
नई दिल्ली। दिल्ली के तालकटोरा स्टेडियम में कांग्रेस की OBC सेल द्वारा आयोजित ‘भागीदारी न्याय सम्मेलन’ में कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने PM मोदी की ‘शो-बाजी’ पर सवाल उठाते हुए दावा किया कि उनमें ‘दम नहीं’ है और उन्हें लोगों ने बेवजह ‘सिर पर चढ़ा रखा है’।
राहुल बोले – “मेरी गलती, अब OBC जनगणना करवाकर रहूंगा”
राहुल गांधी ने अपने भाषण के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं से पूछा, ‘आपको पता है, राजनीति में सबसे बड़ी प्रॉब्लम क्या है?’ जब कार्यकर्ताओं ने ‘PM मोदी’ जवाब दिया, तो राहुल ने कहा, “नरेंद्र मोदी कोई बड़ी प्रॉब्लम नहीं हैं। मैं उनसे दो-तीन बार मिल चुका हूं। उनकी सिर्फ शो-बाजी है। उनमें दम नहीं है। उन्हें लोगों ने सिर पर चढ़ा रखा है।“
राहुल ने इस मौके पर कांग्रेस शासित राज्यों में जातिगत जनगणना कराने की भी बड़ी घोषणा की। उन्होंने स्वीकार किया, “मेरे काम में एक कमी रह गई। मुझे OBC वर्ग की जिस तरह से रक्षा करनी थी, मैंने नहीं की। 10-15 साल पहले मुझे OBC के मुद्दे गहराई से नहीं समझ आए थे। अगर मुझे पता होता तो मैं उसी वक्त जातिगत जनगणना करवा देता।” उन्होंने इसे अपनी गलती मानते हुए सुधारने का संकल्प लिया और कहा, “आप मेरी बहन प्रियंका से पूछिएगा कि अगर राहुल ने किसी काम के लिए मन बना लिया तो उस बात को वो छोड़ेगा या नहीं? मैं नहीं छोड़ने वाला।”
राहुल के भाषण की 3 बड़ी बातें:
- ‘हिंदू इंडिया’ पर सवाल: मोदी कहते हैं ‘हिंदू इंडिया’, जबकि 50% हिंदू तो OBC हैं। अगर हिंदू इंडिया है तो मीडिया और कॉर्पोरेट कंपनी में OBC क्यों नहीं हैं? बड़े-बड़े एंकरों की लिस्ट में OBC वर्ग के लोग क्यों नहीं हैं? ये लोग SC-ST, OBC वर्ग की जमीनें छीनकर अडाणी को दे रहे हैं, इनके सिस्टम में कोई OBC नहीं है।
- अंग्रेजी शिक्षा की वकालत: BJP नेता कहते हैं कि हम हिंदुस्तान से अंग्रेजी को मिटा देंगे। आप उनसे पूछिए- आपके बच्चे कहां पढ़ते हैं? आपके बच्चे विदेश में पढ़ते हैं, क्या वे वहां हिंदी मीडियम में पढ़ते हैं? हिंदी, तमिल, बंगाली, कन्नड़, सभी रीजनल भाषाएं जरूरी हैं, लेकिन इनके साथ में अंग्रेजी भी जरूरी है।
- अधिकारों के हनन का आरोप: मेरा सवाल है कि अगर आप खून-पसीने और मेहनत से देश को बनाते हैं, तो देश आपको क्या देता है? जवाब है- Annual Confidential Report (ACR) के जरिए OBC, आदिवासियों, दलितों के अधिकारों की हत्या कर दी जाती है।
खड़गे का PM मोदी पर पलटवार: “झूठों के सरदार हैं, खुद को OBC बोलकर सता रहे हैं!”
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने भी सम्मेलन में PM नरेंद्र मोदी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा, “प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी झूठों के सरदार हैं। झूठ बोलना उनका काम है। वे संसद में भी झूठ बोलते हैं। PM मोदी सिर्फ तकरीर (भाषण) करते रहते हैं। खुद कहते हैं कि मैं नॉन-बायोलॉजिकल हूं, मुझे भगवान ने भेजा है।“
खड़गे ने PM मोदी पर 2 करोड़ नौकरी, कालाधन वापस लाने, 15-15 लाख रुपये देने, किसानों को MSP और पिछड़े समुदायों की आमदनी बढ़ाने जैसे वादों पर ‘झूठ’ बोलने का आरोप लगाया। उन्होंने यह भी कहा, “मोदी खुद को OBC बोलते हैं, जबकि वो पहले अपर कास्ट में थे। मुख्यमंत्री बनने के बाद उन्होंने अपनी कम्युनिटी को OBC लिस्ट में डाल दिया। OBC के लोगों के बीच कहते हैं कि मैं पिछड़ा वर्ग का हूं, मुझे सताया जाता है। लेकिन अब वो सबको सता रहे हैं।”
केंद्र की जातीय जनगणना की तैयारी: अगले साल अक्टूबर से होगी शुरुआत
कांग्रेस के ‘भागीदारी न्याय सम्मेलन’ में कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया, राजस्थान के पूर्व CM अशोक गहलोत, छत्तीसगढ़ के पूर्व CM भूपेश बघेल, कांग्रेस नेता सचिन पायलट सहित कई बड़े नेता शामिल हुए। इस दौरान कांग्रेस के OBC डिपार्टमेंट का नया लोगो भी लॉन्च किया गया।
इस सम्मेलन का मुख्य मकसद देश के सभी OBC नेताओं को एक साथ लाना और OBC मुद्दों पर नियमित वर्कशॉप आयोजित करना है, जिसमें हर राज्य की राजधानी में जाति सर्वेक्षण भी शामिल है।
गौरतलब है कि केंद्र सरकार ने 30 अप्रैल 2025 को देश में जातीय जनगणना कराने का ऐलान किया था। आजादी के बाद यह पहली जातीय जनगणना होगी। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा था कि जातीय जनगणना को मूल जनगणना के साथ ही कराया जाएगा। गृह मंत्रालय के नोटिफिकेशन के मुताबिक, जनगणना दो फेज में होगी। पहला फेज 1 अक्टूबर 2026 से चार पहाड़ी राज्यों में और दूसरा फेज 1 मार्च 2027 से बाकी राज्यों में शुरू होगा। देश में अब तक कुल 8 बार जातीय जनगणना हुई है (7 बार ब्रिटिश काल में और एक बार 2011 में, जिसके आंकड़े सार्वजनिक नहीं हुए)।