार्यों की समीक्षा बैठक में खेल और ग्रामीण विकास कार्यों की प्रगति पर भी चर्चा हुई। बताया गया कि जोगरा खुर्द, जैतपुर कलां, किरावली और एत्मादपुर में मिनी स्टेडियम का निर्माण कार्य जारी है। इसके अलावा 15 नए क्रीड़ा स्थल भी बनाए जा रहे हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में सड़कों, नालियों, शौचालयों और जलाशयों का सौंदर्यीकरण तेजी से हो रहा है। जिला पंचायत मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देशों के तहत गड्ढामुक्त सड़कों के अभियान में भी सक्रिय रूप से सहयोग कर रही है। महिला सशक्तिकरण के तहत स्वयं सहायता समूहों को बढ़ावा देने और प्रधानमंत्री लखपति दीदी योजना को गति देने पर जोर दिया गया। इसके साथ ही, हर महीने सघन वृक्षारोपण करने का भी निर्णय लिया गया। बैठक में जीएसटी (2.0) सुधार के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को धन्यवाद देते हुए एक प्रस्ताव भी पारित किया गया। डॉ. मंजू भदौरिया ने अंत में सभी से अपील की कि हम सब मिलकर स्वदेशी वस्तुओं को अपनाएं और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में भागीदारी निभाएं। इस बैठक में केंद्रीय राज्य मंत्री प्रो. एसपी सिंह बघेल, सांसद राजकुमार चाहर, कैबिनेट मंत्री बेबी रानी मौर्य, पूर्व विधायक डॉ. राजेंद्र सिंह, राज्य मंत्री धर्मवीर प्रजापति, महिला आयोग अध्यक्ष बबीता चौहान, राज्यसभा सांसद रामजीलाल सुमन और नवीन जैन, भजपा पूर्व जिलाध्यक्ष श्याम भदौरिया सहित कई अन्य गणमान्य व्यक्ति भी उपस्थित रहे।

आगरा: पान मसाला फर्मों पर स्टेट जीएसटी का छापा, सरीन एंड सरीन और आरएनएस फ्लॉवर्स पर 85 लाख का जुर्माना

आगरा। आगरा में स्टेट जीएसटी (SGST) की विशेष अनुसंधान शाखा (SIB) ने गुरुवार को पान मसाला कारोबार से जुड़ी चार फर्मों पर बड़ी कार्रवाई की। इन फर्मों में प्रमुख रूप से सरीन एंड सरीन और आरएनएस फ्लॉवर्स शामिल हैं। जाँच के दौरान बड़ी मात्रा में स्टॉक में हेरफेर पाया गया, जिसके बाद अधिकारियों ने कुल 85 लाख रुपए का जुर्माना लगाया और मौके पर ही 65 लाख रुपए जमा कराए। एसजीएसटी के एडिशनल कमिश्नर ग्रेड-एक पंकज गांधी ने बताया कि कर चोरी की सूचना पर यह छापेमारी की गई थी। जाँच के दौरान: अधिकारियों ने बताया कि बाकी दो फर्मों पर भी इसी तरह की अनियमितताएं मिलीं। कुल मिलाकर, चारों फर्मों पर 85 लाख रुपए का जुर्माना लगाया गया, जिसमें से 65 लाख रुपए मौके पर ही जमा करा लिए गए। छापेमारी के दौरान टीम ने फर्मों से कई अहम दस्तावेज भी जब्त किए हैं। एडिशनल कमिश्नर ने बताया कि इन दस्तावेजों और ऑडिट रिकॉर्ड की विस्तृत जाँच की जा रही है। जाँच पूरी होने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। यह कार्रवाई कर चोरी के खिलाफ एसजीएसटी की एक बड़ी और महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है।

आगरा में जूते पर GST 5% होने की खुशी, व्यापारियों ने निकाली ‘स्वर्णिम विजय यात्रा’

आगरा। केंद्र सरकार द्वारा जूते पर जीएसटी घटाकर पाँच प्रतिशत किए जाने के बाद, द आगरा शू फैक्टर्स फेडरेशन ने सरकार का आभार व्यक्त करते हुए सोमवार को ‘स्वर्णिम विजय यात्रा’ निकाली। सैकड़ों जूता व्यापारियों और विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों ने ढोल-नगाड़ों के साथ हींग की मंडी स्थित फेडरेशन कार्यालय से धाकरान चौराहे तक मार्च किया। इस दौरान जगह-जगह यात्रा का भव्य स्वागत किया गया, जिसमें दलित और मुस्लिम संगठनों ने भी पदाधिकारियों को माला पहनाकर सम्मानित किया। पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु से आए प्रतिनिधियों ने भी इस ऐतिहासिक अवसर में हिस्सा लिया और कहा कि इस फैसले से जूता व्यापार में आई गिरावट दूर होगी और इसमें सुधार की संभावना बढ़ गई है। यात्रा का शुभारंभ यूपी कैबिनेट मंत्री बेबी रानी मौर्य के बेटे अभिनव मौर्य ने फेडरेशन कार्यालय में संस्थापक स्व. राजकुमार सामा की प्रतिमा पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन करके किया। यात्रा हींग की मंडी से होते हुए धाकरान स्थित नाथ कॉम्प्लेक्स पहुँची, जहाँ एक जनसभा आयोजित की गई। GST कटौती को बताया बड़ी जीत सभा को संबोधित करते हुए फेडरेशन अध्यक्ष विजय सामा ने कहा कि यह सरकार से उनकी बहुत पुरानी मांग थी, जो एक साल के अथक प्रयास के बाद पूरी हुई। उन्होंने कहा, “यह फैसला गरीब व्यक्ति को भी अच्छी गुणवत्ता वाले जूते कम कीमत में उपलब्ध कराएगा। हम सभी व्यापारी सरकार के प्रति अपना आभार व्यक्त करते हैं।” डवलपमेंट काउंसिल ऑफ फुटवेयर एंड लेदर इंडस्ट्री के चेयरमैन पूरन डावर ने इस निर्णय को अर्थव्यवस्था को गति देने वाला और महंगाई कम करने वाला एक सराहनीय कदम बताया। वहीं, राज्य मंत्री विजय शिवहरे ने फेडरेशन की ‘भूमि क्लस्टर’ की मांग को सरकार तक पहुँचाने और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को आगरा लाने का आश्वासन दिया। फेडरेशन के महामंत्री नरेंद्र पुरुस्नानी ने इसे डेढ़ वर्ष के संयुक्त संघर्ष की जीत बताया। कार्यक्रम में उपस्थित गणमान्य व्यक्ति स्वर्णिम विजय यात्रा में सोल एसोसिएशन, कुटीर उद्योग, ट्रेडर्स, सभी दस्तकार संघ और जाटव महापंचायतों के पदाधिकारियों ने भाग लिया। इस अवसर पर मौजूद अन्य प्रमुख व्यक्तियों में प्रदीप पिप्पल, दिलप्रीत सिंह, विनोद सीतलानी, अजय महाजन, संजय अरोड़ा, रामनाथ डांग, जोगिंदर लूथरा, प्रदीप मेहरा, बाबूभाई, राजेश लालवानी, घनश्याम लालवानी, प्रमोद जैन, चांद दीवान, परवेज भाई और उस्मान भाई शामिल थे।

आगरा में अखिलेश यादव का भाजपा पर हमला, ‘अमेरिका ने जो टैरिफ लगाया, वो BJP के मुंह पर लगा’

आगरा। राष्ट्रीय मिलिट्री स्कूल, धौलपुर के शताब्दी समारोह में शामिल होने के लिए आगरा आए सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने एक बार फिर केंद्र की भाजपा सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने अमेरिका द्वारा भारत पर लगाए गए टैरिफ का जिक्र करते हुए कहा कि “यह टैरिफ ऐसा लगा है कि भाजपा के मुंह पर भी टैरिफ लग गया है।” जीएसटी और नोटबंदी पर सरकार को घेरा अखिलेश यादव ने जीएसटी में संशोधन को लेकर भी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि इतने सालों बाद जीएसटी में बदलाव करना यह दिखाता है कि सरकार ने जानबूझकर जनता से टैक्स वसूला। उन्होंने सवाल उठाया कि यह पैसा कहाँ गया? यदि इसे अस्पताल, सड़क या बिजली पर खर्च किया जाता, तो जनता को फायदा होता। उन्होंने नोटबंदी की याद दिलाते हुए कहा कि सरकार ने भ्रष्टाचार खत्म करने का दावा किया था, लेकिन सच्चाई यह है कि भ्रष्टाचार बढ़ा है। चीन से सावधान रहने की दी सलाह भारत-चीन संबंधों पर बोलते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि हमें चीन से सावधान और चौकन्ना रहना होगा। उन्होंने कहा कि अमेरिका से व्यापारिक संबंध मजबूत बनाना भारत के हित में है, क्योंकि बड़ी संख्या में भारतीय वहाँ पढ़ाई और काम के लिए जाते हैं। आगरा के ट्रैफिक और मेट्रो का मुद्दा उठाया उन्होंने आगरा के ट्रैफिक जाम पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि आगरा एक स्मार्ट सिटी है, फिर भी लोग घंटों जाम में फंसे रहते हैं। उन्होंने याद दिलाया कि सपा सरकार ने आगरा मेट्रो को मंजूरी दी थी, लेकिन मौजूदा सरकार ने उसके काम को तेजी से आगे नहीं बढ़ाया। वोट बचाने की अपील अखिलेश यादव ने जनता से अपना वोट बचाने की अपील की। उन्होंने कहा कि अगर लोग अपना वोट बचाएंगे, तो लोकतंत्र बचेगा, उनके प्रमाणपत्र, राशन कार्ड और नौकरियाँ बचेंगी, और बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर का संविधान भी बचेगा। अखिलेश यादव अपने स्कूल के कार्यक्रम में भाग लेने के लिए आगरा के मुगल होटल में लगभग ढाई घंटे रुके। इस दौरान बड़ी संख्या में सपा कार्यकर्ता उनका इंतजार करते रहे, लेकिन वे उनसे नहीं मिल सके। कार्यकर्ता करते रहे इंतजार शताब्दी समारोह में भाग लेने आए सपा अध्यक्ष का पार्टी कार्यकर्ता फतेहाबाद रोड स्थित पार्टी कार्यालय पर इंतजार करते रहे लेकिन वे नहीं पहुंचे। कार्यकर्ता शाम 6 बजे से कार्यालय पर पहुंचना शुरू हो गए थे। अखिलेश यादव का पहले कार्यक्रम में कार्यालय पर जाने का था लेकिन ऐन वक्त पर इसमें बदलाव किया गया।

कपड़ा उद्योग पर GST का संकट, आगरा में भी विरोध

आगरा। केंद्र सरकार द्वारा ₹2500 से अधिक मूल्य के वस्त्रों पर 18% जीएसटी लगाने के फैसले का पूरे देश में विरोध हो रहा है। क्लोदिंग मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (CMAI) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ज्ञापन भेजकर इस फैसले को वापस लेने की मांग की है। इसी कड़ी में आगरा के कपड़ा उद्योग ने भी इस निर्णय को “उद्योग के लिए घातक” बताया है। आगरा रेडिमेट गारमेंट्स ट्रेडर्स और मैन्युफैक्चर एसोसिएशन के संस्थापक अध्यक्ष आर.के. नईयर ने CMAI के मत का समर्थन करते हुए कहा कि इस फैसले से उद्योग की स्थिति बहुत खराब हो जाएगी। उनका कहना है कि गुणवत्ता वाले और ब्रांडेड कपड़े महंगे हो जाएंगे, जिससे वे आम उपभोक्ता की पहुंच से दूर हो जाएंगे। ऊनी और पारंपरिक कपड़ों पर सबसे ज्यादा असर श्री नईयर ने विशेष रूप से बताया कि उत्तर भारत में बिकने वाले ऊनी वस्त्रों की औसत कीमत ₹2500 से अधिक होती है, जो अब मध्यम वर्ग के लिए महंगे हो जाएंगे। इसके साथ ही, पारंपरिक भारतीय परिधान जैसे कुर्ता-पायजामा, एथनिक ड्रेसेस, कोट-सूट और शेरवानी भी इस उच्च कर दर के दायरे में आ जाएंगे, जिससे शादी-ब्याह के मौसम में इन कपड़ों की बिक्री पर सीधा असर पड़ेगा। पूरी इंडस्ट्री को 5% जीएसटी स्लैब में लाने की मांग इस फैसले के खिलाफ अपील करते हुए श्री नईयर ने प्रधानमंत्री से आग्रह किया है कि पूरे वस्त्र उद्योग को 5% जीएसटी स्लैब में शामिल किया जाए। उनका मानना है कि इससे न केवल छोटे निर्माताओं और कारीगरों को रोजगार का संकट नहीं झेलना पड़ेगा, बल्कि उपभोक्ताओं को भी किफायती दामों पर गुणवत्ता वाले कपड़े मिल पाएंगे।

आगरा के जूता बाजार में दिवाली जैसी रौनक, जीएसटी घटने पर कारोबारियों ने मनाई खुशी

आगरा। आगरा के जूता कारोबारियों ने गुरुवार को ही दिवाली मना ली। केंद्र सरकार द्वारा जूते पर जीएसटी की दर को 12% से घटाकर 5% किए जाने की घोषणा के बाद हींग की मंडी स्थित जूता बाजार में जमकर आतिशबाजी हुई और मिठाइयां बांटी गईं। इस फैसले को जूता उद्योग के लिए एक बड़ी राहत और नई ऊर्जा के रूप में देखा जा रहा है। द आगरा शू फैक्टर्स फैडरेशन के अध्यक्ष विजय सामा को इस बड़ी सफलता के लिए कारोबारियों और कारीगरों ने विशेष रूप से धन्यवाद दिया। सामा ने बताया कि जीएसटी दर कम कराने के लिए पिछले एक साल से लगातार प्रयास किए जा रहे थे, जिसमें 26 राज्यों के व्यापारियों ने एकजुट होकर सहयोग किया। उन्होंने उत्तर प्रदेश के वित्त मंत्री सुरेश खन्ना का भी आभार व्यक्त किया, जिन्होंने केंद्र सरकार तक इस मांग को पहुंचाया। विजय सामा ने कहा कि अब 2,500 रुपये तक के जूते पर सिर्फ 5% जीएसटी लगेगा। उन्होंने बताया कि भारत में बने सिंथेटिक पीवीसी को भी इसी दायरे में शामिल कर लिया गया है। फैडरेशन के महामंत्री अजय महाजन ने कहा कि यह फैसला मंदी से जूझ रहे जूता कारोबार के लिए संजीवनी साबित होगा। इससे न केवल उत्पादन और बिक्री बढ़ेगी, बल्कि ग्राहकों को भी कम दाम पर जूते मिल पाएंगे। इस खुशी के मौके पर बड़ी संख्या में कारोबारी और कारीगर मौजूद रहे।

आगरा में भाजपा व्यापार प्रकोष्ठ की बैठक: 1 सितंबर से चलेगा ‘स्वदेशी जन जागरण अभियान’, पीएम मोदी के आह्वान पर फोकस

भाजपा ब्रज क्षेत्र कार्यालय पर आयोजित व्यापार प्रकोष्ठ की बैठक में मौजूद प्रदेश संयोजक विनीत शारदा, महानगर भाजपा अध्यक्ष राज कुमार गुप्ता एवं अन्य।

आगरा। आगरा में मंगलवार को भाजपा व्यापार प्रकोष्ठ की ब्रज क्षेत्र स्तरीय बैठक आयोजित की गई, जिसमें ‘स्वदेशी जन जागरण अभियान’ चलाने का महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया। पार्टी के ब्रज क्षेत्र कार्यालय, जयपुर हाउस में हुई इस बैठक में ब्रज क्षेत्र के 19 जिलों के संयोजक और सहसंयोजक शामिल हुए। बैठक में तय किया गया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आह्वान पर 1 सितंबर से पूरे प्रदेश में यह स्वदेशी अभियान शुरू किया जाएगा। अभियान के तीन चरण: मशाल जुलूस, चौपाल और व्यापारिक सम्मेलन मुख्य अतिथि और प्रकोष्ठ के प्रदेश संयोजक विनीत शारदा ने अभियान की रूपरेखा बताते हुए कहा: विनीत शारदा ने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी ने 15 अगस्त को लाल किले से जनता के समक्ष फिर से स्वदेशी अपनाने के लिए प्रेरित किया है, जो राष्ट्रपिता महात्मा गांधी द्वारा आजादी से पहले शुरू किए गए स्वदेशी आंदोलन के 78 साल बाद हो रहा है। GST सरलीकरण और व्यापारी कल्याण पर भी चर्चा शारदा ने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री मोदी द्वारा जीएसटी स्लैब को सरल कर 18% और 5% करने के प्रस्ताव से व्यापारी वर्ग काफी उत्साहित है। उन्होंने बताया कि सबका साथ, सबका विकास नीति के तहत व्यापारियों के लिए चहुमुखी विकास सुनिश्चित किया गया है। व्यापारी कल्याण बोर्ड की स्थापना, नए एक्सप्रेस-वे, सुलभ रेल और हवाई मार्ग, तथा बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर जैसी सुविधाओं से व्यापार में वृद्धि हुई है। शारदा ने आगामी कार्यक्रमों की जानकारी देते हुए बताया कि 23 अगस्त को दिल्ली में अखिल भारतीय व्यापारी लीडर्स सम्मेलन आयोजित होगा। इसमें केंद्रीय उद्योग मंत्री पीयूष गोयल, कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान, भाजपा केंद्रीय महामंत्री सुनील बंसल, दिल्ली मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता सहित अन्य प्रमुख अतिथि उपस्थित रहेंगे और हर जिले से आमंत्रित व्यापारियों को संबोधित करेंगे। बैठक में मुख्य रूप से प्रदेश संयोजक व्यापार प्रकोष्ठ विनीत शारदा, भाजपा आगरा महानगर अध्यक्ष राजकुमार गुप्ता, रामबाबू हरित, क्षेत्रीय संयोजक हेमंत खंदौली गोयल, सहसंयोजक प्रदीप गुप्ता भामाशाह, सहसंयोजक के के गुप्ता, आगरा महानगर भाजपा मीडिया प्रभारी रोहित कत्याल, आगरा जिला संयोजक संजय गुप्ता, अनुराग मित्तल, महानगर संयोजक गौरव बंसल, दिनेश अग्रवाल, जुगल किशोर, अंकित बंसल, शैलेंद्र गुप्ता, पंकज गुप्ता, मनोज गुप्ता आदि मौजूद रहे। और खबरें भी हैं…

आगरा के लोहा व्यापारियों का ‘दर्द’: बोले- ‘नई मंडी बसाओ, ऑनलाइन व्यापार बंद करो’ – भुखमरी का मंडरा रहा संकट!

आगरा। आगरा में लोहा व्यापारी अपने अस्तित्व की लड़ाई लड़ रहे हैं। शनिवार को दयालबाग स्थित द ग्रांड सेलेब्रेशन रिजॉर्ट में हुई लोहा व्यापारी एसोसिएशन की साधारण सभा की बैठक में व्यापारियों ने सरकार से एक अलग लोहा मंडी बसाने और ऑनलाइन ट्रेडिंग बंद करने की पुरजोर मांग उठाई। उनका कहना है कि ऑनलाइन व्यापार से उन्हें भुखमरी का सामना करना पड़ रहा है। ऑनलाइन व्यापार से मजदूरों पर ‘भुखमरी का संकट’ एसोसिएशन के अध्यक्ष मुकेश अग्रवाल ने बताया कि बैठक में जिले भर के व्यापारियों ने लोहे के व्यापार में आ रही मंदी, जीएसटी में SIB (विशेष अनुसंधान शाखा) टीम द्वारा व्यापारियों को परेशान किए जाने और सबसे बढ़कर ऑनलाइन ट्रेडिंग के कारण प्रभावित हो रहे व्यापार पर गहन मंथन किया। उन्होंने कहा कि पिछले छह महीने से लोहा व्यापार ‘अस्तित्व की लड़ाई’ लड़ रहा है। बड़ी-बड़ी कंपनियों द्वारा सीधे ऑनलाइन ऑर्डर बुक करने से लोहा व्यापार से जुड़े मजदूरों और छोटे व्यापारियों पर भुखमरी का संकट गहराता जा रहा है। व्यापारियों ने मांग की है कि कंपनियों को व्यापार और व्यापारियों के हित में ऑनलाइन व्यापार को तुरंत बंद करना होगा। “नई लोहा मंडी और GST उत्पीड़न पर लगे अंकुश” महासचिव दिनेश अग्रवाल ने सरकार से जीएसटी (GST) से व्यापारियों के उत्पीड़न पर अंकुश लगाने की मांग की। उन्होंने कहा कि सरकार ने वादा किया था कि जब एक लाख करोड़ का कर संग्रह हो जाएगा, तो व्यापारियों को जीएसटी में राहत मिलेगी, लेकिन ऐसा कुछ नहीं हुआ। दिनेश अग्रवाल ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से आगरा में नई लोहा मंडी की स्थापना की मांग भी उठाई। उनका तर्क है कि मौजूदा लोहा मंडी अत्यधिक भीड़भाड़ वाले इलाके में है, जिससे बड़े व्यापारी बाजार में नहीं आ पाते। सुरक्षा और पेंशन की भी मांग कोषाध्यक्ष राकेश कुमार गोयल ने लोहा व्यापार में बड़े पैमाने पर रुपयों के आदान-प्रदान का जिक्र करते हुए व्यापारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की। उन्होंने व्यापारियों को आत्मरक्षा के लिए शस्त्र लाइसेंस दिए जाने की बात कही। इसके साथ ही, करदाता व्यापारी को आजीवन पेंशन और स्वास्थ्य के लिए ‘उद्यमी स्वास्थ्य बीमा’ की व्यवस्था करने की भी मांग सरकार से की गई। इस अवसर पर वरिष्ठ उपाध्यक्ष नरेंद्र मंगल, अंजुल जैन, संजय गोयल, आशीष अग्रवाल, मोहित गोयल, सिद्धार्थ जैन, गिरीश मंगल, विपुल जैन, मनोज जैन, पदम अग्रवाल, पवन गोयल, रामसेवक गोस्वामी, उमेश अग्रवाल, नवीन अग्रवाल, योगेश अग्रवाल, शिवम् अग्रवाल, गिरीश गर्ग सहित कई अन्य प्रमुख व्यापारी मौजूद रहे।

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