AGRA के उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के तत्वावधान में फतेहाबाद के रसीलपुर स्थित दिव्या गार्डन में ज्योति प्रेरणा महिला संकुल समिति का वार्षिक अधिवेशन और महिला सशक्तिकरण पर एक विशेष गोष्ठी आयोजित की गई। इस कार्यक्रम में क्षेत्र की बड़ी संख्या में महिलाओं ने हिस्सा लिया, जहाँ उन्हें उनके अधिकारों और सरकारी योजनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। यह आयोजन न केवल महिलाओं की आर्थिक आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने, बल्कि उन्हें समाज में सशक्त बनाने के उद्देश्य से किया गया था।
कार्यक्रम का औपचारिक शुभारंभ उत्तर प्रदेश सरकार के पूर्व मंत्री राम सकल गुर्जर के पुत्र तेजेंद्र गुर्जर ने दीप प्रज्वलित कर किया। तेजेंद्र गुर्जर ने महिलाओं को संबोधित करते हुए कहा कि आज की महिला हर क्षेत्र में अपनी पहचान बना रही है और सरकार की योजनाएं इसमें महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। उन्होंने महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने और अपने हक के लिए आवाज उठाने के लिए प्रेरित किया। इस अधिवेशन के दौरान महिलाओं ने खुलकर अपनी समस्याओं को साझा किया, जिन्हें अधिकारियों ने धैर्यपूर्वक सुना और उनके समाधान का आश्वासन दिया।
गोष्ठी के दौरान, फतेहाबाद के खंड विकास अधिकारी धर्मेंद्र कुमार ने ‘मिशन शक्ति फेज 5’ के तहत महिलाओं को उनके कानूनी और सामाजिक अधिकारों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी दी। उन्होंने घरेलू हिंसा, उत्पीड़न और अन्य अपराधों से सुरक्षा के लिए सरकार द्वारा चलाई जा रही विभिन्न हेल्पलाइन सेवाओं, जैसे 1090 (महिला हेल्पलाइन), 181 (वन स्टॉप सेंटर), 108 (एम्बुलेंस सेवा), और 112 (आपातकालीन सेवा) के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने महिलाओं को जागरूक रहते हुए इन सेवाओं का लाभ उठाने की सलाह दी। महिलाओं ने भी अधिकारियों से विभिन्न सरकारी योजनाओं, वित्तीय सहायता और रोजगार के अवसरों से संबंधित प्रश्न पूछकर अपनी जिज्ञासाएं शांत कीं।
इस अवसर पर खंड विकास अधिकारी रजत कुशवाहा ने भी आजीविका मिशन के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि यह मिशन महिलाओं को छोटे-छोटे समूह बनाकर आत्मनिर्भर बनने में मदद करता है। इन समूहों को सरकार द्वारा आर्थिक मदद और प्रशिक्षण भी दिया जाता है। सहायक विकास अधिकारी एसआईबी महेंद्र पाल सिंह ने महिलाओं को उनके कार्यों के लिए प्रोत्साहित किया।
अधिवेशन में जगदीश प्रसाद, गजेंद्र सिंह, प्रवीण कुमार, दीपक शर्मा, और सुरेश जरारी सहित बड़ी संख्या में गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। इन सभी ने मिलकर कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग किया। महिलाओं का उत्साह और अधिकारियों की भागीदारी इस बात का प्रमाण है कि यह मिशन ग्रामीण क्षेत्रों में महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक प्रभावी कदम साबित हो रहा है। कार्यक्रम के अंत में, उपस्थित सभी महिलाओं ने एकजुट होकर समाज को और अधिक सशक्त बनाने का संकल्प लिया।
