
आगरा। आगरा में नकली दवाओं के बड़े सिंडिकेट के पकड़े जाने के बाद दवा व्यापारियों में अपनी साख को लेकर चिंता बढ़ गई है। आगरा महानगर केमिस्ट एसोसिएशन ने गुरुवार को जिलाधिकारी अरविंद मलप्पा बंगारी को एक ज्ञापन सौंपा, जिसमें मांग रखी गई है कि नकली दवा माफियाओं की वजह से बदनाम हो रही दवा मार्केट की प्रतिष्ठा को बचाया जाए।
एसोसिएशन की चिंता: अच्छे दुकानदार माल लेना बंद कर रहे
एसोसिएशन के चेयरमैन संजय चौरसिया ने कहा कि नकली दवाओं के कारोबार ने आगरा के दवा बाजार की साख को इस कदर खराब कर दिया है कि दूर-दराज के अच्छे दुकानदार भी अब आगरा से माल लेना बंद कर रहे हैं। महामंत्री अश्वनी श्रीवास्तव ने इस तरह की कार्रवाई को जरूरी बताया, लेकिन कहा कि पूरे व्यापार का नाम खराब नहीं होना चाहिए। उपाध्यक्ष हरविंदर सिंह ने कहा कि ऑनलाइन व्यापार के बाद अब नकली दवा माफियाओं ने रही-सही कसर पूरी कर दी है।
दवा व्यापारियों ने डीएम के सामने रखी ये मांगें
एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने कार्रवाई में पारदर्शिता लाने और व्यापारियों की समस्याओं को दूर करने के लिए डीएम से कई महत्वपूर्ण मांगें की हैं:
- नकली दवा मामले की जांच में एसडीएम स्तर के अधिकारी को शामिल किया जाए।
- कार्रवाई के दौरान एसोसिएशन के पदाधिकारियों को भी विश्वास में लिया जाए, ताकि सही जानकारी व्यापारियों तक पहुंच सके और अफरातफरी न फैले।
- सस्ती दवा बेचने वाले दुकानदारों की नियमित जांच की जाए।
डीएम ने एसोसिएशन की सभी मांगों को सुना और सुसंगत कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। इस दौरान संरक्षक वेद प्रकाश अग्रवाल, राजीव तनेजा, पवन शर्मा, हरीश अग्रवाल, अमित गुप्ता समेत कई पदाधिकारी मौजूद रहे।