Agra में टीटीजेड बंदिशों से उद्योग पर संकट, चैंबर ने आयकर लक्ष्य न बढ़ाने की मांग की
Agra में लगातार घट रहे उद्योगों की स्थिति को देखते हुए चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के प्रतिनिधियों ने केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT) के सदस्य आरएन पर्वत से मुलाकात कर एक महत्वपूर्ण ज्ञापन सौंपा। चैंबर ने ताज ट्रेपेज़ियम ज़ोन (TTZ) की बंदिशों के कारण उद्योगों की दयनीय स्थिति पर प्रकाश डालते हुए आयकर के लक्ष्यों को न बढ़ाने की मांग की।
चैंबर अध्यक्ष संजय गोयल की अध्यक्षता में और पूर्व अध्यक्ष व आयकर प्रकोष्ठ के अध्यक्ष अधिवक्ता अनिल वर्मा के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने शनिवार को केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड के सदस्य आरएन पर्वत, प्रधान मुख्य आयकर आयुक्त (उत्तर प्रदेश ईस्ट) अमूल पुष्प, और प्रधान आयकर आयुक्त अनुपम कांत गुप्ता से मुलाकात की।
टीटीजेड और अमेरिकी टैरिफ से उद्योग प्रभावित
प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि Agra में टीटीजेड के कड़े प्रतिबंधों के कारण नए उद्योग लग नहीं पा रहे हैं, और जो हैं वे भी बढ़ने की जगह घट रहे हैं। इससे आर्थिक विकास पर नकारात्मक असर पड़ रहा है। इसके अलावा, अमेरिका द्वारा लगाए गए टैरिफ के कारण निर्यात व्यापार भी बुरी तरह प्रभावित हुआ है, जिससे स्थानीय व्यापारों को भारी नुकसान हो रहा है। चैंबर ने सरकार से आगामी बजट में Agra के लिए एक विशेष पैकेज की मांग की।
आयकर से संबंधित 15 सूत्रीय ज्ञापन
चैंबर ने अपनी मांगों को लेकर एक 15 सूत्रीय ज्ञापन सौंपा, जिसमें आयकर से संबंधित कई महत्वपूर्ण सुझाव शामिल थे। अधिवक्ता अनिल वर्मा ने ITR में त्रुटि सुधार की 15 दिन की वर्तमान सीमा को बढ़ाकर 30 दिन करने की मांग की। उन्होंने पोर्टल की तकनीकी कमियों के कारण एडवांस टैक्स जमा न हो पाने की स्थिति में ब्याज न लगाने और रिफंड में हो रही देरी को दूर करने का भी अनुरोध किया।
प्रतिनिधिमंडल ने शिकायत की कि अपीलीय आदेश अक्सर करदाताओं द्वारा प्रस्तुत साक्ष्यों पर उचित विचार किए बिना ही पारित कर दिए जाते हैं, जिससे न्याय के सिद्धांतों का हनन होता है और मुकदमों की संख्या बढ़ती है। उन्होंने तर्कसंगत और स्पष्ट आदेश सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक निर्देश जारी करने की मांग की।
सीबीडीटी सदस्य आरएन पर्वत ने चैंबर के प्रतिनिधिमंडल को ध्यानपूर्वक सुना और उनकी मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई करने का आश्वासन दिया।
प्रतिनिधिमंडल में चैंबर अध्यक्ष संजय गोयल, उपाध्यक्ष विवेक जैन, पूर्व अध्यक्ष अनिल वर्मा और अधिवक्ता राज किशोर खंडेलवाल शामिल थे।