
कन्नौज। उत्तर प्रदेश के कन्नौज में समाजवादी पार्टी (सपा) के दो नेताओं के बीच मंगलवार को कुर्सी पर बैठने को लेकर ‘खूनी जंग’ देखने को मिली। अखिलेश यादव के बेहद करीबी माने जाने वाले पूर्व जिला पंचायत सदस्य रजनीकांत यादव को सपा नेता डीएम यादव के भाई लल्ला यादव ने कॉलर पकड़कर 6-7 थप्पड़ जड़ दिए! यह पूरा वाकया सदर तहसील कैंपस में हुआ, जिसका वीडियो भी सामने आया है और तेजी से वायरल हो रहा है।
तहसील में शुरू हुआ विवाद, बाहर आकर हुई ‘पिटाई’
मंगलवार दोपहर करीब 1 बजे रजनीकांत यादव और लल्ला यादव किसी काम से सदर तहसील पहुंचे थे। बताया जा रहा है कि विवाद की शुरुआत वकील के चैंबर में हुई, जब रजनीकांत ने आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल करते हुए लल्ला यादव से कुर्सी खाली करने को कहा। इसके बाद चैंबर में ही दोनों के बीच गाली-गलौज शुरू हो गई।
किसी तरह वकील ने दोनों को शांत कर बाहर निकाला, लेकिन बाहर भी दोनों में विवाद बढ़ता गया और देखते ही देखते लल्ला यादव ने रजनीकांत यादव का कॉलर पकड़ लिया और लगातार 6-7 थप्पड़ मारे। आसपास खड़े कुछ लोगों ने बीच-बचाव कर लल्ला यादव को मौके से दूर हटाया।
कौन हैं रजनीकांत यादव और लल्ला यादव?
- रजनीकांत यादव: ये पूर्व जिला पंचायत सदस्य हैं और अखिलेश यादव के काफी करीबी बताए जाते हैं। सपा में चर्चा है कि जब अखिलेश मुख्यमंत्री थे, तब रजनीकांत यादव की गिनती उन चुनिंदा लोगों में होती थी, जिन्हें बिना किसी अपॉइंटमेंट के सीधे मिलने की अनुमति थी। रजनीकांत यादव की पत्नी और भाई जलालाबाद के ब्लॉक प्रमुख रह चुके हैं। हालांकि, रजनीकांत यादव पर कई आपराधिक मामले भी दर्ज हैं।
- लल्ला यादव: यह सपा नेता डीएम यादव का भाई है। डीएम यादव के पास फिलहाल जिले में पार्टी का कोई पद नहीं है। लल्ला यादव खेती और व्यापार करते हैं।
‘पुरानी रंजिश’ और ‘पार्टी की अंदरूनी कलह’
जानकारी के अनुसार, लल्ला यादव का भाई डीएम यादव एक बार रजनीकांत यादव के खिलाफ जिला पंचायत सदस्य का निर्दलीय चुनाव लड़ा था, जिसमें डीएम यादव को हार मिली थी। तब से दोनों के बीच विवाद चल रहा है, जो इस मारपीट की वजह बना। रजनीकांत यादव और डीएम यादव का परिवार जलालाबाद क्षेत्र के तिलपई और खिवराजपुरवा गांव के निवासी हैं, जिनके बीच करीब 4 किलोमीटर की दूरी है।
इस मामले को लेकर सपा जिलाध्यक्ष कलीम खां ने बताया कि डीएम यादव और रजनीकांत यादव दोनों समाजवादी पार्टी के नेता हैं, हालांकि डीएम यादव के पास पार्टी का कोई पद नहीं है। उन्होंने कहा कि “डीएम यादव के भाई के साथ झगड़े की जानकारी मिली है। इस मामले को लेकर राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को अवगत कराया जाएगा। दोनों पक्षों को बैठाकर सुलह करवाई जाएगी।“
फिलहाल, इस मामले में अभी तक पुलिस से कोई शिकायत नहीं की गई है।